>>: कल्याण अस्पताल की बदलेगी सूरत, अस्पताल में दोहरी होगी सफाई व्यवस्था

>>

Patrika - A Hindi news portal brings latest news, headlines in hindi from India, world, business, politics, sports and entertainment!

सीकर मेडिकल कॉलेज के अधीन कल्याण अस्पताल की सूरत बदलने वाली है। अस्पताल में आने वाले मरीजों को जल्द ही निजी अस्पतालों की तर्ज पर बेहतर वातावरण मिलेगा। अस्पताल परिसर को साफ-सुधरा रखने के लिए अस्पताल प्रबंधन की ओर से नई मशीनें खरीदी जाएगी। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद अस्पताल प्रबधंन ने इसकी कवायद शुरू कर दी है। जिला प्रशासन की सहमति मिलने पर मशीनों की खरीद प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। सबसे अच्छी बात है कि अस्पताल में ठेके पर होने वाली सफाई के अलावा स्थाई कर्मचारियों को भी अलग से सफाई का जिम्मा दिया जाएगा।कल्याण अस्पताल में रोजाना औसतन दो हजार मरीज रोजाना आते हैं। वहीं करीब तीन सौ मरीज हर समय भर्ती रहते हैं। गुलाबी रंग सुकुन देने वाला होने के कारण भवन का रंग भी गुलाबी करवाया जाएगा।

साथ ही ट्रोमा और आईसीयू के स्टॉफ को भी सफेद एप्रेन की बजाए गुलाबी रंग के एप्रेन पहनने होंगे। साथ ही यहां काम करने वाले चिकित्सक भी नीले रंग के ड्रेस में काम करेंगे। जिससे मरीज को निजी अस्पतालों जैसा वातावरण मुहैया करवाया जा सके। वहीं भर्ती मरीजों के परिजनों व मरीजों को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध करवाने के लिए पार्क को डवलप किया जा रहा है। वहीं अस्पताल में खड़े होने वाले आड़े तिरछे वाहनों की समस्या को दूर करने के लिए परिसर के बाहर बने पार्क के आधे भाग को पार्किंग के लिए रिजर्व कर दिया गया है। जिससे अस्पताल में आने वाले मरीजों को कोई परेशानी नहीं हो।

मरीजों को मिलेगा सुकुन

अस्पताल में प्रत्येक वार्ड में बैड पर रोजाना अलग-अलग रंग की चादर बिछाई जाएगी। इससे अस्पताल में भर्ती मरीजों के संक्रमण की रोकथाम में भी मदद मिलेगी। अधिकारियों का मानना है कि जब मरीजों के बिस्तर पर रोज नए रंगों की चादर बिछा दी जाती हैं, तो मानसिक रूप से भी वे काफी अच्छा महसूस करते हैं। पहले अधिकतर मरीजों की शिकायत रहती थी कि उन्हें किसी पुराने मरीज की इस्तेमाल की हुई गंदी चादर दे दी गई है। इसके अलावा कई बार धुलाई के बाद भी सफेद चादर से खून या अन्य निशान नहीं जा पाते थे, ऐसी स्थिति में भी मरीज को सफेद चादर का इस्तेमाल करना अच्छा नहीं लगता था।

You received this email because you set up a subscription at Feedrabbit. This email was sent to you at abhijeet990099@gmail.com. Unsubscribe or change your subscription.