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Table of Contents

राजधानी जयपुर में घूमने आई एक रूसी महिला से पेट्रोल पंप कर्मचारी ने अश्लील हरकत की। रूसी महिला के साथी ने 7 नवम्बर की रात को हुई इस घटना की वीडियो भी बनाई। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची और कर्मचारी से कान पकड़कर माफी मंगवाई और भविष्य में इस तरह की घटना फिर से नहीं करने की हिदायत दी। महिला के भारतीय दोस्त ने मंगलवार को सोशल मीडिया पर जयपुर में पेट्रोल पंप पर बनाए गए वीडियो को अपलोड किया। इसके बाद विदेशी महिला पर्यटकों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर बड़ा सवाल खड़ा हो गया। नव वर्ष पर जयपुर में बड़ी संख्या में विदेशी पर्यटक भी पहुंचते हैं और इस समय रूसी महिला से अश्लील हरकत करने के संंबंध में सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो से जयपुर की छवि भी धूमिल हो रही है।

वीडियो टोंक रोड स्थित पेट्रोल पंप का बताया जा रहा है। रूसी महिला के साथ उसका दोस्त बाइक पर यात्रा करने निकला था। जयपुर में पेट्रोल पंप पर रूके। तभी पेट्रोल पंप कर्मचारी ने रूसी महिला को तीन बार कथित तौर पर टच किया। इसका महिला ने विरोध किया

माफी मांगने लगा, सबक सीखाना चाहती थी

रूसी महिला ने पेट्रोल पंप कर्मचारी की हरकत का विरोध किया तो कर्मचारी माफी मांगने लगा। पेट्रोल पंप के मैनेजर ने भी कर्मचारी से माफी मंगवाकर कर मामला रफा दफा करना चाहा। वायरल वीडियो में यह सुनाई भी दे रहा है। महिला के दोस्त ने पुलिस कन्ट्रोल रूम में संपर्क किया, लेकिन नंबर नहीं लगा। बाद में पुलिस से संपर्क किया और मौके पर बुला लिया। पीसीआर मौके पर पहुंची, जिसमें दो कांस्टेबल ड्यूटी पर थे। पुलिसकर्मियों ने कर्मचारी से कान पकड़कर रूसी महिला से माफी मंगवाई। हालांकि रूसी महिला का कहना था कि क्या वह किसी अन्य महिला से भी इसी तरह की हरकत करेगा। वीडियो में महिला पुलिस को कहते हुए सुनाई दे रही है कि कर्मचारी को ऐसी हरकत नहीं करने के लिए चेतावनी दे। पुलिसकर्मियों ने कर्मचारी को ऐसी हरकत फिर से नहीं करने के लिए चेताया। कर्मचारी का नाम व पता भी नोट किया। लेकिन रूसी महिला के शिकायत नहीं देने पर उसे चेतावनी देकर छोड़ दिया।

दो दिन पहले राजसमंद क्षेत्र में हुई थी छेड़छाड़

दो दिन पहले राजसमंद के देवगढ़ स्थित एक हेकिटेज होटल में स्पा करवाने गई आस्ट्रेलियाई पर्यटक महिला से छेड़छाछ़ करने का मामला सामने आया था। इसी प्रकार जयपुर में विधायकपुरी थाना क्षेत्र में पति के साथ होटल में पैदल जा रही महिला से भी छेड़छाड़ करने का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया था। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए छेड़छाड़ करने वाले को गिरफ्तार कर लिया था।

Deputy CM Bairwa Issues Warning To Officials : फागी/दूदू/मौजमाबाद। उपमुख्यमंत्री की शपथ के बाद मंगलवार को दूदू विधायक डॉ.प्रेमचंद बैरवा विधानसभा क्षेत्र के दौरे पर रहे। उनका जगह-जगह स्वागत किया गया। उन्होंने पहले फागी, इसके बाद मौजमाबाद व दूदू में सभाओं को संबोधित किया। उपमुख्यमंत्री (Deputy CM Premchand Bairwa) बनने के बाद पहले ही दौरे में बैरवा पूरी तरह एक्शन मोड पर नजर आए। उन्होंने अधिकारियों व कर्मचारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि अब जनता के काम में अनियमितता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अब लोगों के काम करने पड़ेंगे नहीं तो अपना बोरिया बिस्तर बांध लें।

उन्होंने कहा कि मैंने दूदू एसपी व थाना इंजार्ज की अब तक शक्ल नहीं देखी है, वो है कैसे। मेरे पास डीजी आ गए, आईजी आ गए, लेकिन उस एसपी के दर्शन नहीं किए हैं। ऐसे कर्मचारियों को चेतावनी देना चाहता हूं कि जनता की सेवा में कोई कसर छोड़ दी तो बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

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उन्होंने फागी में जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि अधिकारी पूर्व में एक व्यक्ति का कार्य करते थे।अब आपको मेरा नहीं आमजन का कार्य करना पड़ेगा। इसमें किसी को परेशानी हो तो वह अपना स्थानान्तरण स्वयं करवा ले। उन्होंने कहा कि चुनाव के दौरान क्षेत्र की जनता ने कड़ी मेहनत कर सफलता हासिल की। पिछली सरकार ने किसानों का कर्जा माफ करने का खोखला दावा किया।

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महिला एवं दलितों पर अत्याचार में प्रदेश को नम्बर एक पर लाकर खड़ा कर दिया। योजनाओं के नाम पर चेहतों को रेवडिय़ां बांटकर प्रदेश पर कर्ज बढ़ाने का कार्य किया है। अब विकसित भारत का सपना पूरा होगा। पिछड़़ों को मुख्यधारा में लाने का कार्य किया जाएगा। बेरोजगारों को समय पर भत्ता मिले ऐसी व्यवस्था की जाएगी।

न्यूयॉर्क. इजरायल-हमास युद्ध के बीच लाल सागर में बढ़ रहे हूती विद्रोहियों के हमलों को रोकने के लिए अमरीका ने अंतरराष्ट्रीय गठबंधन बनाने की घोषणा की है। अमरीकी रक्षा सचिव लॉयड ऑस्टिन ने बताया कि 10 देश मिलकर लाल सागर में 'ऑपरेशन प्रोस्पेरिटी गार्डियन' को अंजाम देंगे। हूती विद्रोहियों ने पिछले कुछ दिन से लाल सागर से गुजरने वाले मालवाहक जहाजों पर हमले तेज कर दिए हैं। इसके चलते एक दर्जन से ज्यादा शिपिंग लाइनों को रोकना पड़ा है। ऑस्टिन ने कहा, जो देश समुद्री व्यापार पारगमन के मूल सिद्धांत को बनाए रखना चाहते हैं, उन्हें विद्रोही संगठन की ओर से पैदा की गई इस नई चुनौती को निपटने के लिए साथ आना चाहिए। इस बीच सोमवार को हुए ड्रोन हमले को लेकर हूती ने कहा है कि गाजा में फिलिस्तीनियों के साथ एकजुटता दिखाने के लिए उन्होंने नौसैनिक ड्रोन की मदद से नॉर्वे के स्वान अटलांटिक और एमएससी क्लारा पर हमला किया था। हूती के प्रवक्ता मोहम्मद अल बुखैती ने सोमवार को कहा कि उनका संगठन लाल सागर में अमरीका की अगुवाई में किसी भी संगठन का मुकाबला करने को तैयार है।

हूती ने किया अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन
ऑपरेशन प्रॉस्पेरिटी गार्डियन को विशेष रूप से टास्क फोर्स 153 की देखरेख में चलाया जाएगा। यह लाल सागर, यमन के पास बाब-एल-मंडेब जलडंमरूमध्य और अदन की खाड़ी की निगरानी करता है। मीडिया से बातचीत में ऑस्टिन ने कहा, लाल सागर में जहाजों पर हमले कर हूती ने अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन किया है। यह सिर्फ अमरीका का नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय मुद्दा है और इसका समाधान भी अंतरराष्ट्रीय तरीके से होना चाहिए।

ये देश गठबंधन में शामिल
अमरीका के साथ इंग्लैंड, स्पेन, बहरीन, कनाडा, फ्रांस, इटली, नीदरलैंड, नॉर्वे और सेशेल्स गठबंधन में शामिल हो गए हैं। मिस्र और जॉर्डन भी इसमें शामिल हो सकते हैं, क्योंकि जहाजों को सुरक्षित मार्ग सुनिश्चित करने में उनका अपना भी स्वार्थ है।

वैश्विक व्यापा का 12 फीसदी लाल सागर से
लाल सागर वैश्विक व्यापार की रीढ़ है। हूती विद्रोही यहां से अनाज और उपभोक्ता वस्तुओं से भरे जहाजों को निशाना बनाते हैं। विश्व का लगभग 12 फीसदी व्यापार इसी रास्ते से होता है।

कौन हैं हूती विद्रोही
यमन में 1990 के दशक में विद्रोही शिया मुस्लिमों ने हूती संगठन बनाया। हुसैन बदरुद्दीन अल हूती के नेतृत्व में संगठन ने तत्कालीन राष्ट्रपति अली अब्दुल्ला सालेह और यमन सरकार के खिलाफ जंग छेड़ दी। हालंाकि 2004 में यमन की सेना ने बदरुद्दीन को मार गिराया। इसके बाद दस वर्षों में यह संगठन इतना मजबूत हो गया कि इसने 2014 में यमन की राजधानी सना पर कब्जा कर लिया और तब से वहां हूती विद्रोहियों का ही कब्जा

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राजस्थान में गैंगस्टर्स और हिस्ट्रीशीटर पर नजर रखने के लिए पुलिस की अलग-अलग कई टीमें बनी हुई हैं। फिर भी अपराधी पुलिस पर भारी पड़ रहे हैं। रंगदारी मांगने के लिए धमकाने का मामला हो या फिर गैंगवार... बदमाश सरेआम अंधाधुंध फायरिंग कर वारदात को अंजाम दे रहे हैं। वहीं, कई अपराधी नाम बदलकर हथियार सप्लाई कर रहे हैं। हाल ही राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के निर्देश पर गैंगस्टर्स पर शिकंजा कसने और पेपर लीक रोकने के लिए राज्य स्तर पर विशेष कार्यदल का गठन किया गया है। एंटी गैंगस्टर टीम के चीफ एडीजी दिनेश एमएन को बनाया गया है। वहीं, पेपर लीक करने वाले आरोपियों पर लगाम लगाने के लिए एडीजी वीके सिंह को जिम्मेदारी सौंपी गई है। गैंगस्टर्स और पेपर लीक करने वालों पर कितनी प्रभावी कार्रवाई होती है... इसका पता आने वाले समय में चलेगा।


प्रदेश में ये विंग
- थाना स्तर पर : बीट कांस्टेबल, स्पेशल टीम
- एसपी-डीसीपी स्तर पर : जिला विशेष टीम
- कमिश्नर-आईजी स्तर पर : क्राइम ब्रांच
- पुलिस मुख्यालय स्तर पर : क्राइम ब्रांच, इंटेलिजेंस
- स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) : संगठित अपराध करने वाले गिरोह के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए
- एंटी टेररिस्ट स्क्वाॅड (एटीएस) : आतंकवादियों की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए

नाम बदलकर जगतपुरा में रह रहा था
श्री राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के अध्यक्ष सुखदेव सिंह गोगामेड़ी की हत्या करने के लिए हथियार सप्लायर कोटा का हिस्ट्रीशीटर महेन्द्र कुमार मेघवाल नाम बदलकर जगतपुरा में रह रहा था। जगतपुरा से ही उसने समीर के नाम से शूटर्स को हथियार उपलब्ध करवाए थे। वह छह से अधिक हथियार घर पर लेकर आया। इतना ही नहीं एके-47 भी लेकर आया था। इसके बावजूद पुलिस को उसकी भनक नहीं लगी। यहां तक प्रताप नगर थाना पुलिस ने हथियार तस्करी के मामले में उसे एक बार पकड़ा था, लेकिन वह छद्म नाम समीर बताकर छूट गया था।


जयपुर से किया पीछा, भरतपुर टोल पर की फायरिंग
भरतपुर के भाजपा नेता कृपाल जघीना की हत्या के आरोपियों को गैंगवार होने से बचाने के लिए जयपुर जेल में शिफ्ट किया गया। जयपुर से आरोपी कुलदीप जघीना व उसके साथी को रोडवेज बस से पुलिस टीम पांच जुलाई को भरतपुर पेशी पर लेकर जा रही थी। बस अमोली टोल पर पहुंची तभी बस में सवार और पीछे से आए बदमाशों ने अंधाधुंध फायरिंग कर कुलदीप जघीना की हत्या कर दी। गैंगवार की सूचना होने के बाद भी पुलिस की कोई भी टीम घटना को नहीं रोक पाई।

जयपुर. राजस्थानी लोक गायिका सीमा मिश्रा द्वारा स्थापित सीमा मिश्रा राजस्थान लोक संगीत- कला अकादमी और भारत के प्रमुख राष्ट्रव्यापी साहित्यिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक संगठन सम्पर्क क्रांति परिवार की ओर से आयोजित की जा रही देश की सबसे बड़ी ऑफ लाइन अखिल भारतीय संगीत प्रतियोगिता "स्वर माधुरी" का अंतिम मेगा ऑडिशन 22 दिसंबर एवं 24 दिसंबर को सुबह 10.00 बजे से जयपुरिया विद्यालय के ऑडिटोरियम में आयोजित किया जाएगा।

संपर्क क्रांति परिवार के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिव विनायक शर्मा एवं सांस्कृतिक प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय संयोजक डॉक्टर प्रकाश छबलानी ने बताया कि प्रतिभागी के चयन के लिए निर्णायक के रूप में विख्यात राजस्थानी लोक गायिका मरू कोकिला सीमा मिश्रा अपनी पूरी टीम के साथ मौजूद रहेंगी।

ग्रांड फिनाले 30 दिसंबर को पार्श्व गायिका हेमलता आएंगी

प्रतियोगिता का सेमीफाइनल 27 दिसंबर बुधवार को जे.ई.सी.आर.सी. कॉलेज ऑडिटोरियम जयपुर में होगा तथा ग्रैंड फिनाले 30 दिसंबर शनिवार 2023 को महाराणा प्रताप ऑडिटोरियम आयोजित किया जाएगा। ग्रेंड फिनाले में निर्णायक के रूप में पांच बार की फिल्मफेयर पुरस्कार विजेता जानी-मानी पार्श्व गायिका हेमलता मौजूद रहेंगी। हेमलता को 1977 में फिल्म चितचोर के गाने तू जो मेरे सुर में सुर मिला ले, फकीरा के सुन के तेरी पुकार, 1979 में अंखियों के झरोखे से के शीर्षक गीतए 1980 में फिल्म सुनयना के मेघा रे मेघा रे और 1081 में आप तो ऐसे ना थे फिल्म के गीत तू इस तरह से मेरी जिंदगी गीत के लिए फिल्मफेयर पुरस्कार के लिए नवाजा जा चुका है।

इन श्रेणियों में आयोजित होगी प्रतियोगिता

इस प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य स्वर साधकों के इस महाकुंभ में स्वर मंथन से स्वर शिरोमणि की खोज करना है। यह कार्यक्रम तीन वर्गों में है, बाल वर्ग 'किलकारी' 5 वर्ष से 15 वर्ष, तरुण वर्ग तरुणाई 16 से 25 वर्ष, युवा वर्ग जुनून 26 वर्ष से अधिक सभी के लिए चार विधाओं में आयोजित किया जा रहा है। 'शास्त्रीय संगीत, लोक संगीत, तथा सुगम संगीत के अनरिकॉर्डेड एवं रिकॉर्डेड' श्रेणियों में होने वाली इस प्रतियोगिता में असाध्य रोग से ग्रसित 'थैलेसीमिया, कैंसर, एड्स, दिव्यांग, विधवा महिलाओं एवं ट्रांसजेंडर (किन्नर) के लिए पंजीकरण शुल्क नहीं रखा गया है'।

अब तक यहां आयोजित हुए ऑडिशन

जयपुर ऑडिशन से पूर्व अब तक दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, झारखंड, बिहार, छत्तीसगढ़, उड़ीसा, असम ,मध्य प्रदेश, सहित राजस्थान के रतनगढ़, सरदारशहर, लक्ष्मणगढ़, जोधपुर, नोखा, सीकर में ऑडिशन आयोजित कर अगले चरण के लिए प्रतिभाओं का चयन किया जा चुका है।

राजस्थान की 16 वीं विधानसभा का पहला सत्र बुधवार से आरंभ होगा। इस दो दिवसीय सत्र में पहले नवनिर्वाचित विधायकों को शपथ दिलाई जाएगी और गुरूवार को विधानसभा अध्यक्ष पद पर वासुदेव देवनानी का निर्वाचन की औपचारिक प्रक्रिया पूरी की जाएगी।


राज्यपाल कलराज मिश्र ने मंगलवार को 16 वीं विधानसभा का पहला सत्र बुलाने की स्वीकृति प्रदान की। उन्होंने प्रोटेम स्पीकर कालीचरण सराफ को सोमवार को ही राजभवन में शपथ दिला दी थी। वरिष्ठतम विधायक सराफ अब बुधवार को नवनिर्वाचित विधायकों को शपथ दिलाएंगे, जो विधायक शेष रहेंगे उन्हें गुरुवार को शपथ दिलाई जाएगी। इस कार्य में सराफ का सहयोग करने के वरिष्ठ विधायकों का तीन सदस्यीय पैनल भी बनाया गया है।

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उधर, विधानसभा अध्यक्ष पद के लिए सत्तापक्ष की ओर से वरिष्ठ विधायक वासुदेव देवनानी के नाम की पहले ही घोषणा की जा चुकी है, विधायकों की शपथ का कार्य पूरा होने पर गुरूवार को उनका निर्वाचन होगा। अब तक विधानसभा अध्यक्ष का चुनाव सर्वसम्मति से किए जाने की परम्परा रही है, संभवतया इस बार भी यह परम्परा जारी रहेगी। इस सत्र में विधानसभा में प्रश्नकाल और विधायी कार्य आदि नहीं होंगे।

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Corona Alert: कोरोना के नए वेरिएंट ने पैर पसारना शुरू कर दिया है। मौतें भी होना शुरू हो गया है। यही कारण है कि राज्यों से इसे लेकर अलर्ट होना शुरू कर दिया है। कई राज्यों मंे नई गाइड लाइन जारी कर दी गई है। आज राजस्थान में भी इमरजेंसी मीटिंग बुलाई गई है और इसमें राजस्थान के लोगों के लिए नई गाइड लाइन जारी करने की तैयारी की जा रही है। दरअसल इस बार फिर से केरल राज्य में ही नए वेरिएंट की पहचान की गई है।

इससे कई लोग बीमार हो चुके हैं और अब तक चार से ज्यादा की मौत हो चुकी है। इस नए वेरिएंट के बारे में अब अन्य राज्यों में भी चर्चा शुरू हो गई है। मंगलवार को 288 नए केस आए हैं और इस कारण सक्रिय मामलों की संख्या बढ़कर 1970 पहुंच गई है। इसमें सबसे ज्यादा केरल से हैं। पिछली बार भी जब कोरोना की शुरुआत हुई थी तो वह केरल की एक नर्स से हुई थी। इस बार फिर केरल में मरीज मिलने लगे हैं और मौतें होने लगी हैं।

ऐसे में केंद्र सरकार ने सभी राज्यों के लिए एडवाइजरी जारी की है कि राज्यों में इलाज का समुचित प्रबंधन शुरू कर दिया जाए। आज राज्यों के चिकित्सा अधिकारियों के साथ वीसी भी की जानी है। आंध प्रदेश सरकार ने सभी आरटीपीसीआर लैब शुरू कर दी हैं। दिल्ली में मास्क पहनने की हिदायत दी जा रही है। ईयर एंड और क्रिसमस को देखते हुए तमाम राज्यों में अलर्ट जारी किया जा सकता है।

