>>: Digest for July 22, 2021

>>

Patrika - A Hindi news portal brings latest news, headlines in hindi from India, world, business, politics, sports and entertainment!

You are receiving a digest because your subscriptions have exceeded your account's daily email quota. Your quota has automatically reset itself.

Table of Contents

नागौर. राज्य सरकार द्वारा घोषित मुख्यमंत्री कोरोना सहायता योजना की क्रियान्विति जिले में जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी के नेतृत्व में कुशलतापूर्वक की जा रही है। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक रामदयाल मांजू ने बताया कि जिले में इस योजना के तहत कोरोना काल में कोविड-19 से पति की मृत्यु होने पर विधवा हुई जिले की 228 महिलाओं को 1-1 लाख रुपए एक्स ग्रेसिया राशि एवं प्रत्येक महिला को 1500 रुपए की आजीवन मासिक पेंशन की स्वीकृतियां जारी की गई हैं, जिनका प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण के रूप में राशि प्रार्थियों के खातों में जमा करवा दी गई है।

इसी प्रकार मुख्यमंत्री कोरोना बाल कल्याण योजना के तहत जिले में कोरोना के कारण विधवा हुई 180 महिलाओं के बच्चों के लिए, प्रत्येक बच्चे को एक हजार रुपए प्रतिमाह एवं 2000 रुपए की एकमुश्त वार्षिक सहायता (ड्रेस, पाठ्य सामग्री आदि) के लिए बच्चे की आयु 18 वर्ष पूर्ण होने तक की गई है।
इस योजना में जिले में कोरोना से अनाथ हुए 10 बच्चों को भी योजना के लाभ के रूप में प्रत्येक को एक लाख रुपए की नकद सहायता, प्रत्येक को 2500 रुपए प्रतिमाह आर्थिक सहायता तथा इन बच्चों के 18 वर्ष की आयु पूर्ण होने पर प्रत्येक को 5 लाख रुपए की आर्थिक सहायता दिए जाने की स्वीकृतियां जारी की गई हैं। इस योजना के तहत अब तक दो करोड़ सैंतालिस लाख रुपए की आर्थिक सहायता राशि संबंधित लाभार्थियों के खाते में भुगतान हेतु व्यय की गई है।
इस योजना में जिला कलक्टर डॉ. सोनी द्वारा सहायक निदेशक, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग को सदस्य सचिव एवं अतिरिक्त जिला कलक्टर को योजना का प्रभारी अधिकारी नियुक्त करते हुए जिला स्तरीय कमेटी एवं उपखण्ड अधिकारियों की अध्यक्षता में ब्लॉक स्तरीय कमेटीयों का गठन कर इस योजना का लाभ त्वरित प्रभाव से पात्र लोगों को दिया गया है।

नागौर. नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना के अंतर्गत नागौर संसदीय क्षेत्र में 348 किलोमीटर सडक़ों के लंबित मामले में जल्द से जल्द स्वीकृति जारी करने की मांग को लेकर मंगलवार को दिल्ली स्थित केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री गिरिराज सिंह से उनके कार्यालय में मुलाकात की। सांसद बेनीवाल ने बताया कि नागौर संसदीय क्षेत्र की खींवसर, जायल, नागौर, डीडवाना, लाडनू, नावां, मकराना व परबतसर विधानसभा के विभिन्न गांवों व ढाणियों को जोडऩे के लिए 348.50 किलोमीटर के प्रस्ताव प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना के अंतर्गत केंद्र सरकार को भेजे हुए हैं, जिसकी जल्द से जल्द स्वीकृति को लेकर केंद्रीय मंत्री से मुलाकात की।

