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Free Travel In Rajasthan Roadways For Candidates : राजस्थान रोडवेज ने 7 जनवरी को होने वाली सहायक आचार्य, पुस्तकालयाध्यक्ष एवं शारीरिक प्रशिक्षण अनुदेशक परीक्षा के लिए अभ्यर्थियों के लिए बड़ी राहत दी है। इस दिन होने वाली परीक्षाओं के लिए अभ्यर्थी साधारण और एक्सप्रेस बसों में फ्री यात्रा कर सकेंगे। राजस्थान रोडवेज के एमडी नथमल डिडेल ने गुरुवार को आदेश जारी कर दिए हैं।

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प्रतियोगी परीक्षा में हिस्सा लेने वाले अभ्यर्थियों को कोई तकलीफ नहीं आए, इसके लिए एमडी ने सभी मुख्य प्रबंधकों से सभी इंतजाम करने को कहा गया है। मुख्य प्रबंधकों को जरूरत के मुताबिक स्थाई-अस्थाई बस स्टैंड, अतिरिक्त बसों की व्यवस्था, बसों के मेन्टीनेंस, बुकिंग विंडो एवं चालक-परिचालकों की प्रयाप्त व्यवस्था करने के लिए भी कहा गया है।

प्रवेश पत्र के साथ रखना होगा फोटो पहचान पत्र
जो अभ्यर्थी इन परीक्षाओं में शामिल होंगे, उन्हें रोडवेज बसों में यात्रा करते वक्त प्रवेश पत्र के साथ कोई भी फोटो युक्त पहचान पत्र अपने साथ रखना होगा। तभी उन्हें बसों में फ्री यात्रा की सुविधा मिलेगी। ऐसा नहीं करने पर यात्रियों को टिकट का भुगतान करना होगा। अभ्यर्थियों को परीक्षा से एक दिन पहले और एक दिन बाद तक फ्री यात्रा की सुविधा मिल सकेगी।

इन यात्रियों को वापस मिलेगा पैसा
डिडेल ने बताया कि 1 से 3 जनवरी के मध्य जाम और प्रदर्शन के चलते रद्द हुई बसों के यात्रियों का रिफंड भी प्रोसेस करने के लिए निर्देश दे दिए गए हैं।

pm modi Reaches Jaipur : जयपुर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी तीन दिवसीय यात्रा पर शुक्रवार शाम को जयपुर पहुंचें। उनका एयरपोर्ट पर सीएम भजनलाल शर्मा के अलावा चुनिंदा नेताओं ने उनका स्वागत किया। इसके बाद पीएम मोदी सीधे भाजपा कार्यालय पहुंचें। यहां वह नवनिर्वाचित विधायकों के साथ प्रदेश पदाधिकारियों, मोर्चा अध्यक्षों से रूबरू होंगे। यह पहला मौका है जब देश के पीएम पहली बार भाजपा कार्यालय पहुंचे हैं।

तय कार्यक्रम के अनुसार पीएम मोदी करीब 3 घंटे भाजपा कार्यालय पर रुकेंगे। वे पहले बैठक में शामिल होंगे। जिसमें सभी नेताओं के साथ उनका संवाद होगा। लोकसभा चुनाव के मद्देनजर वे नेताओं को कुछ टास्क भी दे सकते हैं। रात्रि भोज भी पीएम मोदी भाजपा कार्यालय पर ही करेंगे। इसके बाद वे राजभवन जाएंगे। जहां राज्यपाल से मुलाकात के बाद उनका रात्रि विश्राम का कार्यक्रम है।

चुनिंदा नेताओं से भी चर्चा संभव
सभी नेताओं की साझा बैठक के अलावा पीएम मोदी कुछ चुनिंदा नेताओं के साथ भी चर्चा कर सकते हैं। साझा बैठक में वे केंद्र सरकार की योजनाओं को जनता के बीच ले जाने के साथ ही विकसित भारत संकल्प अभियान को गति देने के निर्देश दे सकते हैं। 22 जनवरी को अयोध्या में राम मंदिर की प्राण—प्रतिष्ठा का कार्यक्रम है। राजस्थान से नियमित रूप से लोगों को दर्शन के लिए जत्थे ले जाने के भावी कार्यक्रम की तैयारियों पर भी पीएम चर्चा कर सकते हैं।

भाजपा कार्यालय को सजाया, मार्ग भी चमकाए
पीएम के एयरपोर्ट से भाजपा कार्यालय और यहां से राजभवन तक के मार्ग को आकर्षक रूप से सजाया गया है। गांधी सर्किल पर विशेष सजावट की गई है। इसके अलावा भाजपा कार्यालय को भी रंगीन रोशनी से सजाया गया है। यहां खिलते कमल लगाए गए हैं, जो पीएम को लुभाएंगे।

भाजपा कार्यालय के चारों तरफ एंट्री बंद
भाजपा कार्यालय की ओर से आने वाले सभी रास्तों को बंद कर दिया गया है। कार्यालय को एसपीजी ने अपने कब्जे में ले लिया है। यहां चुनिंदा लोगों को ही एंट्री दी जा रही है। गुरुवार को कार्यालय के चारों तरफ बेरिकेडिंग की गई। साथ ही पीएम के काफिले को कैसे निकाला जाए, इसकी रिहर्सल भी की गई।

पूर्ववर्ती गहलोत सरकार की महत्वाकांक्षी इंदिरा रसोई का नाम बदल गया है। अब यह रसोई श्री अन्नपूर्णा रसोई के नाम से जानी जाएगी। पीएम नरेंद्र मोदी के समक्ष सीएम भजन लाल शर्मा ने योजना का नाम बदलने की घोषणा की। पत्रिका ने सबसे पहले इस खबर को प्रकाशित किया था।

पूर्ववर्ती भाजपा सरकार के समय इस योजना का नाम अन्नपूर्णा रसोई ही था, मगर गहलोत सरकार ने सत्ता में आने के बाद इस योजना में आमूल—चूल परिवर्तन करते हुए इसका नाम इंदिरा रसोई योजना कर दिया था। कांग्रेस सरकार के समय योजना का विस्तार करते हुए रसोई की संख्या एक हजार तक कर दी गई। गौरतलब है कि गहलोत सरकार ने 2020 में 213 निकायों में 358 रसोई के साथ येाजना को शुरू किया था। अब योजना में रसोई की संख्या 1 हजार पहुंच गई है। कोरोना काल में करीब 72 लाख लोगों को योजना के तहत भोजन निशुल्क भोजन कराया गया था।

सरकार बदलते ही सुगबुगाहट हो गई थी शुरू

प्रदेश में भाजपा के सत्ता में आते ही सुगबुगाहट थी कि योजना का नाम जल्द बदला जाएगा। इन रसोई के तहत अब तक पूरे प्रदेशभर में 19 करोड़ से ज्यादा लोगों को भोजन कराया जा चुका है। रोजाना 2.45 लाख लोगों को आठ रुपए में भोजन कराया जा रहा है। रसोई संचालकों को सरकार की ओर से प्रति थाली 17 रुपए का अनुदान दिया जा रहा है।

अब ग्रामीण क्षेत्रों में रफ्तार पकड़ेगी योजना

गहलोत सरकार के आखिरी बजट में ग्रामीण क्षेत्रों में एक हजार इंदिरा रसोई खोलने का लक्ष्य रखा गया था। नोडल एजेंसी डीएलबी को बनाया गया। कुछ जगहों पर रसोई खोली गई तो कई जगहों पर स्थान चिन्हित किया गया। लेकिन सरकार बदलने के बाद फिलहाल काम अटका पड़ा है। मगर अब नाम बदलने से योजना को रफ्तार मिलने की उम्मीद है।

पत्रिका ने सबसे पहले चलाई थी खबर

पत्रिका ने सबसे पहले इस खबर को चलाया था। जिसमें बताया गया था कि सरकार बदलने के साथ ही इंदिरा रसोई योजना का नाम बदलने की कवायद है। आज सीएम भजन लाल शर्मा ने रसोई का नाम श्रीअन्नपूर्णा रसोई रखने की घोषणा कर दी है।

 

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जयपुर. राजस्थान फार्मेसी काउंसिल में फर्जी दस्तावेज के आधार पर पंजीकरण के मामले सामने आने के बाद अब वर्ष 2018 में भाजपा सरकार के समय निकाली गई फार्मासिस्ट भर्ती परीक्षा को निरस्त कर इसे लिखित रूप में कराने के लिए संशोधित विज्ञप्ति जारी करने की मांग शुरू हो गई है। वर्ष 2018 में निकली इस भर्ती की परीक्षा के लिए पांच बार तारीखें जारी गई थी, लेकिन उसे निरस्त कर वन टाइम मेरिट से भर्ती का निर्णय कर लिया गया। लेकिन फर्जी डिप्लोमा की भरमार के कारण यह भर्ती पूरी नहीं हो पाई।

अब अभ्यर्थियों ने फ्रेशर और संविदा में समानता लाने के लिए चयनित सीटों का बंटवारा मध्यप्रदेश की तरह 80:20 के अनुपात में करने की मांग की है। अभ्यर्थियों का आरोप है कि राज्य में मात्र दो सरकारी कॉलेजों में अध्ययन करने वाले विद्यार्थियों को बहुत कम अंक प्राप्त होते हैं, जबकि निजी कॉलेजों में अच्छे अंक प्राप्त होते हैं। राज्य के बाहर के विश्वविद्यालय से तो काफी अधिक प्रतिशत की अंकतालिकाएं बनी होती हैं। इसको लेकर राजस्थान फार्मासिस्ट संगठन के प्रदेश अध्यक्ष महेन्द्र जांगिड़ के नेतृत्व में शुक्रवार को मुख्य सचिव सुधांश पंत को ज्ञापन भी दिया गया। जिसमें फर्जी पंजीकरण के मामले की सीबीआई या सीआईडी से जांच की मांग की गई है।

कांग्रेस सरकार में नियम बदलकर मेरिट आधारित की गई
भाजपा सरकार ने फार्मासिस्ट भर्ती-2018 को परीक्षा से कराने का निर्णय लिया था। जिसे कांग्रेस सरकार के आने के बाद नियम बदलकर मेरिट आधारित करवा दिया गया। इसके बाद फर्जी पंजीकरण के मामले सामने आने के कारण भर्ती अटक गई।
2012 में परीक्षा से हुई थी भर्ती
वर्ष 2012 की फार्मासिस्ट भर्ती प्रक्रिया परीक्षा से थी। जिसमें समस्याएं सामने नहीं आई। अब 30 नंबर तक अनुभव वालों को बोनस दिए जा रहे हैं। उन्हें परीक्षा में मात्र 30-35 नंबर लाने होते हैं, जबकि फ्रेशर फार्मासिस्टों को 70 में से 60-65 अंक लाने होते हैं। अनुभव और फ्रेशर दोनों को मौका मिलता है।


जयपुर। प्रदेश में एकबारगी फिर लॉरेंस विश्नोई के नाम से धमकी देने का मामला सामने आया है। मामला सवाई माधोपुर के खंडार का है। जहां पादड़ी तोपखाने के महंंत बालकानंद गिरी को लॉरेंस विश्नोई के भांजे के नाम से धमकी मिली है। फोन करने वाले ने गैंगस्टर लॉरेंस विश्नोई के भांजे के नाम से 20 करोड़ रुपए की रंगदारी मांगी है। संत को धमकी दी है कि 3 दिन में 20 करोड़ की व्यवस्था कर ले, नहीं तो शरीर को गोलियों से छलनी कर दूंगा। महंत बालकानंद गिरी ने खंडार थाने में मुकदमा दर्ज कराया है।

दर्ज रिपोर्ट में बताया है कि वे 29 दिसंबर को दोपहर करीब 2 बजे अपने आश्रम में भजन कर रहे थे। उनके मोबाइल पर एक अज्ञात मोबाइल नंबर से कॉल आया। कॉल करने वाले ने कहा कि मैं लॉरेंस विश्नोई का भांजा बोल रहा हूं। तुम 3 दिन के अंदर 20 करोड़ रुपए की व्यवस्था कर देना। नहीं तो शरीर को बंदूक की गोलियों से छलनी कर दूंगा। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

महंत बालकानंद गिरी ने बताया कि आरोपी ने धमकी दी कि गोगामेड़ी के पास सिक्योरिटी होते हुए भी वह नहीं बच सका तो सोच तेरा क्या हाल होगा। बदमाश ने कहा कि एसपी और कलेक्टर के भी परिवार हैं। वो तुझे बचाने नहीं आएंगे। तेरे आश्रम पर इतनी गोली चलाई जाएंगी सोच नहीं पाएगा।

बता दें कि बालकानंद गिरी सवाई माधोपुर जिले की खंडार तहसील में तोप खाना स्थित श्री कृष्ण कृपा धाम आश्रम के महंत हैं। जूना अखाड़ा उज्जैन परिक्षेत्र के थानापति हैं। साथ ही जूना अखाड़े के सदस्य हैं।

Weather forecast : जयपुर। राजस्थान में हाडकंपाने वाली कड़ाके की ठंड का सितम आगामी 72 घंटे में ओर ज्यादा हावी रहेगा। नए पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से कुछ जिलों में बारिश के साथ-साथ ओलावृष्टि के लिए मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है। इस बीच तापमान में गिरावट के साथ ही शीतलहर चलने से जाड़े से आमजन की दिनचर्या प्रभावित होगी। इधर जयपुर समेत पूरे प्रदेश में पांचवें दिन भी शुक्रवार को उत्तर भारत से आ रही सर्द हवाओं से गलनभरी सर्दी से लोग परेशान रहे। 20 से अधिक जिले घने कोहरे की आगोश में है। सबसे कम तापमान माउंट आबू में जमाव बिंदु के नीचे माइनस एक डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

वाहनों की थमी रफ्तार
कोहरा छाने स दृश्यता कम नजर आ रही है। इस बीच सर्दी से बचने के लिए लोग गर्म कपड़ों के साथ ही अलाव जलाकर सर्दी से बचने की जुगत लगाते दिखे। कोहरे ने वाहनों की रफ्तार भी धीमी कर दी। के कारण सड़कें भी गीली नजर आई। जयपुर का पारा 7.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। बीते 24 घंटे में एक डिग्री से अधिक जयपुर के पारे में बढ़ोतरी दर्ज की गई।