अरविन्द सिंह शक्तावत
Rajasthan Cabinet: प्रदेश में मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्रियों को तो शपथ दिलवाई जा चुकी है, लेकिन मंत्रियों की कब शपथ होगी? मंत्रिमंडल का गठन कब होगा? ये सवाल अभी भी बरकरार हैं। बताया जा रहा है कि पिछले दिनों दिल्ली में भाजपा नेताओं की जो बैठक हुई थी, उसमें करीब 30 नामों की सूची तैयार कर केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह को भेज दी गई है। अब अंतिम चर्चा होगी। इसके बाद मंत्रिमंडल की घोषणा होगी। ऐसा माना जा रहा है कि अमित शाह और पीएमओ की हरी झंडी मिलते ही मंत्रिमंडल का गठन हो जाएगा।

पार्टी सूत्रों के अनुसार पिछले दिनों दिल्ली में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे पी नड्डा की मौजूदगी में प्रदेश के भाजपा कोर ग्रुप की बैठक हुई थी। उसमें संभावित नामों को छांट कर सूची तैयार कर ली गई है और यह सूची अमित शाह के पास भेज दी गई है। इस सूची में 30 से ज्यादा नाम हैं। अब इनमें से करीब 15 से 20 नामों की फाइनल सूची तैयार की जाएगी। इसे लेकर पार्टी के कुछ बड़े नेताओं की एक बैठक होगी और फिर प्रदेश भाजपा को यह सूची भेज दी जाएगी। सूची को अंतिम रूप देने से पहले आरएसएस के राजस्थान के प्रमुख पदाधिकारियों से भी चर्चा की जाएगी।

गठन मंत्रिमंडल का, नजर लोकसभा पर
पार्टी सूत्रों के अनुसार मंत्रिमंडल के गठन में लोकसभा चुनाव पर सबसे ज्यादा फोकस होगा। ऐसी कोशिश रहेगी कि मंत्रिमंडल के गठन में प्रदेश की ज्यादा से ज्यादा लोकसभा सीटें कवर की जा सकें। अभी तक सीएम और डिप्टी सीएम बने हैं। इससे पार्टी दो लोकसभा सीट ही कवर कर पाई है। मारवाड़ की सभी लोकसभा सीटों को कवर करने पर सबसे ज्यादा फोकस है। ऐसे में माना जा रहा है कि मंत्रिमंडल के गठन में मारवाड़ की छाया भी ज्यादा दिखेगी।

पहली और दूसरी बार के विधायकों की ज्यादा संभावना
यह भी चर्चा है कि भजनलाल शर्मा के मंत्रिमंडल में पहली और दूसरी बार के विधायकों की संख्या सबसे ज्यादा होगी। इसके पीछे यह तर्क दिया जा रहा है कि पार्टी ने सीएम बदलकर पीढ़ी बदलाव तो कर दिया। अब मंत्रिमंडल भी इसी तर्ज पर तैयार किया जाएगा, जिससे अगले बीस साल की राजनीति पर असर पड़े। दो-तीन वरिष्ठ विधायकों को भी मंत्रिमंडल में लिया जाएगा, जिससे सरकार को सदन में फ्लोर मैनेजमेंट में कम जोर आए।

राज्यपाल आज से उदयपुर दौरे पर
मंत्रिमंडल को लेकर चर्चा गरम है, लेकिन बताया जा रहा है कि मंत्रिमंडल का विस्तार इस सप्ताह के अंत या फिर अगले सप्ताह में हो सकता है। राज्यपाल कलराज मिश्र बुधवार से तीन दिवसीय उदयपुर दौरे पर हैं। उदयपुर से वे 22 को जैसलमेर चले जाएंगे। यहां राष्ट्रपति के आने का कार्यक्रम बना है। 23 की शाम को या फिर अगले दिन राज्यपाल जयपुर आ सकते हैं। यदि दिल्ली से मंत्रिमंडल की सूची को हरी झंडी मिल जाती है तो यह भी संभावना है कि राज्यपाल को निवेदन कर बीच में ही जयपुर बुला लिया जाए।

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इन नेताओं ने तैयार किया मंत्रिमंडल का ड्राफ्ट
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी, प्रेम चंद बैरवा, प्रदेश प्रभारी अरुण सिंह, प्रदेश अध्यक्ष सी पी जोशी, संगठन महामंत्री चन्द्रशेखर, राजेन्द्र राठौड़, गजेंद्र सिंह शेखावत, अर्जुन राम मेघवाल ने पार्टी अध्यक्ष जे पी नड्डा के साथ मिलकर मंत्रिमंडल के संभावित नामों की सूची तैयार की है।

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सुविचार
''विश्वास" जीवन का सबसे बड़ा खजाना है, क्योंकि विश्वास के बिना ना तो "प्रेम" संभव है और ना ही "प्रार्थना".. इसलिए खुद तो विश्वास रखें ही साथ ही किसी का विश्वास कभी ना तोड़ें

 

आज क्या खास
- राजस्थान की 16वीं विधानसभा का दो दिन का पहला सत्र आज से, प्रोटेम स्पीकर कालीचरण सराफ दिलाएंगे नए विधायकों को शपथ, कल होगा विधानसभा अध्यक्ष का चुनाव
- पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी की आज नई दिल्ली में पीएम नरेंद्र मोदी से मुलाक़ात, राज्य में मनरेगा के लिए फंड रिलीज करने पर होगी चर्चा, टीएमसी के 10 सांसदों का डेलिगेशन होगा साथ
- कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी की अध्यक्षता में पार्टी के संसदीय दल की बैठक आज, सांसदों के निलंबन सहित कई अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर होगी चर्चा
- बिहार के 'लैंड फोर जॉब' मामले में पूर्व सीएम लालू यादव और राबड़ी देवी और डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव के खिलाफ आज आरोप तय करेगी दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट
- केरल में सरकार के खिलाफ कई मुद्दों को लेकर आज मार्च निकालेगी कांग्रेस की युवा विंग

 

खबरें आपके काम की

राजस्थान
- केरल में कोरोना के नए वेरिएंट के रोगी मिलने के मद्देनजर अब राजस्थान में कोरोना पॉजिटिव के सैंपलों की होगी जीनोम सीक्वेंसिंग

कोरोना के नए वेरिएंट ने पैर पसारना शुरू कर दिया है। मौतें भी होना शुरू हो गया है। यही कारण है कि राज्यों से इसे लेकर अलर्ट होना शुरू कर दिया है। कई राज्यों में नई गाइड लाइन जारी कर दी गई है। आज राजस्थान में भी इमरजेंसी मीटिंग बुलाई गई है और इसमें राजस्थान के लोगों के लिए नई गाइड लाइन जारी करने की तैयारी की जा रही है। दरअसल इस बार फिर से केरल राज्य में ही नए वेरिएंट की पहचान की गई है।
- राजधानी जयपुर, के अलावा अजमेर और टोंक शहर और तीनों जिलों के सैकड़ों गांवों की जलापूर्ति के मुख्य स्रोत बीसलपुर बांध में अब बचा मात्र 55 फीसदी पानी, मानसून देर से आया तो जल संकट का खतरा
- राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की गाड़ी श्री गिरिराज की परिक्रमा के दौरान पूंछरी में प्रवेश करते समय सड़क किनारे नाले में फंसी, दूसरी गाड़ी से किया गया आगे रवाना, सीएम की सुरा में बड़ी चूक
- अपने गृह जिले भरतपुर से जयपुर लौट रहे राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के काफिले की दो कारें ठीकरिया के समीप भिड़ी, तीन लोग घायल
- जयपुर के बहुचर्चित सुखदेव सिंह गोगामेड़ी हत्याकांड के सातों गिरफ्तार आरोपी अब अजमेर के हाई सिक्योरिटी जेल में
- राजस्थान में नए बनाए गए 19 जिलों के कलक्टर बने अब निर्वाचन अधिकारी, राज्य निर्वाचन विभाग ने दिए नगर पालिका एवं पंचायत राज चुनाव के लिए अधिकार
- जयपुर में सर्दी तेज हुई, सीजन में पहली बार 10 डिग्री से नीचे गया रात का तापमान, 9 डिग्री दर्ज


देश-दुनिया
- अयोध्या में राम मंदिर के 22 जनवरी को होने वाले प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए संघ और विहिप के शीर्ष पदाधिकारियों ने राम मंदिर आंदोलन से जुड़े रहे भाजपा के शीर्ष नेता लालकृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी को घर जाकर दिया आमंत्रण
- अमरीका में एच-1बी वीजा के नवीनीकरण की प्रक्रिया को मिली मंजूरी
- लाल सागर में हूती विद्रोहियों के हमले रोकने के लिए अमरीका ने की 10 देशों की फोर्स की घोषणा
- चीन में विनाशकारी भूकंप से 127 लोगों की गई जान, भीषण तबाही
- अंतरराष्ट्रीय हॉकी फेडरेशन ने भारत के हार्दिक सिंह को चुना वर्ष 2023 का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी, महिला हॉकी में भारत की सविता पूनिया लगातार तीसरे साल बनीं दुनिया की बेस्ट गोलकीपर
- आईपीएल के लिए देश से बाहर दुबई में हुई खिलाड़ियों की पहली मिनी नीलामी में विश्व चैम्पियन ऑस्ट्रेलिया के कप्तान पैट कमिन्स और तेज गेंदबाज मिचेल स्टार्क रेकॉर्ड राशि में बिके मिशेल को 24 करोड़ 75 लाख रुपए में कोलकाता नाइट राइडर्स ने और कमिंस को 20 करोड़ 50 लाख रुपए में हैदराबाद सनराइजर्स ने खरीदा


शिक्षा/रोज़गार
- राजस्थान में डिप्लोमा इन लर्निंग एजुकेशन डीएलएड की मुख्य परीक्षा 22 जनवरी से 3 फरवरी तक होंगी
- राजस्थानी भाषा पुरस्कारों के लिए नेम प्रकाशन डेह की ओर से 31 दिसंबर तक मांगे गए आवेदन
- ओडिशा सब ऑर्डिनेट कर्मचारी चयन आयोग में फार्मासिस्ट समेत विभिन्न 2453 पदों पर भर्ती के लिए आवेदन 22 दिसंबर से जमा होंगे
- महाराष्ट्र लोक सेवा आयोग ने प्रिंसिपल समेत 123 पदों के लिए 9 जनवरी तक मांगे ऑनलाइन
- उत्तर प्रदेश पुलिस में कांस्टेबल के 546 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तारीख 1 जनवरी
- भारतीय. नौसेना में ट्रेड्समैन समेत विभिन्न 910 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तारीख 29 दिसंबर
- जवाहर लाल नेहरू विवि में टीचिंग के कुल 59 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तारीख 29 दिसंबर
- आईडीबीआई में स्पेशल ऑफिसर के 86 पदों के लिए ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तारीख 25 दिसंबर

Rajasthan News: जयपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर मंगलवार को अचानक 2:45 बजे टर्मिनल संख्या दो पर चैक इन काउंटर के पास संदिग्ध बैग दिखाई दिया। सूचना मिलते ही तुरंत सीआईएसएफ का विशेष दस्ता वहां पहुंच गया। दस्ते के जवानों ने टर्मिनल को घेर लिया। संदिग्ध बैग मिलने का अनाउंसमेंट होते ही यात्रियों में हड़कम्प मच गया। वे कुछ समझ पाते उससे पहले ही जवानों ने तुरंत टर्मिनल को खाली करवा लिया और उनको पोर्च में खड़ा कर दिया। इसके बाद डॉग स्क्वायड, बम स्क्वायड, फायरकर्मी, मेडिकल स्टाफ , पुलिसकर्मी एयरपोर्ट पर पहुंच गए।

वहां बम को निष्क्रिय करने वाली ऑटोमैटिक मशीन भी लाई गई। वह संदिग्ध बैग को उठाकर बाहर ले गई। जांच में बैग में बम मिला। जिसे मशीन ने चंद मिनट में निष्क्रिय कर दिया। उसके बाद यात्री, एयरपोर्ट प्रशासन, सुरक्षा एजेंसियों ने राहत की सांस ली। बता दें, यात्रियों की सुरक्षा के मद्देनजर एयरपोर्ट पर दोपहर 2.45 बजे से 3.51 बजे तक बम थ्रेट मॉकड्रिल की गई। इस दौरान बार बार अनॉउसमेंंट कर यात्रियों को इसकी जानकारी दी गई, ताकि पैनिक नहीं हो।

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मॉकड्रिल पूरी होने के बाद यात्रियों को टर्मिनल में वापस प्रवेश कराया। जिसके बाद से नियमित कार्य फिर से शुरू हो पाया। हालांकि इस दौरान फ्लाइट का संचालन प्रभावित नहीं हुआ। मॉकड्रिल के दौरान सीआईएफ के कमाण्डेंट नरपत सिंह, डिप्टी कमाण्डेेंट सूरज खुरे समेत कई अधिकारी, जवान व एयरपोर्ट अथॉरिटी के अधिकारी मौजूद रहे।

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जयपुर। उत्तरी हवा की दस्तक के साथ ही प्रदेश में खून जमा देने वाली सर्दी का दौर शुरू हो गया है। सुबह और शाम सर्द हवाओं के चलते तापमान में भी कमी दर्ज की जाएगी। मौसम विभाग की मानें तो आगामी दिनों में तापमान में और गिरावट दर्ज की जाएगी। राजधानी जयपुर में नयूनतम तापमान 8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। शेखावाटी अंचल में भी हाड़कंपाने वाली सर्दी का असर जारी है।
माउंट आबू में तापमान जमाव बिंदु से नीचे
राजस्थान के पर्वतीय पर्यटक स्थल माउंट आबू में बुधवार को लगातार चौथे दिन न्यूनतम तापमान जमाव बिंदु से नीचे रहा और पारा एक डिग्री सेल्सियस तक लुढ़क गया। माउंट आबू में मैदान में लगी घास, फूल-पत्तियों, और वाहनों के शीशों पर बर्फ की परतें जमीं देखी गईं। पर्यटक स्थल पर पहुंचे सैलानियों ने गर्म कपड़ों में चहल-कदमी करते सर्दी के मौसम का आनंद उठाते नजर आये। राज्य के अन्य स्थानों पर रात के तापमान में दो से तीन डिग्री सेल्सियस की गिरावट के साथ सर्दी ने जोर पकड़ लिया है।

बारिश का अलर्ट
मौसम विभाग ने बताया कि 22 दिसंबर तक राज्य के कुछ भागों में बादल छाए रहने की संभावना है। इस दौरान जोधपुर, बीकानेर संभाग एवं शेखावाटी क्षेत्र में कहीं-कहीं हल्की बारिश या बूंदाबांदी होने की संभावना है। 23-24 दिसंबर से न्यूनतम तापमान में हल्की गिरावट होने और राज्य के अधिकतर भागों में मौसम मुख्यतः शुष्क रहने की संभावना है।

Rajasthan assembly session : राजस्थान में नई विधानसभा का पहला सत्र बुधवार से शुरू हो रहा है और इसमें नवनिर्वाचित सदस्यों काे शपथ दिलाई जाएगी। नई विधानसभा में कांग्रेस-भाजपा की भूमिका बदल गई है। पिछले पांच साल तक सत्ता में बैठी कांग्रेस अब विपक्ष और भाजपा सत्तापक्ष में बैठेगी। राजस्थान में पिछले 30 साल से हर पांच साल बाद सरकार बदलने की परंपरा बरकरार है।

राठौड़, पूनिया सहित कई चेहरे नहीं दिखेंगे
भाजपा और कांग्रेस के कई दिग्गज नेता इस बार नहीं दिखेंगे। इनमें प्रतिपक्ष के नेता रहे राजेन्द्र राठौड़ और उपनेता प्रतिपक्ष रहे सतीश पूनिया इस बार सदन में नहीं होंगे। राठौड़ तारानगर सीट से विधानसभा चुनाव हार गए। उन्हें कांग्रेस के नरेन्द्र बुढानिया ने हराया। राठौड़ सात बार से लगातार विधायक बनते आ रहे थे। इसी तरह साल 2018 के विधानसभा चुनाव में पहली बार विधायक बने सतीश पूनिया आमेर सीट से कांग्रेस के प्रशांत शर्मा से मात खा गए।



कटारिया बन गए राज्यपाल
विधानसभा चुनाव से पहले ही भाजपा के वरिष्ठ नेता गुलाबचंद कटारिया को असम का राज्यपाल बना दिया गया था। वे उस वक्त विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता थे। कटारिया गहलोत सरकार के खिलाफ सदन में आक्रामक तरीके से आवाज उठाते थे। कटारिया भाजपा की सरकारों में मंत्री भी रहे हैं और उनके पास महत्वपूर्ण विभाग भी रह चुके हैं।

स्पीकर भी हार गए चुनाव
विधानसभा स्पीकर रहे सी.पी. जोशी और कैलाश मेघवाल भी चुनाव हार गए। जोशी नाथद्वारा और मेघवाल भीलवाड़ा की शाहपुरा सीट से चुनाव हारे हैं। मेघवाल इस बार निर्दलीय ही मैदान में उतरे थे। इसी तरह कांग्रेस के वरिष्ठ नेता बी.डी. कल्ला, रघु शर्मा, महेश जोशी भी सदन में नहीं दिखेंगे। ये तीनों मंत्री भी रह चुके थे। इसमें कल्ला और शर्मा तो चुनाव हारे, जबकि जोशी को कांग्रेस ने टिकट नहीं दिया था।

गहलोत सहित धारीवाल और डोटासरा मौजूद

कांग्रेस में पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, पूर्व मंत्री शांति धारीवाल और कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंदसिंह डोटासरा सदन में रहेंगे। गहलोत लगातार छठीं बार व डोटासरा चाैथी बार विधायक बने हैं। साथ ही हरीश चौधरी भी फिर से विधायक बने हैं। ऐसे में सदन में कांग्रेस की बागडोर इनके कंधों पर ही रहेगी।


किरोड़ी-बेनीवाल का कम बैक
सांसद से विधायक बने डॉ. किरोड़ीलाल मीणा और हनुमान बेनीवाल की एक बार फिर से राजस्थान विधानसभा में वापसी हुई है। मीणा इस बार भाजपा के टिकट पर जीत कर आए हैं, वहीं बेनीवाल अपनी खुद की पार्टी रालोपा से जीतकर विधायक बने हैं। साथ ही पूर्व सांसद राज्यवर्धन राठौड़, दिया कुमारी और बाबा बालकनाथ भी विधायक बने हैं। इनमें राठौड़ और बालकनाथ पहली बार विधायक बने हैं।

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71 नए विधायक बैठेंगे सदन में
राजस्थान विधानसभा में इस बार 35 फीसदी नए चेहरे नजर आएंगे। 199 सीट पर हुए चुनाव में 71 प्रत्याशी ऐसे जीतकर आए हैं जो पहली बार सदन में बैठेंगे। इनमें भाजपा के 45, कांग्रेस के 19, पांच निर्दलीय और दो विधायक भारतीय आदिवासी पार्टी से है। इनमें सात महिलाएं भी शामिल हैं।

