>>: Digest for August 31, 2023

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Table of Contents

राजसमंद. असम के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया ने कहा कि प्रताप से पहले भी मेवाड़ राजवंश ने धर्म और संस्कृति के लिए अतुलनीय बलिदान दिया, लेकिन प्रताप ऐसे शासक हुए, जिन्होंने सारे कष्टों को स्वीकारते हुए मेवाड़ का सिर नहीं झुकने दिया। मैं जिस जगह गया हूं, मेवाड़ की तरह उस असम ने भी कभी गुलामी स्वीकार नहीं की।

कांकरोली के बालकृष्ण विद्याभवन परिसर में आयोजित नागरिक अभिनंदन समारोह में कटारिया ने कहा कि मेवाड़ के शासकों ने दुश्मनों को ललकारा कि जब तक मेवाड़ राज परिवार की तलवार खड़ी है, तब तक भगवान एकलिंगनाथजी को कोई छू नहीं सकता। मेवाड़ ने आग में कूदने का काम किया।

- 'मेरे साथी समर्पण में मुझसे कम नहीं थे, पद मेरे भाग्य में था'

कटारिया ने कहा, कोई मुझसे कम नहीं है। उन्होंने पूर्व सांसद स्व. हरिओम सिंह राठौड़ का जिक्र किया और कहा, वह मुझसे चार कदम आगे थे। भानू पालीवाल, जगदीश और अन्य लोगों का नाम लिया और कहा कि मेरा भाग्य तगड़ा था, जो मुझे यह पद मिला। कई साथी मुझसे भी ज्यादा योग्य थे। समर्पण में मुझसे भी ज्यादा थे। मेरा यह अभिनंदन आपका प्यार और आशीर्वाद है।

- भगवान की कृपा से मिला लोकतंत्र
कटारिया बोले कि भगवान की कृपा से देश को लोकतंत्र मिला। इससे बढिय़ा और क्या हो सकता है कि आप चाहे जिसे चुनो और वोट की पेटी में बंद कर दो। यह जनता के हाथ में है। कटारिया ने कहा कि दुनिया को भारत को तलवार के दम पर नहीं, अपने ज्ञान और विज्ञान के आधार पर मानवता का संदेश दिया। यही एक संस्कृति है, जो जिओ और जीने की बात कहती है। दुनिया का कोई देश ऐसा नहीं कहता है।

- चन्द्रयान और मोदी की तारीफ
समारोह में कटारिया ने कहा कि हमारा तीसरा चन्द्रयान सफलतापूर्वक पहुंच गया। देश के प्रधानमंत्री कहते हैं, यह मानवता के लिए देश की सफलता का चांद पर कदम है। उन्होंने उस स्थान का नाम दिया शिव शक्ति। शिव शक्ति एक ऐसी अदृश्य शक्ति है कि राम को भी लंका विजय के लिए जाते समय भगवान रामेश्वर के चरण छूकर आशीर्वाद लेकर जाना पड़ा, तब सफलता मिलती है।

- महादेव से जीवन के संघर्ष की व्याख्या
कटारिया बोले, महादेव है क्या। हैं तो पत्थर के ही। इसे इसलिए पूजते हैं कि वह पत्थर नदी में इतने चपेटे खाता है कि रगड़ाकर महादेव की आकृति ले लेता है, उसी को पूजा जाता है। किनारे लग जाने वाले पत्थर दीवारों में चुन दिए जाते हैं। जिन्दगी में कठिनाइयों से भागने पर दीवारों में चुने जाओगे। कठिनाइयों का मुकाबला करते हुए सफलता हासिल करने वाले पूजे जाते हैं। उन्होंने देश में धार्मिक मान्यताओं की स्वतंत्रता बरकरार रखने और देशभक्ति के महत्व पर भी जोर दिया।

