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कानाराम मुण्डियार

भीलवाड़ा.

जिले की जिन क्षतिग्रस्त सड़कों के कारण लोगों ने सालों तक दर्द झेला, अब चुनावी साल में इन सड़कों के दिन फिरेंगे। राज्य सरकार ने हाल ही भीलवाड़ा जिले में क्षतिग्रस्त 180 सड़कों के नवीनीकरण व विकास कार्य के लिए सार्वजनिक निर्माण विभाग को कुल 119 करोड़ की वित्तीय व प्रशासनिक स्वीकृति दी।

ज्ञात है कि सरकार के पास क्षतिग्रस्त सड़कों के प्रस्ताव कई माह से अटके थे, लेकिन स्वीकृति अभी दी है। आगामी दिनों में बरसात से पहले ये सड़कें बनना संभव नहीं है। ऐसे में बरसात के बाद सितम्बर-अक्टूबर यानि विधानसभा चुनाव के दिनों में जिले भर में नई सड़कें बनेगी या बनती दिखेगी। भीलवाड़ा शहर की क्षतिग्रस्त प्रमुख 7 सड़कों का नवीनीकरण भी बरसात के बाद ही होगा। ऐसे में शहर के लोगों को अभी जर्जर सड़कों पर परेशानी झेलनी ही पड़ेगी।

गत साल उखड़ी थी सड़कें, मार्च में भेजे प्रस्ताव-

भीलवाड़ा शहर व जिले भर में पहले से खराब कई सड़कें गत वर्ष बरसात में अधिक क्षतिग्रस्त हो गई थी। राजस्थान पत्रिका ने सड़कों की दुर्दशा प्रमुखता से उठाई। तब जिला प्रशासन ने जनता को भरोसा दिलाया था कि अगली बरसात से पहले सभी जर्जर सड़कें सुधार दी जाएगी। बरसात का दौर थमने के साथ अफसर सुस्त हो गए और सड़कें नहीं सुधरी। पत्रिका ने मुद्दा फिर से उठाया तो अफसरों ने मार्च में प्रस्ताव बना सरकार को भेजे।

मायने : चुनावी साल, वोटों की फसल

अमूमन हर सरकार चुनावी साल में अधिक संवेदनशीलता दिखाती है ताकि चुनाव से कुछ समय पहले तक निर्माण व विकास कार्यों के शिलान्यास, कार्य शुभारम्भ व लोकार्पण के जरिए जनता को संदेश देकर वोटोंं की फसल काटी जा सके। यही वजह है कि इस साल होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर जिले के जनप्रतिनिधि व नेता अब अधिक सक्रिय हैं।

निकायों की सड़कों पर खर्च होगी यह राशि-

नगर परिषद भीलवाड़ा में 7 कार्य के लिए 10 करोड़, नगरपालिका गंगापुर, आसींद, मांडलगढ़, जहाजपुर, शाहपुरा व गुलाबपुरा के लिए 6-6 करोड़ तथा हमीरगढ़ नगर पालिका के लिए 3 करोड़ की राशि स्वीकृत की गई है।

फैक्ट एंड फिगर : एक नजर

-70 करोड़ की लागत से जिले के सात विधानसभा क्षेत्रों में नॉन-पेचेबल व मिसिंग लिंक की 196.97 किलोमीटर लम्बाई की 84 सड़कों का विकास होगा।

-49 करोड़ की लागत से भीलवाड़ा के 8 स्थानीय निकाय (नगर परिषद व नगरपालिका) क्षेत्रों में 6106 मीटर लम्बाई की 96 सड़कों का विकास होगा।

-10 करोड़ की लागत से भीलवाड़ा शहरी क्षेत्र में 9455 मीटर लम्बाई की प्रमुख 7 सड़कों का नवीनीकरण होगा।

भीलवाड़ा शहर : 7 सड़कों पर खर्च होंगे 10 करोड़, लेकिन बरसात के बाद सुधरेगी

-जेल चौराहे से रेलवे स्टेशन वाया सेशन कोर्ट

-रेलवे स्टेशन से महाराणा टॉकीज वाया गोलप्याऊ-सूचना केन्द्र

-भोपाल क्लब से सुभाष मार्केट होते हुए गोल प्याऊ चौराहा तक

-महाराणा टॉकीज से श्री गेस्ट हाउस

-महाराणा टॉकीज से सिंधु नगर, कोतवाली होते हुए राजेन्द्र मार्ग से रेलवे फाटक तक

-साबुन मार्ग से हलेड़ चौराहा तक

-गांधी सागर से भोपालपुरा सड़क तक

इनका कहना है-

मुख्यालय से 119 करोड़ की 180 सड़कों के कार्यों की वित्तीय व प्रशासनिक स्वीकृति मिली है। आगामी दिनों में टेंडर प्रक्रिया शुरू होगी। भीलवाड़ा शहर समेत जिले की सड़कें जल्द सुधरेगी।