यह है मामला
प्रधानमंत्री ग्राम सडक़ योजना के अंतर्गत पूर्व में राज्य सरकार के जिम्मेदारों ने परिपत्रों को दरकिनार करके सडक़ों के प्रस्ताव दिल्ली भेज दिए, जिस पर सांसद ने आपत्ति व्यक्त की। आपत्ति व्यक्त करने के बाद भारत सरकार ने मामले की जांच करवाई थी, जिसके बाद राजस्थान सरकार के प्रस्तावों को खारिज करके स्थानीय सांसद की सहमति से नए प्रस्ताव मांगे। उसके बाद सांसद बेनीवाल ने संसदीय क्षेत्र के दौरे व जन सुनवाई के दौरान आम जन से प्राप्त सुझाव व मांग के क्रम में 348.50 किलोमीटर सडक़ों के प्रस्ताव भारत सरकार को प्रेषित किए थे।

मनरेगा में केंद्र से आवंटित करोड़ों रुपए खर्च नहीं कर पाई राज्य सरकार
केंद्र सरकार द्वारा मनरेगा में वर्ष 2019-20 में 6891.74 करोड़ रुपए, 2020-21 में 9129.02 करोड़ रुपए व 30 जून 2021 तक 3271.79 करोड़ रुपए राजस्थान को आवंटीत किए, जिसमें से वर्ष 2019-20 के अंत में 1186.46 करोड़ रुपए अप्रयुक्त रहे व वित्तीय वर्ष 2020-21 में 214.87 करोड़ अप्रयुक्त रहे। यह जानकारी केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री ने मंगलवार को लोकसभा में सांसद हनुमान बेनीवाल के सवाल के जवाब में दी।

नागौर. इस्लामिक साल के आखिरी महीने की 10 तारीख को मनाया जाने वाला ईद-उल-अजहा का पर्व बुधवार को जिला मुख्यालय सहित जिले भर में मनाया गया। कोरोना ा के चलते जामा मस्जिद, ईदगाह, दरगाहों में सामूहिक नमाज अदा नहीं की गई। यहां चार से पांच लोगों की मौजूदगी में नमाज अदा कर रस्म निभाई गई। ऐसे में समाजजनों ने घरों में ही सामाजिक दूरी की पालना के साथ नमाज अदा की। कुर्बानी के लिए खास इस दिन पर बकरों सहित अन्य जानवरों की कुर्बानी की गई। दिनभर दावत का सिलसिला घरों में जारी रहा। वहीं करुणा महामारी की वजह से सोशल डिस्टेंसिंग के साथ में शहरवासी एक दूसरे को ईद की मुबारकबाद भी 2 गज दूरी के साथ देते हुए नजर आए। ईदगाह कमिटी के पदाधिकारियों ने बताया कि हर साल हजारों की तादाद में लोग दोनों ही ईदगाह में नमाज अदा करते थे। लेकिन लगातार दूसरी बार ऐसा हुआ है जब सरकारी गाइडलाइन के मुताबिक किसी भी तरह से कोई सामूहिक रूप से नमाज यहां पर नहीं पढ़ी गई। दिशा निर्देशों की पालना करते हुए लोगों ने अपने घरों में ही नमाज अदा की और खुदा की बारगाह में सर झुका कर कोरोनावायरस के खात्मे की दुआ की।
जरूरतमंदों का ख्याल रखे
वहीं जिला मुख्यालय के डोडी की दरगाह के इमाम अली हुसैन सुलेमानी ने इस बड़े त्यौहार की फजीलत बयां करते हुए बताया कि ईद उल अजहा के मौके पर कुर्बानी करना हजरत इब्राहिम अलेह सलाम और हजरत इस्माइल अलेह सलाम की सुन्नत है, उन्होंने कहा कि आज बड़े दिन के मौके पर हम लोगों को चाहिए कि अपने साथ में अपने परिवार के लोगों का भी ख्याल रखें और जो जरूरतमंद लोग हैं उनकी ज्यादा से ज्यादा मदद करें। उन्होंने कहा कि कुर्बानी का यह पर्व हम लोगों को हमारी जिंदगी में से हमेशा बुराई को कुर्बान करने, झूठ नहीं बोलने हमेशा सच का साथ देने की राह दिखाता है। सुलेमानी ने बताया कि तीन दिन तक यह दौर चलेगा, कुर्बानी करते समय सफाई का विशेष ध्यान रखें। वहीं सरकार की तरफ से जो जो गाइडलाइन जारी की गई है वह हमारे लिए की गई है इसलिए उसका भी ख्याल रखें।
पुलिस प्रशासन आया अलर्ट नजर
मस्जिदों के बाहर भीड़ न हो, इसके लिए पुलिस प्रशासन भी अलर्ट रहा। दिनभर पुलिस के जवान दरगाहों, ईदगाह और मस्जिदों के बाहर गस्त करते हुए नजर आए। जहां पर कोरोनावायरस इन की पालना नहीं हो रही थी वहां पर यह पुलिस के जवान लोगों को मास लगाने और 2 गज दूरी की हिदायत देते हुए भी दिखाई दिए।