- भावुक हुए कटारिया
राज्यपाल ने कहा कि दुनिया में कोई ऐसा देश नहीं, जहां मां की कोख से भगवान पैदा होते है। सिर्फ भारत में ऐसा होता है। किसने सोचा था कि कौशल्या के पेट से पैदा हुआ बच्चा भगवान राम बनेगा, लेकिन उन्हें भी संघर्ष करने पड़े। भगवान श्रीराम के वनवास प्रस्थान का प्रसंग सुनाते हुए कटारिया भावुक हो गए और मां सीता के समर्पण को अद्भुत बताया। कार्यक्रम के आखिर में राज्यपाल कटारिया को लोगों ने फूल-मालाओं से लाद दिया।

ये भी थे मौजूद
सांसद दीया कुमारी, विधायक दीप्ति माहेश्वरी व सुरेन्द्र सिंह राठौड़, भाजपा जिलाध्यक्ष मान सिंह बारहठ, पूर्व पालिकाध्यक्ष महेश पालीवाल, अशोक रांका सहित कई प्रबुद्धजन व शहरवासी मौजूद थे।

Piplantri राजसमंद. पर्यावरण संरक्षण के मॉडल पिपलांत्री गांव की नर्सरी में अनूठा कार्यक्रम हुआ। यहां पेड़ों को किशोरियों ने राखियां बांधी, वहीं इस साल जन्मीं 40 बेटियों के नाम 111 पौधे लगाए गए। कार्यक्रम में असम के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया, परमवीर चक्र विजेता कैप्टन योगेन्द्रसिंह यादव, सांसद दीया कुमारी सहित कई विशिष्ट लोगों ने शिरकत की।

कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि राज्यपाल कटारिया ने कहा कि पर्यावरण सुरक्षित रहेगा तो पीढिय़ां सुरक्षित रहेंगी। समाज बात करने वालों को नहीं, काम करने वाले वालों को याद रखता है। जिस तरह पिपलांत्री में समर्पित भाव से काम हुआ, वैसे ही सब लोग करें।

उन्होंने कहा कि हम राजनीति में पिछले 40 साल से भाषण देते रहे, लेकिन हम अपने गांव को नहीं चमका पाए। लेकिन पद्मश्री डॉ. श्यामसुन्दर पालीवाल ने एक पहाड़ी पर सारे हिन्दुस्तान को लाकर खड़ा कर दिया है। इस वर्ष जन्मी बेटियों के नाम से 111 पौधे लगाए और किरण फाउंडेशन की ओर नवजात के नाम पर 21-21 हजार की एफडी देकर मां-बेटी को सम्मान दिया। ऐसा सम्मान कहीं नहीं दिया जाता है।

- मां-बेटी का अभिनंदन

इस वर्ष जन्मी 40 नवजात बच्चियों का पूजन हुआ व माताओं का साड़ी ओढ़ाकर सम्मान किया गया। फिर उनके नाम से पौधे लगाए। बालिकाओं ने पेड़ों के राखियां बांधकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया।

- अतिथियों को भी बांधी राखी

बालिकाओं ने राज्यपाल कटारिया, करगिल युद्ध के शूरवीर कैप्टन योगेन्द्रसिंह यादव और वहां मौजूद फौजी भाइयों के राखी बांधी। समारोह में राज्यपाल कटारिया की पत्नी अनिता, सांसद दीया कुमारी, राजसमंद विधायक दीप्ति माहेश्वरी, कुंभलगढ़ विधायक सुरेन्द्र सिंह राठौड़, जिला प्रमुख रतनी देवी, प्रधान अरविन्द सिंह राठौड़ का पिपलांत्री सरपंच अनिता पालीवाल और पद्मश्री श्यामसुंदर पालीवाल ने साफा बांधकर और स्मृति चिह्न देकर स्वागत किया। बालिकाओं ने अतिथियों को भी राखी बांधी।

- सहयोगकर्ताओं का सम्मान

पद्मश्री पालीवाल ने स्वागत भाषण में में बताया कि यहां एक करोड़ की लागत से नर्सरी लगाई, जिसमें ड्रेगन फ्रूट से लेकर सभी तरह के फल के पौधे ग्रामीणों को उपलब्ध कराए हैं। यह सभी के प्रयासों से संभव हो सका। पर्यावरण संरक्षण और जलसंरक्षण में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारी, भामाशाह और काश्तकारों को स्मृति सम्मानित किया गया। विधायक माहेश्वरी ने सभी का आभार जताया। यहां विभिन्न कार्यों का लोकार्पण भी हुआ।