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महेश कुमार जैन

Bisalpur Dam: राजस्थान में मानसून कमजोर रहने से इस बार बीसलपुर बांध पूरा नहीं भर पाया। जल संसाधन विभाग ने फसलों की सिंचाई के लिए नहरों में पानी छोड़ना भी बंद कर दिया है। किसानों को सिर्फ 26 दिन पानी दिया गया। अभी बांध में 55 प्रतिशत पानी शेष है। यहां के पानी की जयपुर, अजमेर तक के लोगों को आपूर्ति होती है। इस बार पानी की मात्रा कम होने से आपूर्ति पर आशंका के बादल मंडरा रहे हैं। अगले सीजन में बारिश नहीं हुई और विभाग ने कोई ठोस प्लान नहीं किया तो जयपुर, अजमेर, बस्सी, दौसा, दूदू चाकसू सहित अन्य जिलों में पेयजल को लेकर विकट स्थिति हो सकती है। बांध में अभी पानी इतना ही है कि अजमेर व जयपुर में इस सीजन तक जलापूर्ति हो सकती है। बीसलपुर बांध में इस बार सीजन में कुल 10.225 टीएमसी पानी आया। गत माह बांध से फसलों में सिंचाई के लिए 1.586 टीएमसी पानी दिया गया। इसके बाद अब बांध में कुल जलभराव क्षमता का 55 प्रतिशत पानी शेष है। यह पानी एक वर्ष के लिए पर्याप्त है।

प्रतिदिन एक हजार एमएलडी जलापूर्ति
बीसलपुर से टोंक-उनियारा पेयजल परियोजना के तहत 56 एमएलडी पानी प्रतिदिन दिया जाता है। अजमेर पेयजल परियोजना में 330 एमएलडी तथा जयपुर व दूदू- चाकसू पेयजल परियोजना में 614 एमएलडी पानी की आपूर्ति प्रतिदिन की जाती है। ऐसे में एक हजार एमएलडी पानी प्रति दिन जलापूर्ति के लिए दिया जा रहा है। यह अगले साल तक पर्याप्त होगा

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बांध की वर्तमान स्थिति
बांध के जलग्रहण क्षेत्र में कम बरसात के कारण 10.225 टीएमसी पानी आया। 4 अक्टूबर 2023 को बांध का गेज 313.76 मीटर था, जो पूर्ण भराव क्षमता का 68 प्रतिशत था। मंगलवार को बांध का गेज 312.73 आरएल मीटर दर्ज किया है।

नहरी तंत्र पर नजर
बांध की 51.64 किमी लम्बी दायीं मुख्य नहर से 218 गांवों की 69 हजार 393 हेक्टेयर जमीन सिंचित होती है। बायीं मुख्य नहर 18.65 किलोमीटर लम्बी तथा कुल वितरण तंत्र 93.62 किलोमीटर लम्बा है। ये टोडारायसिंह क्षेत्र के 38 गांवों में 12407 हेक्टेयर सिंचित करती है।

इस साल मानसून की कमी रही। अगले वर्ष अगर बारिश कम हुई तो ज्यादा परेशानी हो सकती है। जयपुर, अजमेर आदि स्थानों पर पेयजल आपूर्ति की मात्रा बढ़ाने या घटाने को लेकर जयपुर स्तर पर निर्णय होता है।
वी.एस. सागर, अधीक्षण अभियंता बीसलपुर बांध

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पत्रिका न्यूज नेटवर्क/जयपुर। जयपुर के कई निजी अस्पतालों में चिरंजीवी योजना के तहत मरीज का उपचार नहीं किया जा रहा है। इस कारण सरकारी अस्पतालों पर 20 से 25 फीसदी भार बढ़ गया है। जिन मरीजों को सरकारी अस्पताल लाया जा रहा है, वे कैंसर, हार्ट, किडनी, लिवर समेत कई अन्य गंभीर बीमारियों से ग्रस्त है। सरकारी अस्पतालों में सर्वाधिक मरीज सर्जरी के लिए भर्ती हो रहे हैं। सवाईमानसिंह अस्पताल, जयपुरिया, जेके लोन समेत अन्य सरकारी अस्पतालों में इन दिनों ऐसे ही हालात देखे जा रहे हैं।


दरअसल, मुख्यमंत्री चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना को लेकर सरकार, निजी अस्पताल संचालकों में व्याप्त संशय को अभी तक दूर नहीं कर पायी है। इस वजह से कई निजी अस्पतालों में इस योजना के तहत उपचार बंद कर दिया गया है। गंभीर हालत में पहुंचने पर भी मरीज को एसएमएस या अन्य सरकारी अस्पताल में रैफर किया जा रहा है। जहां पर मरीज को बेड, आईसीयू के लिए इंतजार करना पड़ रहा है। इस असमंजस से न केवल मरीज व उनके परिजन परेशान हैं, बल्कि इलाज में भी देरी हो रही है। पड़ताल में सामने आया कि, कई लोग अस्पताल जाने से पहले निजी अस्पतालों में फोन लगाकर पूछ रहे हैं कि... चिरंजीवी योजना के तहत इलाज मिलेगा या नहीं।


नजर आए ये हालात...
- एसएमएस अस्पताल: इमरजेंसी में हार्ट, ब्रेन स्ट्रोक, कैंसर रोगियों को गंभीर हालत में भर्ती कराया जा रहा है। गत दिनों की तुलना में इनकी संख्या दस से पंद्रह फीसदी बढ़ गई है। ओपीडी मरीजों की संख्या 11 हजार से बढ़कर 13 हजार पहुंच गई है। सर्जरी के मरीजों की संख्या भी बढ़ी है। इधर, ट्रोमा सेंटर, चरक भवन में भी ऐसे ही हालात हैं।


- एसएमएस सुपर स्पेशलिटी: यहां नए मरीजों की संख्या 20 से 25 फीसदी तक बढ़ी है। लिवर, किडनी के मरीज गंभीर हालत में लाए जा रहे हैं। डायलिसिस करवाने वाले मरीजों की संख्या अमूमन 45 से 50 तक रहती थी, जो महज तीन दिन में बढ़कर 65 तक पहुंच गई है। यह संख्या अब तक की सर्वाधिक है। चिकित्सकों से बातचीत में पता चला कि कई मरीज निजी अस्पतालों में चक्कर लगाने के बाद यहां गंभीर हालत में भर्ती हो रहे हैं।

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- जयपुरिया अस्पताल: ओपीडी 2800 से बढ़कर 3300, आईपीडी मरीजों की संख्या भी 220 से बढ़कर 280 हो गई है। सर्जरी के लिए वेटिंग मिल रही है। रोजाना 5 से 8 सर्जरी होती थी, जो तीन दिन में 15 तक पहुंच गई है। मेडिसिन, ईएनटी विभाग की ओपीडी भी बढ़ रही है।


जेके लोन अस्पताल: ओपीडी, आईपीडी और इमरजेंसी में मरीजों की संख्या 15 से 20 फीसदी बढ़ी है। मौसमी बीमारियों के अलावा सर्जरी के लिए आने वाले मरीजों की संख्या बढ़ी है। इधर, गणगौरी, कांवटिया अस्पताल, जनाना और महिला चिकित्सालय समेत सैटेलाइट अस्पतालों में भी ऐसी ही स्थिति है।


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जयपुर। मौसम में बदलाव का खासा असर दिखाई दे रहा है। लोग मौसमी बीमारियों की चपेट में आ रहें है। लोग खांसी, जुकाम की चपेट में ज्यादा आ रहे है। एसएमएस अस्पताल में मरीजों की लंबी कतारें लगी है। इसके साथ जयपुरिया अस्पताल, कांवटिया अस्पताल, सेटेलाइट अस्पताल व अन्य अस्पतालों मे भी मरीजों की कतारें लगी हुई है। इसके साथ बच्चे भी वायरल डिजीज की चपेट में आ रहे है। जेके लोन अस्पताल में खांसी-जुकाम, निमोनिया, पसली चलना व डायरिया के मरीज बढ़ रहे हैं।

डॉक्टरों के अनुसार पहले जुकाम-खांसी के मरीज 2 से 3 दिन में स्वस्थ हो रहे थे। वहीं अब बीमारी के ठीक होने में करीब 2 सप्ताह का समय लग रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार तापमान में कमी के साथ ही वायरस का असर और प्रदूषण युक्त वातावरण के कारण मरीज को स्वस्थ होने में अधिक समय लग रहा है। मरीजों में तो एंटी बायोटिक दवाएं भी कम असर कर रही है। इसलिए मरीज को रिकवर होने में समय लग रहा है।

डॉक्टरों का कहना है कि बच्चों व बुजुर्गों का सर्दी में ज्यादा ध्यान रखें। उन्हें भीड़-भाड़ वाली जगहों पर नहीं लेकर जाएं। इसके अलावा सर्दी के मौसम में गर्म खान पान करे। अगर कोई बीमार हो जाता है तो घर पर अपनी मर्जी से दवाएं लेने से बचें। बीमार होने पर तुरंत चिकित्सक से परामर्श लें।

Today Price Petrol Diesel : अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में मामूली उतार चढ़ाव जारी है। इस बीच देश की सरकारी तेल कंपनियों ने पेट्रोल और डीजल की की नई कीमत जारी कर दी है। इस बीच आज यानी बुधवार को कई राज्यों में पेट्रोल और डीजल के भावों में कमी आई। राजस्थान की बात करें तो यहां 19 दिसंबर की तुलना में आज पेट्रोल करीब 35 पैसे सस्ता हुआ है। वहीं डीजल की कीमत भी 32 पैसे घटकर 93.46 रुपए प्रति लीटर हो गई है। राजस्थान जयपुर की बात करें तो यहां एक लीटर पेट्रोल की कीमत 108.48 रुपए है। वहीं इससे पहले 11 दिसंबर को राजधानी में पेट्रोल की कीमत घटकर 108.16 हो गई थी।

आज इतनी है पेट्रोल और डीजल की कीमत


अजमेर- पेट्रोल- 108.19- डीजल- 93.46 रुपए प्रति लीटर
अलवर- पेट्रोल- 109.12- डीजल- 94.28 रुपए प्रति लीटर
उदयपुर- पेट्रोल- 108.92- डीजल- 94.13 रुपए प्रति लीटर
करौली- पेट्रोल- 109.29- डीजल- 94.43 रुपए प्रति लीटर
कोटा- पेट्रोल- 108.69- डीजल- 93.90 रुपए प्रति लीटर
गंगानगर- पेट्रोल- 113.48- डीजल- 98.24 रुपए प्रति लीटर
चितौड़गढ़- पेट्रोल- 108.43 - डीजल-93.68 रुपए प्रति लीटर
चूरू- पेट्रोल- 109.93 - डीजल- 95.03 रुपए प्रति लीटर
जयपुर- पेट्रोल- 108.48 - डीजल-93.72 रुपए प्रति लीटर
जालौर- पेट्रोल- 109.65 - डीजल- 94.78 रुपए प्रति लीटर
जैसलमेर- पेट्रोल- 110.83 - डीजल-95.86 रुपए प्रति लीटर
जोधपुर- पेट्रोल- 108.18 - डीजल-93.46 रुपए प्रति लीटर
झालावाड़- पेट्रोल- 109.70 - डीजल-94.81 रुपए प्रति लीटर
झुंझुनूं- पेट्रोल- 110.00 - डीजल- 95.09 रुपए प्रति लीटर
टोंक- पेट्रोल- 109.02 - डीजल- 94.20 रुपए प्रति लीटर
डूंगरपुर- पेट्रोल- 109.99 - डीजल- 95.09 रुपए प्रति लीटर
धौलपुर- पेट्रोल- 108.91 - डीजल- 93.82 रुपए प्रति लीटर
नागौर- पेट्रोल- 109.52 - डीजल- 94.09 रुपए प्रति लीटर
पाली- पेट्रोल- 109.32 - डीजल-94.66 रुपए प्रति लीटर
प्रतापगढ़- पेट्रोल- 109.01 - डीजल- 94.49 रुपए प्रति लीटर
बाड़मेर- पेट्रोल- 110.26 - डीजल-94.21 रुपए प्रति लीटर
बारां- पेट्रोल- 108.34 - डीजल- 95.34 रुपए प्रति लीटर
बांसवाड़ा- पेट्रोल- 110.08 - डीजल- 93.59 रुपए प्रति लीटर
बीकानेर- पेट्रोल- 110.28 - डीजल- 95.17 रुपए प्रति लीटर
बूंदी- पेट्रोल- 108.00 - डीजल-95.35 रुपए प्रति लीटर
भरतपुर- पेट्रोल- 108.32 - डीजल- 93.28 रुपए प्रति लीटर
भीलवाड़ा- पेट्रोल- 108.66 - डीजल-93.55 रुपए प्रति लीटर
राजसमंद- पेट्रोल- 109.17 - डीजल-93.89 रुपए प्रति लीटर

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सवाई माधोपुर- पेट्रोल- 110.08- डीजल-94.35 रुपए प्रति लीटर
सिरोही- पेट्रोल- 110.07 - डीजल-95.14 रुपए प्रति लीटर
हनुमानगढ़- पेट्रोल- 112.54- डीजल-95.16 रुपए प्रति लीटर

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जयपुर। उपराष्ट्रपति जगदीप धनकड़ की मिमिक्री मामले में राजस्थान में रोष है। सीएम भजनलाल शर्मा ने भी निशाना साधा है। सीएम भजनलाल शर्मा ने ट्वीट किया कि लोकतंत्र के मंदिर संसद परिसर में भारत के महामहिम उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ का इंडी गठबंधन द्वारा किया अपमान अत्यंत निंदनीय व दुर्भाग्यपूर्ण है। तथाकथित मोहब्बत की दुकान वालों का असली चेहरा! सीएम ने कांग्रेस का नाम लिए बगैर आड़े हाथो लिया है। मोहब्बत की दुकान वालों का असली चेहरा लिखकर निशाना साधा है।

वहीं इस मामले में पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने भी ट्वीट किया है। उन्होंने लिखा है कि इंडी गठबंधन के नेताओं द्वारा संसद परिसर में देश के महामहिम उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ का किया अपमान अशोभनीय व दुर्भाग्यपूर्ण है। लोकतंत्र के मंदिर में इस कुकृत्य ने भारतीय संविधान की मर्यादा को ठेस पहुँचाई है। लेकिन वे लोग ना भूले कि देश सब देख रहा है।

उपराष्ट्रपति की मिमिक्री के मामले में सोशल मीडिया पर जमकर बवाल हो रहा है। राजस्थान में लोगों की ओर से राहुल गांधी व टीएमसी सांसद को टारगेट किया जा रहा है। सोशल मीडिया पर लोग अपना गुस्सा जाहिर कर रहे है। इस समय उपराष्ट्रपति जगदीश धनकड़ का मामला सोशल मीडिया पर जमकर ट्रोल हो रहा है।

बता दें कि संसद के शीतकालीन सत्र के 12वें दिन मंगलवार को विपक्ष ने सांसदों के निलंबन को लेकर सदन के अंदर और बाहर खूब हंगामा किया। इस दौरान टीएमसी सांसद कल्याण बनर्जी सदन के गेट पर राज्यसभा के सभापति और उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ की नकल उतारते कैमरे में कैद हो गए। खुद राहुल गांधी उनका वीडियो रिकॉर्ड कर रहे थे। जिसके बाद यह मामला सोशल मीडिया पर ट्रोल हो गया।

Rajasthan Government: कर्ज में डूबे प्रदेश की इकोनॉमी को लेकर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सक्रिय हो गए हैं। सरकार शुरुआती चरण में खर्च में कटौती कर पैसा बचाएगी और फिजूल खर्चों को बंद करेगी। सीएम ने ब्यूरोक्रेट्स को संकेत दिए हैं कि सरकारी योजनाओं का प्रभावी तरीके से प्रचार करें। इसमें सोशल मीडिया का भी सहारा लें। सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार विभाग (डीओआईटी) को प्रचार के लिए नया प्लेटफार्म तैयार करने का जिम्मा देने की भी तैयारी है।

इस तरह पड़ रहा असर
विकास योजनाओं पर खर्च में कटौती की नौबत।
राज्यों को रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया से ओवरड्राफ्ट यानि तय सीमा से अधिक पैसा लेना पड़ता है।
हर साल ब्याज बढ़ता है, जिससे अर्थव्यवस्था पर असर पड़ता है।
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कर्ज की स्थिति
राजस्थान पर वर्ष 2022-23 में अनुमानित कर्ज 5,16,815 करोड़ रुपए था, जिसके इस वर्ष के अंत तक 5,79,781 करोड़ रुपए हो जाने का अनुमान है। इस वर्ष में ही राजस्थान 26,008 करोड़ रुपए का कर्ज ले चुका है।
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स्पेशल प्लेन का उपयोग कम कर सकते हैं सीएम, नियमित फ्लाइट से करेंगे यात्रा
सीएम भजनलाल शर्मा राजस्थान और दूसरे राज्यों में जाने के लिए स्पेशल प्लेन का उपयोग कम कर सकते हैं। एक दिन पहले सचिवालय में ब्यूरोक्रेट्स के साथ हुई बैठक में उन्होंने मितव्ययता का पाठ पढ़ाया। साथ ही कहा कि उन्होंने अभी स्पेशल प्लेन में यात्रा की, लेकिन आगे जहां तक संभव होगा नियमित फ्लाइट से यात्रा करेंगे। ऐसा होता है तो सीएम दूसरों के लिए नजीर बन सकते हैं।

जयपुर। देश में कोरोना के नए वैरिएंट को लेकर राजस्थान सहित कई राज्य अलर्ट मोड पर आ गए है। राजस्थान में चिकित्सा विभाग अलर्ट मोड पर है। कोरोना के नए वैरिएंट को लेकर एसीएस मेडिकल शुभ्रा सिंह ने तैयारियों को लेकर समीक्षा की है। एसीएस की ओर से चिकित्सा विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की गई है। वहीं आज इस मामले में दिल्ली में बैठक होगी। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मांडवीया यह बैठक लेंगे। जिसमें वीसी के माध्यम से राजस्थान से एसीएस मेडिकल शुभ्रा सिंह व अन्य अधिकारी जुड़ेंगे। जहां कोरोना की रोकथाम के लिए विशेष प्लान तैयार किया जाएगा।

बता दें कि हाल ही में केरल में कोरोना का एक नया वेरिएंट मिला है। जिसे जेएन वन का नाम दिया है। इसके मामले वहां तेजी से बढ़ रहे हैं। कई लोग इससे संक्रमित हो चुके हैं और कुछ की मौत भी हो गई। यह नया वेरिएंट बहुत खतरनाक बताया जा रहा है। यह बहुत तेजी से फैल रहा है। इसलिए केरल में कोरोना का खतरा फिर से बढ़ गया। इस वेरियंट से 17 दिसंबर को 4 लोगों की मौत हो गई। उत्तर प्रदेश में भी एक कोरोना पॉजिटिव व्यक्ति की मृत्यु हो गई।लेकिन यह स्पष्ट नही हुआ। वो इसी नए वेरिएंट से मरा या नहीं। वहीं केरल में 79 वर्षीय महिला की मौत नए वेरिंएट से हो गई है। ऐसे में फिर से कोरोना का खतरा मंडराने लगा है।

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की वेबसाइट पर जारी आंकड़ों के अनुसार पूरे भारत में सोमवार को कोरोना के कुल 127 नए केस दर्ज किए गए। जिनमें से 111 मामले अकेले केरल से हैं। इसके बाद कुल संक्रमितों की संख्या 1634 हो गई है। ये आंकड़े काफी चिंताजनक हैं। हाल ही में केरल की एक 78 साल की बुज़ुर्ग महिला कोरोना के नए वेरिएंट जेएन वन से संक्रमित पाई गई थी। यह वही नया वेरिएंट है। जिसके बारे में विश्व स्वास्थ्य संगठन ने हाल ही में सभी देशों को चेतावनी जारी की थी। डब्लूएचओ के मुताबिक ये नया वेरिएंट बहुत तेज़ी से फैलने वाला और खतरनाक है। ऐसे में अब केंद्र सरकार की ओर से राजस्थान सहित कई राज्यों में अलर्ट जारी किया गया है। जिसके बाद राजस्थान में चिकित्सा विभाग की ओर से लगातार तैयारियों को लेकर समीक्षा की जा रही है। हालांकि राजस्थान में अब तक इस नए वैरिएंट का कोई केस नहीं मिला है। चिकित्सा विभाग का कहना है कि प्रदेश में पूरी तरीके से तैयारियां की गई है। बहरहाल ऐसा कोई केस सामने नहीं आया है। लेकिन सर्तकता बरतने की जरूरत है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से राजस्थान में 450 रुपए में एलपीजी गैस सिलेंडर दिए जाने की चुनावी गारंटी' एक बार फिर चर्चा में है। दरअसल, केंद्र की मोदी सरकार ने राज्य सभा में एक सवाल के जवाब में ये साफ़ किया है कि राजस्थान में 450 रुपए में एलपीजी गैस सिलेंडर की घोषणा नहीं की है।

 

सरकार के इस रुख के अब कई मायने निकाले जा रहे हैं, साथ ही इस वक्तव्य को लेकर तमाम तरह की चर्चाएं होना भी शुरू हो गई है। सरकार की इस प्रतिक्रिया पर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी लोग अपनी-अपनी राय रख रहे हैं।

 

यूपी सांसद ने पूछा था सवाल
यूपी से समाजवादी पार्टी सांसद जावेद अली ने 18 दिसंबर को एक अतारांकित सवाल लगाते हुए सरकार से पूछा कि क्या सरकार ने हाल ही में राजस्थान राज्य में 450 रुपए प्रति सिलेंडर की दर से रसोई गैस सिलेंडर प्रदान करने की कोई घोषणा की है? यदि हां, तो इस ब्यौरा पेश करें, साथ ही बताएं कि क्या सरकार उत्तर प्रदेश राज्य सहित पूरे देश में भी 450 रुपए की दर से रसोई गैस सिलेंडर प्रदान करने का कोई विचार कर रही है?