उदयपुर में न्यूनतम तापमान 6.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। ये इस सीजन का सबसे कम तापमान रहा है। अलवर में न्यूनतम तापमान 7.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सीकर में शुक्रवार सुबह तेज सर्दी के कारण फसलों पर ओस की बूंदे जमने लगी है। चूरू का 5.4, फतेहपुर का न्यूनतम तापमान 3.5 और सीकर का न्यूतनम तापमान 3.5 डिग्री दर्ज सेल्सियस दर्ज किया गया। कोटा में भी शीतलहर चलने से लोग कांप उठे। दृश्यता 200 मीटर से भी कम रही। न्यूनतम तापमान 10.6 डिग्री सेल्सियस रहा। बीकानेर सरकारी एवं निजी स्कूलों में शीतकालीन अवकाश नौ जनवरी तक बढ़ा दिया गया है। इस संबंध में जिला कलक्टर भगवती प्रसाद कलाल ने शुक्रवार को आदेश जारी किए।

भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़ व प्रतापगढ़ में भी घना कोहरा छाया रहा। न्यूनतम तापमान 8.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जिला कलक्टर आशीष मोदी ने जिले में कक्षा पहली से आठवीं तक सरकारी व गैर सरकारी स्कूलों में 13 जनवरी तक अवकाश घोषित कर दिया है। कक्षा नवीं से बारहवीं तक के स्कूल सुबह दस बजे पहले नहीं खुलेंगे। जालोर में जिला कलक्टर निशान्त जैन ने राजकीय व गैर राजकीय विद्यालयों में कक्षा नर्सरी से कक्षा-5 तक 6 से 13 जनवरी तक कक्षा 6 से 8 तक के लिए शनिवार को एक दिवसीय अवकाश घोषित किया है। यह आदेश विद्यार्थियों के लिए ही मान्य रहेगा। जोधपुर में भी 14 जनवरी तक अवकाश घोषित किया है।

कल से सक्रिय होगा नया पश्चिमी विक्षोभ
मौसम विभाग के अनुसार सात जनवरी से एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा। आठ जनवरी को अजमेर, बांसवाड़ा, बारां, भीलवाड़ा, बूंदी, चित्तौडगढ़़, डूंगरपुर, जयपुर, झालावाड़, कोटा, राजसमंद , सीकर, सिरोही, टोंक, उदयपुर, जालौर, जोधपुर, नागौर और पाली जिलों में मेघगर्जन और वज्रपात के साथ ओलावृष्टि तथा दौसा, बाड़मेर, बीकानेर व चूरू जिले में मेघगर्जन और वज्रपात के साथ बारिश होगी। इसी तरह नौ जनवरी को अजमेर, अलवर, बारां, भरतपुर, बूंदी, दौसा, धौलपुर, जयपुर, झुंझुनूं, करौली, सवाई माधोपुर, सीकर, टोंक, बीकानेर, चूरू, हनुमानगढ़, नागौर व श्रीगंगानगर में बादलों की गरज के साथ बारिश व ओले गिरेंगे।

राजस्थानियों के लिए गौरव की बात है कि राम मंदिर की नींव में राजस्थान के पचास से अधिक मंदिर, मठ, आश्रम और तीर्थ क्षेत्रों की 'रज कण' डाली गई है। छोटी काशी के नाम से विख्यात राजधानी जयपुर के प्रसिद्ध श्री राधागोविंद देवजी मंदिर और मोतीडूंगरी गणेश मंदिर के अलावा तपोभूमि गलता तीर्थ, हल्दीघाटी, चित्तौड़गढ़, मेहंदीपुर बालाजी, त्रिनेत्र गणेश व डिग्गी कल्याण जी की मिट्टी का उपयोग नींव तैयार करने में किया गया है। इतिहास में मीरा की भक्ति, महाराणा प्रताप के पराक्रम और वीर सपूतों के शौर्य के लिए विश्व प्रसिद्ध राजस्थान की माटी अब अयोध्या में निर्मित 'रामलला' मंदिर की नींव की मजबूती में अपने योगदान के लिए याद रखी जाएगी। मंदिर के हरेक भाग में राजस्थानी रज अपनी सुगंध बिखेरेगी।

देश के ढाई हजार से अधिक क्षेत्रों से आई मिट्टी

यदि पूरे देशभर के तीर्थ स्थानों व मंदिरों की बात की जाए तो नींव को मजबूत बनाने में 2 हजार 587 क्षेत्रों की मिट्टी का उपयोग किया गया है। हजारों साल तक राम मंदिर सुरक्षित खड़ा रहे, इसलिए इसकी नींव के निर्माण का कार्य लगभग पांच महीनों तक चला। मंदिर निर्माण के लिए जमीन की 50 फीट गहराई में कांक्रीट की आधारशिला रखी गई। जिसकी 2.77 एकड़ भूमि पर भव्य राम मंदिर बन रहा है।

राजस्थान में यहां से एकत्रित हुई मिट्टी

जयपुर से मोती डूंगरी गणेशजी, गोविंद देवजी, गलता पीठ, घाट के बालाजी, शिलामाता, झूलेलाल मंदिर अमरापुर, श्री ताड़केश्वर महादेव मंदिर, त्रिवेणी धाम, शाकंभरी माता सांभर, ज्वाला माता मंदिर जोबनेर, वीर हनुमान मंदिर सामोद, पंचखंड पीठ विराटनगर, सीकर जिले से खाटूश्याम जी, रेवासा पीठ, जीणमाता मंदिर, चूरू जिले से सालासर बालाजी, ददरेवा धाम राजगढ़, झुंझुनूं जिले से रानी सती मंदिर, सूर्य मंदिर लोहार्गल, शाकंभरी माता मंदिर उदयपुरवाटी, अलवर जिले से भर्तृहरि धाम पांडुपोल, करौली जिले से मदन मोहन जी मंदिर, कैला माता मंदिर।

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जयपुर. डीजी-आइजी कॉन्फ्रेंस में शामिल होने के लिए केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह शुक्रवार दोपहर डेढ़ बजे जयपुर एयरपोर्ट पहुंचे। यहां से सीधे झालाना स्थित राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर (आरआइसी) पहुंचे। इससे पहले शहर में आए सभी राज्यों के पुलिस अधिकारी व सुरक्षा एजेन्सियों के अधिकारी आरआइसी पहुंच गए थे। उद्घाटन सत्र में पुलिस मुख्यालय के अधिकारी भी मौजूद रहे। कुछेक अधिकारियों को छोड़कर बाहर से आए अधिकारी व पुलिस मुख्यालय के अधिकारियों को बसों से आरआइसी सेंटर पहुंचाया गया। उद्घाटन सत्र में डीजी-आइजी कॉन्फ्रेंस के संबंध में जानकारी दी गई। शनिवार को कॉन्फ्रेंस का मुख्य सत्र होगा, जिसमें शहर की आंतरिक सुरक्षा, साइबर अपराध, मादक पदार्थ, आतंकियों के मुद्दों पर विशेष चर्चा होगी और उनके निराकरण के लिए सुझाव दिए जाएंगे। शनिवार को प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में होने वाली कॉन्फ्रेंस में चयनित अधिकारी ही शामिल होंगे और मुद्दों के अनुसार प्रजेंटेशन देंगे। वहीं उद्घाटन सत्र की समाप्ति के बाद सभी अधिकारियों को उनके ठहरने वाले स्थानों पर पहुंचाया गया। केन्द्रीय गृह मंत्री शाह सहकार मार्ग स्थित बिजली विभाग के गेस्ट हाउस में और बाहरी राज्यों से आए वीआइपी अधिकारी विधायकों के फ्लैट में ठहरे हैं।

ये रहेंगे तैनात

- यातायात व्यवस्था के लिए 1400 ट्रैफिक पुलिसकर्मी

- पुलिस लाइन से सुरक्षा व्यवस्था के लिए 2500 पुलिसकर्मी

- जयपुर कमिश्नरेट की सभी थाना पुलिस

- कार्यक्रम स्थल व ठहरने वाले स्थानों पर कमांडो तैनात रहेंगे

- प्रधानमंत्री की सुरक्षा का पहला घेरा एसपीजी का रहा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार को पहली बार राजस्थान भाजपा कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने नवनिर्वाचित विधायकों, प्रदेश पदाधिकारियों और मोर्चा अध्यक्षों के साथ बैठक की। उन्होंने नौकरशाही को लेकर भाजपा नेताओं को बड़ा मंत्र दिया।

उन्होंने कहा कि अधिकारियों के ट्रांसफर से बचना चाहिए। नौकरशाही कभी किसी पार्टी की नहीं होती। यह हो सकता है कि किसी पार्टी की सरकार के समय वह किसी की खास हो जाए, लेकिन जिस पार्टी की सरकार होगी, नौकरशाही उसके अनुरूप ही काम करती है। मोदी के इस बयान से साफ है कि उन्होंने देश और प्रदेश की नौकरशाही पर पूरा विश्वास जताया है। मोदी ने विधायकों व पदाधिकारियों से यह भी कहा कि हर महीने एक गांव में जाकर रात्रि विश्राम करें। अपना टिफिन साथ लेकर जाएं और जिसके घर रुके वहां पर भोजन करें। ऐसा करेंगे तो पांच साल में आप 60 गांवों को कवर कर सकेंगे। इससे पहले मोदी का एयरपोर्ट पहुंचने पर राज्यपाल कलराज मिश्र और मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने स्वागत किया। भाजपा कार्यालय पहुंचने पर भजन सरकार के सभी मंत्रियों ने उनको फूल भेंटकर स्वागत किया। कार्यालय के अंदर बने सर्किल से रेड कारपेट पर मोदी का स्वागत किया गया। बैठक के बाद मोदी ने सभी नेताओं के साथ भाजपा कार्यालय पर ही डिनर किया। इसके बाद मोदी राजभवन पहुंचे, जहां राज्यपाल कलराज मिश्र ने उनका स्वागत किया। मोदी रात्रि विश्राम राजभवन में ही करेंगे।

भाजपा का मतलब है सेवा करो

पीएम मोदी ने सभी मंत्री, विधायक और नेताओं से केंद्र सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओं को जनता तक पहुंचाने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि भाजपा का मतलब है सेवा करो। हर गरीब तक आपकी सेवा जानी चाहिए। योजनाओं को लेकर जनता के बीच जाएं और उन योजनाओं का जनता को लाभ पहुंचाएं।

ऐसा नहीं लगा मोदी पीएम हैं

भाजपा कार्यालय पहुंचे मोदी प्रसन्न मुद्रा में नजर आए। उन्होंने सभी नेताओं को कहा कि जयपुर आया था, इसलिए सभी से मिलने की इच्छा थी। सभी नेताओं को ऐसा बिलकुल महसूस नहीं हुआ कि मोदी पीएम हैं। बिलकुल परिवार के मुखिया की तरह उन्होंने नेताओं से बात की। इससे पार्टी के बीच अच्छा संदेश जाएगा।

वसुंधरा राजे नहीं आई

पीएम की बैठक में सभी विधायकों को आमंत्रित किया गया था। लेकिन पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे बैठक में नहीं आई। विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी भी बैठक में शामिल नहीं हुए।

 

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pm modi In Rajasthan : जयपुर। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को भाजपा प्रदेश कार्यालय में विधायकों और प्रदेश पदाधिकारियों से संवाद किया। बैठक में सीएम, मंत्री सहित 113 विधायक शामिल हुए। इस बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे शामिल नहीं हुई, वहीं विधानसभा अध्यक्ष बनाए जाने के कारण वासुदेव देवनानी भी बैठक में शामिल नहीं हुए। बैठक में लोकसभा चुनावों, नई सरकार को चलाने, संगठन को सक्रिय करने पर विस्तृत चर्चा हुई।

सूत्रों के अनुसार कुछ विधायकों से सवाल-जवाब भी किए गए। प्रदेश भाजपा ने इस बैठक का पूरा फोकस केन्द्र की मोदी सरकार और उनकी गारंटियों पर ही रखा। प्रदेश भाजपा कार्यालय में जगह-जगह मोदी गारंटियों के होर्डिंग लगाए गए थे। बदल गई सियासी तस्वीर भाजपा प्रदेश कार्यालय के बाहर पहले प्रदेश अध्यक्ष सी पी जोशी, पूर्व सीएम वसुंधरा राजे और राजेन्द्र राठौड़ के फोटो लगे हुए थे, लेकिन अब सरकार बनने के बाद यहां की तस्वीर भी बदल दी गई है।

मोदी के भाजपा कार्यालय आने से पहले होर्डिंग बदला गया। प्रदेश अध्यक्ष सी पी जोशी के साथ सीएम भजनलाल शर्मा, डिप्टी सीएम दीया कुमारी, प्रेम चंद बैरवा की फोटो लगाई गई। एयरपोर्ट पर हुआ स्वागत पीएम नरेन्द्र मोदी शुक्रवार शाम को जयपुर एयरपोर्ट पहुंचे। यहां उनका राज्यपाल कलराज मिश्र, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सी पी जोशी, घनश्याम तिवाड़ी, रामचरण बोहरा, सौम्या गुर्जर, राजेन्द्र राठौड़, अरुण चतुर्वेदी, सतीश पूनिया, अशोक परनामी, अल्का गुर्जर, मुख्य सचिव सुधांश पंत, पुलिस महानिदेशक यू आर साहू, कलक्टर प्रकाश राजपुरोहित, पुलिस कमिश्नर बीजू जार्ज जोसफ ने स्वागत किया।

Congress Screening Committee For LS Elections 2024 : इसी साल होने वाले लोक सभा चुनाव के लिए कांग्रेस ने प्रत्याशी चयन की प्रक्रिया तेज कर दी है। इस कड़ी में स्क्रीनिंग कमेटी का गठन किया गया है। कांग्रेस ने राज्यों को मिलाकर पांच क्लस्टर बनाए हैं, जिनके लिए अलग अलग स्क्रीनिंग कमेटियां बनाई गई है। राजस्थान, मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ को एक क्लस्टर में रखा गया है।

इस कमेटी का चेयरमैन महाराष्ट्र की सांसद रजनी पाटिल को बनाया गया है। पाटिल के साथ ही स्क्रीनिंग कमेटी के अन्य सदस्य कृष्णा अल्लावरू और हॉकी खिलाड़ी परगट सिंह हैं। जबकि राज्यों के प्रभारी, सह प्रभारी, प्रदेश अध्यक्ष और विधायक दल के नेता कमेटी के सदस्य रहेंगे। राजस्थान के हरीश चौधरी को उत्तर प्रदेश, हरियाणा समेत आठ राज्यों के क्लस्टर की समिति का अध्यक्ष बनाया गया है। उल्लेखनीय है कि 2024 के आम चुनाव अप्रेल-मई में होने वाले हैं।