- भारत के सैनिक कटे हाथों से भी बंदूक नहीं छोड़ते- यादव

करगिल युद्ध में अतुल्य शौर्य के प्रदर्शनकर्ता कैप्टन योगेन्द्र सिंह ने समारोह में कहा कि मां ने सीने का दूध पिलाया और सीने पर ही गोली खाना सिखाया, दुश्मन को पीठ दिखाना नहीं। पूरे विश्व में करीब 200 देश हैं। सभी की अपनी-अपनी सेनाए हैं, लेकिन भारत की सेना की धाक पूरी विश्व में है। हिन्दुस्तानी सैनिक कभी भागता नहीं। भारत के सैनिकों के कटे हाथों से भी बंदूकें नहीं छूटती हैं। यह भारत माता के संस्कार है। उन्होंने कारगिल युद्ध से जुड़ी आपबीती सुनाई तो पाण्डाल में मौजूद प्रत्येक शख्स के रौंगटे खड़े हो गए और भारत माता के जयकारों से पाण्डाल गूंज उठा। उन्होंने कहा कि बेटियों ने पेड़ों करे राखियां बांध पर्यावरण सुरक्षा का संदेश दिया है।

- देश के प्रत्येक गांव में हों ऐसे कार्य

सांसद दीया कुमारी ने कहा कि जहां अवैध खनन होता था, उस स्थान को स्वर्ग बना दिया है। पूरे भारत के प्रत्येक गांव में इस तरह के प्रेरणादायक काम हों। बेटे ही नहीं, बेटियों पर भी देश की जिम्मेदारी है। महिला अपने पीहर और ससुराल पक्ष को संभालती है। ऐसे में उनकी सबसे अधिक जिम्मेदारी बनती है।

असम में 17 को लगाएंगे एक साथ एक करोड़ पौधे

राज्यपाल कटारिया ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि असम को प्रकृति ने बहुत कुछ दिया है। वहां एक तिहाई वन क्षेत्र और बारिश भी अच्छी होती है। असम के मुख्यमंत्री 17 सितम्बर को पूरे प्रदेश में एक साथ एक समय पर एक करोड़ पौधे लगाकर पर्यावरण का संदेश देंगे। उन्होंने कहा कि असम की टीम को पिपलांत्री से भेजा जाएगा। पिपलांत्री पंचायत पूरे देश में मॉडल पंचायत बन गई है। पूरी दुनिया के लोग इसे देखने आते हैं। एक व्यक्ति के प्रयास से गांव के पर्यावरण को सुधारा जा सकता है। बच्चियां राखी बांध सुरक्षा का वचन देती हैं। दूसरी पंचायतें भी इसका अनुसरण करें।

राजसमंद. परमवीर चक्र विजेता ग्रेनेडियर कैप्टन योगेन्द्र सिंह यादव ने यहां पत्रिका से विशेष बातचीत में कहा कि भारत के दुश्मन पाकिस्तान और चीन दोनों की है। दोनों में तुलना नहीं की जा सकती है। दुश्मन तो दुश्मन ही होता है। इसमें चीन विकसित देश है और पाकिस्तान हिन्दुस्तान की तरह विकासशील है। पाकिस्तान हमारे देश की तरक्की को देखकर जलता है। उसने हमेशा आतंकवाद के बीज बोए हैं और उसी पर पैसा खर्च किया, जबकि हिन्दुस्तान ने टेक्नोलॉजी और यूथ की स्किल पर पैसा खर्च किया है। भारत का युवा ही देश को आज बुलंदी पर पहुंचा रहा है।

उन्होंने कहा कि समय से साथ टेक्नोलॉजी बदली है। दुनिया के साथ कंधे से कंधे और कदम से कदम मिलाकर तकनीकी अपनाकर हमारी सेना विश्व की सेनाओं में अग्रिम पंक्ति में आकर खड़ी हो गई है। उन्होंने कहा कि हम नए हथियारों से सुजज्जित हैं। नई ट्रेनिंग से प्रशिक्षित हो चुके हैं। भारत देश की सेना किसी भी मुकाबले और चुनौती को पार करने में सक्षम है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकारें भी सेना के साथ कंधे से कंधा मिलकर उनकी आवश्यकताओं को पूरा करने में जुटी है।