-पी.आर. मीना, अधीक्षण अभियंता, सार्वजनिक निर्माण विभाग, भीलवाड़ा

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भीलवाड़ा. राजस्थान के भीलवाड़ा जिले के मांडल अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने मांडल के एक कॉम्प्लेक्स के दस्तावेज में काट-छांटकर फर्जीवाड़ा प्रकरण में तीन थाना प्रभारियों एवं एक सहायक उप निरीक्षक की जांच सही ठहराई। न्यायालय ने अनुसंधान अधिकारी बंशीलाल पांडर की जांच व महानिरीक्षक पुलिस अजमेर रेंज रुपिंदर सिंह के इसके अनुमोदन पर आश्चर्य जताया।

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साथ ही एडीजी क्राइम को आईजी सिंह के खिलाफ कार्रवाई के लिए पत्र लिखा। गौरतलब है कि आईजी सिंह के आदेश पर इस मामले में गत दिनों तीन पुलिस अधिकारियों को निलंबित तथा एक को लाइन हाजिर किया गया था।

मांडल के किशनलाल सोनी ने कॉम्प्लेक्स खरीदा था। इसके पड़ोसी रामजस टांक ने कॉम्प्लेक्स के दस्तावेज में काट छांट कर न्यायालय में दस्तावेज पेश कर दिए। किशन ने रामजस के खिलाफ मामला दर्ज करवाया।


इन्होंने की जांच

तत्कालीन थाना प्रभारी राजेंद्र गोदारा व सहायक उप निरीक्षक चंद्रप्रकाश विश्नोई ने जांच की। आगे जांच तत्कालीन थाना प्रभारी अय्यूब खां ने की और शिकायत को सही मान आरोपी टांक को गिरफ्तार किया। फिर तत्कालीन थाना प्रभारी उगमाराम के पास जांच गई तो उन्होंने भी जांच को सही माना। इस बीच दो माह बाद जमानत पर छूटे रामजस ने अजमेर आईजी सिंह को शिकायत दी तो आईजी ने एसपी को पत्र लिखा। मामले की जांच पुर थाना प्रभारी शिवराज गुर्जर से फिर कराई। गुर्जर ने पूर्ववर्ती पुलिस जांच को सही माना तो आरोपी रामजस फिर आईजी के पास पहुंचा। आईजी ने अजमेर रेंज के पुलिस अधिकारी बंशीलाल पांडर को जांच सौंपी।
पांडर ने बदली दिशा

पांडर ने पूर्व में पुलिसकर्मियों की जांच को दरकिनार कर आरोपी के बयान को सही माना व मामले में एफआर लगा दी। इसके आधार पर आईजी ने तत्कालीन प्रतापनगर थाना प्रभारी राजेंद्र गोदारा, मांडल थाने के एएसआई चंद्रप्रकाश विश्नोई, थाना प्रभारी अयूब खां को निलंबित कर दिया। पुर थाना प्रभारी शिवराज गुर्जर को लाइन हाजिर कर दिया।

अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने मांडल (भीलवाड़ा) के एक कॉम्प्लेक्स के दस्तावेज में काट-छांटकर फर्जीवाड़ा प्रकरण में तीन थाना प्रभारियों एवं एक सहायक उप निरीक्षक की जांच सही ठहराया है।

Court upheld investigation of suspended police officers राजस्थान के भीलवाड़ा जिले में मांडल न्यायालय ने अनुसंधान अधिकारी बंशीलाल पांडर की जांच व महानिरीक्षक पुलिस अजमेर रेंज रुपिंदर सिंह के इसके अनुमोदन पर आश्चर्य जताया। एडीजी क्राइम को आईजी सिंह के खिलाफ कार्रवाई के लिए पत्र लिखा।


गौरतलब है कि आईजी सिंह के आदेश पर इस मामले में गत दिनों तत्कालीन थाना प्रभारी राजेंद्र गोदारा, एएसआई चंद्रप्रकाश विश्नोई, थाना प्रभारी अयूब खां को निलंबित किया। वहीं पुर थाना प्रभारी शिवराज गुर्जर को लाइन हाजिर किया था। इन सबने एक के बाद एक जांच की और मामले में जांच को सही ठहराया था लेकिन आरोपी रामजस टांक की शिकायत पर आईजी ने पांडर से फिर जांच कराई तो उसमें चारों पुलिस अधिकारियों की जांच को गलत ठहराया था।