 

ये आया हैरान करने वाला जवाब
सपा सांसद के सवाल का जवाब भारत सरकार के पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय के राज्य मंत्री रामेश्वर तेली ने दिया। जवाब में राज्य मंत्री ने कहा कि भारत सरकार द्वारा राजस्थान में 450 रुपए में गैस सिलेंडर दिए जाने संबंधी ऐसी कोई घोषणा नहीं की है।

 

सरकार ने दी ये दलील
राज्य मंत्री रामेश्वर तेली ने जवाब में आगे कहा कि भारत अपनी घरेलू एलपीजी खपत के 60% से अधिक का आयात करता है। देश में एलपीजी के मूल्य अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसके मूल्य से जुड़े हुए हैं। सरकार घरेलू एलपीजी के उपभोक्ता के लिए प्रभावी मूल्य को आवश्यकता अनुसार घटाती-बढ़ाती रहती है। 

 

वर्ष 2020-21 से 2022-23 तक की अवधि में औसत सऊदी सीपी (एलपीजी मूल्य निर्धारण के लिए अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क) 415 डॉलर प्रति एमटी से बढ़कर 712 डॉलर प्रति एमटी हो गया है, इसलिए अंतरराष्ट्रीय मूल्य में वृद्धि का भार पूरी तरह से ग्राहकों पर नहीं डाला गया था, जिसके कारण तेल विपणन कंपनियां को घरेलू एलपीजी की बिक्री पर लगभग 28 हज़ार करोड़ रुपए की अल्प वसूली हुई। इसकी भरपाई करने के लिए सरकार ने वित्त वर्ष 2022-23 में तेल विपणन कंपनियों को 22 हज़ार करोड रुपए का एक बारगी मुआवजा अनुमोदित किया था।

 

पेट्रोलियम राज्य मंत्री ने बताया कि सरकार ने 30 अगस्त 2023 से घरेलू एलपीजी के प्रभावी मूल्य में 200 रुपए प्रति 14.2 किलोग्राम एलपीजी सिलेंडर की कमी की है। सरकार 21 मई 2022 से वर्ष 2022-23 और 2023 24 के लिए प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना लाभार्थियों के लिए प्रतिवर्ष अधिकतम 12 रिफिल के लिए 200 रुपए प्रति 14.2 किलोग्राम एलपीजी सिलेंडर की निर्धारित राज्य सहायता उपलब्ध करवाने के लिए बजटीय सहायता प्रदान कर रही है। इसके अलावा 5 अक्टूबर 2023 से प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के सभी लाभार्थियों के लिए निर्धारित राज्य सहायता को और बढ़कर 300 रुपए प्रति 14.2 किलोग्राम एलपीजी सिलेंडर कर दी गई है। 1 दिसंबर 2023 की स्थिति के अनुसार प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना उपभोक्ताओं के लिए घरेलू एलपीजी का प्रभावी मूल्य 603 रुपए प्रति 14.2 किलोग्राम एलपीजी सिलेंडर (दिल्ली में) है।

 

सरकार की नहीं, भाजपा की थी घोषणा
संसदीय प्रक्रियाओं और राजनीतिक जानकारों की मानें तो विधानसभा चुनाव के दौरान प्रधानमंत्री भाजपा पार्टी के 'स्टार प्रचारक' थे। उन्होंने चुनावी सभाओं में पार्टी पक्ष में प्रचार करते हुए कई वादे किए और गारंटियां दीं। इस लिहाज़ से चुनाव के दौरान प्रदेशवासियों से किए तमाम वादे और गारंटियां सरकार की नहीं होकर भाजपा पार्टी की हैं।

rajasthan politics : प्रदेश विधानसभा चुनाव में भले ही भाजपा को पूर्ण बहुमत मिल गया हो लेकिन राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री व कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अशोक गहलोत का कहना है कि लड़ाई अभी जारी है। दरअसल मीडिया से बातचीत में पूर्व सीएम गहलोत ने कहा कि आगे भी विकास को लेकर लड़ाई रहेगी। मुझे पूरा विश्वास है कि नई सरकार पुरानी योजनाओं को चाहे OPS हो या महंगाई राहत शिविर हो सबको लागू करेगी।

इससे पहले भी मंगलवार को मीडिया से बातचीत करते हुए अशोक गहलोत ने कहा, मुझे हारने का जितना दुख नहीं है उतना मुझे इस देश की चिंता है कि देश में क्या हो रहा है। हार-जीत तो होती है, मैंने राजस्थान में अपना फर्ज़ पूरा किया। देश में जो हो रहा है उसपर लोगों को चिंतित होना चाहिए। यह बयान यह भी इशारा कर रहा है कि अब अशोक गहलोत राष्ट्रीय राजनीति का हिस्सा बनेंगे।

वहीं इंडिया गठबंधन की बैठक से पहले मंगलवार को कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने 2024 के आम चुनावों के लिए पांच सदस्यीय राष्ट्रीय गठबंधन कमेटी गठित की। इसमें राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, सलमान खुर्शीद, मुकुल वासनिक और मोहन प्रकाश को शामिल किया गया। वासनिक को कमेटी का संयोजक बनाया गया है।

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कमेटी लोकसभा चुनाव के लिए अन्य दलों से गठबंधन को लेकर चर्चा करेगी। इस बीच यह साफ हो चुका है कि राजस्थान विधानसभा में अशोक गहलोत नेता प्रतिपक्ष नहीं बनेंगे। इससे पहले भी अशोक गहलोत ने नेता प्रतिपक्ष का पद लेने से इंकार कर दिया था। राजस्थान विधानसभा चुनाव 2023 में कांग्रेस 199 में से सिर्फ 69 सीटें मिल सकीं। आपको बता दें कि देश में अगले साल लोकसभा चुनाव प्रस्तावित हैं। वहीं राजस्थान में विधानसभा चुनाव में जीत और सरकार बनने के बाद भाजपा पूरे उत्साह में है और उसने लोकसभा चुनाव की तैयारियां भी शुरू कर दी है। वहीं कांग्रेस में हार के बाद मायूसी है और पार्टी के नेता भी अगले चुनाव को लेकर फिलहाल कोई तैयारी नहीं कर रहे है।

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राजस्थान की 16वीं विधानसभा के पहले सत्र का आगाज़ आज हो गया। पहले दिन की शुरुआत प्रोटेम स्पीकर कालीचरण सराफ की ओर से नवनिर्वाचित विधायकों को शपथ दिलाने के साथ हुई। इधर विधानसभा के अंदर और बाहर कई दिलचस्प तस्वीरें देखने को मिलीं। कोई विधायक गदा लेकर पहुंचा तो कोई विधायक ट्रेक्टर में बैठककर विधानसभा पहुंची।

 

 

गदा लेकर पहुंचे बालमुकुंदाचार्य
जयपुर की हवामहल सीट से नवनिर्वाचित भाजपा विधायक बालमुकुंदाचार्य की अनूठे अंदाज़ में विधानसभा में एन्ट्री हुई। पहली बारे विधायक बने बालमुकुंदाचार्य अपने साथ गदा लेकर विधानसभा पहुंचे। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि राजस्थान में कुशासन खत्म हो गया है और राम राज्य की स्थापना हुई है।

 

 

मुखयमंत्री की तारीफ़ करते हुए विधायक बालमुकुंदाचार्य ने कहा कि सीएम भजनलाल शर्मा जमीन से जुड़े हुए नेता हैं। उनके साथ में पूरा भाजपा परिवार 36 कौम को लेकर राजस्थान का विकास करेगा। चुनाव परिणाम आने के दूसरे दिन से ही भाजपा ने काम शुरू कर दिया था।

 

 

ट्रेक्टर में बैठकर आईं रितु बानावत
भरतपुर के बयाना से निर्दलीय विधायक रितु बानावत की भी अनूठे अंदाज़ में एन्ट्री ने सभी का ध्यान खींचा। पहली बार विधायक बनी रितु ट्रेक्टर में बैठकर विधानसभा तक पहुंचीं। मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि प्रदेश के किसानों को बिजली और पानी की समस्या से जूझना पड़ रहा है। मैं सदन में किसानों से जुड़े मुद्दों को सदन में उठाती रहूंगी।

जयपुर। 16वीं राजस्थान विधानसभा का पहले सत्र की शुरुआत ही हंगामे के बीच हुई। नवनिर्वाचित विधायकों के शपथ लेने के मामले को लेकर सदन में हंगामा हुआ। नवनिर्वाचित विधायक अभिमन्यु भाटी ने राजस्थानी भाषा में शपथ ली। इस पर प्रोटेम स्पीकर कालीचरण सराफ ने आपत्ति जताई और कहा कि राजस्थानी भाषा आठवीं अनुसूची में शामिल नहीं है। इसलिए अनुसूची में जो भाषा शामिल है, उसी में शपथ ले सकते हैं। इस पर करीब पांच मिनट तक सदन में हंगामा होता रहा। बाद में भाटी को हिंदी में ही शपथ लेनी पड़ी।

भाटी ने जब राजस्थानी भाषा में शपथ ली तो इस पर आपत्ति आई। इस पर भाटी ने कहा कि मैंने पहले ही सूचित किया था। इस संबंध में विधानसभा को मेल भी किया था। विरोध होने पर भाटी ने तल्ख लहजे में कहा, यह शर्म की बात नहीं है। आप सभी सहयोग करें। आप ऐसे किसी को टोक नहीं सकते। विवाद बढ़ता देख प्रोटेम स्पीकर कालीचरण सराफ आसन से खड़े हुए। उन्होंने कहा कि ऐसा है कि जो भाषा आठवीं अनुसूची में है, उसी भाषा में ही शपथ ले सकते हैं। राजस्थानी भाषा आठवीं अनुसूची में शामिल नहीं है। इसलिए आप राजस्थानी भाषा में शपथ नहीं ले सकते। जब तक राजस्थनी भाषा की आठवीं अनुसूची में शामिल नहीं किया जाता है कि तब तक शपथ नहीं ले सकते। आप हिंदी व अंग्रेजी में शपथ ले सकते हैं। इस पर विधायक भाटी बोले, आप राजस्थानी को मान्यता दिला दो। स्पीकर बोले,अभी मान्यता नहीं है। इस पर काफी देर तक विवाद चलता रहा।

डोटासरा ने ली चुटकी
इसी बीच कांग्रेसी विधायक गोविंद डोटासरा ने भी चुटकी ली। डोटासरा ने कहा कि अब तो डबल इंजन की सरकार आ गई है। राजस्थानी भाषा को मान्यता दिलाओ। तब अंत में भाटी ने कहा कि सदन का मान रखते हुए मैं हिन्दी में शपथ लेता हूं।

सदन की झलकियां
-सबसे पहले मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी व प्रेमचंद बैरवा ने शपथ ली।
- शपथ से पहले विधायक शांति धारीवाल ने जताई आपत्ति। धारीवाल ने कहा पहले राज्यपाल का अभिभाषण होता है उसके बाद शपथ का कार्यक्रम किया जाना चाहिए। इस पर प्रोटेम स्पीकर कालीचरण ने कहा कि पहले शपथ होगी उसके बाद राज्यपाल का अभिभाषण भी होगा।

विधानसभा में सांसदों के निलंबन का विरोध
लोकसभा में कांग्रेसी सांसदों के निलंबन का विरोध राजस्थान विधानसभा में नजर आया। कांग्रेस विधायकों ने इसे लेकर विरोध दर्ज कराया। कांग्रेस विधायकों ने ना पक्ष लॉबी में आने के बाद सांसदों के निलंबन के विरोध में हाथों में काली पट्टी बांधी। कुछ कांग्रेसी विधायकों ने शपथ भी हाथों में काली पट्टी बांधे ही ली।

गदा लेकर विधानसभा पहुंचे बालमुकुंदाचार्य
हवामहल विधानसभा क्षेत्र से नवनिर्वाचित विधायक बालमुकुंदाचार्य गदा लेकर विधानसभा पहुंचे। सदन में जाने से पहले बालमुकुंदाचार्य ने कहा, राजस्थान में कुशासन खत्म हो गया है। राम राज्य की स्थापना हुई है। सीएम भजनलाल शर्मा जमीन से जुड़े हुए नेता हैं, उनके साथ में पूरा भाजपा परिवार 36 कौम को लेकर राजस्थान का विकास करेगा। चुनाव परिणाम आने के दूसरे दिन से ही भाजपा ने काम शुरू कर दिया था।

जयपुर. प्रदेश में उत्तर-पूर्वी हवा के असर से सर्दी का असर बढ़ा है। दिन में अच्छी धूप खिलने के बावजूद हवा सर्दी का अहसास करवा रही है। इधर प्रदेश के हिल स्टेशन माउंट आबू में तीसरे दिन न्यूनतम तापमान माइनस एक डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। तापमान के माइनस में रहने से सवेरे खुले मैदानों, पत्थरों, खेतों, उद्यानों की घास पर रात को पड़ी ओस की बूंदें बर्फ में तब्दील हो गईं। श्रीगंगानगर का न्यूनतम तापमान 9 डिग्री सेल्सियस रहा। उदयपुर में भी सर्द हवा का प्रभाव रहा। यहां न्यूनतम तापमान 8.9 से लुढक़कर 7.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। भीलवाड़ा में न्यूनतम तापमान 6.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। फतेहपुर में सीजन का सबसे कम तापमान 0.7 डिग्री दर्ज किया गया।

बारिश की संभावना
मौसम विभाग के अनुसार एक कमजोर पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से 22 दिसंबर को राज्य के कुछ भागों में बादल छाए रहने की संभावना है। इस दौरान जोधपुर, बीकानेर संभाग व शेखावाटी क्षेत्र में कहीं-कहीं हल्की बारिश या बूंदाबांदी होने की संभावना है। वहीं 23 और 24 दिसंबर को न्यूनतम तापमान में हल्की गिरावट होने व राज्य के अधिकांश भागों में मौसम मुख्यत: शुष्क रहने की संभावना है।

हुआ मौसम में बदलाव तो बढ़े खांसी-जुकाम के मरीज
मौसम में बदलाव का खासा असर दिखाई दे रहा है। लोग मौसमी बीमारियों की चपेट में आ रहें है। लोग खांसी, जुकाम की चपेट में ज्यादा आ रहे हंै। एसएमएस अस्पताल में मरीजों की लंबी कतारें लगी है। इसके साथ जयपुरिया अस्पताल, कांवटिया अस्पताल, सेटेलाइट अस्पताल व अन्य अस्पतालों मे भी मरीजों की कतारें लगी हुई है। इसके साथ बच्चे भी वायरल डिजीज की चपेट में आ रहे है। जेके लोन अस्पताल में खांसी-जुकाम, निमोनिया, पसली चलना व डायरिया के मरीज बढ़ रहे हैं।

डॉक्टरों के अनुसार पहले जुकाम-खांसी के मरीज 2 से 3 दिन में स्वस्थ हो रहे थे। वहीं अब बीमारी के ठीक होने में करीब 2 सप्ताह का समय लग रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार तापमान में कमी के साथ ही वायरस का असर और प्रदूषण युक्त वातावरण के कारण मरीज को स्वस्थ होने में अधिक समय लग रहा है। मरीजों में तो एंटी बायोटिक दवाएं भी कम असर कर रही है। इसलिए मरीज को रिकवर होने में समय लग रहा है।

एसएमएस अस्पताल के डॉक्टर प्रदीप शर्मा ने बताया की बच्चों व बुजुर्गों का सर्दी में ज्यादा ध्यान रखें। उन्हें भीड़-भाड़ वाली जगहों पर नहीं लेकर जाएं। इसके अलावा सर्दी के मौसम में गर्म खान पान करे। अगर कोई बीमार हो जाता है तो घर पर अपनी मर्जी से दवाएं लेने से बचें। बीमार होने पर तुरंत चिकित्सक से परामर्श लें।

जयपुर। स्वच्छता सर्वेक्षण 2024 को लेकर हैरिटेज नगर निगम ने तैयारी शुरू कर दी। इसे लेकर निगम प्रशासन ने 37 अफसरों की स्वच्छता टीम बनाई है, जो नियमित रूप से वार्डों का दौरा कर सफाई व्यवस्था को बेहतर करवाने का काम करेंगे। इसके साथ ही स्वच्छता सर्वेक्षण के मापदंडों की सूचना को एकत्र करेंगे। इस सूचना को संबंधित जोन उपायुक्त सर्वेक्षण के नोडल अधिकारी को भेजेंगे।

निगम आयुक्त राजेन्द्र सिंह शेखावत ने 37 अफसरों को स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 की जिम्मेदारी सौंपी है। इन अफसरों को हर जाने में 2 से 3 वार्ड दिए गए है, अफसर अपने—अपने वार्डों में सफाई करवाने के साथ रोटेशन वाइज नियमित सफाई व्यवस्था का निरीक्षण भी करेंगे। इसके साथ सुबह 8 बजे सभी हाजरीगाह पर जाकर सफाई कर्मचारियों की उपस्थित दर्ज करेंगे। वहीं डोर—टू—डोर कचरा संग्रहण व्यवस्था में सुधार के लिए अफसर वार्ड में डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण गाडियों और हूपरों का निरीक्षण करेंगे और उनका सत्यापन भी करेंगे। इस सूचना को संबंधित जोन उपायुक्तों कोे सौंपेंगे। जोन उपायुक्तों को सर्वेक्षण का प्रभारी अधिकारी बनाया गया है, जो मॉनिटरिंग में लगाए गए अधिकारियों की सूचना को एकत्र कर स्वच्छ भारत सर्वेक्षण के प्रभारी अधिकारी को भेजेंगे। जबकि स्वच्छ भारत सर्वेक्षण का प्रभारी अधिकारी उपायुक्त स्वास्थ्य को बनाया गया है।