नागौर. रामपोल सत्संग भवन में चल रहे चातुर्मास सत्संग में कथावाचक संत रमताराम महाराज ने कहा कि भगवान श्रीराम की महिमा अपरंपार है। रामायण पाठ वाले घर में भूत आदि प्रवेश नहीं करते हैं। संसार रूपी सागर से पार होने के लिए गोस्वामी तुलसीदास महाराज ने कृपा करके रामायण रूपी नाव बनाकर तैयार की। इस नाव में बैठकर व्यक्ति अपने जीवन का कल्याण कर सकता है। रामायण सभी का कल्याण करने वाली है। राम कथा में प्रेम करने से मनुष्य जीवन के सभी कार्य, सिद्ध होते हैं। इसलिए रामायण को पढऩा, सुनना चाहिए और मनन करना चाहिए। किसी पापी व्यक्ति के भी जीवन में रामायण के कुछ शब्द सुना दिए जाए तो व्यक्ति पाप मुक्त हो जाता है। जिस व्यक्ति ने जीवन में रामायण पढ़ी है या सुनी है वह कभी नर्कगामी नहीं होता है। रामायण के रस को वही व्यक्ति जान सकता है, जिस व्यक्ति ने जीवन में अच्छे संतो की सत्संग किया है। अच्छे संत भी बड़े भाग्य से मिलते हैं। राम कथा को साधारण कथा मानने वालों में, राक्षसों में कोई फर्क नहीं है। इसलिए व्यक्ति को रामायण का अध्ययन करना चाहिए। इससे वह अपने जीवन को उज्जवल बना सकता है । इस साध्वी मोहनी बाई, बाल संत रामगोपाल महाराज, राम अवतार शर्मा, नंदलाल प्रजापत, कांतिलाल कंसारा, दीनदयाल उपाध्याय आदि थे।
चौधरी अध्यक्ष, मांगीलाल सचिव बने
नागौर. जिला मुख्यालय पर नेशनल यूनियन ऑफ पोस्टल एम्प्लॉई का द्विवार्षिक अधिवेशन में कार्यकारिणी का चुनाव हुआ। इसमें अध्यक्ष उम्मेदराम, सचिव मांगीलाल बिश्नोई, उपाध्यक्ष सुरेश पूनिया, सा. सचिव चैनाराम मेघवाल, कोषाध्यक्ष प्रभुराम मेघवाल, सहा. कोषाध्यक्ष सतीश डीडवानिया, सचिव राजेश मेघवाल चुने गए। उम्मेदाराम चौधरी को अध्यक्ष व मांगीलाल बिश्नोई को निर्विरोध सचिव तीसरी बार चुना गया। कर्मचारियों की समस्या से सर्किल सचिव को अवगत कराया गया। इसमें यूनियन की ओर से बैंक की तर्ज पर डाक विभाग में फाइव डेज वीक रखे जाने की मांग की गई। साई सेवा समिति अध्यक्ष परमाराम जाखड़ ने अध्यक्षता की। सर्किल सचिव आरपी मीना जी,पुखराज पुरोहित, जगदीश जी बिट्टू, श्याम सुंदर शर्मा, मांगीलाल बिश्नोई, उम्मेदाराम चौधरी, सुरेश पुनिया, चेनाराम मेघवाल, प्रभुराम मेघवाल, आदि उपस्थित थे।