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आम चुनाव कांग्रेस के लिए करो या मरो जैसा हो गया है। भाजपा जहां राम लहर बनाने की कोशिश में जुटी हुई है, वहीं भारत जोड़ो न्याय यात्रा के साथ कांग्रेस अपने कोर वोटर्स को हर हाल में पार्टी से जोडऩे की मुहिम में जुट गई है। इसके लिए पार्टी ने इन समितियों का गठन किया है।

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इसके अलावा देश की सबसे पुरानी पार्टी ने वोटर लिस्ट से पोलिंग बूथ तक माइक्रो प्लान तैयार कर इसे अमलीजामा पहनाना शुरू कर दिया है। दरअसल, कांग्रेस के लिए सबसे अधिक चिंता हिंदी पट्टी के राजस्थान, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, बिहार, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड की करीब 200 से अधिक लोकसभा सीटों को लेकर बनी हुई है। पार्टी अपने खोए जनाधार की वापसी की कोशिश में जुटी हुई है।

नई दिल्ली. भारत सरकार ने वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) के पास सबसे चुनौतीपूर्ण और रणनीतिक परियोजना अरुणाचल प्रदेश में फ्रंटियर हाईवे पर काम शुरू कर दिया है। 1748 किलोमीटर लंबे एनएच-913 हाईवे के 2027 तक पूरा होने की उम्मीद है। केंद्र सरकार ने गुरुवार का इस परियोजना के लिए पहली निविदाएं आमंत्रित कर दी हैं। हालांकि सडक़ परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय (एमओआरटीएच) ने अभी इसकी लागत नहीं बताई है, लेकिन सूत्रों के मुताबिक अलग-अलग चरणों में परियोजना पर 40 हजार करोड़ की लागत आने का अनुमान है। हाईवे भूटान बॉर्डर के पास स्थित तवांग से शुरू होकर भारत-म्यांमार सीमा पर विजयनगर में समाप्त होगा। यह राजमार्ग भारत-तिब्बत-चीन और म्यांमार सीमा के करीब से गुजरेगा। चीन एलएसी से अपनी ओर बुनियादी ढांचे को मजबूत कर रहा है, फ्रंटियर हाईवे को इसी का जवाब माना जा रहा है। चीनी सैनिकों की गतिविधियों पर नजर रखने और संघर्ष की स्थिति में सुरक्षा बलों, हथियारों और रसद सामग्री की सीमा पर शीघ्र पहुंच सुनिश्चित करने के लिए इस परियोजना की रूपरेखा वर्ष 2016 में बनाई गई थी। इसके बाद से ही चीन इस पर आपत्ति जता रहा है।

चीन की आपत्ति दरकिनार
2016 में इस प्रोजेक्ट की घोषणा के बाद चीन ने इस पर जोरदार आपत्ति जताई थी। इसे लेकर चीन के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता होंग ली ने कहा था कि जब तक दोनों देशों के बीच चल रहे सीमा विवाद का समाधान नहीं हो जाता है तब तक भारतीय पक्ष को ऐसा कोई भी कदम उठाने से बचना चाहिए, जिससे हालात और खराब होने की स्थिति बने। हालांकि भारत ने अपने सामरिक हितों को ध्यान में रखते हुए चीन की आपत्ति को दरकिनार कर दिया।

पहले चरण में आएगी 2200 करोड़ की लागत
रिपोर्ट के मुताबिक, भारत सरकार ने जो पहली निविदाएं आमंत्रित की है, उनकी लागत करीब 2,200 करोड़ रुपए है। इस प्रोजेक्ट के तहत एलएसी से सटे हुनली और हयुलियांग के बीच लगभग 121 किमी लंबे एक महत्वपूर्ण राजमार्ग का निर्माण किया जा रहा है। वहीं, हुनली और इथुन के बीच 17 किमी लंबा रणनीतिक पुल और टुटिन से जिदो तक 13 किमी लंबी सडक़ का निर्माण किया जा रहा है।

अब 62 वाली बात नहीं: खांडू
प्रस्तावित राजमार्ग के बारे में बात करते हुए, अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने सोमवार को कहा था, '1962 एक इतिहास था और यह कभी नहीं दोहराया जाएगा। 1962 में परिदृश्य बहुत अलग था। क्षेत्र का बुनियादी ढांचा खराब होने के बावजूद भारतीय सेना ने बहादुरी से लड़ाई लड़ी और देश की रक्षा के लिए हजारों जानें कुर्बान की। लेकिन आज हम वो नहीं हैं जो 1962 में थे।

.....और भी फायदे
9 भागों में पूरे होने वाले इस हाईवे का पहला उद्देश्य सामरिक मजबूती है। इसके अलावा यह हाईवे बनने से रिहायशी क्षेत्रों से लोगों का पलायन रुकेगा। हाईवे पूरा होने के बाद विकास में तेजी आएगी।

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IAS - RAS Transfer: राजस्थान में सरकार ने बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। भजन लाल सरकार का यह पहला प्रशासनिक फेरबदल है। इसमें आधे से ज्यादा राजस्थान के कलक्टर और अन्य प्रशासनिक अफसर बदले गए हैं। शाम पांच बजे के करीब नए मंत्रियों को उनके विभाग मिले और रात दो बजे के करीब एक के बाद एक दो तबादला सूची जारी की गई। पहली सूची आईएएस अफसरों की थी और दूसरी में आरएएस अफसरों के नाम थे। आईएएस अफसरों की तबादला सूची में करीब 33 जिलों के कलक्टर बदल दिए गए हैं। उसके अलावा उन जिलों में भी बदलाव किया गया है जिन्हें हाल ही में गहलोत सरकार ने बनाया था।

नए जिलों में आईएएस अफसरों के तबादलों के साथ ही आरएएस अफसरों को भी बदला गया है। बताया जा रहा है कि अब जल्द ही पुलिस में बड़े फेरबदल की लिस्ट जारी होने वाली है। जैसे ही डीजी आईजी कांफ्रेंस पूरी होती है उसके तुरंत बाद तबादला लिस्ट जारी कर दी जाएगी। डीजी आईजी कांफ्रेंस रविवार सात जनवरी को पूरी होगी और पहली तबादला सूची रविवार देर रात तक जारी हो सकती है।

इस लिस्ट में आईपीएस और आरपीएस अफसर शामिल रहेंगे। उधर जयपुर में चल रही डीजी आईजी कांफ्रेस में आज दूसरा दिन है। आज पीएम मोदी का सैशन है। पीएम मोदी आज देश भर से आई डीजी आईजी और अन्य आईपीएस ऑफिसर्स को संबोधित करेंगे। इस सैशन आतंकवाद, खालिस्तान, साइबर अपराध , एआई जैसे बिंदु महत्वपूर्ण हो सकते हैं। देश दुनिया में बदलाव के साथ ही अपराध में भी बड़ा बदलावा आ रहा है जो दुनिया भर के देशों के लिए चुनौतीपूर्ण हैं।

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Today Petrol and Diesel price : भारतीय तेल कंपनियों ने शनिवार सुबह 6 बजे पेट्रोल और डीजल की नई कीमतें जारी कर दी हैं। राजस्थान की बात करें तो यहां कई शहरों में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में मामूली गिरावट दर्ज की गई है। प्रदेश में आज झालावाड़ में पेट्रोल और डीजल सबसे ज्यादा सस्ता हुआ है। यहां पेट्रोल 1 रुपए 6 पैसे की गिरावट के साथ 109.17 और डीजल 98 पैसे की गिरावट के साथ 94.33 रुपए प्रति लीटर बिक रहा है। राजधानी जयपुर की बात करें तो यहां पेट्रोल और डीजल क्रमशः 108.48 और 93.72 रुपए प्रति लीटर बिक रहा है। राजधानी में कीमतें यथावत रहीं।


यहां सस्ता हुआ पेट्रोल और डीजल
शनिवार को प्रदेश में अलवर, बारां, बूंदी, धौलपुर, डुंगरपुर, गंगानगर, जैसलमेर, झालावाड़, झुंझुनूं, करौली, कोटा, प्रतापगढ़ और राजसमंद में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में मामूली गिरावट दर्ज की गई।

जानिए पेट्रोल-डीजल की कीमत
अजमेर- 108.52- 93.75
अलवर - 108.94- 94.11
बांसवाड़ा- 110.30- 95.37
बारां- 108.54- 93.77
बाड़मेर- 110.46- 95.52
भरतपुर- 108.17- 93.42
भीलवाड़ा- 108.84- 94.03
बीकानेर- 111.08- 96.08
बूंदी- 108.26- 93.51
चित्तौड़गढ़- 108.59- 93.81
चूरू- 110.91- 95.91
दौसा - 109.65- 94.75
धौलपुर - 108.91- 94.09
डुंगरपुर- 110.22- 95.30
गंगानगर- 112.96- 97.76
हनुमानगढ़- 112.61- 97.45
जयपुर - 108.48- 93.72
जैसलमेर- 110.74- 95.77
जालौर- 109.78- 94.90
झालावाड़- 109.17- 94.33
झुंझुनूं- 109.54- 94.68
जोधपुर - 108.58- 93.82
करौली- 108.75- 93.94
कोटा- 108.01 - 93.28
नागौर- 109.88- 94.99
पाली- 108.92- 94.13
प्रतापगढ़- 108.53- 93.78
राजसमंद- 108.98- 94.17
सवाईमाधोपुर - 110.36- 95.40
सीकर - 109.32- 94.48
सिरोही - 110.39- 95.46
टोंक - 109.62- 94.75
उदयपुर - 109.27- 94.44
(नोट- कीमतें प्रति लीटर में...)

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हर रोज सुबह तय होते हैं रेट
सभी ऑयल मार्केटिंग कंपनियों IOC, BPCL और HPCL के पेट्रोल-डीजल की कीमत हर दिन घटती-बढ़ती रहती हैं। पेट्रोल-डीजल का नया दाम रोजाना सुबह 6 बजे अपडेट होता है। सुबह छह बजे से नई दरें लागू हो जाती हैं। जिसमें एक्साइज ड्यूटी, डीलर कमीशन और अन्य चीजें जोड़कर पेट्रोल डीजल का दाम लगभग दोगुना हो जाता है।

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Inauguration Of DG-IG Conference: 58वें तीन दिवसीय पुलिस महानिदेशक-महानिरीक्षक (डीजी-आईजी) सम्मेलन का शुक्रवार को केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने उद्घाटन किया। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को कहा कि नए कानूनों को पढ़ें और थाना स्तर तक इसकी क्रियान्विती बेहतर रूप से कराएं। अंग्रेजों की गुलामी वाली शिक्षा व कानून से छुटकारा मिला है। नई शिक्षा नीति और तीन नए कानून अमृतकाल की उपलब्धि है। उद्घाटन सत्र में ही केन्द्रीय आईबी के अधिकारियों को मेडल दिए। इसके साथ ही देश के शीर्ष तीन थानों को ट्रॉफी दी गई।

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शाह दोपहर में एयरपोर्ट पहुंचे, जहां से वे सीधे राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर (आरआईसी) में आयोजित कॉन्फ्रेंस में शामिल हुए। केंद्रीय गृह मंत्री ने देश की सेवा में अपने प्राण न्यौछावर करने वाले सुरक्षा बलों के शहीदों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने नए कानूनों को लेकर कहा कि पांच साल की मेहनत कर तैयार किए गए हैं। इनकी पालना के दूरगामी परिणाम सामने आएंगे। नए कानून सजा के बजाय न्याय प्रदान करने पर केंद्रित हैं। इनके कार्यान्वयन से आपराधिक न्याय प्रणाली सबसे आधुनिक और वैज्ञानिक हो जाएगी। उन्होंने नए कानूनों के सफल कार्यान्वयन के लिए थानेदार से लेकर पुलिस महानिदेशक स्तर तक प्रशिक्षण और थाने से पुलिस मुख्यालय स्तर तक प्रौद्योगिकी उन्नयन की जरूरत बताई।

शाह ने देश में सुरक्षा परिदृश्य में समग्र सुधार बताया। कहा कि तीन महत्वपूर्ण हॉटस्पॉट जम्मू- कश्मीर, उत्तर-पूर्व और वामपंथी उग्रवाद में हिंसा में कमी आई है। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में यह सम्मेलन एक 'थिंक टैंक' के रूप में उभरा है, जो निर्णय लेने और नई सुरक्षा रणनीतियों को तैयार करने की सुविधा प्रदान करता है। उन्होंने 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने के प्रधान मंत्री के दृष्टिकोण को साकार करने में आंतरिक सुरक्षा की भूमिका पर भी प्रकाश डाला। हाइब्रिड मोड में आयोजित सम्मेलन में डीजी-आईजी और केंद्रीय पुलिस संगठनों के प्रमुख व्यक्तिगत रूप से भाग ले रहे हैं, वहीं देश भर से विभिन्न रैंकों के 500 से अधिक पुलिस अधिकारी वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े हैं। उद्घाटन सत्र में प्रदेश के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी शामिल हुए। सम्मेलन में सीमाओं की सुरक्षा, साइबर-खतरे, कट्टरपंथ, पहचान दस्तावेजों को धोखाधड़ी से जारी करना और एआई से उत्पन्न होने वाले खतरों सहित महत्वपूर्ण महत्व के सुरक्षा संबंधी मुद्दों पर विचार-विमर्श किया जाएगा।

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सभी राज्यों की एटीएस का स्वरूप हो एक समान
शाह ने कहा कि आतंकवाद सभी राज्यों के लिए गम्भीर मुद्दा है। इससे लड़ने के लिए किसी राज्य में एटीएस तो किसी में एसटीएफ बनी हुई है। जरूरत यह है कि सभी राज्यों में एटीएस एक जैसी हो। सभी एक मंच पर जानकारियां सांझा करें। इससे आतंकवाद से लड़ने में आसानी रहेगी।

थानों में दर्ज रिकॉर्ड का करें उपयोग
केन्द्रीय गृहमंत्री ने यह भी कहा कि थानों का कम्प्यूटराइजेशन हो रहा है। थानों में दर्ज होने वाले अपराध और अन्य जानकारी सभी साझा करें। यह सब एक प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध होनी चाहिए।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को भाजपा प्रदेश कार्यालय में विधायकों और प्रदेश पदाधिकारियों से संवाद किया। बैठक में सीएम, मंत्री सहित 113 विधायक शामिल हुए। इस बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे शामिल नहीं हुई, वहीं विधानसभा अध्यक्ष बनाए जाने के कारण वासुदेव देवनानी भी बैठक में शामिल नहीं हुए।