अफसरों को ये दी है जिम्मेदारी
वार्ड में सफाई कार्य करवाना, रोटेशन वाइज नियमित सफाई का निरीक्षण करना
वार्ड में सभी प्रमुख स्थानों, सड़को की नियमित रूप से सफाई करवाना
वार्ड में ओपन कचरा डिपो से कचरा हटवाना
हाजरीगाह पर जाकर सफाई कर्मचारियों की उपस्थित चैक करना
निर्धारित फोरमेट में प्रतिदिन की सूचना संबंधित जोन उपायुक्त को सौंपना
वार्ड में डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण गाडियां, हूपरों का निरीक्षण करना और उसका सत्यापन करना
आम जनता से फीडबैक भी लेना

जनता से फीडबैक भी लेंगे
निगम आयुक्त राजेन्द्र सिंह शेखावत का कहना है कि स्वच्छता सर्वेक्षण—2024 को लेकर तैयारी शुरू कर दी गई है। इसे लेकर स्वच्छता टीम बना दी गई है, जो संबंधित वार्डों का निरीक्षण कर सफाई व्यवस्था को बेहतर करवाएंगे। इसके साथ ही जनता से फीडबैक भी लेने का काम करेंगे।

ट्रिपल आर थीम पर हो रहा सर्वेक्षण
इस बार सफाई की परीक्षा स्वच्छ सर्वेक्षण-2024 रि-साईकिल, रि-यूज, रि-ड्यूज (आरआरआर) थीम पर हो रही है। इसमें देशभर के 4 हजार 800 शहर शामिल हो रहे है। स्वच्छता सर्वेक्षण में प्रत्येक गतिविधी के अलग-अलग अंक निर्धारित किए गए हैं। इस बार जनता का फीडबैक के भी अलग से नंबर निर्धारित है।

 

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ग्रेटर निगम ने लगाए अफसर
जयपुर ग्रेटर निगम ने भी अपने अफसरों को सफाई की मॉनिटरिंग में लगा रखा है। निगम के सभी जोन उपायुक्त रोजाना सुबह 8 से 11 बजे तक अपने—अपने क्षेत्र में रहकर सफाई व्यवस्था की मॉनिटरिंग कर रहे है। इसके साथ ही विशेष सफाई अभियान के तहत वार्डों में सफाई व्यवस्था करवा रहे है।

राजस्थान की 16वीं विधानसभा का पहला सत्र बुधवार को सुबह ठीक 11 बजने के साथ ही शुरु हुआ। पहले दिन कांग्रेस विधायक दल के सभी विधायक अपनी बाहों में काली पट्टी बांधकर पहुंचे। इस ज़रिए कांग्रेस विधायकों ने संसद के शीतकालीन सत्र के दौरान विपक्षी दलों के विधायकों के निलंबन पर अपना विरोध दर्ज करवाया।

 

काली पट्टी बांध ली शपथ
कांग्रेस विधायकों ने काली पट्टी बांधकर ना सिर्फ विधानसभा में एन्ट्री ही ली, बल्कि सदन के अंदर पहुंचकर विधायक पद की शपथ के दौरान भी काली पट्टी पहने रहे। काली पट्टी बांधने वालों में पूर्व सीएम अशोक गहलोत, पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट के अलावा शान्ति धारीवाल और गोविंद सिंह डोटासरा सरीखे वरिष्ठ विधायक भी शामिल रहे।

 

पहली बार काली पट्टी बांध ली शपथ
राजस्थान विधानसभा के इतिहास में संभवतः ये पहली बार है जब नव निर्वाचित विधायकों के इतने बड़े समूह ने एक साथ काली पट्टी बांधकर विधायक पद की शपथ ली हो। वहीं ये भी पहली बार है जब कांग्रेस पार्टी के विधायकों ने अपने विधायक पद पर काली पट्टी बांध शपथ ली है।

 

सांसदों का निलंबन लोकतंत्र पर प्रहार : गहलोत
पूर्व सीएम अशोक गहलोत ने मंगलवार को एक प्रतिक्रिया में कहा, 'संसद की सुरक्षा में चूक के गंभीर मामले पर चर्चा की मांग करने पर विपक्ष के 92 सांसदों को निलंबित करना लोकतंत्र पर प्रहार है। नेता प्रतिपक्ष रहते हुए स्व. अरुण जेटली एवं सुषमा स्वराज ने कहा था कि सदन का काम चर्चा करना है, पर कई बार सरकार जरूरी मुद्दों पर चर्चा नहीं करती है तो सदन की कार्यवाही को विपक्ष लोकतंत्र के हित में बाधित करता है।सदन की कार्यवाही बाधित करना भी लोकतंत्र का ही एक रूप है।

 

गहलोत ने कहा, 'UPA सरकार के समय विपक्ष में रहते हुए BJP ने कई बार 12 दिन से अधिक समय तक सदन की कार्यवाही नहीं चलने दी, पर उस समय इस प्रकार सांसदों को निलंबित करने की कार्रवाई नहीं की गई। यह NDA सरकार की अलोकतांत्रिक सोच का परिचायक है।'

 

संसद की मर्यादा और गरिमा का अपमान : डोटासरा
कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने वर्चुअल माध्यम से सांसदों के निलंबन मामले पर विरोध जताया है। अपनी प्रतिक्रिया में डोटासरा ने कहा, 'संसद की मर्यादा और गरिमा का अपमान करते हुए इतिहास में पहली बार सवाल पूछने वाले विपक्ष के 141 सांसदों को सस्पेंड किया गया, सदन में लोकतंत्र की हत्या की गई। संसद की सुरक्षा में हुई गंभीर चूक का जवाब देने की बजाय तानाशाही सरकार सवाल पूछने वालों को मौन करने में लगी है।'

राजस्थान में वर्ष 2022 में 5343 व्यक्तियों ने आत्महत्या कर ली। जिनमें 3925 पुरुष और 1418 महिलाएं हैं। यानी प्रदेश में प्रतिदिन 15 लोग आत्महत्या कर रहे हैं। केंद्र सरकार की ओर से हाल ही जारी की गई राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो की रिपोर्ट के अनुसार वर्ष-2022 में 170924 लोगों ने आत्महत्या की। प्रदेश में सामूहिक आत्महत्या के कुल 20 मामले दर्ज हुए, जिनमें 43 व्यक्तियों की मौत हुई है।

यह आंकड़ा तमिलनाडु के बाद सबसे ज्यादा है। प्रदेश के तीन बड़े शहर जयपुर, जोधपुर और कोटा में आत्महत्या की दर राष्ट्रीय और प्रदेश की आत्महत्या दर से काफी अधिक है।

ये प्रमुख कारण

रिपोर्ट में गरीबी, बेरोजगारी, परीक्षा में फेल होने, मानसिक बीमारियां, नशे की लत, वैवाहिक जीवन में समस्याएं, व्यावसायिक समस्याएं और प्रेम-संबंधों में अनबन आदि आत्महत्या के प्रमुख कारण सामने आए हैं।

वर्ष 2022 में आत्महत्या की दर (प्रति एक लाख जनसंख्या पर)

भारत 12.4 (राष्ट्रीय औसत)

राजस्थान 6.6
जयपुर 17.3
जोधपुर 19.2
कोटा 14.1

आत्महत्या का कारण (वर्ष 2022 में राजस्थान में आत्महत्या के दर्ज मामले)

प्रेम-प्रसंग 529
मानसिक बीमारियां 486
वैवाहिक जीवन में समस्याएं 412
शराब एवं अन्य मादक पदार्थ का सेवन 185
परीक्षा में फेल होना 107
बेरोजगारी 99
गरीबी 70

राजस्थान में 16वीं विधानसभा का पहला सत्र बुधवार से शुरू हुआ। पहले दिन नवनिर्वाचित विधायकों को शपथ दिलाई गई। जुबेर खान और यूनुस खान ने इस दौरान संस्कृत में शपथ ली है। शिव से निर्दलीय विधायक रविंद्र सिंह भाटी ने राजस्थानी और हिंदी दोनों में शपथ ली। हालांकि राजस्थानी में ली गई शपथ को रिकॉर्ड से डिलीट करने के आदेश दिए गए।

बता दें कि इस बार संस्कृत में शपथ लेने वाले विधायकों की संख्या अच्छी खासी रही। इसमें नोक्षम चौधरी, जेठानंद व्यास, गोपाल शर्मा, छगन सिंह, महंत प्रतापपुरी, बाबू सिंह राठौड़, कैलाश मीणा, जोराराम कुमावत, पब्बाराम विश्नोई, जोगेश्वर गर्ग और दीप्ति माहेश्वरी ने संस्कृत भाषा में शपथ ली। बता दें ये सभी भाजपा के विधायक हैं। वहीं निर्दलीय विधायक युनूस खान और कांग्रेसी विधायक जुबेर खान ने संस्कृत भाषा में शपथ ली थी।

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पहले दिन विधानसभा पहुंचने वाले विधायकों का अंदाज भी काफी निराला रहा। बयाना से निर्दलीय विधायक ऋतु बनावत ट्रैक्टर चलाकर पहुंची तो वहीं जयपुर की हवामहल सीट से विधायक चुने गए बालमुकुंदाचार्य के हाथों में बजरंगबली की गदा थी। वहीं, बीकानेर पश्चिम से विधायक जेठानंद व्यास बाइक पर विधानसभा आए। बता दें कि विधानसभा में सबसे पहले मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी व प्रेमचंद बैरवा ने शपथ ली। आज राजस्थान विधानसभा सभा में भी लोकसभा में कांग्रेसी सांसदों के निलंबन का विरोध नजर आया। कुछ कांग्रेसी विधायकों ने हाथों पर काली पट्टी बांधकर शपथ ली।

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राजस्थान की 16वीं विधानसभा के पहले सत्र का पहला दिन कई मायनों में ख़ास रहा। सबसे ख़ास रहा नव निर्वाचित विधायकों का संस्कृत भाषा में पद और गोपनीयता की शपथ ग्रहण करना। संस्कृत भाषा में शपथ लेने वाले विधायकों में दो मुस्लिम समुदाय से आने वाले जनप्रतिनिधि भी शामिल रहे। कुल 16 नवनिर्वाचित विधायकों ने संस्कृत भाषा में शपथ ली।

 

यूनुस-जुबेर ने ली संस्कृत में शपथ
डीडवाना विधानसभा सीट से इस बार बतौर निर्दलीय उम्मीदवार चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे यूनुस खान ने संस्कृत भाषा में शपथ लेकर सभी को चौका दिया। इसी तरह से अलवर के रामगढ़ से जीतकर आये कांग्रेस विधायक जुबेर खान ने भी संस्कृत में शपथ ग्रहण की।

 

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विधानसभा इतिहास में पहली बार ऐसा
राजस्थान विधानसभा के इतिहास में संभवतः ये पहली बार था जब किसी अल्पसंख्यक विधायक ने संस्कृत भाषा में अपने पद पर शपथ ली हो। यही कारण रहा यूनुस और जुबेर के इस अंदाज़ को सदन में मौजूद अन्य विधायकों ने अपनी मेज़ थपथपाकर सराहा।

 

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इन विधायकों ने भी संस्कृत में शपथ

संस्कृत भाषा में शपथ लेने वाले विधायकों की संख्या इस बार अच्छी खासी रही।

- महंत प्रतापपुरी - पोकरण

- गोपाल शर्मा - सिविल लाइंस, जयपुर

- पब्बाराम बिश्नोई - फलौदी

- वासुदेव देवनानी, अजमेर उत्तर

- उदयलाल भडाना - मांडल

- नौक्षम चौधरी - कामां

- बाल मुकुंद आचार्य - हवामहल, जयपुर

- बाबू सिंह राठौड़, शेरगढ़

- छगन सिंह राजपुरोहित - आहोर

- जोगेश्वर गर्ग - जालोर

- कैलाश चंद्र मीणा - गढ़ी

- जेठानंद व्यास - बीकानेर पश्चिम

- जोराराम कुमावत - सुमेरपुर

- दीप्ति किरण माहेश्वरी - राजसमंद

 

राजस्थान की 16वीं विधानसभा का पहला सत्र आज से शुरू हो गया। प्रदेश में नई सरकार बनने का सीधा असर सदन में दिखाई दिया। खासतौर से बैठक व्यवस्था बदली-बदली सी नज़र आई। पिछले पांच साल तक सत्तापक्ष का सुख भोगने वाली कांग्रेस ने जहां विपक्ष की भूमिका संभाली, तो वहीं भाजपा विधायक दल सत्ता पक्ष में पूरे 'ठाठ' के साथ बैठे।

 

पहले दिन 'रामा श्यामा'
पहला दिन 'रामा-श्यामा' में बीता। सर्द मौसम के बीच शुरू हुए सत्र के पहले दिन विधायक एक-दूसरे से पूरी गर्मजोशी से मिले। सत्तापक्ष और विपक्ष के विधायकों ने राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता भुलाकर हाल-चाल जाना और चुनाव में जीत की शुभकामनाएं दीं। प्रोटेम स्पीकर कालीचरण सराफ ने नवनिर्वाचित विधायकों को शपथ दिलाई।

 

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विधायक की भूमिका में दिखे सांसद
इस बार का सदन इसलिए भी ख़ास दिखा क्योंकि यहां सांसद से विधायक बने नेता भी मौजूद रहे। इनमें भाजपा से जहां राज्यसभा सांसद रहे डॉ किरोड़ी लाल मीणा, लोकसभा सांसद रहे राज्यवर्धन सिंह राठौड़, दिया कुमारी, योगी बालकनाथ सरीखे नेता रहे, तो वहीं राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के नागौर से लोकसभा सांसद रहे हनुमान बेनीवाल भी विधायक का ज़िमा थामे नज़र आये।

किरोड़ी-बेनीवाल का 'कम बैक', रहेंगे आक्रामक
सांसद से विधायक बने डॉ किरोड़ी लाल मीणा और हनुमान बेनीवाल की एक बार फिर से राजस्थान विधानसभा में वापसी हुई है। ये दोनों नेता सदन में अपनी आक्रामक शैली के लिए पहले भी चर्चा में रहे हैं। बेनीवाल की यही शैली सांसद बनने के बाद लोकसभा के सदन में भी जारी रही है। पूर्व में हुए विधानसभा चुनाव के दौरान इन दोनों नेताओं ने साथ मिलकर तीसरा मोर्चा भी बनाया था, लेकिन कुछ असर नहीं कर पाए थे। इसके बाद किरोड़ी भाजपा में शामिल हुए तो हनुमान ने आरएलपी पार्टी का गठन किया।

 

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'आक्रामक' एमएलए... सदन गरमाना तय
अपने तेज़-तर्रार और आक्रामक तेवरों के चलते अक्सर चर्चाओं में रहने वाले नव निर्वाचित विधायकों की फहरिस्त इस बार ज़्यादा लंबी है। इनमें से कुछ पूर्ववर्ती विधानसभा के सदस्य भी हैं, तो कुछ नए और पहली बार चुनकर आए विधायक भी शामिल हैं।

 

पहली बार विधायक, पर तीखे रहेंगे तेवर!
बाड़मेर की शिव विधानसभा सीट से पहली बार जीतकर विधायक बने रविंद्र सिंह भाटी छात्र राजनीति से ही आक्रामक तेवरों के लिए चर्चा में रहे हैं। भाजपा में शामिल होने के बाद निर्दलीय के रूप में उनकी जीत के बड़े मायने हैं। ऐसे में नई विधानसभा के सदन में उनके तीखे तेवर बरकरार रहना तय है।

 

चुनावी सभा नहीं, अब सदन में दिखेंगे ये 'स्टार'

भाजपा
-- वसुंधरा राजे -- झालरापाटन
-- डॉ किरोड़ी लाल मीणा -- सवाई माधोपुर
-- राज्यवर्धन सिंह राठौड़ -- झोटवाड़ा
-- मदन दिलावर -- रामगंजमंडी
-- बाबा बालक नाथ -- तिजारा
-- अनीता भदेल -- अजमेर दक्षिण
-- कालीचरण सराफ -- मालवीय नगर
-- बालमुकुंद आचार्य -- हवामहल
-- जगत सिंह -- नदबई


कांग्रेस
-- अशोक गहलोत -- सरदारपुरा
-- सचिन पायलट -- टोंक
-- गोविंद सिंह डोटासरा -- लक्ष्मणगढ़
-- शांति धारीवाल -- कोटा
-- हरीश चौधरी -- बायतू
-- रतन देवासी -- रानीवाड़ा
-- रफीक खान -- आदर्श नगर
-- मनीष यादव -- शाहपुरा (अलवर)

 

निर्दलीय
-- रविंद्र सिंह भाटी -- शिव
-- यूनुस खान -- डीडवाना
-- चन्द्रभान सिंह आक्या -- चित्तौड़गढ़

 

अन्य
-- हनुमान बेनीवाल -- खींवसर (आरएलपी)
-- मनोज न्यांगली -- सादुलपुर (बसपा)

कोरोना से हमें कई सीख मिली थी जैसे नियमित मास्क लगाना, भीड़भाड़ में जाने से बचना, हाइजीन का ध्यान रखना और हैल्दी दिनचर्या अपनाना आदि। ऐसा न करने से न केवल संक्रमण बढ़ रहा है बल्कि सामान्य फ्लू भी निमोनिया और अन्य सांस की बीमारी व लंबी खांसी में बदल रहा है। बचाव के लिए कोरोना वाली सीख को शुरू करना होगा।

प्रदूषण से खांसी लंबी हो रही है

पिछले कुछ वर्षों में प्रदूषण और हवा में डस्ट बढ़ने से सामान्य फ्लू वाली खांसी भी 15-20 दिनों तक रह रही है। कई बार सामान्य दवाइयां से भी इलाज मुश्किल हो रहा है। इससे बचाव के लिए सार्वजनिक स्तर पर प्रदूषण कम करने की जरूरत है लेकिन व्यक्तिगत स्तर पर भी इससे बचाव करें। नियमित रूप से मास्क लगाकर ही बाहर निकलें। फेफड़ों से जुड़े व्यायाम हर व्यक्ति कोई करे।

फ्लू और कोल्ड में अंतर

फ्लू और सर्दी (कोल्ड) के बीच सबसे बड़ा अंतर यह होता है कि फ्लू में आमतौर पर ज्यादा गंभीर लक्षण दिखाई देते हैं और इसके दुष्प्रभाव भी ज्यादा होते हैं। फ्लू होने के 48 घंटे में इसके सभी लक्षण दिखने लगते हैं। फ्लू के लक्षण अचानक से ही शुरू होते हैं और इसमें रेस्परेटरी सिस्टम भी प्रभावित होता है, वहीं ठंड का असर धीरे-धीरे होता है। ठंड से 7-10 दिन में पूरी तरह से राहत मिल जाती है जबकि फ्लू के लक्षण दो सप्ताह तक रह सकते हैं।

कैसे संक्रमण से बचाता है नियमित गरारे करना

बाहर से आने के बाद या सुबह-शाम में गरारे करने से जो भी संक्रमण गले तक पहुंचा होता, वह न केवल गले में ही निष्क्रिय हो जाता है बल्कि गले से नीचे फेफड़ों में जाकर निमोनिया भी नहीं करता है। इसलिए जब भी घर वापस आएं। गरारे करें। गरारे के लिए गुनगुने पानी में नमक या चाय की पत्ती का इस्तेमाल करें। जिन्हें सर्दी-जुकाम है वे दिन में 4 बार भी कर सकते हैं। कई सलूशन भी बाजार में आते हैं। वो भी ले सकते हैं। कोल्ड या फ्लू को सावधानी बरतकर रोक सकते हैं। सर्दी में पर्याप्त कपड़े पहनें, हाइजीन का ध्यान रखें। अगर समस्या हो रही है तो उसका इलाज कराएं। लक्षणों की अनदेखी नहीं करें।