नागौर. नागार में पहले से चल रही 27 अनुबंधित बसों के साथ ही 10 अतिरिक्त अनुबंधित बसों के और संचालन के फैसले से रोडवेज कर्मियों में उबाल आ गया है। भडक़े रोडवेज कर्मियों के यूनियन पदाधिकारियों ने इस संबंध में आगार प्रबंधक के समक्ष अपनी नाराजगी जता दी। इसके बाद भी अनुबंधित बसों के बढ़ाने का फैसला रद्द नहीं किए जाने पर नाराज रोडवेज कर्मी बुधवार को धरने पर उतर गए। राजस्थान स्टेट रोडवेज कर्मचारी संयुक्त मोर्चा के तले एटक, इंटक, भारतीय मजदूर संघ एवं सेवा निवृत एसोसिएशन के पदाधिकारी बुधवार को रोडवेज परिसर में अनिश्चितकालीन धरने पर बैठ गए। इस मौके पर पदाधिकारियों ने कहा कि पहले से चल रही 27 बसों में से दो बसें अतिरिक् त होने के साथ ही प्रावधानों के खिलाफ संचालित हो रही हैं। अब इसमें 10 अतिरिक्त बसों की संख्या और बढ़ गई है। यह पूरी तरह से रोडवेज के विभागीय संवैधानिक ढांचे के खिलाफ है। विभागीय प्रावधान में इस संबंध में स्पष्ट तौर पर गाइडलाइन दी गई है कि 30 प्रतिशत बसों से ज्यादा अनुबंधित बसें नहीं हो सकती है। इसके बाद भी रोडवेज के यातायात के कार्यकारी निदेशक ने नागौर आगार प्रबन्धक की सहमति का हवाला देते हुए विभागीय संविधान के खिलाफ जाकर पाली आगार से अनुबंधित 10 अतिरिक्त बसों का स्थानांतरण नागौर आगार में संचालन के लिए कर दिया। यह आंकड़े का औसत निर्धारित मापदण्ड से ज्यादा है। जब विभागीय प्रावधान में ही उल्लेख है कि 30 प्रतिशत से ज्यादा नहीं कर सकते हैं तो फिर क्या रोडवेज आगार प्रबन्धक व कार्यकारी निदेशक क्या विभागीय प्रावधान से परे हैं। यह अधिकारी भी विभागीय प्रावधानों के तहत ही माने जाते हैं। जब यह विभाग के प्रावधानों को ही नहीं मान रहे तो फिर यह विभागीय संचालन की व्यवस्था कैसे उठा सकते हैं। संवैधानिक ढांचे टूटा तो फिर निश्चित रूप से आगे चलकर भयावह स्थिति का सामना करना पड़ेगा, जब अधिकारी ही अपने विभाग के प्रावधानों को नहीं मान रहे तो फिर उनके मातहत उनका आदेश कैसे मान सकते हंै। इस तरह से हालात बेहद ही खतरनाक स्थिति में पहुंच जाएंगे। यूनियन नेताओं ने कहा कि जब रोडवेज के पास पर्याप्त संख्या में बसें और चालक हैं, फिर रोडवेज क्यों अनुबंधित बसों की संख्या बढ़ा रहा है। स्पष्ट है कि कुछ न कुछ गलत हो रहा है। इस दौरान आगार के मुख्य प्रबन्धक को ज्ञापन दिया गया।
प्रदर्शन में यह रहे शामिल
मोर्चा अध्यक्ष मेहराम फिरड़ोदा, बाबूलाल बिश्नोई, बीएमएस अध्यक्ष सुरेश कुमार बिश्नोई, सचिव रामेश्वर तेरवा, एटक कार्यकारी अध्यक्ष शिवदानराम, नौरतन डिडेल, इंटक प्रदेश उपाध्यक्ष जगदीशराम इनाणियां, भगवानराम माल, जोधाराम, गणपतराम बिश्नोई, ओमप्रकाश नराधणिां, एटक अध्यक्ष हरिराम जाजड़ा, सेवानिवृत एसोसिएशन अध्यक्ष अर्जुनराम करीर, इंटक अध्यक्ष नरपतराम भाकल, ओमप्रकाश, छोटूराम रिणवा, ओमप्रकाश शर्मा, नारायणराम प्रजापति आदि थे।

