>>: - राजकीय महाविद्यालय पल्लू के 115 प्रवेशित विद्यार्थी योजना से रहे वंचित

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हनुमानगढ़. पल्लू तहसील मुख्यालय पर राजकीय महाविद्यलय स्वीकृत होने से क्षेत्र के विद्यार्थियों सहित आमजन में खुशी की लहर छा गई थी। विद्यार्थियों सहित अभिभावकों की यह खुशी तब और दुगुनी हो गई जब इसी सत्र से कालासर बास में सरकारी विद्यालय के भवन में महाविद्यलय का सत्र शुरू हो गया। तहसील क्षेत्र के विद्यार्थियों ने उत्साह के साथ महाविद्यालय में 160 सीटों पर प्रवेश के लिए ऑनलाइन आवेदन किए। इसमें से 115 सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया पूर्ण भी हो गई। प्रवेश प्रक्रिया के बाद छात्राओं ने राज्य सरकार द्वारा काली बाई भील योजना के तहत स्कूटी व उच्च शिक्षा के लिए मुख्यमंत्री छात्रवृति के लिए आवेदन किया तो इस सत्र से शुरू हुआ राजकीय महाविद्यालय पल्लू का पोर्टल पर नाम नहीं आ रहा था। जब विद्यार्थियों ने महाविद्यालय प्रबंधन से संपर्क किया तो महाविद्यालय की प्रोफ़ाइल अपडेट कर संबन्धित विभाग को भेजने की जानकारी दी।

राजकीय महाविद्यालय में नव प्रवेशित छात्रा मैना सहारण ने बताया कि उसके सीनियर सकेंडरी में 85 प्रतिशत प्राप्तांक है और स्नातक प्रथम वर्ष कला वर्ग में राजकीय महाविद्यालय पल्लू में ऑनलाइन आवेदन किया और पहली मेरिट लिस्ट में चयन भी हो गया। जब स्कूटी व मुख्यमंत्री छात्रवृति के लिए आवेदन किया तो पोर्टल पर महाविद्यालय का नाम नहीं आ रहा था। जब महाविद्यालय में संपर्क किया तो एक दो दिन में महाविद्यालय का नाम आने का कह दिया परंतु आवेदन करने कि अंतिम तारीख 16 अगस्त थी तब तक महाविद्यालय का नाम नहीं आया। अब विभाग ने पोर्टल बंद कर दिया तो अच्छे माक्र्स के बाद भी ना ही स्कूटी का और ना ही मुख्यमंत्री छात्रवृति का आवेदन भर पाई।


छात्रवृति से बच्चों को मिलता है सबल छात्र संगठन एसएफआई के छात्र नेता केशव पंचारिया ने बताया कि ग्रामीण परिवेश व कमजोर आर्थिक परिवार के बच्चों को मुख्यमंत्री छात्रवृति के तहत मिलने वाली सहयोग राशि से विद्यार्थियों और अभिभावकों को सबल मिलता है। विभाग द्वारा पोर्टल बंद करने से 115 विद्यार्थी इस योजना का लाभ लेने से वंचित रह गए। यदि विभाग द्वारा पोर्टल को फिर से शुरू नहीं किया गया तो छात्रों के साथ मिलकर आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा। अभी भी सरकारी महाविद्यालयों में अभी भी स्नातक प्रथम वर्ष में प्रवेश प्रक्रिया चल रही है फिर भी विभाग ने पोर्टल बंद कर दिया। इनका कहना... राजकीय महाविद्यालय के नोडल प्राचार्य एमपी काला ने बताया कि पहले 160 सीट स्वीकृत थी परंतु अब बढ़ाकर दो सौ सीटें कर दी है तो प्रवेश की प्रक्रिया अभी चल रही है। अभी सिर्फ 115 सीटों पर ही प्रवेश प्रक्रिया पूर्ण हुई है। विभाग ने प्रवेश प्रक्रिया पूर्ण होने से पहले ही पोर्टल बंद कर दिया। इसके लिए विभाग व विधायक अमित चाचाण को इस संबंध में अवगत करवाया गया है। विधायक अमित चाचाण ने बताया कि नोडल प्राचार्य एमपी काला ने लिखित में इसके बारे में अवगत करवाया है। इस संबंध में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत व शिक्षा मंत्री से वार्ता कर इस पोर्टल को पुन: शुरू करवाया जाएगा।

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