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Rajasthan Cabinet Expansion News: राजस्थान में मंत्रिमंडल का गठन कब होगा? ये सवाल अभी भी बरकरार हैं। राजस्थान के सीएम भजन लाल शर्मा ने हाल ही में दिल्ली में भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा और पार्टी हाईकमान से मुलाकात की है। इस बैठक में केबिनेट विस्तार और आगामी लोकसभा चुनाव की रणनीति पर चर्चा हुई।


सूत्रों के अनुसार पार्टी भजनलाल की केबिनेट में नए और युवा चेहरों (40 से 50 वर्ष के बीच की आयु के) को जगह देना चाहती है। लेकिन सवाई माधोपुर से विधायक किरोड़ी लाल मीणा (72), खेरवाड़ा से विधायक चुने गए दयाराम परमार (78), छाबड़ा से विधायक प्रताप सिंघवी (68) व मालवीय नगर से 7 बार विधायक चुनकर आए कालीचरण सर्राफ (73) जैसे कुछ कद्दावर नेताओं को भी सम्मानजनक स्थान दिया जा सकता है।


कद्दावर नेताओं को करना होगा इंतजार

इसके साथ ही, डॉ शैलेश सिंह, नौक्षम चौधरी व रामविलास मीणा जैसे कई युवा चेहरे भी इस बार बीजेपी की तरफ से चुनकर आए हैं, जिन्हें पार्टी मंत्री बना सकती है। वहीं, अनीता भदेल, राज्यवर्धन सिंह राठौड़, श्रीचंद कृपलानी व सिद्धि कुमारी जैसे बड़े नामों को पोर्टफोलियो मिलने में अभी और इंतजार करना पड़ सकता है।


जल्द ही नई कैबिनेट का गठन होगा

मंत्रिमंडल के गठन को लेकर कवायद जारी है। बताया जा रहा है कि पिछले दिनों दिल्ली में भाजपा नेताओं की जो बैठक हुई थी, उसमें करीब 30 नामों की सूची तैयार कर केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह को भेज दी गई है। अब इनमें से करीब 15 से 20 नामों की फाइनल सूची तैयार की जाएगी। इसके बाद मंत्रिमंडल की घोषणा होगी।


तारानगर सीट से शिकस्त झेलने वाले बीजेपी के कद्दावर नेता राजेंद्र राठौड़ ने कहा, 'जल्द ही नई कैबिनेट का गठन होगा। इसके साथ ही प्रदेश की बीजेपी सरकार अपने किए सभी चुनावी वादों को भी पूरा करेगी'। राठौड़ ने कहा कि गहलोत सरकार में हुए भ्रष्टाचार की जांच कराई जाएगी।

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राठौड़ ने कटाक्ष करते हुए कहा कि उनकी हार में कुछ बड़े नेताओं की भूमिका है। हालांकि, उन्होंने कहा कि वह तारानगर की जनता के जनादेश का सम्मान करते हैं। राठौड़ ने कहा कि इस चुनाव में पार्टी के कुछ लोगों ने जयचंद की भूमिका निभाई, लेकिन बीजेपी के कार्यकर्ता जल्द ही उनके चेहरे से मुखौटा उतार देंगे। उन्होंने कहा कि आगामी लोकसभा चुनाव पीएम मोदी ने नेतृत्व में लड़ा जाएगा। बीजेपी लगातार तीसरी बार पूर्ण बहुमत से सरकार बनाएगी। केबिनेट गठन के साथ-साथ नौकरशाही के स्तर पर भी बड़े फैसले लिए जाने हैं।

जयपुर। शहर में श्याम प्रभु का पंचमेवा महल सजेगा। करीब 200 किलो ड्रायफ्रूट व विदेशी फूलों से तैयार होने वाले इस महल में श्याम प्रभु के साथ रामलला के दर्शन होंगे। महल को अयोध्या की तर्ज पर सजाया जाएगा। यह महल चांदपोल बाजार स्थित मंदिरश्री रामचन्द्रजी में सजाया जाएगा, इसकी तैयारी शुरू हो चुकी है।

श्रीश्याम बस सेवा समिति खाटूधाम का द्वादशम् वार्षिकोत्सव 23 दिसंबर को शाम 7 बजे से रामचंद्रजी में मनाया जाएगा। वार्षिकोत्सव को लेकर तैयारियां शुरू हो चुकी है। जयपुर में श्रद्धालु श्याम प्रभु के दर्शन करने के साथ-साथ अयोध्या में विराजमान रामलला के दर्शन भी कर सकेंगे। रामचंद्रजी मंदिर के मुख्य विग्रह के पास ही रामलला भक्तों को दर्शन देंगे। श्रद्धालुओं को अयोध्या से आए पीले चावल भेंट कर 22 जनवरी-2024 को होने वाले श्रीराम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव का आमंत्रण भी दिया जाएगा।

जयपुर में पंचमेवा का महल
समिति के अध्यक्ष चेतन अग्रवाल ने बताया कि महोत्सव को लेकर ठाकुरजी राधा गोविंद और प्रथम पूज्य गणेशजी को न्योता दे चुके है। कोलकता के कारीगर श्याम प्रभु व रामलला का दरबार सजाने में जुटे हुए है। करीब 200 किलो काजू, बादाम आदि ड्रायफ्रूट से महल तैयार किया जा रहा है, इसके साथ ही श्याम प्रभु का दरबार सजाने के लिए विदेशी फूल मंगलवाए गए है। भक्त जयपुर में श्याम दरबार के साथ रामलला के भी दर्शन कर सकेंगे। आयोजन के बाद पंचमेवा का प्रसाद भक्तों में वितरित किया जाएगा। कार्यक्रम के बाद जरुरतमंदों को भोजन और वस्त्र वितरण भी किया जाएगा।

सजेगी छप्पन भोग झांकी, भजन संध्या
गोविंददेवजी मंदिर महंत अंजन कुमार गोस्वामी, शुक संप्रदाय पीठाधीश्वर अलबेली माधुरी शरण, काले हनुमान मंदिर के महंत गोपालदास के सान्निध्य में आयोजित भजन संध्या में अमित नामा, अविनाश शर्मा, अजय शर्मा, महेश परमार, गोपाल सेन, निरंजन सिंह, आशीष शर्मा, अभिषेक अग्रवाल सहित अनेक भजन गायक पुष्प वर्षा और इत्र वर्षा के बीच भजनों की स्वर लहरिया बिखेरेंगे। श्याम प्रभु के दरबार में अखंड ज्योत प्रचलित कर महाआरती की जाएगी। छप्पन भोग की झांकी आकर्षण का केंद्र रहेगी।

 

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पोस्टर का विमोचन
वार्षिकोत्सव के पोस्टर का विमोचन गोविंददेव जी मंदिर में मानस गोस्वामी ने किया। इस मौके पर समिति के अध्यक्ष चेतन अग्रवाल, उपाध्यक्ष रवि अग्रवाल, कोषाध्यक्ष विकास अग्रवाल आदि मौजूद रहे।

प्रदेश में मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्रियों को तो शपथ दिलवाई जा चुकी है, लेकिन मंत्रियों की कब शपथ होगी? मंत्रिमंडल का गठन कब होगा? यह सवाल अभी भी बरकरार है। बताया जा रहा है कि पिछले दिनों दिल्ली में भाजपा नेताओं की जो बैठक हुई थी, उसमें करीब 30 नामों की सूची तैयार कर केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह को भेज दी गई है। अब अंतिम चर्चा होगी। इसके बाद मंत्रिमंडल की घोषणा होगी। ऐसा माना जा रहा है कि अमित शाह और पीएमओ की हरी झंडी मिलते ही मंत्रिमंडल के गठन हो जाएगा।पार्टी सूत्रों के अनुसार पिछले दिनों दिल्ली में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे पी नड्डा की मौजूदगी में प्रदेश के भाजपा कोर ग्रुप की जो बैठक हुई थी। उसमें संभावित नामों को छांट कर सूची तैयार कर ली गई है और यह सूची अमित शाह के पास भेज दी गई है। इस सूची में 30 से ज्यादा नाम है। अब इनमें से करीब 15 से 20 नामों की फाइनल सूची तैयार की जाएगी। इसे लेकर पार्टी के कुछ बड़े नेताओं की एक बैठक होगी और फिर प्रदेश भाजपा को यह सूची भेज दी जाएगी। सूची को अंतिम रूप देने से पहले आरएसएस के राजस्थान के प्रमुख पदाधिकारियों से भी चर्चा की जाएगी।

गठन मंत्रिमंडल का, नजर लोकसभा पर

पार्टी सूत्रों के अनुसार मंत्रिमंडल के गठन में लोकसभा चुनाव पर सबसे ज्यादा फोकस होगा। ऐसी कोशिश रहेगी कि मंत्रिमंडल के गठन में प्रदेश की ज्यादा से ज्यादा लोकसभा कवर की जा सके। अभी तक सीएम और डिप्टी सीएम बने हैं। इससे पार्टी दो लोकसभा ही कवर कर पाई है। मारवाड़ की सभी लोकसभा सीटों को कवर करने पर सबसे ज्यादा फोकस है। ऐसे में माना जा रहा है कि मंत्रिमंडल के गठन में मारवाड़ की छाया भी ज्यादा दिखेगी।

पहली और दूसरी बार के विधायकों की ज्यादा संभावना

यह भी चर्चा कि भजनलाल शर्मा के मंत्रिमंडल में पहली और दूसरी बार के विधायकों की संख्या सबसे ज्यादा होगी। इसके पीछे यह तर्क दिया जा रहा है कि पार्टी ने सीएम बदलकर पीढ़ी बदलाव तो कर दिया। अब मंत्रिमंडल भी इसी तर्ज पर तैयार किया जाएगा, जिससे अगले बीस साल की राजनीति पर असर पड़े। दो-तीन वरिष्ठ विधायकों को भी मंत्रिमंडल में लिया जाएगा, जिससे सरकार को सदन में फ्लोर मैनेजमेंट में कम जोर आए।

राज्यपाल आज से उदयपुर दौरे पर

मंत्रिमंडल को लेकर चर्चाएं गरम है, लेकिन बताया जा रहा है कि मंत्रिमंडल का विस्तार इस स्प्ताह के अंत में या फिर अगले सप्ताह में हो सकता है। राज्यपाल कलराज मिश्र बुधवार से तीन दिवसीय उदयपुर दौरे पर हैं। उदयपुर से वे 22 को जैसलमेर चले जाएंगे। यहां राष्ट्रपति के आने का कार्यक्रम बना है। 23 को शाम को या फिर अगले दिन राज्यपाल जयपुर आ सकते हैं। यदि दिल्ली से मंत्रिमंडल की सूची को हरी झंडी मिल जाती है तो यह भी संभावना है कि राज्यपाल को निवेदन कर बीच में ही जयपुर बुला लिया जाए।

इन नेताओं ने तैयार किया मंत्रिमंडल का ड्राफ्ट

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, उपमुख्यमंत्री दिया कुमारी, प्रेम चंद बैरवा, प्रदेश प्रभारी अरूण सिंह, प्रदेश अध्यक्ष सी पी जोशी, संगठन महामंत्री चन्द्रशेखर, राजेन्द्र राठौड़, गजेंद्र सिंह शेखावत, अर्जुन राम मेघवाल ने पार्टी अध्यक्ष जे पी नड्डा के साथ मिलकर मंत्रिमंडल के संभावितों की सूची तैयार की है।

विधानसभा का दो दिन का सत्र बुधवार को शुरू हुआ। पहले दिन बुधवार को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा सहित 191 विधायकों ने शपथ ली। 8 विधायकों की शपथ बाकी है, जिनमें 5 बीजेपी और 3 कांग्रेस विधायक हैं। शपथ ग्रहण से पहले ही कांग्रेस विधायक काली पट्टी बांधकर सांसदों के निलंबन का विरोध करते नजर आए। उधर, सत्र की कार्यवाही शुरू होते ही कांग्रेस विधायकों ने हंगामा भी कर दिया।

पूर्व मंत्री और विधायक शांति धारीवाल ने सरकार पर हमला बोला। उन्होंने व्यवस्था का प्रश्न उठाते हुए कहा कि यह सदन है कोई भजन मंडली नहीं है कि आपने 24 घंटे के अंतराल में ही सत्र बुला लिया। पहले राज्यपाल का अभिभाषण होना चाहिए था, उसके बाद शपथ ग्रहण होता। हालांकि प्रोटेम स्पीकर कालीचरण सराफ ने कहा कि पहले शपथ होगी। इसके बाद सत्र आहूत होगा, तब राज्यपाल का अभिभाषण होगा।

इन नेताओं का शपथ लेना बाकी
तिजारा से भाजपा विधायक महंत बालकनाथ, नदबई से विधायक जगत सिंह, बांदीकुई से विधायक भागचंद टाकड़ा, निंबाहेड़ा से विधायक श्रीचंद कृपलानी और वैर से बहादुर सिंह कोली का अभी शपथ लेना बाकी है। इसी तरह कांग्रेस के बागीदौरा से विधायक महेंद्रजीत मालवीय, दांतरमगढ़ के विधायक वीरेंद्र सिंह और रायसिंह नगर विधायक सोहनलाल नायक को भी अभी शपथ दिलाना बाकी है।
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बदला हुआ दिखा सदन का नजारा
16वीं विधानसभा का बुधवार को आगाज हुआ और सदन का नजारा बदला हुआ दिखा। जो कांग्रेस सत्ता में थी, उसके विधायक ना पक्ष लॉबी में बैठे नजर आए, वहीं भाजपा विधायक सत्ता पक्ष वाली जगह पर बैठे। करीब 77 दिन बाद सदन आज फिर से शुरू हुई। 15वीं विधानसभा की अंतिम कार्यवाही 3 अक्टूबर को हुई थी।

Hostel Students Vandalize Hotel : जयपुर। राजधानी जयपुर में गुंडागर्दी इस कदर बढ़ गई है कि आए दिन होटलों में तोडफ़ोड़ के मामले सामने आ रहे हैं। सिंधी कैंप बस स्टैंड के नजदीक एक होटल-रेस्टोरेंट संचालक को डिस्काउंट नहीं देना भारी पड़ गया। उसे बकायदा धमकी दी गई कि अगर खाने में डिस्काउंट नहीं दिया तो हम हमारे हिसाब से डिस्काउंट ले लेंगे। तीन दिन पहले दी गई इस धमकी के बाद आज सुबह करीब छह बजे बवाल हो गया।

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होटल में नीचे से लेकर ऊपर तक तोडफ़ोड़ कर दी गई और करीब पचास हजार रुपए गल्ले से लूट लिए गए। होटल स्टाफ के साथ भी मारपीट की गई। अब पीडि़त पक्ष सिंधी कैंप थाने पहु ंचा है। रेस्टोरेंट और होटल के मालिक सन्नी ने बताया कि तीन चार दिन पहले हमारे दूसरे होटल पर भी पत्थरबाजी की गई थी। वहां पर भी डिस्काउंट मांगने के लिए नजदीक ही स्थित होस्टल के छात्र आए थे। उसके बाद यहां आए और कहा कि हमें खाने पीने में भारी डिस्काउंट चाहिए। सन्नी ने कहा कि हमने इनकार कर दिया तो उन्होंने धमकाया, 'हम डिस्काउंट तो लेकर ही रहेंगे।'

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आज सुबह करीब छह बजे होस्टल के छात्र आए। आते ही मेन गेट पर स्थित एमसीबी को ट्रिप कर दिया और लाइट बंद कर दी। इसके बाद टीवी, फ्रीज, कमरों में शीशे, खाने पीने का सामान, किचन, सीढिय़ां सहित सभी जगह तोडफ़ोड़ कर दी। कमरों में घुसकर होटल स्टाफ के परिजनों को धमकाया। होटल स्टाफ के साथ मारपीट भी की। गल्ले में रखे करीब पचास हजार रुपए भी लूट लिए। पहले भी पुलिस को शिकायत की गई। पुलिस एक्शन लेती है, लेकिन उसके बाद भी होस्टल के छात्रों की इलाके में दबंगई जारी है। सभी होटल और रेस्टोरेंट संचालक इनसे परेशान हैं।

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने पिछले दिनों अधिकारियों को निर्देश दिए थे कि अपने विभाग की 100 दिन की कार्ययोजना बनाकर काम करें। उनके निर्देश के तुरन्त बाद ही अधिकारी एक्शन में आ गए हैं।
पशुपालन विभाग के प्रमुख सचिव विकास सीताराम भाले ने विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि राज्य सरकार के उद्देश्य को पूरा करने के लिए विभाग अगले 100 दिन की कार्ययोजना बनाकर इसे क्रियान्वित करे। पशुपालन विभाग में बुधवार को विभागीय अधिकारियों की बैठक को संबोधित करते हुए प्रमुख सचिव नेे कहा कि राज्य सरकार अपने संकल्प पत्र में किसानों और पशुपालकों से किए गए अपने वादों को पूरा करने के लिए प्रतिबद्ध है। सरकार का यह संकल्प पत्र हमारे लिए नीति निर्धारक के रूप में काम करेगा। उन्होंने कहा कि हमें अपनी कार्ययोजना बनाते समय 25 वर्षों के विजन को ध्यान में रखना है। हमें यह ध्यान मे रखना है कि अगले 25 सालों में हम अपने प्रदेश को कहां देखना चाहते हैं।

उन्होंने कहा कि राज्य के जीडीपी का 15 प्रतिशत पशुपालन से आता है। यह एक बहुत बड़ी उपलब्धि है। दुग्ध प्रसंस्करण के क्षेत्र में भी काम करने की बहुत अच्छी संभावना है। हमारे पास केंद्रीय नेतृत्व को विश्वास दिलाने का एक अवसर है कि पशुपालन को और अधिक महत्व मिलना चाहिए।

उन्होंने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि हमारी कार्ययोजना परिणामोन्मुख होनी चाहिए। उन्होंने आगामी 100 दिनों की प्रभावी कार्ययोजना एक सप्ताह में बनाकर प्रस्तुत करने के निर्देश अधिकारियों को दिए।

राजस्थान में नई विधानसभा का पहला सत्र बुधवार से शुरू हुआ। इसमें नवनिर्वाचित सदस्यों का शपथ ग्रहण कराया गया। नई विधानसभा में अब कांग्रेस और भाजपा की भूमिका बदल गई है। पिछले पांच साल तक सत्ता में बैठी कांग्रेस अब विपक्ष और भाजपा सत्तापक्ष में बैठी। राजस्थान में पिछले 30 साल से हर पांच साल बाद सरकार बदलने की परंपरा बरकरार है।

नहीं दिखे ये दिग्गज नेता:
भाजपा और कांग्रेस के कई दिग्गज नेता इस बार नहीं दिखे। इनमें प्रतिपक्ष के नेता रहे राजेन्द्र राठौड़ और उपनेता रहे सतीश पूनिया इस बार सदन में नहीं है। राठौड़ तारानगर सीट से विधानसभा चुनाव हार गए। उन्हें कांग्रेस के नरेन्द्र बुढानिया ने हराया है। राठौड़ सात बार से लगातार विधायक बनते आ रहे थे। इसी तरह साल 2018 के विधानसभा चुनाव में पहली बार विधायक बने सतीश पूनिया आमेर सीट से कांग्रेस के प्रशांत शर्मा से मात खा गए।