- तीन थाना प्रभारियों समेत पुलिस की चारों जांच को बताया सही, न्यायालय ने आईजी पर कार्रवाई के लिए एडीजी क्राइम को लिखा पत्र

राजस्थान में पुलिस ने शुक्रवार को गश्त के दौरान एक पिकअप वाहन से 291 किलोग्राम अफीम डोडा चूरा जब्त कर चालक को गिरफ्तार किया है। chaare mein daba kar le ja rahe the laakhon ka doda

चित्तौड़गढ़ पुलिस अधीक्षक राजन दुष्यन्त ने बताया कि शुक्रवार को एएसपी बुगलाल मीणा के निर्देशन एवं डीएसपी गंगरार भवानी सिंह के मार्गदर्शन में थानाधिकारी गंगरार शिवलाल मीणा थाना क्षेत्र में मय जाप्ता गश्त कर रहे थे। गश्त के दौरान बंजारो का खेडा में एक पेड के नीचे एक पिकअप नजर आई। जिसमें बैठा व्यक्ति पुलिस जाप्ता देखकर नीचे उतर कर भागने लगा। पुलिस जाप्ते ने घेराबंदी कर उसे दबोच लिया। पूछताछ पर उसने वाहन में खांखला भरा होने एवं एमपी की तरफ से लाना बताया । लेकिन तलाशी के दौरान खाखले के अन्दर कुल 8 सफेद रंग के बोरे पाए गए।

बोरे को वाहन से नीचे उतार कर खोलकर देखा तो उसमें कुल 291 किलोग्राम वजनी डोडा चूरा बरामद हुए। पुलिस ने मौके पर लालास बंजारो का खेडा निवासी मुकेश कुमार पुत्र कनीराम बंजारा को एनडीपीएस एक्ट में गिरफ्तार किया। आरोपित ने पूछताछ में पिकअप से बरामद अफीम डोडा चूरा एमपी की तरफ से लाना बताया।


राजस्थान में चित्तौड़गढ़-उदयपुर राष्ट्रीय राजमार्ग पर बानसेन बाइपास के ओवरब्रिज पर एक लग्जरी कार ट्रेलर से टकरा कर डिवाइडर पर पलट गई, लेकिन बाद में पुन खड़ी हो गई। दुर्घटना में चालक सहित तीनों यात्री सुरक्षित बच गए । Air bag saved three lives on the highway

जानकारी के अनुसार चित्तौड़गढ़ जिले के भदेसर थाना क्षेत्र में शुक्रवार सांय अहमदाबाद से चित्तौड़गढ़ जा रही लग्जरी कार तेज गति होने से ओवरब्रिज पर अनियंत्रित हो गई और एक ट्रेलर से टकरा गई। संयोग यह रहा कि टकराने के बाद कार पलटी खाते हुए डिवाइडर पर जाकर खड़ी हो गई। Air bag saved three lives on the highway

कार में गुजरात के तीनों ही यात्री कार का एयर बैग खुल जाने के कारण सुरक्षित बच गए। हालांकि एक यात्री को सिर में चोट लगी। घटना की सूचना के बाद हाईवे एंबुलेंस मौके पर पहुंची और तीनों को चित्तौड़गढ़ जिला अस्पताल लाई। Air bag saved three lives on the highway

भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो चित्तौडग़ढ़ ने निम्बाहेड़ा में शुक्रवार रात महिला चिकित्सक को तीन हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। ब्यूरो की टीम उसके आवास व अन्य ठिकानों की तलाशी में जुटी हुई है। Took bribe to operate, but doctor was caught

निम्बाहेड़ा के जिला चिकित्सालय में स्त्री रोग विशेषज्ञ के पद पर कार्यरत डॉ. अन्नपूर्णा शुक्ला के खिलाफ परिवादी ने शिकायत दी कि उसकी पत्नी के प्रसव ऑपरेशन के बदले डॉ. शुक्ला 4 हजार रुपए की रिश्वत मांग कर परेशान कर रही है।

एसीबी उदयपुर के उप महानिरीक्षक राजेन्द्र प्रसाद गोयल के निर्देशन में एसीबी चित्तौडग़ढ़ के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कैलाश सांदू के नेतृत्व में शिकायत का सत्यापन किया तो शिकायत सही पाई गई। इसके बाद टीम निम्बाहेड़ा पहुंची, जहां डॉ. अन्नपूर्णा शुक्ला को शुक्रवार रात तीन हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के अन्तर्गत प्रकरण दर्ज कर अग्रिम अनुसंधान किया जाएगा।

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