नागौर. सर्व समाज सेवा संस्थान की ओर से झूलेलाल चालिया महोत्सव के झूलेलाल भवन चांद बावड़ी में झूलेलाल साईं को छप्पन भोग लगाया गया। संस्था के अध्यक्ष घनश्याम ठारवानी भगत ने बताया कि सिंधी समाज के लिए इष्टदेव झूलेलाल की स्तुति के लिए यह 40 दिन बहुत ही महत्वपूर्ण हैं। अखंड भारत के सिंध प्रांत मे सिंधी समाज के लोगों द्वारा 40 दिन सिंधु नदी के किनारे पूजा अर्चना कर आराधना की गई थी। इससे प्रसन्न होकर जल देवता द्वारा आकाशवाणी की गई थी कि वरुणावतार झूलेलाल के रूप में अवतार लेकर सिंधी समाज की रक्षा करेंगे। उन्हीं 40 दिनों की याद में झूलेलाल चालिया महोत्सव मनाया जाता है। सुबह उठकर जल देवता एवं सूरज देवता की अर्चना कर जोत जगा कर दान पुण्य किया जाता है। 40 दिनों तक मांस मदिरा वर्जित रहती ह।ै ब्रह्मचर्य व्रत का पालन किया जाता है। व्रत समाप्ति के दिन झूलेलाल साईं की ज्योत जगा कर पंजड़े गाकर आरती पल्लव करके प्रसाद ग्रहण कर व्रत पूर्ण किए जाते हैं। जोत साहब को दरियाह में विसर्जित किया जाता है। इसमें रमेश लखानी, ललित शिवनानी, मोहनदास, प्रकाश, जयकिशन गुरबाणी, भगवान वरलानी आदि थे।
बरगद, पीपल,जाल, कचनार, नीम, अर्जुन आदि के पौधे लगाए
नागौर. खेराट ग्राम में बरगद, पीपल,जाल, कचनार, नीम, अर्जुन, सहजन के लगभग 50 पौधे लगाए। पर्यावरण गतिविधि संयोजक शिवनाथ सिद्ध ने कहा कि नागौर जिले सहित मरु प्रदेश के प्रत्येक जिले में पर्यावरण प्रेमियों की मदद लेकर दिर्घायु पौधे लगाएंगे और झाड़ीनुमा वृक्षों जैसे माठ, मुराली, इन्ना, कंकेड़ा, कुमठा, कैर, फोग आदि पेड़ों के संरक्षण के लिए लोगों में जागरूक किया जाएगा। ताकि वन्य जीवों और पक्षियों को घर मिलने के साथ ही इनके प्रजनन के लिए अनुकूल परिस्थितियाँ मिल सके।