कटारिया बन गए थे राज्यपाल-

विधानसभा चुनाव से पहले ही भाजपा के वरिष्ठ नेता गुलाबचंद कटारिया को असम का राज्यपाल बना दिया गया था। वे उस वक्त विधानसभा में प्रतिपक्ष के नेता थे और गहलोत सरकार के खिलाफ सदन में आक्रामक तरीके से आवाज उठाते थे। कटारिया भाजपा की सरकारों में मंत्री भी रहे है और उनके पास महत्वपूर्ण विभाग भी रह चुके है।


स्पीकर भी हार गए चुनाव:

विधानसभा स्पीकर रहे सीपी जोशी और कैलाश मेघवाल भी चुनाव हार गए। जोशी नाथद्ारा और मेघवाल भीलवाड़ा की शाहपुरा सीट से चुनाव हारे है। मेघवाल को तो इस बार भाजपा ने टिकट भी नहीं दिया था और वे निर्दलीय ही मैदान में उतरे थे। इसी तरह कांग्रेस के वरिष्ठ नेता बीडी कल्ला, रघु शर्मा, महेश जोशी भी सदन में नहीं है। ये तीनों मंत्री भी रह चुके थे। इसमें कल्ला और शर्मा तो चुनाव हारे जबकि जोशी को कांग्रेस ने टिकट नहीं दिया था।

गहलोत सहित धारीवाल और डोटासरा मौजूद-

कांग्रेस में पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, पूर्व मंत्री शांति धारीवाल और कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद डोटासरा सदन में रहेंगे। गहलोत लगातार छठीं बार व डोटासरा चाैथी बार विधायक बने है। इसके साथ ही हरीश चौधरी भी फिर से विधायक बने है। ऐसे में सदन में कांग्रेस की बागडोर इनके कंधों पर ही रहेगी।

किरोड़ी-बेनीवाल का कम बैक
सांसद से विधायक बने डॉ किरोड़ी लाल मीणा और हनुमान बेनीवाल की एक बार फिर से राजस्थान विधानसभा में वापसी हुई है। मीणा तो इस बार भाजपा के टिकट पर जीत कर आए है वहीं बेनीवाल अपनी खुद की पार्टी रालोपा से जीतकर विधायक बने है। इनके साथ ही पूर्व सांसद राज्यवर्धन राठौड़, दिया कुमारी और बाबा बालकनाथ भी विधायक बने है। इनमें राठौड़ और बालकनाथ पहली बार विधायक बने है।

73 नए विधायक बैठेंगे सदन में :
राजस्थान विधानसभा में इस बार 35 फीसदी नए चेहरे नजर आएंगे। 199 सीट पर हुए चुनाव में 73 प्रत्याशी ऐसे जीतकर आएं हैं जो पहली बार सदन में बैठेंगे। इनमें भाजपा के 45, कांग्रेस के 21, पांच निर्दलीय और दो विधायक भारतीय आदिवासी पार्टी से है। इनमें सात महिलाएं भी शामिल हैं।

CM Bhajanlal In Delhi: मंत्रिमंडल विस्तार को लेकर सियासी गलियारों में हलचले तेज हो गई हैं। दरअसल, सीएम को एक बार फिर दिल्ली से बुलावा आया है। बताया जा रहा है कि दोनों डिप्टी सीएम के साथ सीएम भजनलाल आज दिल्ली पहुंचेंगे। ऐसे में मंत्रिमंडल विस्तार की चर्चाओं ने जोर पकड़ लिया है। माना जा रहा है कि इस बार राजस्थान कैबिनेट विस्तार पर फाइनल बात होगी।

इससे पहले, 17 दिसंबर को भी तीनों दिल्ली जाकर आए थे। ऐसे में सीएम बनने के बाद ये उनका दूसरा दौरा होगा। उस बैठक में राजस्थान कैबिनेट के विस्तार को लेकर चर्चा हुई थी, हालांकि, लिस्ट जारी नहीं की गई थी। माना जा रहा है कि राजस्थान के मंत्री मंडल के विस्तार को लेकर इस बार फाइनल बात होगी जिसके बाद कैबिनेट विस्तार की लिस्ट जारी कर दी जाएगी।
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गठन मंत्रिमंडल का, नजर लोकसभा पर
पार्टी सूत्रों के अनुसार मंत्रिमंडल के गठन में लोकसभा चुनाव पर सबसे ज्यादा फोकस होगा। ऐसी कोशिश रहेगी कि मंत्रिमंडल के गठन में प्रदेश की ज्यादा से ज्यादा लोकसभा सीटें कवर की जा सकें। अभी तक सीएम और डिप्टी सीएम बने हैं। इससे पार्टी दो लोकसभा ही कवर कर पाई है। मारवाड़ की सभी लोकसभा सीटों को कवर करने पर सबसे ज्यादा फोकस है। ऐसे में माना जा रहा है कि मंत्रिमंडल के गठन में मारवाड़ की छाया भी ज्यादा दिखेगी।
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पहली और दूसरी बार के विधायकों की ज्यादा संभावना
यह भी चर्चा कि भजनलाल शर्मा के मंत्रिमंडल में पहली और दूसरी बार के विधायकों की संख्या सबसे ज्यादा होगी। इसके पीछे यह तर्क दिया जा रहा है कि पार्टी ने सीएम बदलकर पीढ़ी बदलाव तो कर दिया। अब मंत्रिमंडल भी इसी तर्ज पर तैयार किया जाएगा, जिससे अगले बीस साल की राजनीति पर असर पड़े। दो-तीन वरिष्ठ विधायकों को भी मंत्रिमंडल में लिया जाएगा, जिससे सरकार को सदन में फ्लोर मैनेजमेंट में कम जोर आए।

राजस्थान विधानसभा का दो दिन का सत्र शुरू हो चुका है। पहले दिन 191 विधायकों ने शपथ ली। अब 8 विधायक शेष रह गए हैं, जिनका शपथ लेना बाकी है। नई सरकार के गठन के बाद पहली बार शुरू हुए विधानसभा सत्र का पहला दिन खट्टी-मीठी यादें देकर गया है। बिना राज्यपाल के अभिभाषण के सत्र शुरू करने पर पूर्व संसदीय कार्यमंत्री और विधायक शांति धारीवाल ने आपत्ति जताई तो युवा विधायक अंशुमान भाटी द्वारा राजस्थानी भाषा में शपथ लेने पर हुए विवाद पर डोटासरा चुटकी लेते नजर आए। विधानसभा में कई रंग भी देखने को मिले। जहां भारतीय आदिवासी पार्टी के विधायक राजकुमार रोत, उमेश मीणा और थावरचंद मीणा आदिवासी वेशभूषा में नजर आए, वहीं बाड़मेर के शिव से निर्दलीय विधायक रविंद्र सिंह भाटी की पारंपरिक वेशभूषा ने भी सभी का मन मोह लिया।

इसी बीच सियासत से जुड़ी एक बड़ी खबर आ रही है। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा दिल्ली जा रहे हैं। उनके दूसरी बार दिल्ली दौरे को लेकर चर्चा शुरू हो गई है कि क्या मंत्रिमंडल का विस्तार हो रहा है ? विधानसभा सत्र गुरुवार को खत्म हो जाएगा। ऐसे में जल्द ही मंत्रियों का शपथ ग्रहण समारोह होगा। आपको बता दें कि सीएम बनने के सीएम भजन लाल का यह दूसरा दिल्ली दौरा है।

30 मंत्रियों की सूची है सौंपी

पार्टी सूत्रों की मानें तो आलाकमान को 30 नामों की सूची सौंपी गई है। मगर पहले फेज में 15 मंत्रियों को शपथ दिलाने की चर्चा है। लगभग सभी नामों पर सहमति बन गई है। लेकिन आलाकमान के स्तर पर एक बार सीएम से चर्चा की जाएगी। इसके बाद ही मंत्रियों के नाम फाइनल होंगे।

नपा-तुला हो मंत्रिमंडल

भजन लाल शर्मा के मंत्रिमंडल में वरिष्ठ और युवा चेहरों का नपा—तुला काम्बीनेशन देखने को मिलेगा। हालांकि युवा चेहरों को ज्यादा तवज्जों दी जाएगी। मगर कुछ वरिष्ठों को भी मंत्रिमंडल में जगह दी जाएगी, ताकि सरकार चलाने में उनके अनुभव का फायदा लिया जा सके।

 

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केरल में सॉर्स कॉव-2 जेएन.1 वैरिएंट के संक्रमित मिलने के बाद राजस्थान के जैसलमेर में भी दो कोविड संक्रमित मिले हैं। इसके बाद विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव शुभ्रा सिंह के निर्देश पर चिकित्सा शिक्षा आयुक्त शिवप्रसाद नकाते की अध्यक्षता में राज्य स्तरीय कोविड प्रबंधन कमेटी का गठन किया गया है। राज्य में कोविड के नए केस की संख्या के अनुसार चिकित्सा सुविधाओं की उपलब्धता के लिए ग्रेडेड रेस्पॉन्स सिस्टम तैयार किया जाएगा। दोनों संक्रमितों में नए वैरिएंट की पहचान के लिए उनके जांच नमूनों की जीनोम सिक्वेंसिंग करवाई जा रही है।

चिकित्सा विशेषज्ञों के अनुसार नया सब वैरिएंट खतरनाक नहीं है। इस सब वैरिएंट से पॉजिटिव हुए करीब 90 प्रतिशत रोगियों को अस्पताल में भर्ती किए जाने की आवश्यकता नहीं पड़ रही है। घर पर ही आइसोलेशन में रहते हुए सामान्य उपचार से इसके रोगी ठीक हो रहे हैं। इससे घबराने या भयभीत होने की आवश्यकता नहीं है, केवल सावधानी बरतने की जरूरत है। प्रदेश के राजकीय अस्पतालों के साथ ही निजी अस्पतालों में भी जांच, दवा, बैड, ऑक्सीजन सहित अन्य चिकित्सा सुविधाओं को परखने के लिए 26 दिसम्बर को पुनः मॉक ड्रिल की जाएगी। विभाग की ओर से कोविड प्रबंधन को लेकर जिला कलेक्टरों को भी पत्र लिखा जाएगा।

खेल मंत्रालय ने स्पोर्ट्स अवार्ड की घोषणा कर दी है। वर्ल्ड कप में धूम मचाने वाले मोहम्मद शमी को अर्जुन अवॉर्ड के लिए नामांकित किया गया है। शमी के साथ 25 और खिलाड़ियों को उनके शानदार प्रदर्शन के लिए अर्जुन अवॉर्ड के लिए चुना गया है। सभी पुरस्कार 9 जनवरी 2024 को राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्वारा खिलाड़ियों को दिए जाएंगे। इसमें मेजर ध्यानचंद खेल रत्न पुरस्कार 2023, अर्जुन अवॉर्ड, द्रोणाचार्य पुरस्कार, ध्यानचंद पुरस्कार 2023 और मौलाना अबुल कलाम आजाद (MAKA) ट्रॉफी 2023 के लिए कुल 42 लोगों को सम्मानित किया जाएगा, जिसमें खिलाड़ी, कोच और कई संस्था को शामिल किया गया है।

केंद्र सरकार ने निम्नलिखित खिलाड़ियों, कोचों और संस्थाओं को पुरस्कार प्रदान करने का निर्णय लिया है:

इन खिलाड़ियों को मिलेग अर्जुन अवॉर्ड
1. ओजस प्रवीण देवताले (तीरंदाजी)
2. अदिति गोपीचंद स्वामी (तीरंदाजी)
3. श्रीशंकर एम (एथलेटिक्स)
4. पारुल चौधरी (एथलेटिक्स)
5. मोहम्मद हुसामुद्दीन (मुक्केबाजी)
6. आर वैशाली (शतरंज)
7. मोहम्मद शमी (क्रिकेट)
8. अनुश अग्रवाल (घुड़सवारी)
9. दिव्यकृति सिंह (घुड़सवारी ड्रेसेज)
10. दीक्षा डागर (गोल्फ)
11. कृष्ण बहादुर पाठक (हॉकी)
12. पुखरामबम सुशीला चानू (हॉकी)
13. पवन कुमार (कबड्डी)
14. रितु नेगी (कबड्डी)
15. नसरीन (खो-खो)
16. पिंकी (लॉन बॉल्स)
17. ऐश्वर्य प्रताप सिंह तोमर (शूटिंग)
18. ईशा सिंह (शूटिंग)
19. हरिंदर पाल सिंह संधू (स्क्वैश)
20. अयहिका मुखर्जी (टेबल टेनिस)
21. सुनील कुमार (कुश्ती)
22. अंतिम (कुश्ती)
23. नाओरेम रोशिबिना देवी (वुशु)
24. शीतल देवी (पैरा तीरंदाजी)
25. इलूरी अजय कुमार रेड्डी (ब्लाइंड क्रिकेट)
26. प्राची यादव (पैरा कैनोइंग)

द्रोणाचार्य पुरस्कार 2023

नियमित श्रेणी:
ललित कुमार - कुश्ती
आरबी रमेश - शतरंज
महावीर प्रसाद सैनी - पैरा एथलेटिक्स
शिवेंद्र सिंह - हॉकी
गणेश प्रभाकर देवरुखकर - मल्लखंभ

आजीवन श्रेणी:
जसकीरत सिंह ग्रेवाल - गोल्फ
भास्करन ई-कबड्डी
जयंत कुमार पुशीलाल - टेबल टेनिस

खेल और खेलों में आजीवन उपलब्धि के लिए ध्यानचंद पुरस्कार 2023:
मंजूषा कंवर - बैडमिंटन
विनीत कुमार शर्मा - हॉकी
कविता सेल्वराज-कबड्डी

मौलाना अबुल कलाम आज़ाद (एमएकेए) ट्रॉफी 2023:
गुरु नानक देव विश्वविद्यालय, अमृतसर - समग्र विजेता विश्वविद्यालय
लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी, पंजाब - प्रथम रनर अप यूनिवर्सिटी
कुरूक्षेत्र विश्वविद्यालय, कुरूक्षेत्र - द्वितीय रनर अप विश्वविद्यालय

राजस्थान विधानसभा का दो दिन का सत्र शुरू हो चुका है। पहले दिन 191 विधायकों ने शपथ ली। अब 8 विधायक शेष रह गए हैं, जिनका शपथ लेना बाकी है। कई विधायकों संस्कृत में शपथ ली तो कई विधायक संस्कृत में शपथ लेने पर अड़े। हालांकि संविधान का हवाला देते हुए उन्हें रोक दिया। इस बीच दो विधायक ऐसे हैं, जिन्होंने मुस्लिम होने के बावजूद संस्कृत में शपथ लेकर सभी को चौंका दिया।

डीडवाना विधानसभा सीट से इस बार बतौर निर्दलीय उम्मीदवार चुनाव जीतकर विधानसभा पहुंचे युनूस खान ने संस्कृत भाषा में शपथ लेकर सभी को चौंकाया। युनूस पहले भाजपा से विधायक और वसुंधरा सरकार में कैबिनेट मंत्री रह चुके हैं। वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव में उन्हें टोंक सीट से सचिन पायलट ने शिकस्त दी थी। इसी तरह से अलवर के रामगढ़ से जीतकर आये कांग्रेस विधायक जुबेर खान ने भी संस्कृत में शपथ ग्रहण की। गहलोत सरकार में जुबेर की पत्नी सफिया जुबेर खान विधायक रही थीं। यूनुस और जुबेर के इस अंदाज़ को सदन में मौजूद अन्य विधायकों ने अपनी मेज़ थपथपाकर सराहा।

जुबेर जीते, नहीं बनी कांग्रेस सरकार

जुबेर खान के साथ एक अजब संयोग भी जुड़ा हुआ है। जुबेर जब भी विधायक बने, तब कांग्रेस की सरकार नहीं बनी। इस बार भी यही संयोग देखने को मिला है। रामगढ़ से पहले भी जब जुबेर जीते, तब ऐसा संयोग देखने को मिला है।

राजस्थानी भाषा में शपथ पर आपत्ति

पहली बार सदन पहुंचे विधायक अंशुमान भाटी ने राजस्थानी भाषा में शपथ ली तो प्रोटेम स्पीकर ने आपत्ति जताई। उन्होंने कहा कि आठवीं अनुसूची में राजस्थानी को मान्यता नहीं मिली है, इसलिए आप इस अनुसूची में शामिल किसी अन्य भाषा में शपथ ले सकते हैं। इस दौरान कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष और विधायक गोविंद सिंह डोटासरा ने चुटकी ली और कहा कि अब तो डबल इंजन की सरकार बन चुकी है, इसलिए राजस्थानी भाषा को मान्यता दिलाओ।

 

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मुख्य निर्वाचन अधिकारी प्रवीण गुप्ता ने राज्य विधानसभा चुनाव-2023 को लेकर सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों के साथ बुधवार को सचिवालय में वीसी के माध्यम से डी- ब्रीफिंग की। उन्होंने बैठक में सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों से विधानसभा चुनाव के अनुभवों को जाना तथा लोकसभा चुनाव-2024 की तैयारियों को लेकर आवश्यक दिशा निर्देश दिए।

गुप्ता ने मतदाता सूचियों के शुद्धिकरण, सहायक मतदान केन्द्र, मतदान दिवस से पूर्व एवं मतदान दिवस के दिन मतदाता जागरूकता गतिविधियां, मीडिया एवं राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ प्रबंधन, चुनाव के दौरान किए गए नवाचार, पोस्टल बैलेट्स एवं सुरक्षा प्रबंध को लेकर सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों से अनुभव एवं चुनौतियों को लेकर विस्तार से चर्चा की।

प्रदेश में लोकसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर उन्होंने कहा कि अक्टूबर-दिसंबर 2023 तिमाही के दौरान 17 वर्ष से अधिक उम्र के युवाओं के नाम मतदाता सूची में शामिल करने के लिए आगामी 6 जनवरी से विशेष अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने निर्देश दिए कि मतदाता सूचियों के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कार्यक्रम के दौरान ट्रांसजेंडर, दिव्यांग एवं सहरिया आदिवासियों के नामांकन पर विशेष ध्यान दिया जाए।

गुप्ता ने मतदाता सूचियों में फोटो सिमिलर एंट्री (पीएसई) एवं डेमोग्राफिक सिमिलर एंट्री (डीएसई) वाले दोहरे नाम हटाने के संबंध में जानकारी एवं निर्देश दिए गए। प्रदेश भर की मतदाता सूचियों में डीएसई के रूप में लगभग 51,000 एवं पीएसई के रूप में 1,10,439 दोहरे नाम अंकित हैं।

जयपुर। प्रदेश में नौकरशाही के नए मुखिया की तलाश तेज हो गई है। मौजूदा मुख्य सचिव उषा शर्मा 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त हो जाएंगी। ऐसे में उनकी जगह नए मुख्य सचिव की नियुक्ति होगी। नए मुख्य सचिव की नियुक्ति की रेस में वरिष्ठता के आधार पर करीब आधा दर्जन आईएएस अधिकारी शामिल हैं। इनमें 1988 और 1989 और 1990 बैच के अधिकारी हैं। बताया जा रहा है कि जल्द राज्य सरकार नामों का पैनल डिओपीटी को भेजेगी।

ये प्रमुख अधिकारी हैं दौड़ में
सूत्रों की मानें तो वरिष्ठता के आधार पर 1988 बैच के अधिकारी सुबोध अग्रवाल, 1989 बैच के अधिकारी वी. श्रीनिवास, शुभ्रा सिंह, राजेश्वर सिंह और रोहित कुमार सिंह और 1990 बैच के संजय मल्होत्रा हैं। हालांकि इनमें से वी. श्रीनिवास, रोहित कुमार सिंह और संजय मल्होत्रा केंद्र में प्रतिनियुक्ति पर हैं।


