>>: राजस्थान यूनिवर्सिटी में शोध प्रवेश परीक्षा विवादों में, नियमों में संशोधन की मांग को लेकर आया नया अपडेट

>>

Patrika - A Hindi news portal brings latest news, headlines in hindi from India, world, business, politics, sports and entertainment!

राजस्थान यूनिवर्सिटी की ओर से आयोजित की जा रही शोध प्रवेश परीक्षा विवादों में आ गई है। परीक्षा प्रक्रिया में अपनाए जा रहे नियमों में संशोधन की मांग को लेकर छात्रों ने शनिवार को विरोध किया था। इसके बाद राजस्थान यूनिवर्सिटी ने शोध प्रवेश परीक्षा की प्रक्रिया को रोक दिया है। दरअसल, छात्र परीक्षा में दो गुना अभ्यर्थियों को उत्तीर्ण करने का विरोध कर रहे हैं। छात्रों की मांग है कि इंटरव्यू के लिए तीन गुना छात्रों को शामिल किया जाए। छात्रों का आरोप है कि परिणाम में आरक्षण प्रक्रिया से भी छेड़छाड़ की गई है। छात्रों ने प्रकरण को सिंडिकेट में रखे जाने की मांग की है। गौरतलब है कि राजस्थान यूनिवर्सिटी में ढाई साल बाद शोध प्रवेश परीक्षा की प्रक्रिया शुरू की गई थी। परीक्षा के लिए करीब पांच हजार से अधिक छात्रों ने आवेदन किया था। यूनिवर्सिटी को आवेदन शुल्क से 1.54 करोड़ रुपए से अधिक की आय हुई। पांच मार्च से इंटरव्यू शुरू होने वाले थे।

अब आगे क्या
विश्वविद्यालय की ओर से परीक्षा के नोटिफिकेशन को वापस एकेडमिक कौंसिल ले जाया जाएगा। यहां नियमों में संशोधन के बाद सिंडिकेट बैठक में संशोधित नियम अप्रूव किए जाएंगे। इसके बाद परीक्षा की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी। प्रक्रिया में समय लगने पर छात्रों को इंतजार करना पड़ सकता है। अभी तक परीक्षा का परिणाम आ चुका है। परीक्षा में दोगुना यानी करीब 1824 अभ्यर्थियों को उत्तीर्ण किया है, लेकिन तीन गुणा के आधार पर करीब 2700 से अधिक अभ्यर्थियों को उत्तीर्ण किया जाएगा।

यह भी पढ़ें : सीएम भजनलाल ने यमुना जल समझौते पर कह डाली ये बड़ी बात, बोले- अब शेखावाटी की जमीन भी उगलेगी सोना

पहले भी विवादों में रही परीक्षा
राजस्थान यूनिवर्सिटी में एकेडमिक कौंसिल की बैठक में शोध प्रवेश परीक्षा को यूजीसी के नए रेगुलेशन 2022 के अनुसार कराने का निर्णय लिया। नए प्रावधानों के तहत परीक्षा के बाद 30 नंबर का इंटरव्यू भी रखा जाना तय किया गया। इसका छात्रों ने विरोध किया था। इसके बाद सिंडिकेट की बैठक में शोध प्रवेश परीक्षा के प्रस्ताव को पारित करने के साथ ही इंटरव्यू के 30 नंबरों का विभाजन किया गया। इसके बाद राजभवन की ओर से आपत्ति जताई गई कि 30 नंबर का विभाजन एकेडमिक कौंसिल में ही किया जाना चाहिए। इसके बाद यूनिवर्सिटी ने यह प्रस्ताव भी एकेडमिक कौंसिल से पास करा लिया, लेकिन सिंडिकेट में पुन: नहीं रख पाए। इससे पहले ही परीक्षा आयोजित करा ली गई।

छात्र परीक्षा के नियमों में संशोधन की मांग छात्र कर रहे हैं। इसे देखते हुए परीक्षा प्रक्रिया रोकी है। एकेडमिक कौंसिल में नियम संशोधन करा सिंडिकेट में अप्रूव करवाए जाएंगे। इसके बाद परीक्षा की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।
अल्पना कटेजा, कुलपति राजस्थान यूनिवर्सिटी

यह भी पढ़ें : Good News : राजस्थान में भजनलाल सरकार जल्द देगी बड़ी सौगात, ERCP की तर्ज पर नए प्रोजेक्ट की तैयारी शुरू

You received this email because you set up a subscription at Feedrabbit. This email was sent to you at rajasthanews12@gmail.com. Unsubscribe or change your subscription.