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बैठक में लोकसभा चुनावों, नई सरकार को चलाने, संगठन को सक्रिय करने पर विस्तृत चर्चा हुई। सूत्रों के अनुसार कुछ विधायकों से सवाल-जवाब भी किए गए। प्रदेश भाजपा ने इस बैठक का पूरा फोकस केन्द्र की मोदी सरकार और उनकी गारंटियों पर ही रखा। प्रदेश भाजपा कार्यालय में जगह-जगह मोदी गारंटियों के होर्डिंग लगाए गए थे।

बदल गई सियासी तस्वीर
भाजपा प्रदेश कार्यालय के बाहर पहले प्रदेश अध्यक्ष सी पी जोशी, पूर्व सीएम वसुंधरा राजे और राजेन्द्र राठौड़ के फोटो लगे हुए थे, लेकिन अब सरकार बनने के बाद यहां की तस्वीर भी बदल दी गई है। मोदी के भाजपा कार्यालय आने से पहले होर्डिंग बदला गया। प्रदेश अध्यक्ष सी पी जोशी के साथ सीएम भजनलाल शर्मा, डिप्टी सीएम दिया कुमारी, प्रेम चंद बैरवा की फोटो लगाई गई।

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एयरपोर्ट पर हुआ स्वागत
पीएम नरेन्द्र मोदी शुक्रवार शाम को जयपुर एयरपोर्ट पहुंचे। यहां उनका राज्यपाल कलराज मिश्र, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सी पी जोशी, घनश्याम तिवाड़ी, रामचरण बोहरा, सौम्या गुर्जर, राजेन्द्र राठौड़, अरुण चतुर्वेदी, सतीश पूनिया, अशोक परनामी, अल्का गुर्जर, मुख्य सचिव सुधांश पंत, पुलिस महानिदेशक यू आर साहू, कलक्टर प्रकाश राजपुरोहित, पुलिस कमिश्नर बीजू जार्ज जोसफ ने स्वागत किया।

Rajasthan Portfolio Allocation: मुख्यमंत्री भजनलाल ने मंत्रिमंडल में विभागों का बंटवारा कर दिया है। इस बार विभागों का बंटवारा कई मायनों में अहम है। पिछले कार्यकालों को देखें तो लंबे समय से मंत्रिमंडल में कुछ चेहरों को ही पावरफुल विभाग दिए जाते रहे हैं। लेकिन, इस बार 25 सदस्यीय मंत्रिमंडल में 18 मंत्रियों को अच्छे महकमों की जिम्मेदारी सौंपकर पावरफुल बनाया गया है। मंत्रिमंडल में शामिल 5 मंत्री पहले भी मंत्री रह चुके हैं। 20 पहली बार मंत्री बने हैं। नए बने मंत्रियों को भी महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी सौंपकर काम करने का बड़ा अवसर दिया गया है। प्रदेश में 20 साल बाद वित्त विभाग मुख्यमंत्री के अलावा अन्य के पास रहेगा।

भजनलाल सरकार में 25 में से मात्र पांच मंत्री ही पुराने हैं, जो पिछली सरकारों में मंत्री रहे हैं। इनमें गजेन्द्र सिंह खींवसर, सुरेन्द्र पाल सिंह टीटी, ओटाराम देवासी 2013 से 2018 की भाजपा सरकार में मंत्री रह चुके हैं। इसी प्रकार 2003 से 2008 में किरोड़ीलाल मीणा और मदन दिलावर मंत्री रहे। इनका औसत अनुभव 7 साल 8 माह का रहा है। प्रदेश की सत्ता की चाबी 25 साल तक मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और वसुंधरा राजे के पास रही। गहलोत ने 15 साल और राजे ने 10 साल सत्ता संभाली।

गहलोत ने पहले कार्यकाल में अपने पास कोई विभाग नहीं रखा और वित्त मंत्री चंदनमल बैद और प्रद्युम्न सिंह को बनाया, लेकिन इसके बाद गहलोत ने किसी को वित्त विभाग नहीं सौंपा। यही रिवाज तत्कालीन मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने कायम रखा। वे दो बार मुख्यमंत्री रहीं, लेकिन वित्त मंत्री किसी को नहीं बनाया। 1998 के बाद मुख्यमंत्री का चेहरा बदला और भजनलाल को सत्ता की चाबी मिली तो उन्होंने वित्त विभाग की जिम्मेदारी उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी को सौंप दी। दिया कुमारी ही अब राज्य का बजट विधानसभा में पेश करेंगी।

बंटवारे में खान विभाग नहीं
मंत्रियों को बांटे गए विभागों में खान विभाग का नाम नहीं है। लंबे समय बाद यह पहली बार हुआ है कि विभागों के बंटवारे में राजस्व आय के हिसाब से महत्वपूर्ण विभाग खान किसी को नहीं दिया। इससे साफ है कि खान विभाग का कामकाज मुख्यमंत्री भजनलाल ही देखेंगे। विभागों के बंटवारे को लेकर जारी आदेश में लिखा है कि जो विभाग बांटे नहीं गए हैं, उनका काम मुख्यमंत्री देखेंगे।

गहलोत की तर्ज पर भजनलाल
प्रदेश में अमूमन गृह विभाग मुख्यमंत्री अपने पास नहीं रखते। लेकिन पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने गृह विभाग और एसीबी अपने पास रखी। यह रिवाज मुख्यमंत्री भजनलाल अब आगे बढ़ाएंगे। उन्होंने गृह विभाग के साथ एसीबी भी अपने पास रखी है।

नए चेहरों को बड़ी जिम्मेदारी
राजस्थान में पेयजल बड़ा मुद्दा है। इसके लिए प्रदेश में दो बड़े प्रोजेक्ट चर्चा में हैं। इनको लेकर पिछले कार्यकाल में काफी सियासत भी गरम रही। इनमें ईस्टर्न राजस्थान कैनाल प्रोजेक्ट (ईआरसीपी) और जलजीवन मिशन बड़े प्रोजेक्ट हैं। इनकी जिम्मेदारी नए चेहरे कन्हैयालाल और सुरेश सिंह रावत को दी गई है। रावत ईआरसीपी और कन्हैयालाल जलजीवन मिशन को पूरा करेंगे।

दिया के विभाग में राज्य मंत्री भी महिला
उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी को दिए विभागों का राज्य मंत्री भी महिला को ही बनाया गया है। राज्यमंत्री के रूप में मंजू बाघमार दिया के साथ रहेंगी।

pm modi In Jaipur: प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी शुक्रवार को प्रदेश भाजपा कार्यालय पहुंचे तो वहां मौजूद मंत्रिमंडल के सदस्यों और विधायकों ने स्वागत के लिए पलक पांवड़े बिछा दिए। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, उप मुख्यमंत्री दियाकुमारी और डॉ.प्रेमचंद बैरवा सहित मंत्रिमंडल के सभी 23 सदस्य भाजपा कार्यालय के अंदर बने सर्कल के बाहर ही मौजूद रहे। पीएम का वाहन सीधे सर्कल के पास ठहरा। ऐसा पहली बार हुआ जब प्रधानमंत्री भाजपा कार्यालय पहुंचे हैं।

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सबसे पहले मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने पुष्प गुच्छ भेंट किया और उसके बाद सभी मंत्री स्वागत करते रहे। इस दौरान वहां बनाए गए भोजन स्थल के गेट को पूरी तरह ढक दिया गया। किसी अन्य को वहां आने की अनुमति नहीं थी। मोदी भाजपा के कार्यालय के मुख्य गेट से अंदर पहुंचे। यहां से सिर्फ मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सी.पी.जोशी को ही अंदर आने की अनुमति दी गई। सभी विधायकों और पार्टी पदाधिकारियों को कार्यालय के पिछले गेट से प्रवेश दिया गया।

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छोटे मंच तक भी पहुंचे लोग
कार्यालय के अंदर मौजूद सभी विधायकों, पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल रहा। इस बीच पीएम मोदी की एक झलक देखने के लिए कार्यकर्ता और आमजन उत्सुक नजर आए। कार्यालय के सामने सड़क के दूसरी ओर बनाए गए छोटे मंच तक भी लोग पहुंच गए। कई कार्यकर्ता भी एक झलक देखने को आतुर दिखे।

School Holidays in Rajasthan : राजस्थान में लगभग सभी जिलों में ठंडा मौसम है। कड़ाके की सर्दी पड़ा रहा है। सूरज के दर्शन नहीं हो रहे हैं। ठंडी हवाओं से सर्दी और बढ़ गई है। रात को दृश्यता 50 मीटर तक हो गई है। प्रदेश की यह स्थिति देखते हुए राजस्थान में 7 जिलों में प्रशासन ने शीतकालीन अवकाश को बढ़ा दिया है। अभी जयपुर, अजमेर, सीकर, झालावाड़ में स्कूलों की शीतकालीन छुट्टियों को बढ़ाया गया था। कल शुक्रवार को इन सात जिलों के कलक्टरों ने भी अपने जिलों के स्कूलों में शीतकालीन अवकाश को बढ़ा दिया है। बीकानेर सरकारी एवं निजी स्कूलों में शीतकालीन अवकाश 9 जनवरी तक बढ़ाया गया है। भीलवाड़ा में कक्षा पहली से आठवीं तक 13 जनवरी तक अवकाश घोषित किया गया है।

जालोर में कक्षा नर्सरी से कक्षा-5 तक 6 से 13 जनवरी तक कक्षा 6 से 8 तक के लिए शनिवार को एक दिनी अवकाश घोषित किया है। कोटपूतली जिले में कक्षा एक से 8वीं तक अवकाश 13 जनवरी तक किया गया है। दूदू में 13 जनवरी तक अवकाश रहेगा। दौसा व गंगापुरसिटी में 10 जनवरी तक अवकाश बढ़ाया गया है।

इन चार जिलों में भी बढ़ाए गई शीतकालीन छुट्टियां

इससे पूर्व गुरुवार को जयपुर समेत 4 जिलों के स्कूलों में शीतकालीन अवकाश बढ़ा दिया गया था। सर्दी को देखते हुए जयपुर और अजमेर में कलक्टर ने आठवीं कक्षा के स्कूलों का शीतकालीन अवकाश 13 जनवरी तक बढ़ा दिया हैं। झालावाड़ जिले में भी 8वीं तक के बच्चों का अवकाश 8 जनवरी तक बढ़ाया गया है। वहीं सीकर में 13 जनवरी तक अवकाश घोषित किया गया है। हालांकि, इस दौरान शिक्षकों एवं अन्य संचालित परीक्षाओं का समय यथावत रहेगा।

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जयपुर कलक्टर ने दी चेतावनी

जयपुर जिला कलक्टर प्रकाश राजपुरोहित ने कहा आदेश की अवहेलना करने वाले राजकीय एवं निजी विद्यालयों के खिलाफ नियमानुसार कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।

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Ayodhya Ramlala Temple Rajasthan Story: अयोध्या में आगामी 22 जनवरी को श्री रामलला के मंदिर में भगवान के विग्रह की प्राणप्रतिष्ठा होगी। देश-विदेश से भक्त इस क्षण के साक्षी बनेंगे। लेकिन इस मंदिर के निर्माण में राजस्थान की भूमिका अहम है, क्योंकि इसमें मंदिर के प्रवेश द्वार से लेकर भगवान के विग्रह को संभालने के लिए हमारे यहां का पत्थर लगाया गया है।

मंदिर निर्माण में हमारे प्रदेश के योगदान के बारे रिपोर्ट-
भीलवाड़ा: बिजौलियां के पत्थर से बना फर्श और परिक्रमा मार्ग
भीलवाड़ा जिले के बिजौलियां से करीब पांच हजार टन सैंड स्टोन अयोध्या भेजा गया। 2 गुना 2 फीट के ये पत्थर रामलला के मंदिर के फर्श और परिक्रमा में लगाए जा रहे हैं। इनकी मोटाई 40 व 75 एमएम की है। पत्थर भेजने का काम सितम्बर 2023 से चल रहा है। अब तक 100 से अधिक ट्रेलर पत्थर ले जा चुके हैं। यहां का लगभग 15 हजार टन रेड व ग्रे स्टोन पत्थर भी मंदिर परिसर में लगेगा।

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भरतपुर: हमारे पिंक स्टोन से बना रामलला का मंदिर
मंदिर निर्माण के लिए 1989 से मंदिर के लिए बयाना के बंशी पहाड़पुर से पत्थर ले जाने की शुरुआत हुई थी। इसके कुछ वर्ष बाद बंशीपहाड़पुर को वन संरक्षित घोषित कर दिया गया। केंद्र में भाजपा की सरकार बनने के बाद जब पत्थर सप्लाई का काम कंपनी को दिया गया तो वन संरक्षित क्षेत्र होने के कारण अड़चन आई। ऐसे में करीब एक वर्ष के अंदर रिजर्व फोरेस्ट से इस क्षेत्र को हटाकर खनन के लिए आवंटित कर दिया गया। इसके बाद बड़ी मात्रा में पिंक स्टोन की स्लैब अयोध्या पहुंची।

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नागौर: मकराना के संगमरमर पर विराजमान होंगे रामलला
मंदिर के गर्भगृह में संगमरमर से तैयार की गई वेदी पर रामलला विराजमान होंगे। इसे तैयार करने के लिए मकराना की खदानों से सफेद संगमरमर निकाला गया है। वेदी 3 फीट 4.5 इंच ऊंची है। इसकी विशेषता है कि समय के साथ ही इस पत्थर की चमक भी बढ़ती चली जाएगी। वेदी को बनाने के लिए कुशल कारीगर भी मकराना से ही गए हैं। गर्भगृह निर्माण के लिए 13 हजार 300 घनफीट संगमरमर काम लिया गया है। साथ ही 95 हजार 300 वर्गफीट मार्बल फर्श और क्लेडिंग (आवरण) में लगाया गया है। पत्थर मकराना में तैयार हुआ, बाद में कारीगरों ने अयोध्या पहुंचकर इसे जड़ा।