इधर दिल्ली में प्रति नियुक्ति पर गए तीन नौकरशाह भी मुख्य सचिव के रेस में बताए गए जा रहे हैं। इनमें भी वी. श्रीनिवास, रोहित कुमार सिंह और संजय मल्होत्रा हैं। वी. श्रीनिवास केंद्रीय अभाव अभियोग और पेंशनर्स विभाग में सचिव के पद पर तैनात हैं तो वहीं रोहित कुमार सिंह खाद्य और सार्वजनिक वितरण उपभोक्ता मामले विभाग में तैनात हैं। इसके अलावा संजय मल्होत्रा वित्त और राजस्व विभाग में सचिव के पद पर तैनात हैं। मुख्य सचिव नियुक्त होने से पहले उषा शर्मा भी लंबे समय तक केंद्र में प्रतिनियुक्ति पर रह चुकी हैं।

वरिष्ठता लांघ चुके हैं पहले
हालांकि मुख्य सचिव की नियुक्ति में वरिष्ठता का पैमाना मायने नहीं रखता है। पूर्व में गहलोत सरकार ने 10 वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों की वरिष्ठता को लांघकर निरंजन आर्य को मुख्य सचिव बनाया था।

उषा शर्मा को मिला था 6 माह का एक्सटेंशन
हालांकि मुख्य सचिव उषा शर्मा का कार्यकाल 30 जून को ही समाप्त हो रहा था लेकिन उन्हें 6 माह का एक्सटेंशन देते हुए कार्यकाल 31 दिसंबर 2023 तक कर दिया गया था।

 

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जयपुर। शहर में चोरियों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। शिवदासपुरा थाना इलाके में चोर आए दिन चोरियों की वारदात को अंजाम दे रहे है और पुलिस सीसीटीवी कैमरों को देखने के अलावा कुछ नहीं कर पा रही है। चोर पकड़े नहीं जाने से लोगों में रोष है। एक ही दुकान में चार बार चोरी करने के बाद भी चोर पुलिस पकड़ से दूर है।

एक ही दुकान में चार बार चोरी
दिशा जनरल स्टोर के मालिक हरीश ने बताया कि 4 अक्टूबर 2021 को दुकान मंगल करके घर चले गए। किसी परिचित के फोन आने पर वह दुकान पहुंचे तो दुकान का शटर मुड़ा हुआ था और अंदर रखा सामान चोरी हो चुका था। इसी तरह 17 अगस्त 2023 को दुकान पर दो नकबजन पीछे की दीवार में सेंध लगाकर चोरी कर ले गए। सीसीटीवी कैमरे भी चोरों ने तोड़ दिए थे। पुलिस ने एफआईआर दर्ज नहीं की थी।
23 सितंबर 2023 को दुकान में पीछे से सेंध लगाकर चोरी कर ली। पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर ली। लेकिन चोर अभी तक नहीं पकड़े जा सके। इसी तरह 1 दिसंबर 2023 को चोरों ने फिर उसी दुकान में वारदात की। चोर दुकान में रखा लाखों रुपए का सामान चुरा ले गए।

दुकान में चोरी करने वाले दो जनों को किया था गिरफ्तार
उधर शिवदासपुरा थाना पुलिस ने 6 दिसंबर को भुडाला बस स्टैण्ड गोनेर पर स्थित दुकान व्यास मोबाइल पॉइंट पर चोरी करने वाले दो शातिर चोरों को गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस ने उनके पास से पांच मोबाइल भी बरामद कर लिए।

इनका कहना है
पुलिस की ओर से चोरी करने वाले को तलाश कर मामले में जल्दी कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही यह सुनिश्चित किया जाएगा की इलाके में ऐसी घटनाएं कम से कम हों।
दौलत राम गुर्जर थानाप्रभारी शिवदासपुरा

जयपुर। पिट एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रदेश के चित्तौड़गढ़ और गंगानगर जिले के मादक पदार्थो की तस्करी में लिप्त दो तस्करों को एक साल के लिए जेल में निरुद्ध रखा जाएगा।

एडीजी (क्राइम) दिनेश एमएन ने बताया कि बुधवार को इस संबंध में राज्य सरकार द्वारा कोर्ट के सलाहकार मंडल की रिपोर्ट के अनुसार आदेश जारी किए गए हैं। श्री गंगानगर जिले के थाना जवाहर नगर निवासी मंगतराम उर्फ मंगतू एवं चित्तौड़गढ़ जिले के थाना राशमी निवासी प्रहलाद सुखवाल को एक साल के लिए पिट एनडीपीएस एक्ट के तहत निरुद्ध किया गया हैं।
एडीजी एमएन ने बताया कि स्वापक औषधि और मन: प्रभावी अवैध व्यापार निवारण अधिनियम के तहत राज्य सरकार द्वारा तस्कर मंगतराम को 20 अक्टूबर 2023 को एवं प्रहलाद सुखवाल को 19 अक्टूबर 2023 को निरुद्ध किया गया था। दोनों प्रकरण हाई कोर्ट के सलाहकार मंडल को भिजवाया गया था।

एमएन ने बताया कि सलाहकार मंडल की रिपोर्ट के अनुसार बुधवार को गृहविभाग द्वारा आदेश जारी कर तस्कर मंगतराम उर्फ मंगतू को 19 अक्टूबर 2024 एवं रामलाल सुखवाल को 18 अक्टूबर 2024 तक जेल में निरुद्ध रखे जाने के आदेश दिए गए हैं।

Divyakruti Singh Gets Arjun Award : जयपुर। एशियाई खेलों में घुड़सवारी में स्वर्ण पदक जीतने वाली जयपुर की दिव्यकृति सिंह को अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया है। घुड़सवार खिलाड़ी दिव्यकृति इस वर्ष यह प्रतिष्ठित पुरस्कार पाने वाली राजस्थान की एकमात्र खिलाड़ी बनीं। केन्द्रीय युवा मामले और खेल मंत्रालय ने इस वर्ष के लिए प्रतिष्ठित अर्जुन अवॉर्ड की घोषणा की और इसमें घुड़सवार में अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित होने वाली दिव्यकृति सिंह पहली और एकमात्र भारतीय महिला हैं।

इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए दिव्यकृति (Divyakruti Singh Rathore) ने कहा 'यह एक सुखद अनुभव है और मैं अपने घोड़ों और अपने कोच की आभारी हूं, जिन्होंने मुझे इस उपलब्धि को हासिल करने में मदद करने में समान भूमिका निभाई है।' पिछले तीन वर्षों में दिव्यकृति ने जर्मनी में हेगन के प्रसिद्ध हॉफ कैसलमैन ड्रेसाज यार्ड में अपने कौशल को निखारा है।

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2023 में उनके शानदार प्रदर्शन में हांग्जो, चीन में एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली ड्रेसाज टीम में योगदान देना और पिछले महीने रियाद, सऊदी अरब में अंतरराष्ट्रीय ड्रेसाज प्रतियोगिता में एक व्यक्तिगत रजत और दो कांस्य पदक हासिल करना शामिल है।

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उनकी हालिया उपलब्धियों के अतिरिक्त, घुड़सवार खेलों में दिव्यकृति की वैश्विक स्थिति उनकी उल्लेखनीय रैंकिंग से रेखांकित होती है। गत मार्च तक इंटरनेशनल इक्वेस्ट्रियन फेडरेशन द्वारा जारी ग्लोबल ड्रेसाज रैंकिं में उन्हें एशिया में नंबर एक और विश्व में नंबर 14 स्थान दिया गया था।

CM Sharma Meets Former CM Gehlot : राजस्थान के नवनिर्वाचित मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से मुलाकात की। मुलाकात बुधवार शाम को हुई थी और मुख्यमंत्री शर्मा गहलोत से मिलने उनके आवास 8 सिविल लाइंस पहुंचे थे। दोनों की मुलाकात शिष्टाचार भेंट बताई जा रही है। इस दौरान दोनों नेताओं ने विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की। पूर्व सीएम गहलोत ने सोशल मीडिया साइट एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर मुलाकात की तस्वीरें शेयर करते हुए लिखा कि आज राजस्थान के नवनिर्वाचित मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा से शिष्टाचार भेंट की।

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सीएम शर्मा दिल्ली रवाना होने से पहले गहलोत से मिलने उनके आवास पर गए थे। हालांकि, दोनों नेताओं के बीच क्या बात हुई, इसकी जानकारी नहीं मिल पाई है। सोशल मीडिया पर गहलोत द्वारा तस्वीरों को शेयर करने के बाद यूजर्स ने मजेदार कमेंट्स भी किए। एक यूजर दीपेंद्र यादव ने लिखा कि दोनों नेताओं के बीच हुई भेंट एक अच्छी शुरुआत है। उम्मीद है कि इस तरह की मुलाकातें आगे भी होती रहेंगी।

वहीं, एक अन्य यूजर मनीष कुमार वर्मा ने लिखा, आप बीते कुछ दिनों से राज्यपाल कलराज मिश्र से मिलने जा रहे थे, आज सीएम से मिलने आ गए। राजनीति में लोग आपको जादूगर बोलते हैं, कोई कुछ नया जादू टोना तो नहीं करने जा रहे। यूजर ने आगे लिखा, पता चले की अभी जाल बिछा रहे, अचानक सुबह खबर आए की राजस्थान में बड़ा उल्टफेर, भाजपा के कुछ विधायक कांग्रेस में शामिल।

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उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के साथ-साथ दीया कुमार (Diya Kumari) और डॉक्टर प्रेमचंद बैरवा ने डिप्टी सीएम के रूप में शपथ ली है। अभी तक मंत्रिमंडल का विस्तार नहीं हुआ है। इसी क्रम के चलते सीएम शर्मा बुधवार शाम को दूसरी बार दिल्ली गए हैं, जहां वे पीएम मोदी, गृहमंत्री अमित शाम, पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जे पी नड्डा से मुलाकात कर किन विधायकों को कैबिनेट में शामिल किया जाएगा, इसको लेकर जल्द सूची जारी हो जाएगी।

Mumbai Flight Makes Emergency Landing At Jaipur Airport : यात्रियों को लेकर जयपुर से मुंबई जा रही इंडिगो की फ्लाइट में बुधवार को महिला यात्री की अचानक तबीयत खराब होने के बाद सांगानेर हवाई अड्डे पर इमरजेंसी लैंडिंग करवानी पड़ी। महिला की तबीयत बिगडऩे पर पायलट ने तुरंत इसकी सूचना एयर ट्रैफिक कंट्रोल जयपुर को दी। विमान के हवाई अड्डे पर उतरते ही पहले से वहां मौजूद एंबुलेंस के जरिए महिला यात्री को तुरंत नजदीक के एक अस्पताल ले जाया गया जहां इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। हवाई अड्डे के अधिकारियों के अनुसार, इंडिगो की फ्लाइट संख्या 6ई5226 ने बुधवार तड़के सांगानेर हवाई अड्डे से मुंबई के लिए उड़ान भरी थी।

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उड़ान के करीब आधा घंटे बाद रेणु जैन नामक महिला यात्री को सीने में दर्द होने लगा। विमान में मौजूद फ्लाइट अटेंडेंट ने रेणु को प्राथमिक उपचार दिया, लेकिन सेहत में कोई सुधार नहीं होने के चलते पायलट को इसकी सूचना दी गई। पायलट ने एयर ट्रैफिक कंट्रोल (Air Traffic Control Jaipur) से संपर्क कर महिला यात्री की तबीयत बिगडऩे की जानकारी दी जिसके बाद फ्लाइट के टेक ऑफ करने के 40 मिनट बाद विमान की जयपुर एयरपोर्ट (Jaipur Sanganer Airport) पर आपातकालीन लैंडिंग करवाई गई।

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हवाई अड्डे पर पहले से ही मौजूद एंबुलेंस के जरिए महिला नजदीकी निजी अस्पताल ले जाया गया जहां इलाज के दौरान यात्री ने दम तोड़ दिया। उल्लेखनीय है कि फ्लाइट ने रात 1 बजे मुंबई के लिए उड़ान भरी थी, लेकिन महिला यात्री की तबीयत खराब होने के कारण विमान को वापस जयपुर हवाई अड्डे पर उतारना पड़ा। फ्लाइट सुबह 4.30 बजे यात्रियों को लेकर फिर से मुंबई के लिए रवाना हो गई।

सिंधीकैम्प बस अड्डे के पास एक होटल में बुधवार सुबह आठ-दस बदमाशों ने लाठी-सरियों से हमला कर दिया। हमलावरों ने होटल में जमकर तोड़-फोड़ की। पूरी घटना वहां लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई। बदमाश नकाब पहनकर आए और होटल कर्मचारियों पर पत्थर फेंके। हमले से घबराकर होटल में मौजूद लोग भाग गए। फिर हमलावरों ने लाठी-सरियों से तोड़-फोड़ कर उत्पात मचाया। सूचना पर सिंधीकैम्प थाना पुलिस मौके पर पहुंची, उससे पहले बदमाश भाग गए।

थानाधिकारी अवतार सिंह ने बताया कि होटल की तरफ से चीनी की बुर्ज निवासी शम्मी खान ने मामला दर्ज करवाया है। प्राथमिक जांच में सामने आया है कि तीन दिन पहले दो-तीन युवक होटल में भोजन करने आए थे। डिस्काउंट को लेकर होटल कर्मचारियों से कहासुनी हो गई। उस समय तो युवक चले गए, लेकिन बुधवार सुबह युवकों ने अपने अन्य साथियों के साथ होटल पर हमला कर दिया। पुलिस आरोपियों की पहचान में जुट गई है।

 

कालवाड़ के चम्पापुरा में अधजला शव मिलने के मामले में पुलिस ने सीसीटीवी कैमरों की 500 से अधिक फुटेज खंगाल कर वारदात का खुलासा किया। पुलिस पूछताछ में आरोपी पति मनीष कुमार शर्मा ने बताया कि पत्नी मुस्कान उस पर शक करती थी। इससे परेशान होकर उसने मुस्कान की हत्या कर दी।
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने कहा कि मुस्कान से उसकी शादी वर्ष 2005 में हुई थी। वर्ष 2008 में उनके बेटा हुआ। मुस्कान ने पति पर किसी दूसरी महिला से संबंध होने का आरोप लगाया था। इस बात को लेकर दोनों में झगड़ा होने लगा था। दीपावली पर मुस्कान ने महिला थाने में उसके खिलाफ रिपोर्ट भी दर्ज करवाई थी। इसके बाद आरोपी ने 23 नवम्बर की रात को मुस्कान की चुन्नी से गला घोंटकर हत्या कर दी।


40 से अधिक पुलिसकर्मियों की तीन टीम बनाईं
अधजले शव की शिनाख्त के लिए पुलिस ने घर-घर दस्तक दी। कुछ लोगों ने पुलिस को बताया कि उन्होंने 23 नवम्बर की रात को चम्पापुरा में सड़क किनारे स्कूटी खड़ी देखी और वहां पर आग की लपटें उठ रही थीं। लपटों के पास एक युवक हेलमेट पहने खड़ा था। उन्हें लगा कि युवक कचरा जला रहा है। इसलिए ज्यादा ध्यान नहीं दिया। पुलिस को यहां अहम सुराग मिलने के बाद 40 से अधिक पुलिसकर्मियों की तीन टीम बनाई गईं। एक टीम क्षेत्र में लगे सभी सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने में जुटी। दूसरी टीम जयपुर शहर व आस-पास के क्षेत्र में गुमशुदा लोगों की जानकारी जुटाने लगी और तीसरी टीम मुखबिरों के संपर्क में रहकर जानकारी जुटा रही थी।


स्कूटी के आगे बोरा रखकर जाते दिखा आरोपी
डीसीपी संजीव नैन ने एडिशनल डीसीपी रामसिंह शेखावत के नेतृत्व में एसीपी झोटवाड़ा, कालवाड़ थानाधिकारी व जिला विशेष टीम के प्रभारी की टीमें बनाई। एडिशनल डीसीपी शेखावत ने बताया कि सीसीटीवी कैमरे खंगाल रही टीम को एक जगह स्कूटी नजर आई। हेलमेट लगाए हुए आरोपी स्कूटी के आगे बोरा रखकर जाते दिखा और बाद में लौटते समय उसके पास बोरा नहीं था। सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली तो आरोपी के परकोटा क्षेत्र से आने-जाने का पता चला। पुलिस से बचने के लिए मनीष ने शव ठिकाने लगाने के लिए ले जाते समय मोबाइल घर पर छोड़ दिया था।

गुमशुदा की जानकारी जुटाई
पुलिस ने बताया कि जयपुर शहर और आस-पास के क्षेत्रों से लापता महिलाओं और युवतियों के संबंध में जानकारी जुटाई गई। कोतवाली थाने में 29 नवम्बर को आरोपी मनीष ने पत्नी मुस्कान की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में बताया कि 23 नवम्बर की रात करीब साढ़े दस बजे से सुबह तड़के 4 बजे के बीच मुस्कान घर से चली गई। शव जलाने का समय भी इस दौरान का ही था। मुस्कान के माता-पिता के डीएनए की रिपोर्ट से शव मुस्कान का होने की पुष्टि हुई। तब आरोपी मनीष से पूछताछ की गई तो उसने हत्या करना कबूल लिया।

मां-बाप व बेटे को भनक तक नहीं लगने दी
वारदात के समय मंदिर में बने घर में आरोपी के माता-पिता और बेटा भी सो रहा था, लेकिन शव को घर से बाहर ले जाने और देर रात घर लौटने तक की भनक परिजन को नहीं लगने दी। सुबह मुस्कान के घर पर नहीं मिलने पर परिजन ने पूछताछ की तो आरोपी ने कहा कि वह रात को कहीं पर चली गई।


पत्रिका ने उठाया था मुद्दा, कब क्या हुआ
- कालवाड़ थाना पुलिस ने 24 नवम्बर की सुबह शव मिलने के बाद उसे कांवटिया हॉस्पिटल में रखवा दिया और चुनाव ड्यूटी में व्यस्त हो गई। पुलिस ने शव की शिनाख्त के लिए कोई कदम नहीं उठाया। वहीं, कालाडेरा से लापता हुई एक बलात्कार पीडि़ता के परिजन ने शव उनकी बेटी का होने का दावा किया। फिर भी शव की शिनाख्त के लिए पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की।
- राजस्थान पत्रिका ने 29 नवम्बर को शव की शिनाख्त नहीं करवाने को लेकर परिजन को भटकाने की खबर प्रमुखता से प्रकाशित की। इसके बाद जयपुर ग्रामीण व कमिश्नरेट के 100 से अधिक पुलिसकर्मी शव की शिनाख्त के लिए लगाए गए। पुलिस ने बलात्कार पीडि़ता के परिजन के डीएनए से मिलान करवाने के लिए रक्त के नमूने लिए।
- इस दौरान 30 नवम्बर को पुलिस ने बलात्कार पीडि़ता को जिंदा तलाश लिया। तब पत्रिका ने फिर मुद्दा उठाया और एक दिसंबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया कि आखिरकार अधजला शव किसका है। तब कमिश्नर बीजू जॉर्ज जोसफ ने 40 से अधिक पुलिसकर्मियों को मामले के खुलासे के लिए लगाया था और आखिरकार पुलिस ने शव की शिनाख्त की और उसकी हत्या करने वाले को भी गिरफ्तार कर लिया।

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