ग्रेनेडियर यादव ने युवाओं का संदेश देते हुए कहा कि मोबाइल का एक हद तक उपयोग करना चाहिए। यह जानकारी प्राप्त करने का साधन है इसका दुरूपयोग नहीं होना चाहिए। इसका सही उपयोग करेंगे तो इससे बुद्धिमत्ता विकसित होगी और यह एनर्जी राष्ट्र के उत्थान में लगनी चाहिए। इससे ही हम जल्द से जल्द सुपर पावर बन सकते हैं।

Gang Rap in Rajasthan नाथद्वारा. कुम्भलगढ़ उपखण्ड क्षेत्र की एक 24 वर्षीय युवती से उसके ही दोस्त और तीन युवकों ने नाथद्वारा की एक होटल में गैंगरेप किया। युवती से युवक ने पहले सोशल मीडिया पर दोस्ती की और गत 21 जून की शाम बर्थ-डे पार्टी के नाम पर होटल में बुला वारदात को अंजाम दिया। श्रीनाथजी थाना पुलिस ने पुलिस अधीक्षक सुधीर जोशी के निर्देश पर 8 दिन बाद प्रकरण दर्ज किया। बलात्कार के आरोपी युवक पुलिस की पकड़ से दूर हैं।

प्रकरण के मुताबिक युवती को खमनोर क्षेत्र के धींधाकड़ निवासी गोवर्धन सिंह पुत्र लाल सिंह ने गत 21 अगस्त की शाम को फोन कर उसके दोस्त के बर्थडे की पार्टी के लिए नाथद्वारा में शिवमूर्ति के पास कृष्णा होटल में निमंत्रित किया। दोस्त पर भरोसा कर वह पार्टी में चली गई। वहां पहले से गोवर्धन सिंह के तीन दोस्त भी मौजूद थे। उन सभी ने पार्टी के दौरान पीडि़ता को बीयर पिलाई। युवती का आरोप है कि शराब के नशे की हालत का फायदा उठाते हुए उसके दोस्त और दोस्त के तीनों मित्रों ने उसके साथ बलात्कार किया। युवती ने शोर-शराबा भी किया, लेकिन उन्होंने उसे धमकाया कि इसके बारे में कहीं शिकायत की तो जान से मार देंगे। युवती की हालत बिगडऩे पर आरोपियों ने उसे छोड़ दिया।

- घटना के बाद ही थाने पहुंची

युवती ने बताया कि वह घटना के बाद ही नाथद्वारा थाने में पहुंच गई, जहां से उसे श्रीनाथजी थाने से सम्बंधित प्रकरण होने पर वहां भेजा। श्रीनाथजी थाने में उसे बैठाया और परिवाद लिया, लेकिन मामला दर्ज नहीं किया। कुम्भलगढ़ क्षेत्र के वैभव उपाध्याय के जरिये युवती ने पुलिस अधीक्षक से न्याय की गुहार लगाई। एसपी जोशी के निर्देश पर श्रीनाथजी थाना पुलिस ने गोवद्र्धन सिंह के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया। मामले की जांच पुलिस उपाधीक्षक दिनेश सुखवाल को सौंपी गई है।

- सोशल मीडिया के जरिये दोस्ती

युवती ने बताया कि गोवद्र्धन सिंह से उसकी दोस्ती सोशल मीडिया के जरिये हुई थी। वह अहमदाबाद में कारोबार करता है। वह कभी-कभार उससे बात भी करती थी। इसलिए भरोसा करके वह पार्टी में शामिल होने गई। गोवद्र्धन सिंह के तीन दोस्तों को वह नहीं जानती है।

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प्रकरण दर्ज कर लिया गया है। प्रकरण देरी से दर्ज करने की जहां तक बात है, उसकी जांच करवा ली जाएगी। पूरी कार्यवाही कानून के मुताबिक की जाएगी।

सुधीर जोशी, जिला पुलिस अधीक्षक, राजसमंद

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