Rajasthan politics news: पांच जनवरी को राजस्थान की राजनीति में हलचल तेज ही रही। भाजपा कार्यालय पूरी तरह से सजाया गया। यहां पहली बार भाजपा के प्रधानमंत्री पहुंचे थे। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जयपुर आने पर सीधे ही भाजपा कार्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने सीएम, मंत्रियों , विधायकों व भाजपा पदाधिकारियों से मुलाकात की। बात-बात में कई सीख भी दी। हालांकि वसुन्धरा राजे इस अवसर पर अनुपस्थित नजर आई।


इधर बहुप्रतीक्षित मंत्रिपरिषद का गठन आखिर हो ही गया। प्रधानमंत्री मोदी के जयपुर की धरा पर कदम रखने से पहले ही मंत्रियों को विभाग बांट दिए गए। दिन भर मंत्रियों के विभागों के बंटवारे की चर्चा होती रही। किसे क्या मिला, क्यों मिला, आगे क्या रहेगी रणनीति? इन्हीं विषयों के इर्द-गिर्द चर्चाओं का बाजार गर्म रहा।


पिछली सरकार की योजनाओं का नाम बदलने का सिलसिला शुरू हो गया है। जिसकी संभावना थी, आखिर वही हुआ। इंदिरा गांधी रसोई का नाम बदलकर अब अन्नपूर्णा रसोई कर दिया गया है।
मंत्रियों के विभागों के बंटवारे के साथ ही अधिकारियों के तबादलों की लिस्ट भी देर रात जारी कर दी गई। देर रात 72 आईएएस, 121 आरएएस के तबादले किए गए। कई जिलों में कलक्टर बदल दिए गए।


इधर तीन दिवसीय डीजी-आईजी कॉन्फ्रेंस से राजधानी में सजी हुई है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी व गृहमंत्री अमित शाह अगले दो दिन जयपुर में रहेंगे। इससे सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद की हुई है।
प्रत्याशी की मौत के बाद करणपुर विधानसभा क्षेत्र में उपचुनाव सम्पन्न हो गए। अब यहां आठ जनवरी को मतगणना होगी। यहां कांग्रेस प्रत्याशी सहानुभूति के सहारे जीत की उम्मीद लगाए हुए हैं तो वहीं भाजपा प्रत्याशी को चुनाव से पूर्व ही मंत्री बनाए जाने से मतदाताओं को लुभाने का प्रयास किया गया है। देखना यही होगा कि अब सहानुभूति जीतती है या फिर मंत्री पद का प्रलोभन जनता को किस तरह से लुभाता है।


रिपोर्ट-राजेश दीक्षित

जयपुर। प्रदेश में सर्दी के तीखे तेवर बरकरार हैं। कुछ जिलों में सुबह से लेकर दोपहर तक घना कोहरा पसर रहा है तो कहीं पारे में उतार चढ़ाव के बावजूद सर्दी धूजणी छुड़ा रही है। मौसम वैज्ञानिकों की मानें तो आगामी तीन चार दिन और मौसम के बिगड़े मिजाज में बदलाव होने के आसार नहीं हैं। अगले दो दिन बाद प्रदेश में संभावित सक्रिय हो रहे पश्चिमी विक्षोभ के असर से जयपुर समेत कई संभागों में मेघगर्जन के साथ बारिश और ओलावृष्टि होने की आशंका है।

शेखावाटी अंचल में कड़ाके की सर्दी
प्रदेश के शेखावाटी अंचल में सर्दी कहर बरपा रही है। सीकर शहर में बीती पारा पारा करीब डेढ़ डिग्री लुढ़क कर 2.0 डिग्री सेल्सियस रेकॉर्ड हुआ जो मैदानी इलाकों में सबसे कम रहा है। सिरोही में न्यूनतम तापमान 4.1 और एरनपुरा रोड में रात का तापमान 5.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
सीकर जिले के फतेहपुर कस्बे में बीती रात पारा 6.2 डिग्री दर्ज हुआ।

पिंकसिटी में रात में पारा स्थिर, गलन कायम
राजधानी में आज सुबह हल्के कोहरे का असर रहा लेकिन बादलवाही शुरू होने से सूर्यदेव के दर्शन नहीं हो सके। शहर में बीती रात पारा 7.4 डिग्री पर स्थिर रहा लेकिन हवा में मौजूद नमी के कारण शहरवासियों को ठिठुरन और गलन महसूस हुई।

इन जिलों में भी पारे में उतार चढ़ाव
प्रदेश के कई जिलों में बीती रात पारे में उतार चढ़ाव रहा। हालांकि सर्दी के तेवर फिर भी तीखे बने रहे। चित्तौड़ 7.8, धौलपुर 7.7, डबोक 8.0, करौली 7.4, जैसलमेर 6.7, जोधपुर शहर 9.7, फलोदी 7.0, बीकानेर 6.0, चूरू 7.1, संगरिया 7.3 औश्र जालोर में न्यूनतम तापमान 8.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कोटा 10.1,डूंगरपुर 10.9 और बारां-अंता में बीती रात पारा 11.3 डिग्री रहा है।


दो दिन कोहरा, मावठ संभव
मौसम विभाग ने प्रदेश में अगले दो दिन और शीतलहर चलने और कई जिलों में घना कोहरा छाए रहने का अलर्ट जारी किया है। प्रदेश में कल सेएक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा। जिसके चलते उदयपुर और कोटा संभाग में कहीं कहीं हल्की से मध्यम बारिश होने की आशंका है। 8-9 जनवरी को जयपुर, अजमेर, कोटा, बीकानेर और भरतपुर संभाग के कुछ इलाकों मे मेघगर्जन के साथ हल्की से मध्यम बारिश व कुछ इलाकों में ओलावृष्टि होने की आशंका है।

जयपुर। प्रदेश में 7 जनवरी को सरकारी भर्ती परीक्षा आयोजित होगी। जिसमें लाखों की संख्या में अभ्यर्थी शामिल हो रहे हैं। ऐसे में पेपर लीक का खौफ नई सरकार को भी सताने लगा है। जिसे लेकर नई सरकार भी पुरानी सरकार की राह पर चल पड़ी है। सबसे पहले अजमेर में जिला कलक्टर की ओर से इंटरनेट बंद को लेकर आदेश जारी कर दिए गए है। कल अजमेर में परीक्षा के दौरान इंटरनेट बंद रहेगा। इसके अलावा जयपुर, जोधपुर, उदयपुर व अन्य जिलों में भी परीक्षा आयोजित होगी। ऐसे में माना जा रहा है कि अन्य जिलों में भी परीक्षा को देखते हुए इंटरनेट बंद करने का निर्णय लिया जा सकता है।

बता दें कि राजस्थान लोक सेवा आयोग की नए साल में भर्ती परीक्षाओं की शुरुआत 7 जनवरी से होगी। रविवार को सहायक आचार्य, पुस्तकालय अध्यक्ष एवं शारीरिक प्रशिक्षण अनुदेशक परीक्षा 2023 का आयोजन होगा। एग्जाम का समय 12 से लेकर 2 बजे तक है। जयपुर में इसके 180 सेंटर निर्धारित किए गए हैं। इन केंद्रों पर 64 हजार 188 अभ्यर्थी परीक्षा देंगे। प्रदेश भर में छह सौ से ज्यादा सेंटर बनाए गए हैं। इन सेंटर्स पर लाखों अभ्यर्थी परीक्षा देने आएंगे।

आरपीएससी भवन के पास धारा 144 भी लागू..

राजस्थान लोक सेवा आयोग कि आगामी परीक्षाओं को देखते हुए आयोग भवन से 300 मीटर की दूरी तक धारा 144 लागू की गई है। जिला कलेक्टर डॉ भारती दीक्षित ने यह आदेश जारी किए हैं। आरपीएससी की परीक्षा के मद्देनजर अजमेर मुख्यालय पर तीन घंटे के लिए इंटरनेट बंद रखने का भी निर्णय लिया गया है।


पेपर लीक को लेकर सीएम एक्शन में..

पिछले सप्ताह सीएम भजन लाल ने नकल रोकने एवं पेपर माफिया के खिलाफ एक्शन लेने के लिए एक बैठक ली थी। उसमें कलेक्टर, एसपी को साफ हिदायत दे दी गई कि इसमें कहीं कोई लापरवाही नहीं बरतें। सीएम भजनलाल शर्मा ने आदेश दिया था कि भविष्य में होने वाली प्रतियोगी परीक्षा सीएस और डीजीपी की निगरानी में होगी यानी पूरी जिम्मेदारी उनकी होगी। डीजीपी ने इन परीक्षाओं की जिम्मेदारी लोकल एसपी को दे दी है। जिलों के पुलिस अधीक्षकों पर नकल माफिया को काबू करने की पूरी जिम्मेदारी रहेगी। इसके लिए अन्य जांच एजेंसियां भी सक्रिय रहेंगी।

शहरी सरकार का बजट तैयार हो रहा है। सफाई, सड़क और सभी मूलभूत सुविधाओं के विस्तार के लिए इसमें भारी—भरकम प्रावधान किए जाएंगे। मगर यह चर्चा शुरू हो गई है कि क्या साधारण सभा की बैठक से इस बजट को मंजूरी दिलवाई जाएगी या फिर पिछले दो बार की तरह इस बार भी बजट सीधे ही सरकार के पास मंजूरी के लिए जाएगा।

दरअसल, 19 जनवरी से विधानसभा का बजट सत्र शुरू हो गया है। सत्र के बीच अगर नगर निगम साधारण सभा की बैठक बुलाती है तो उसे स्थानीय विधायकों से अनुमति लेनी जरूरी होती है। इस बार खुद सीएम भजन लाल शर्मा जयपुर की सांगानेर सीट से विधायक हैं। ऐसे में ग्रेटर नगर निगम को बैठक बुलाने से पहले सीएम की अनुमति लेनी होगी। पूर्ववर्ती सरकार के समय विधानसभा सत्र के बीच जब बैठक बुलाने के लिए नगर निगम ने अनुमति मांगी थी तब कई विधायकों ने हामी नहीं भरी, जिसके चलते बजट को सीधे सरकार के पास मंजूरी के लिए भेज दिया गया।

भाजपा की सरकार, ग्रेटर में भाजपा का बोर्ड

इस बार ग्रेटर नगर निगम में भाजपा की महापौर और बोर्ड है। साथ ही सरकार भी भाजपा की आ चुकी है। ऐसे में बैठक की अनुमति मिल सकती है। हालांकि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के समय भी कई भाजपा विधायकों ने ग्रेटर नगर निगम को बैठक की अनुमति नहीं दी। उधर, हैरिटेज नगर निगम को भी बैठक के लिए कांग्रेस विधायकों की अनुमति नहीं मिल पाई थी। इसके चलते बजट मंजूरी के लिए सीधे सरकार के पास भेजा गया।

तीन साल की बजट बैठक का लेखा जोखा

हैरिटेज निगम: बोर्ड बने तीन वर्ष हो चुके हैं। बजट के लिए एक बार ही साधारण सभा बुलाई गई। वित्तीय वर्ष 2022-23 और 23-24 में बिना पारित किए ही सीधे राज्य सरकार को भेज दिया।
ग्रेटर निगम: यहां भी तीन वर्ष में बजट के लिए एक बार ही साधारण सभा की बैठक हुई। दो बार से बैठक नहीं हो पाई है।

वित्तीय वर्ष 2023-24 का बजट

हैरिटेज निगम: 1082 करोड़ रुपए
ग्रेटर निगम: 1006 करोड़ रुपए

 

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Barmer MMS Leak: राजस्थान में राजनीति में 13 साल के बाद फिर भूचाल आया है। राजनीति में एक और एमएमएस कांड सामने आया है। सात मिनट के दो वीडियो में दो महिलाओं के साथ नेताजी दिख रहे हैं। ये नेता हैं बाडमेर जिले से आने वाले कांग्रेस के सीनियर लीडर मेवाराव जैन, वे पूर्व विधायक भी रह चुके हैं और राजनीति में कई सालों का अनुभव रखते हैं। इस मामले में उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई भी हो चुकी है। मामला पुलिस तक पहुंच चुका है। वीडियो अब सामने आया है।

दरअसल मेवाराम जैन के दो वीडियो नजर आ रहे हैं। एक वीडियो में जैन के साथ एक युवती और एक महिला दिख रही है। जिस तरह से वीडियो बनाया गया है उसके बारे में शायद मेवाराम को जानकारी नहीं है। मोबाइल कैमरा एक अलमारी में रखा गया है। उसके बाद एक युवती दिखाई दे रही है। इस युवती से पहले एक महिला मोबाइल को सैट करती हुई नजर आ रही है। इस मामले में मेवाराम समेत पुलिस अधिकारियों के खिलाफ भी केस दर्ज कराया गया है। कुल नौ आरोपी बताए गए हैं। पुलिस अधिकारियों पर भी अश्लील हरकतें करने के आरोप लगे हैं।

अब जो वीडियो वायरल हुए हैं। यह वही वीडियो है जिनकी स्क्रीनशॉट साल 2022 में वायरल हुए थे। इसके आधार पर ही पहले पुलिस ने सेक्सटोर्शन का मामला दर्ज कर दो महिला और एक वकील को गिरफ्तार भी किया था। फिलहाल वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस गहनता से मामले की जांच में जुटी है। वीडियो वायरल होने के बाद अब सोशल मीडिया पर मीम्स की बाढ़ आ गई है।

जयपुर. प्रदेश में सर्दी के तीखे तेवर बरकरार हैं। कुछ जिलों में सुबह से लेकर दोपहर तक घना कोहरा पसर रहा है तो कहीं पारे में उतार-चढ़ाव के बावजूद सर्दी धूजणी छुड़ा रही है। मौसम वैज्ञानिकों की मानें तो आगामी तीन चार दिन और मौसम के मिजाज में बदलाव होने के आसार नहीं हैं। अगले दो दिन बाद प्रदेश में संभावित सक्रिय हो रहे पश्चिमी विक्षोभ के असर से जयपुर समेत कई संभागों में मेघगर्जन के साथ बारिश और ओलावृष्टि होने की आशंका है।
मौसम विभाग ने प्रदेश में अगले दो दिन और शीतलहर चलने और कई जिलों में घना कोहरा छाए रहने का अलर्ट जारी किया है। प्रदेश में कल से एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा। जिसके चलते उदयपुर और कोटा संभाग में कहीं कहीं हल्की से मध्यम बारिश होने की आशंका है। 8-9 जनवरी को जयपुर, अजमेर, कोटा, बीकानेर और भरतपुर संभाग के कुछ इलाकों मे मेघगर्जन के साथ हल्की से मध्यम बारिश व कुछ इलाकों में ओलावृष्टि होने की आशंका है।