ग्राम बिरलोका में पौधरोपण
आज आधुनिकता की दौड़ में मनुष्य अंधाधुंध पेड़ों की कटाई करने में लगा है, जिससे धरती का संतुलन बिगड़ता जा रहा है तथा धरती विनाश की ओर बढ़ रही है। ऐसे में हमें जागरूक होकर पौधरोपण करना है, ताकि धरती को विनाश से रोका जा सके।
सरपंच संघ के अध्यक्ष जगदीश बिडियासर ने कहा कि पेड़ हमारे जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा है। हमारे देश में प्राचीनकाल से पेड़ों के संरक्षण पर बल दिया गया है। पर्यावरण प्रेमियों ने पेड़ों को बचाने के लिए अपने प्राण तक न्यौछावर किए हैं। इसलिए पेड़ों के महत्व को समझते हुए अधिकाधिक पौधरोपण करें । विकास अधिकारी वेदप्रकाश शर्मा ने कहा कि प्राकृति मनुष्य को बहुत कुछ देती है जिसमें पेड़ प्राकृति का अनमोल उपहार है जो मनुष्य को जीवन देते हैं। अगर पेड़ नहीं रहे तो हम भी नहीं रहेंगे। इसलिए अधिकाधिक पौधरोपण कर धरती को स्वच्छ व सुन्दर बनाएं। जाट महासभा के तहसील अध्यक्ष एवं पूर्व पंचायत समिति सदस्य नानकराम हुड्डा ने कहा कि हमारे पुरखों द्वारा लगाए गए पेड़ आज भी हमारी आवश्यकताओं को पूरा कर रहे हैं। हमें भी कुछ ऐसा करना चाहिए कि आने वाली पीढिय़ां हमें याद करें इसलिए पौधरोपण कर आने वाली पीढिय़ों को स्वच्छ पर्यावरण का उपहार दें। इस दौरान नीम, पीपल, खेजड़ी, बरगद, अशोक, शीशम, निम्बू, आंवला सहित विभिन्न किस्मों के फलदार व छायादार पौधे रोपे गए।
पौधरोपण कर
संरक्षण की शपथ
खींवसर ञ्च पत्रिका. ग्राम पंचायत भुण्डेल में बुधवार को युवाओं ने पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण की शपथ ली। इस दौरान अस्पताल परिसर में अशोक, खारी बादाम सहित विभिन्न किस्मों के पौधे लगाए गए। सरपंच धर्मेन्द्र गौड़ ने बताया कि गांव के युवाओं ने अस्पताल परिसर में वट, नीम, शीशम, कनेर, अमरूद सहित विभिन्न किस्मों के फलदार व छायादार पौधे रोपकर पर्यावरण संरक्षण की शपथ ली। इस दौरान श्यामसुंदर गौड़, शिव प्रकाश महर्षि, एएनएम मीना कुमारी, राधेश्याम गौड़, मनसुख गौड़, अर्पित गौड़, घनश्याम राणा ने पौधरोपण किया।

इन्होंने किया पौधरोपण
कार्यक्रम में सरपंच कमला देवी, जनप्रतिनिधि भगाराम नायक, उपसरपंच मोहनराम सारण, प्रधानाचार्य परमेशपाल बेनीवाल, भावण्डा पूर्व सरपंच कुशाल दौतड़, नारवाकलां के जनप्रतिनिधि श्रवण सियाग, ग्राम विकास अधिकारी ओमप्रकाश जाजड़ा, कनिष्ठ सहायक सीता हुड्डा, अध्यापक सुमन, वैद्यनाथ सिद्ध, छोटूसिंह, प्रेमसिंह, बिशनसिंह, मेलनर्स प्रथम मुलाराम बेनीवाल, उम्मेदसिंह, अध्यापक प्रेमेश्वर, भोमसिंह, श्रवणसिंह, दिग्विजयसिंह ने पौधरोपण किया।

नागौर. जिले में जिला प्रशासन की ओर से पिछले एक साल से चलाए जा रहे रास्ता खोलो अभियान के तहत एक और जहां 4 हजार से अधिक रास्ते खोले जा चुके हैं, वहीं सैकड़ों परिवाद जिला प्रशासन के पास लम्बित हैं, जिनका निस्तारण करने की कार्रवाई की जा रही है। इस बीच जो लोग इस अभियान में रोड़ा बन रहे हैं, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के लिए जिला कलक्टर ने अधीनस्थ अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं।

जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने मंगलवार को कलक्ट्रेट परिसर स्थित भारत निर्माण राजीव गांधी सेवा केन्द्र में जिले के समस्त उपखण्ड अधिकारियों, तहसीलदार, नगर निकाय अधिशासी अधिकारियों एवं अन्य अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से संवाद कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
वीसी के दौरान जिला कलक्टर ने संपर्क पोर्टल पर लंबित प्रकरणों का शीघ्रता से निपटारा करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पोट्र्स सेंटर, कॉलेज एवं हॉस्पिटल व चिकित्सा संस्थाओं की स्थापना के लिए एसडीओ व तहसीलदार को भूमि आवंटन संबंधी बकाया प्रकरणों का जल्द निपटारा करने के निर्देश दिए।
डॉ. सोनी ने कहा कि ब्लॉक स्तर तक किसी भी अधिकारी के पास छह माह से अधिक पुराने प्रकरण लंबित हैं, तो उनका शीघ्र निस्तारण किया जाएं। इसके लिए सभी संबंधित अधिकारी तत्परता से कार्य करें। इस दौरान कलक्टर ने खींवसर उपखण्ड अधिकारी व तहसीलदार को टांकला व लालाप ग्राम पंचायत स्थित स्कूल भवन की प्रगति रिपोर्ट लेकर स्कूल संचालन में आने वाली समस्या पर चर्चा करते हुए टांकला स्कूल को एक सप्ताह के अंदर शिफ्ट करवाने के निर्देश दिए। इस दौरान उन्होंने कहा कि ब्लॉक स्तर पर उपखण्ड अधिकारी अपने कर्तव्य का निर्वहन करते हुए किसी भी प्रकार की समस्या का तुरंत निस्तारण करवाने के प्रयास करें।

कलक्टर ने रास्ता खोलो अभियान की प्रगति रिपोर्ट लेते हुए अभियान के दौरान आने वाली विभिन्न समस्याओं व आमजन की शिकायतों पर जिम्मेदारी से कार्य करने के निर्देश दिए। डॉ. सोनी ने कहा कि लोगों से समझाइश कर रास्ता खोलो अभियान को प्रभावी बनाकर कार्य करें तथा रास्ता खुलने के बाद ग्रेवल सडक़ निर्माण कार्य भी किया जाएं। उन्होंने कहा कि प्रशासन द्वारा खोले गए रास्ते खेत मालिक द्वारा पुन: बंद कर दिए जाते हैं तो उनके खिलाफ कठोर कार्रवाई करें।

प्रशासन गांवों के संग अभियान की तैयारी करें
जिला कलक्टर ने प्रशासन गांवों के संग अभियान पर चर्चा करते हुए पूर्व तैयारियों के रूप में उपखण्ड अधिकारियों को शिविर आयोजित कर आमजन की समस्याएं सुनने तथा उनका रिकॉर्ड तैयार करने के निर्देश दिए, ताकि अभियान शुरू होते ही तुरंत निस्तारण किया जा सके। इसके लिए शिविर के विभिन्न कार्यों का चिह्नीकरण करने की तैयारी करने के निर्देश दिए। साथ ही शहर में अभियान प्रशासन शहरों के संग को प्रभावी बनाने के लिए नगर निकाय के अधिकारियों को नगरीय योग्य सीमा में मास्टर प्लान बनाकर कार्य करने के निर्देश दिए तथा जो खसरे वंचित है उनकी सूचना भिजवाने के लिए कहा।

लंबित आवेदनों का निस्तारण करें
जिला कलक्टर ने वीसी के दौरान डीएसओ को खाद्य सुरक्षा योजना के तहत 18 मई 2020 तक के लंबित आवेदनों का निस्तारण करने के निर्देश देते हुए कहा कि उचित मूल्य दुकानदार ई-मित्र पर जाकर लंबित प्रकरणों का निस्तारण करवाने के लिए ग्रामीणों से सहयोग लेकर कमी पूर्ति करवाएं। डॉ. सोनी ने सभी उपखण्ड अधिकारियों को राजकीय नजूल सम्पत्तियों का डेटा ऑनलाइन अपडेट करने तथा लंबित प्रकरणों की प्रगति रिपोर्ट लेकर शीघ्रता से निस्तारण करने के निर्देश भी दिए। बैठक के दौरान अतिरिक्त जिला कलक्टर मनोज कुमार, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी जवाहर चौधरी, उपखण्ड अधिकारी अमित चौधरी, सहायक कलक्टर रामजस बिश्नोई, जिला रसद अधिकारी पार्थ सारथी सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे।

You received this email because you set up a subscription at Feedrabbit. This email was sent to you at abhijeet990099@gmail.com. Unsubscribe or change your subscription.