शेखावाटी अंचल में कड़ाके की सर्दी
प्रदेश के शेखावाटी अंचल में सर्दी कहर बरपा रही है। सीकर शहर में बीती पारा पारा करीब डेढ़ डिग्री लुढक़ कर 2.0 डिग्री सेल्सियस रेकॉर्ड हुआ जो मैदानी इलाकों में सबसे कम रहा है। सिरोही में न्यूनतम तापमान 4.1 और एरनपुरा रोड में रात का तापमान 5.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। सीकर जिले के फतेहपुर कस्बे में बीती रात पारा 6.2 डिग्री दर्ज हुआ।

गलन कायम
राजधानी में आज सुबह हल्के कोहरे का असर रहा लेकिन बादलवाही शुरू होने से सूर्यदेव के दर्शन नहीं हो सके। शहर में बीती रात पारा 7.4 डिग्री पर स्थिर रहा लेकिन हवा में मौजूद नमी के कारण शहरवासियों को ठिठुरन और गलन महसूस हुई।

इन जिलों में भी पारे में उतार- चढ़ाव
प्रदेश के कई जिलों में बीती रात पारे में उतार चढ़ाव रहा। हालांकि सर्दी के तेवर फिर भी तीखे बने रहे। चित्तौड़ 7.8, धौलपुर 7.7, डबोक 8.0, करौली 7.4, जैसलमेर 6.7, जोधपुर शहर 9.7, फलोदी 7.0, बीकानेर 6.0, चूरू 7.1, संगरिया 7.3 और जालोर में न्यूनतम तापमान 8.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कोटा 10.1,डूंगरपुर 10.9 और बारां-अंता में बीती रात पारा 11.3 डिग्री रहा है।

Rajasthan News: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को भाजपा प्रदेश कार्यालय में विधायकों और प्रदेश पदाधिकारियों से संवाद किया। बैठक में मुख्यमंत्री और मंत्रियों सहित 110 से ज्यादा विधायक शामिल हुए। प्रधानमंत्री मोदी ने बैठक में विधायकों-पदाधिकारियों से कई बातें भी साझा कीं। उन्होंने कहा कि सुर्खियां बटोरने की जगह सरकार की योजनाओं का प्रचार करें। जनता के बीच जनसेवक बनकर काम करें। उन्होंने कहा कि कौन क्या काम कर रहा है, हमारी सब पर नजर है। संगठन में काम करने वाला अपना काम करता रहे। ऐसा कोई भी व्यक्ति किसी भी बड़े पद पर जा सकता है। पीएम ने कहा कि विकसित संकल्प भारत यात्रा को ज्यादा से ज्यादा लोगों तक पहुंचाएं और पात्र व्यक्तियों को योजनाओं का लाभ दिलाने की कोशिश करें।
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अधिकारियों से लागू करवाओ: मोदी
अधिकारी कहां लगा है, कहां नहीं? इस पर ध्यान ना दें। उन्होंने इशारों-इशारों में तबादलों को लेकर होने वाली राजनीति से बचने की सलाह भी दे दी। उन्होंने कहा कि सत्ता बदलते ही तबादलों का दौर शुरू हो जाता है। मैं इससे दूर रहा, आप भी दूर रहें। अधिकारी किसी दल के नहीं होते। हमारा काम पॉलिसी बनाना है और अधिकारियों का काम उसे लागू करने का। पीएम ने दिवंगत भैरोंसिंह शेखावत का नाम लेकर कहा कि एक बार वे डिजायर का पूरा थैला लेकर आए और कहा कि यह मेरे बस की बात नहीं है। उन्होंने अधिकारियों से अच्छा व्यवहार करने की नसीहत दी

बैठक में पूर्वमुख्यमंत्री वसुंधरा राजे शामिल नहीं हुई। मोदी देश के पहले पीएम है, जो भाजपा प्रदेश कार्यालय आए। वे करीब ढाई घंटे भाजपा कार्यालय रहे।

Rajasthan Internet Ban : राजस्थान के कई जिलों में कल रविवार यानि 7 जनवरी को मोबाइल इंटरनेट की सुविधा बंद रहेगी। इस दौरान मोबाइल इंटरनेट से होने वाले काम में दिक्कत आएगी। राजस्थान के किन जिलों में और कितने समय तक मोबाइल इंटरनेट बंद रहेंगे। क्या वजह है जिस कारण मोबाइल इंटरनेट सेवाएं बंद रहेंगी। राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC Exam 2024) की परीक्षाओं में पेपरलीक की घटनाओं को रोकने के लिए प्रशासन ने यह फैसला लिया है। 7 जनवरी को राजस्थान लोक सेवा आयोग अजमेर सहायक आचार्य, पुस्तकालय अध्यक्ष एवं शारीरिक अनुदेशक परीक्षा 2023 (कॉलेज शिक्षा विभाग) के लिए तृतीय प्रश्न पत्र परीक्षा रविवार दोपहर 12 से 2 बजे तक आयोजित कर रहा है।

सहायक आचार्य पुस्तकालय अध्यक्ष और शारीरिक प्रशिक्षण अनुदेशक (कॉलेज शिक्षा विभाग) परीक्षा अजमेर, भरतपुर, बीकानेर, जयपुर, जोधपुर, कोटा और उदयपुर जिला मुख्यालयों पर होगी। आदेशानुसार, सुबह 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक ब्रॉड बैंड लीज लाइन छोड़कर सभी नेटवर्क बन्द रखे जाएंगे।

कोटा में 11-2 बजे तक बंद मोबाइल इंटरनेट

कोटा सिटी एसपी शरद चौधरी ने बताया कि कोटा संभाग में 64 केंद्र पर परीक्षा आयोजित की जाएगी। लगभग 23000 परीक्षार्थी आकर परीक्षा देंगे। इसको देखते हुए 750 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात किए जाएंगे। कोटा में भी संभागीय आयुक्त प्रतिभा सिंह ने आदेश जारी कर लीज लाइन और ब्रॉडबैंड को छोड़कर सभी नेटवर्क 11 बजे से 2 बजे तक बंद करने के निर्देश जारी किए हैं।

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अजमेर में भी बंद रहेगा मोबाइल इंटरनेट

अजमेर सम्भागीय आयुक्त डॉ. भारती दीक्षित ने बताया कि अजमेर सम्भाग के जिला मुख्यालय अजमेर में रविवार 7 जनवरी को दोपहर 11 बजे से 2 बजे तक इन्टरनेट बन्द रहेगा। राजस्थान लोक सेवा आयोग ने 300 मीटर दूरी के लिए धारा 144 लागू की है।

7 जिला मुख्यालयों पर होगी परीक्षा

सहायक आचार्य पुस्तकालय अध्यक्ष और शारीरिक प्रशिक्षण अनुदेशक (कॉलेज शिक्षा विभाग) परीक्षा अजमेर, भरतपुर, बीकानेर, जयपुर, जोधपुर, कोटा और उदयपुर जिला मुख्यालयों पर होगी।

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DG-IG Conference: देश भर के तमाम राज्यों, केंद्र शासित प्रदेशों से आए डीजी, आईजी और अन्य सीनियर आईपीएस ऑफिसर्स आज पीएम मोदी के सवालों का जवाब देंगे। आज जयपुर में डीजी आईजी कांफ्रेंस का दूसरा दिन है और आज पीएम मोदी इस कांफ्रेंस में शामिल हो रहे हैं। सवेरे करीब नौ बजे के आसपास वे राजभवन से आयोजन स्थल पर पहुंचे। बताया जा रहा है कि दोपहर में लंच के बाद पीएम और होम मिनिस्टर दोनो मिलकर डीजी और आईजी से संवाद करेंगे। इससे पहले तमाम राज्यों से आई पुलिस अफसरों ने अपनी अपनी रिपोर्ट सब्मिट कर दी है। इस रिपोर्ट में अपने अपने राज्यों के अपराध के रिकॉर्ड और अन्य जानकारियां होना बताया गया है।

आज सबसे महत्वपूर्ण दिन, दस से ज्यादा प्रमुख मुद्दों पर चर्चा आज
58वीं डीजी आईजी कांफ्रेंस के दूसरे दिन आज दस से ज्यादा प्रमुख मुद्दों पर चर्चा होगी। इनमें कानून, बार्डर सिक्योरिटी, साइबर अटैक, एआई, देशद्रोह जैसे मुददे अहम होने वाले हैं। इसके अलावा हाल ही में सदन में पास हुए कानून के बारे में भी संवाद होगा। पीएम और गृहमंत्री तमाम राज्यों की कानून व्यवस्था रिपोर्ट का भी विश्लेषण करेंगे। बताया जा रहा है कि दोपहर करीब एक बजे बाद होने वाले लंच के बाद अफसरों से बातचीत की जानी है।

इससे पहले शुक्रवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने देश में आंतरिक सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियों के लिए केंद्र - राज्यों के बीच बेहतरीन तालमेल से काम करने के साथ एआई के उपयोग को बढ़ावा देने को कहा। नए आपराधिक कानूनों के लिए थानेदारों से लेकर डीजीपी तक ट्रेनिंग देने पर जोर दिया है। शाह ने कहा कि देश अमृत काल में प्रवेश कर चुका है। अमृत काल में कई नई शुरुआत हुई हैं। नई शिक्षा नीति का निर्माण करने के साथ ब्रिटिश युग के कानूनों की जगह तीन नए आपराधिक कानून बनाए हैं। नए कानून सजा की बजाय न्याय देने पर केंद्रित हैं। इन कानूनों के अमल में लाने से हमारी आपराधिक न्याय प्रणाली सबसे आधुनिक और वैज्ञानिक हो जाएगी।

CM Bhajanlal Sharma Action: प्रदेश में सत्ता परिवर्तन के साथ ही योजनाओं के नाम बदलने का काम भी शुरू हो गया है। इंदिरा रसोई का नाम अब 'श्री अन्नपूर्णा' रसोई होगा। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शुक्रवार को भाजपा कार्यालय में आयोजित बैठक में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सामने योजना का नाम बदलने की घोषणा की। इंदिरा रसोई योजना की कमियों को देखते हुए यह फैसला किया गया है। तत्कालीन वसुंधरा सरकार में अन्नपूर्णा रसोई संचालित होती थी, लेकिन पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने 20 अगस्त, 2020 को इंदिरा रसोई शुरू की। 40 माह बाद अब भाजपा सरकार ने श्रीअन्नपूर्णा रसोई के नाम से गरीबों को सस्ता भोजन खिलाएगी। सूत्रों के मुताबिक इसका स्वरूप भी बदला जा सकता है।

उधर, इंदिरा गांधी क्रेडिट कार्ड योजना और इंदिरा गांधी शहरी रोजगार गारंटी योजना का नाम भी बदलने की तैयारी है। स्वायत्त शासन विभाग ने इन योजनाओं से जुड़ी रिपोर्ट राज्य सरकार को भेजी है। सरकार ने विभाग से अब यह पूछा है कि क्या इनका संचालन मौजूदा स्वरूप में ही ठीक है या इसमें बदलाव की जरूरत है। इस आधार पर अफसर होमवर्क कर रहे हैं।

450 की जगह 600 ग्राम भोजन की मात्रा
अभी तक प्रति थाली में भोजन की मात्रा 450 ग्राम दिया जा रहा है, अब इसे बढ़ाकर 600 ग्राम किया जाएगा। इसमें मोटा अनाज भी शामिल किया जाएगा। प्रदेश के शहरों में 1000 इंदिरा रसोई संचालित हैं, जहां 8 रुपए में भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है। इनके अलावा ग्रामीण इलाकों में भी रसोई चल रही है।
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इंदिरा गांधी शहरी क्रेडिट कार्ड योजना
इसके तहत थड़ी ठेला व्यवसायी, असंगठित क्षेत्र के श्रमिक, जिला रोजगार कार्यालय में रजिस्टर्ड ऐसे बेरोजगार युवा जो बेरोजगारी भत्ता नहीं लेते हैं, उन्हें अपना व्यवसाय शुरू करने या मौजूदा व्यवसाय को सुदृढ़ करने के लिए लोन देने का प्रावधान है। इसमें 5 लाख लोगों को स्थानीय निकाय के जरिए लोन उपलब्ध कराया जाता है। करीब 3 लाख लोग इससे जुड़े हैं।

इंदिरा गांधी शहरी रोजगार गारंटी योजना
शहरी बेरोजगारों को एक वर्ष में 100 दिन का रोजगार देने के लिए 9 सितंबर, 2022 को योजना शुरू की गई। 800 करोड़ रुपए का बजट आवंटन और 9593 कार्य चिन्हित किए गए। अकुशल श्रमिक को 259 रुपए, अर्धकुशल को 271 रुपए, कुशल को 283 रुपए और उच्च कुशल श्रमिक को 333 रुपए मानदेय देने का प्रावधान है।
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इनकी भी चर्चा
शिक्षा योजनाएं : गहलोत सरकार ने स्कूल व कॉलेज शिक्षा छात्रवृत्ति योजनाएं राजीव और इंदिरा गांधी के नाम पर की। वसुंधरा सरकार में ये योजनाएं पं. दीनदयाल उपाध्याय व अटल बिहारी वाजपेयी के नाम पर संचालित थी। इन्हें बदलने की चर्चा है।

सेवा केंद्र: भाजपा ने पिछली बार राजीव गांधी सेवा केंद्रों का नाम बदलकर अटल सेवा केंद्र किया था। कांग्रेस ने सत्ता में आते ही नाम बदल राजीव गांधी सेवा केंद्र कर दिया। अब भाजपा सरकार इन सेवा केंद्रों का नाम बदलने की फिर से तैयारी कर रही है।

जनआधार: वसुंधरा सरकार ने महिलाओं के लिए भामाशाह कार्ड बनवाए। इन कार्ड पर तत्कालीन मुख्यमंत्री की फोटो लगाने से कांग्रेस ने काफी हंगामा किया। कांग्रेस ने सत्ता में आने के बाद इन कार्ड का नाम बदलकर जनआधार कार्ड कर दिया।

अब फेफड़ों में साउंड वेव भेजकर भी अंदरूनी संरचना में आए बदलाव के बारे में पता किया जा सकता है। इसके लिए ऑसिलोमेट्री तकनीक आ गई है जो फेफड़ों की सटीक जांच में मददगार है। आरयूएचएस व एसएमएस मेडिकल कॉलेज के तत्वावधान में यूनाइटेड एकेडमी ऑफ पल्मोनरी मेडिसिन, इंडिया की ओर से राजधानी में आयोजित नेशनल कॉन्फ्रेंस इकाइकॉन-2023 में शुक्रवार को विशेषज्ञों ने डायग्नोसिस और इलाज के बारे में यह जानकारी दी। आयोजन सचिव डॉ. एमके गुप्ता ने बताया कि उद्घाटन सत्र के मुख्य अतिथि आरयूएचएस के कुलपति डॉ. सुधीर भंडारी थे।

ऑर्गनाइजिंग प्रेसिडेंट डॉ. विनोद जोशी और ऑर्गनाइजिंग चेयरमैन डॉ. महेंद्र बैराना ने बताया कि डॉ. डी. बेहरा, डॉ. एबी सिंह व डॉ. डीएन शिवपुरी ने ओरेशन दिया। यूएसए से आए डॉ. पीके वेदांथन ने फूड एलर्जी में आए बदलाव के बारे में जानकारी दी। डॉ. संदीप निझावन ने नॉन सिलियक ग्लूटेन संवेदनशीलता और इसके क्लिनिकल असर के बारे में अपनी रिसर्च रखी।

ऑसिलोमेट्री तकनीक बच्चों के इलाज में खासी मददगार - डॉ. साइबल मोइत्रा

डॉ. साइबल मोइत्रा ने बताया कि ऑसिलोमेट्री तकनीक बच्चों के इलाज में खासी मददगार है।नागपुर की डॉ. रूपाली पाटिल जैन ने बताया कि भारत में तीन साल की उम्र से कम के 6 से 8 प्रतिशत और 8 से ज्यादा उम्र के 4 प्रतिशत बच्चों को फूड एलर्जी की समस्या है। अगर माता पिता में से किसी एक को एलर्जी की शिकायत है तो बच्चे में एलर्जी होनी की संभावना 40 प्रतिशत और दोनों को है तो यह संभावना 60 प्रतिशत तक बढ़ जाती है।

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Covid Infection May Trigger Schizophrenia : जबकि दुनिया को एक नए कोविड-19 केस के वृद्धि का सामना करना हो रहा है, एक नई अध्ययन ने दिखाया है कि SARS-CoV-2 संक्रमण और जैसे मानसिक स्वास्थ्य विकारों के प्रारंभ में एक संबंध हो सकता है, जैसे कि (Schizophrenia) शिजोफ्रेनिया।


शिजोफ्रेनिया (Schizophrenia) एक गंभीर मानसिक स्थिति है जिसमें भ्रांतियाँ, भ्रम और अन्य ज्ञान की कमीजों की विशेषता है।
पूर्व अनुसंधान सुझाव देता है कि इसे वायरसों, जैसे कि फ्लू या यहां तक कि कोविड-19 के रूप में ट्रिगर किया जा सकता है।

नया अध्ययन, जिसे अबतक पीयर-रिव्यू नहीं किया गया है, ने यह दिखाया कि SARS-CoV-2 संक्रमण के कारण मध्यम से गंभीर बीमारी का सामना करने के बाद एक शिजोफ्रेनिया स्पेक्ट्रम और प्योटिक डिसऑर्डर (SSPD) के नए नामक होने की संभावना में एक बड़ी वृद्धि हुई, एक समृद्धि समृद्धि समृद्धि समृद्धि के साथ तुलना में, जिनमें कोविड नेगेटिव अक्यूट श्वसन कंद (ARDS) के साथ कुछ व्यक्तियों की समृद्धि की गई थी।

"डिपार्टमेंट ऑफ इंडस्ट्रियल एंड मैनेजमेंट सिस्टम्स इंजीनियरिंग, वेस्ट वर्जीनिया विश्वविद्यालय के आसिफ रहमान ने कहा, हमारा अध्ययन SARS-CoV-2 वायरस के ज्ञात न्यूरोट्रोपिज्म और कोविड-19 संक्रमण के बाद मुख्य मानसिक विकारों की बढ़ी हुई जोखिम की अनुसुची है और इसके बाद के महत्वपूर्ण मानसिक स्वास्थ्य स्थितियों की बढ़ी हुई सूचना के साथ मेल खाता है।

"कोविड-19 संक्रमण के बाद एसएसपीडी और संवेदनशील विकारों के महत्वपूर्ण झैले को पहचानने के लिए विशेष रूप से उच्च खतरे में होने वाले जनसंख्या और व्यक्तियों की विशेष विशेषताओं की पहचान के लिए और असमर्थ मानसिक स्वास्थ्य के साथ संपर्क करने के लिए और विज्ञान के साथ विज्ञान के साथ कड़ी नजर रखने की आवश्यकता है। कोविड के एकल दृष्टिकोण का समारोह है," रहमान ने जोड़ते हुए कहा, जो एक पूर-प्रिंट साइट पर पोस्ट किया गया।

अन्य अध्ययनों से विभिन्नता होती है, टीम ने एक्यूट रेस्पिरेटरी डिस्ट्रेस सिंड्रोम (ARDS) और कोविड-19 लैब नेगेटिव कोहर्ट्स को नियंत्रित समृद्धि के लिए अक्यूट रेस्पिरेटरी डिस्ट्रेस सिंड्रोम (ARDS) और कोविड-19 पॉजिटिव कोहर्ट्स के रूप में लिया था ताकि कोविड-19 के प्रभाव को सही ढंग से मापा जा सके।
19,344,698 रोगियों के डेटा को तर्कशीलपूर्ण रूप से फ़िल्टर किया गया था ताकि प्रवृत्ति मेलापन वाले कोहर्ट्स बना सकें: एआरडीएस, कोविड-पॉजिटिव, और कोविड-नेगेटिव।

उन्होंने तीन विभिन्न समय अंतरालों के अधीन नए नामक SSPD की हैज़ार्ड रेट का विश्लेषण किया: 0-21 दिन, 22-90 दिन, और 90 दिन के पार।
कोविड-19 पॉजिटिव रोगियों ने सभी अंतरालों में हमेशा बढ़ी हुई हैज़ार्ड रेट का विश्लेषण किया, इस अध्ययन ने दिखाया।
टीम ने कहा, ये दोनों एआरडीएस और कोविड-19 लैब-नेगेटिव रोगियों से उच्च हैं।

रोचक बात यह है कि हमारा डेटा इस बात की संकेत करता है कि कोविड-19 के बाद युवा व्यक्तियों को SSPD का उच्च जोखिम है, जो एआरडीएस और कोविड-नेगेटिव समूहों में नहीं देखा गया।

यह अध्ययन उन लोगों की मानसिक बेहतरी की महत्वपूर्णता को लेकर एक मजबूत चेतावनी है जो कोविड-19 से बहल रहे हैं। उनका स्थायी बढ़ा हुआ जोखिम एक व्यापक सामाजिक चिंता की ओर इशारा करता है, खासकर एसएसपीडी जैसी गंभीर मानसिक स्थितियों के संदर्भ में।


(आईएएनएस)

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ओमिक्रॉन के ही वंश से निकला एक नया कोरोना वायरस वैरिएंट JN.1 तेजी से दुनियाभर में पैर पसार रहा है. वैज्ञानिक इस वैरिएंट को बेहद गंभीर बता रहे हैं और इसे कोरोना वायरस के विकास का एक चिंताजनक संकेत मान रहे हैं.

JN.1 को विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने अभी तक तो "वेरिएंट ऑफ़ इंटरेस्ट" (VOI) की श्रेणी में रखा है, लेकिन वैज्ञानिक इसे कहीं ज्यादा खतरनाक मानते हैं. इसकी वजह है JN.1 का बेहद तेजी से फैलने का गुण. अगस्त में पहली बार पहचाने गए इस वैरिएंट की लहर अब 41 देशों तक पहुंच चुकी है, और WHO को आशंका है कि कई देशों में यह सांस के संक्रमण के मामलों को और बढ़ा देगा.


अमेरिका के एक प्रतिष्ठित संस्थान के निदेशक डॉक्टर एरिक टोपोल ने कहा है, "WHO ने इसे VOI कह दिया, लेकिन यह बहुत कम है। इस वैरिएंट की तेजी से फैलने की क्षमता असाधारण है।"

JN.1 दरअसल BA.2.86 ओमिक्रॉन लाइन का ही एक विकसित रूप है। इसमें एक अतिरिक्त म्यूटेशन है, जिससे यह और ज्यादा तेजी से फैलता है।

मिनेसोटा यूनिवर्सिटी के एक और विशेषज्ञ डॉक्टर माइकल ओस्टरहोम कहते हैं, "JN.1 वायरस के एक बहुत ही गंभीर रूप का प्रतिनिधित्व करता है। यह अभी खत्म नहीं हुआ है।"

भारत में भी इस वैरिएंट को लेकर चिंता बढ़ रही है। भारतीय मेडिकल एसोसिएशन के कोविड टास्क फोर्स के सह-अध्यक्ष डॉक्टर राजीव जयदेवन का कहना है, "JN.1 एक नया वेरिएंट है, जिसमें कई बदलाव हैं जो पहले किसी भी आम लाइन में नहीं देखे गए थे। यह पिछले वैरिएंट्स से अलग है, जो अपने पूर्ववर्ती से कुछ ही म्यूटेशन थे।"

उन्होंने आगे कहा, "इसलिए इस वैरिएंट की इम्यून ईवेसिविनेस और फैलने की क्षमता पर ध्यान देने की जरूरत है। इम्यून ईवेसिविनेस का मतलब है कि वायरस किसी व्यक्ति के मौजूदा प्रतिरक्षा तंत्र को धोखा दे सकता है।"

JN.1 को अल्फा, डेल्टा और ओमिक्रॉन जैसे बड़े वैरिएंट्स के बाद महामारी के विकास का एक नया अध्याय माना जा रहा है। कनाडा के एक बायोलॉजी प्रोफेसर रयान ग्रेगोरी का कहना है कि JN.1 ने "एक नए युग" की शुरुआत की है।

WHO की कोविड-19 तकनीकी प्रमुख मारिया वान केरखोवे ने कहा है कि कोरोना वायरस की अगली उप-रेखाएं "JN.1 से आ सकती हैं।" उन्होंने कहा, "लेकिन हम कुछ बहुत अलग भी देख सकते हैं। हम ओमिक्रॉन जैसा कुछ फिर से देख सकते हैं।"

तो, JN.1 एक गंभीर खतरा है, जिस पर नजर रखना जरूरी है। हमें सावधानी बरतनी चाहिए और कोरोना से बचाव के नियमों का पालन करना चाहिए।

(आईएएनएस)

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वेलिंग्टन। न्यूजीलैंड के एक मछुआरे को फिर से जीवनदान मिला है। 24 घंटे से अधिक समय तक समुद्र में फंसे रहने वाले विल फ्रांसेन को अन्य मछुआरों ने उनकी घड़ी से बन रहे प्रतिबिंब को देखकर बचाने में कामयाबी हासिल की है। 61 वर्षीय विल हाल में ऑकलैंड के दक्षिण में कोरोमंडल प्रायद्वीप पर वांगमाता से अकेले मछली पकड़ने की यात्रा पर निकले थे। लेकिन मार्लिन मछली को पकड़ने की कोशिश करते समय वे समुद्र में गिर गए।

शार्क को देख तेजी से धड़कने लगा दिल:

विल फ्रेंसन के अनुसार जैसे ही उनकी नाव पहुंच से बाहर हो गई, उन्होंने न्यूजीलैंड के उत्तर-पूर्व में एल्डरमैन द्वीप तक तैरने का प्रयास किया। लेकिन जल्दी ही थकान होने लगी और पानी की तेज लहरें उन्हें दूर तक घसीटती ले गईं। विल को समुद्र में सर्द रात का सामना करना पड़ा। फिर एक ऐसा पल आया जब समुद्र की सबसे तेज शिकारी शार्क मछली आई, उसे देखकर उनका दिल तेजी से धड़कने लगा। लेकिन शार्क ने उन्हें सिर्फ सूंघा, एक चक्कर लगाया और फिर चली गई।

घड़ी का प्रतिबिंब दिखा मछुआरों का खींचा ध्यान:

अगले दिन जब सूरज की रोशनी से बन रहे विल की घड़ी के प्रतिबिंब पर तीन मछुआरों की नजर पड़ी तो वे नाव के जरिए तलाश के लिए निकल पड़े। हालांकि यह प्रतिबिंब किसी व्यक्ति की ओर से होगा, इसकी मछुआरों को उम्मीद नहीं थी। मछुआरों ने खोज के दौरान पाया कि फंसा हुआ आदमी अपनी घड़ी से सूर्य के प्रतिबिंब का उपयोग करके उनका ध्यान आकर्षित करने की हर संभव कोशिश कर रहा है। इस तरह मछुआरों ने विल को बचा लिया। विल को गर्म पानी और क्रेनबेरी जूस आदि देने के बाद वांगमाता वापस ले जाया गया और हाइपोथर्मिया, थकावट का इलाज किया गया।

दोपहर की धूप में भी लग रही थी सर्दी:

स्थानीय पुलिस अधिकारियों के अनुसार यह पूरी तरह से चमत्कार है कि मछुआरा इस कठिन परीक्षा के बाद भी जिंदा बच गया। वे अब विल की नाव की तलाश कर रहे हैं। विल फ्रांसेन के मुताबिक मुझे बचने की उम्मीद नहीं थी। उस रात की तो बात ही छोड़िए, मुझे दोपहर की धूप में भी भयंकर सर्दी लग रही थी, मैं लगभग 15 घंटों तक कांपता रहा था। मैंने समुद्र में फंसे रहने के दौरान सुंदर सर्यास्त देखा लेकिन नहीं जानता था कि रात क्या लाएगी लेकिन ईश्वर ने मेरा ध्यान रखा।

न्यूजीलैंड में फिशिंग

  • 15,100 किमी लंबी है न्यूजीलैंड की तटरेखा
  • 16,000 से अधिक समुद्री प्रजातियों की पहचान हुई है न्यूजीलैंड में
  • 130 समुद्री जीवों की प्रजातियां व्यावसायिक रूप से पकड़ी जाती हैं यहां
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रेलवे का नया अपडेट। फरवरी में ट्रेन संचालन पर रेलवे ने नई जानकारी शेयर की है। अब अगर आप फरवरी सफर करने जा रहे हैं तो पहले रेलवे की समय सारिणी को ध्यान से पढ़ लें। तब जाकर अपनी यात्रा का प्लान बनाएं। रेलवे के अनुसार जोधपुर रेलमंडल के नावां व कुचामन सिटी स्टेशन के बीच दोहरीकरण चल रहा है। जिस वजह से ट्रेनों का संचालन प्रभावित हो रहा है। इस पर रेलवे को मजबूरन ऐक्शन लेना पड़ा रहा है। कुछ ट्रेनों का आंशिक रुप से रद करनी पड़ रही है तो कुछ का रुट बदलकर संचालन किया जा रहा है।

तो जान लें फरवरी में किन ट्रेनों का संचालन प्रभावित होगा। 13 से 22 फरवरी के मध्य जयपुर-सूरतगढ़-जयपुर ट्रेन बीकानेर से जयपुर के मध्य, भोपाल-जोधपुर ट्रेन 5 से 21 फरवरी, जोधपुर-भोपाल ट्रेन 6 से 22 फरवरी, कोटा से जोधपुर के मध्य आंशिक रद्द रहेगी। पांच से 23 फरवरी के मध्य वाराणसी-जोधपुर-वाराणसी ट्रेन, बीकानेर-कोलकाता-बीकानेर ट्रेन, जैसलमेर-जयपुर-जैसलमेर ट्रेन समेत 26 ट्रेनें बदले रूट से संचालित होंगी।

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अमेरिकी फार्मा दिग्गज फाइजर की कोविड-19 रोधी दवा पैक्सलोविड (निर्मैट्रेल्विर-रिटोनाविर) वैक्सीन लगवा चुके और अस्पताल में भर्ती नहीं हुए व्यक्तियों में लंबे समय तक चलने वाले कोविड लक्षणों के जोखिम को कम नहीं करती है. यह चौंकाने वाला खुलासा हाल ही में किए गए एक अध्ययन में हुआ है.

कैलिफोर्निया विश्वविद्यालय, सैन फ्रांसिस्को (UCSF) के शोधकर्ताओं ने पाया कि जिन लोगों ने पैक्सलोविड लिया था उनमें से एक बड़े हिस्से में तीव्र लक्षणों और टेस्ट पॉजिटिविटी की वापसी हुई, जो पहले की रिपोर्टों से ज्यादा है. ये निष्कर्ष जर्नल ऑफ मेडिकल वायरोलॉजी में प्रकाशित हुए हैं.

पैक्सलोविड उपचार को उच्च जोखिम वाले गैर-वैक्सीन वाले व्यक्तियों के लिए कोविड-19 के तीव्र मामलों में प्रभावी पाया गया है. लेकिन लंबे समय तक चलने वाले कोविड जोखिम पर इसके प्रभाव, जिसमें यह वैक्सीन-लगाए लोगों को लंबे समय तक चलने वाले कोविड से बचाता है या नहीं, को लेकर स्पष्टता नहीं थी.

इसकी जांच के लिए, शोधकर्ताओं ने वैक्सीन लगाए हुए ऐसे लोगों के एक समूह का चयन किया, जिन्होंने मार्च और अगस्त 2022 के बीच पहली बार कोविड-19 पॉजिटिव पाए जाने की सूचना दी थी और जिन्हें अस्पताल में भर्ती नहीं किया गया था.

दिसंबर 2022 में, दोनों समूहों ने समान स्थितियों की सूचना दी. पैक्सलोविड से इलाज करवाने वालों में से लगभग 16% को लंबे समय तक चलने वाले कोविड लक्षण थे, जबकि बिना इस दवा के इलाज करवाने वालों में यह आंकड़ा 14% था.

आमतौर पर बताए गए लक्षणों में थकान, सांस की तकलीफ, भ्रम, सिरदर्द और स्वाद और गंध में बदलाव शामिल थे.

जिन लोगों ने पैक्सलोविड लिया और फिर लंबे समय तक चलने वाले कोविड के लक्षण विकसित किए, उन्होंने उन लोगों के जितने लंबे समय तक चलने वाले कोविड लक्षण बताए, जिन्होंने इस दवा का सेवन नहीं किया था.

कुछ कम लोगों को गंभीर लंबे समय तक चलने वाले कोविड हुए, और जो लोग पैक्सलोविड ले चुके थे उनमें गंभीर लंबे समय तक चलने वाले कोविड लक्षण होने की संभावना उतनी ही थी जितनी कि बिना दवा लिए लोगों में थी.

जिन लोगों ने पैक्सलोविड उपचार के दौरान लक्षणों में सुधार का अनुभव किया, उनमें से 21% ने रिबाउंड लक्षणों की सूचना दी. और रिबाउंड लक्षणों वाले लोगों में से 10.8% ने कम से कम एक लंबे समय तक चलने वाले कोविड लक्षण की सूचना दी, जबकि बिना रिबाउंड लक्षणों वाले 8.3% लोगों ने ऐसा किया.

जो प्रतिभागी नेगेटिव टेस्ट आने और उपचार पूरा करने के बाद एंटीजन टेस्टिंग दोबारा कराते रहे, उनमें से 25.7% ने रिबाउंड टेस्ट पॉजिटिविटी की सूचना दी. कुल मिलाकर, 26.1% ने रिबाउंड लक्षणों या टेस्ट पॉजिटिविटी की सूचना दी.

UCSF के कार्डियोलॉजिस्ट और मेडिसिन के सहायक प्रोफेसर मैथ्यू डर्स्टेन ने कहा , "हमने पहले की रिपोर्ट की तुलना में क्लिनिकल रिबाउंड के साथ अधिक अनुपात पाया, लेकिन लंबे समय तक चलने वाले कोविड लक्षणों पर उपचार के बाद रिबाउंड के प्रभाव की पहचान नहीं की।

(आईएएनएस)

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भारतीय दवा कंपनियों को इस साल दवा निर्माण के सख्त नए मानकों का पालन करना होगा. ये नियम 28 दिसंबर को जारी किए गए एक सरकारी अधिसूचना में दिए गए हैं. हालांकि, छोटी कंपनियों ने कर्ज के बोझ का हवाला देते हुए देरी की मांग की है.

2022 से विदेशों में भारतीय दवाओं से जुड़ी मौतों की घटनाओं के बाद, केंद्र सरकार ने दवा फैक्ट्रियों की जांच बढ़ा दी है ताकि 50 अरब डॉलर के उद्योग की छवि सुधारी जा सके.

अधिसूचना में कहा गया है, "निर्माता को दवाओं की गुणवत्ता के लिए जिम्मेदारी लेनी चाहिए ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि वे अपने इच्छित उपयोग के लिए उपयुक्त हैं, लाइसेंस की आवश्यकताओं का पालन करते हैं और अपर्याप्त सुरक्षा, गुणवत्ता या प्रभावशीलता के कारण रोगियों को जोखिम में नहीं डालते हैं."

इसमें कहा गया है कि कंपनियों को केवल तभी किसी तैयार उत्पाद का विपणन करना चाहिए जब सामग्री के परीक्षणों पर "संतोषजनक परिणाम" प्राप्त हों और बैच के बार-बार परीक्षण या सत्यापन की अनुमति देने के लिए मध्यवर्ती और अंतिम उत्पादों के नमूनों की पर्याप्त मात्रा बरकरार रखें.

स्वास्थ्य मंत्रालय ने अगस्त में कहा था कि दिसंबर 2022 से 162 दवा फैक्ट्रियों के निरीक्षण में "आने वाले कच्चे माल के परीक्षण का अभाव" पाया गया. यह कहा गया कि विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) द्वारा निर्धारित अंतरराष्ट्रीय दवा निर्माण मानकों को भारत के 8,500 छोटे दवा कारखानों में से केवल एक चौथाई ही पूरा करते हैं.

अधिसूचना में कहा गया है कि बड़ी दवा कंपनियों को इन चिंताओं को छह महीने के भीतर और छोटे निर्माताओं को 12 महीने के भीतर दूर करना चाहिए. छोटी कंपनियों ने समय सीमा बढ़ाने की मांग की थी, चेतावनी दी थी कि मानकों को पूरा करने के लिए आवश्यक निवेश से उनमें से लगभग आधे बंद हो जाएंगे क्योंकि वे पहले से ही भारी कर्ज में हैं.

WHO और अन्य स्वास्थ्य अधिकारियों ने भारतीय कफ सिरप को गाम्बिया, उज्बेकिस्तान और कैमरून में कम से कम 141 बच्चों की मौत से जोड़ा है.

कुछ प्रमुख बिंदु:
नई अधिसूचना में दवा निर्माण के लिए सख्त मानकों का प्रस्ताव.
विदेशों में भारतीय दवाओं से जुड़ी मौतों के बाद यह कदम उठाया गया है.
बड़ी कंपनियों के लिए 6 महीने, छोटी कंपनियों के लिए 12 महीने का समय दिया गया है.
छोटी कंपनियों ने कर्ज के बोझ के कारण देरी की मांग की है.
WHO ने भारतीय कफ सिरप को 141 बच्चों की मौत से जोड़ा है.

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मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने कहा कि प्रदेश सरकार देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रदेशवासियों को जनहितैषी योजनाओं के माध्यम से लाभान्वित करने के लिए संकल्पित है। पीएम नरेंद्र मोदी की उपस्थिति में सीएम भजन लाल शर्मा कहा, केन्द्र सरकार द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं से करोड़ों लोगों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन आया है। उनका जीवन स्तर ऊपर उठा है। उनके सुनहरे भविष्य का मार्ग प्रशस्त हुआ है। इन योजनाओं में हर वर्ग के हितों का ध्यान रखा गया है। 'सबका साथ, सबका विकास एवं सबका विश्वास' को चरितार्थ करती यह योजनाएं राज्य में प्रभावी रूप से लागू कर प्रदेशवासियों को लाभान्वित किया जाएगा।

वर्तमान मैन्यू में भोजन की मात्रा पर्याप्त नहीं

सीएम भजन लाल शर्मा ने कहा इन्दिरा रसोई योजना की समीक्षा कर इसमें निहित सभी खामियों को दूर कर नव योजना के तहत प्रदेश में आमजन को पौष्टिक एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध करवाना हमारा ध्येय है। इस योजना की समीक्षा में कई कमियां पाई गई। वर्तमान मैन्यू में भोजन की मात्रा लगभग 450 ग्राम है जो पर्याप्त नहीं है। साथ ही, ऐसी जगहों पर रसोई संचालित की जा रही है जहां इनकी उपयुक्तता नहीं है। इसके अतिरिक्त मॉनिटरिंग के लिए स्थायी स्टाफ का अभाव है। जिससे इसके निरीक्षण में कठिनाई होती है।

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रसोईयों में पौष्टिक भोजन का किया जाएगा प्रावधान

सीएम भजन लाल शर्मा ने कहा रसोईयों में पर्याप्त मात्रा में पौष्टिक भोजन का प्रावधान किया जाएगा। साथ ही, इनके संचालन के लिए उपयुक्त स्थान का प्रावधान किया जाएगा। प्रभावी मॉनिटरिंग के लिए उचित व्यवस्थाएं की जाएंगी। जिससे अधिक से अधिक लोगों को गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध करवाया जा सके। गत योजना के अंतर्गत संचालित रसोईयों की संख्या की आवश्यकता का परीक्षण करवाकर पुनर्निर्धारण किया जाएगा।

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राज्य की नई सरकार में मंत्रियों के विभागों का बंटवारा होने के साथ ही जयपुर के लोगों की उम्मीदें बढ़ गई हैं। जयपुर से बने मंत्रियों को कई महत्वपूर्ण विभाग मिले हैं। जिनमें पर्यटन, कला साहित्य, संस्कृति, युवा मामले, खेल और उद्योग जैसे जनता से जुड़े महकमे भी शामिल हैं। जयपुर शहर को पर्यटन नगरी के रूप में जाना जाता है। यहां आमेर, हवामहल, अल्बर्ट हॉल जैसे विश्व प्रसिद्ध स्मारक हैं और जयपुर जिले में ग्रामीण पर्यटन की अपार संभावनाएं भी हैं। यहां देश-दुनिया से सालाना 2 करोड़ से ज्यादा पर्यटक आते हैं। लेकिन स्मारकों पर गंदगी, पार्किंग समस्या और लपके पर्यटकों के लिए परेशानी का सबब बनते हैं।


अब पर्यटन स्थलों को पर्यटक फ्रेंडली बनाना, पर्यटक सहायता बल को मजबूत करने और जयपुर जिले के आस-पास ग्रामीण पर्यटन को बढ़ावा देना भी जरूरी है।

तय समय में पूरी हो रामगढ़ बांध को भरने की योजना
- रामगढ़ बांध को ईसरदा बांध से भरने की योजना बनाई गई है।
- ग्रामीण पर्यटन नीति का क्रियान्वयन हो, जिससे युवाओं को स्थानीय स्तर पर रोजगार मिले और ग्रामीण अर्थव्यवस्था मजबूत हो
- गणगौर और तीज माता की सवारी का देश-दुनिया के पर्यटन के नक्शे पर प्रचार हो
- अल्बर्ट हॉल संग्रहालय की तर्ज पर नया संग्रहालय बनाने की योजना धरातल पर उतरे
- जयपुर की कला, संस्कृति और विरासत को सहेजने और विरासत के संरक्षण के लिए भी प्रयास हों
- शहर में महिला सुरक्षा को लेकर पुख्ता उपाय हों। राज्य महिला नीति-2021 के प्रावधानों के अनुसार महिला थानों, सार्वजनिक कार्यस्थलों पर सुरक्षा की नीति बने

परकोटे का लौटे पुरा वैभव
कांग्रेस सरकार के समय जयपुर के परकोटे को विश्व विरासत का दर्जा प्राप्त हुआ था। लेकिन अभी भी शहर की यह ऐतिहासिक धरोहर अवैध निर्माण, अतिक्रमण, यातायात जाम, प्रदूषण, आवारा पशु, पर्यटन स्थलों के आस-पास गंदगी इत्यादि समस्याओं से परेशान है। परकोटे की गलियों से गुजरना मुश्किल हो गया है। अब जयपुर के मंत्रियों के समक्ष यह बड़ी चुनौती होगी कि वे जयपुर शहर के पुरा वैभव को अपने पुराने और मूल स्वरूप में लौटाएं।

जयपुर के स्टेडियमों की बदलेगी सूरत !
जयपुर शहर में खेल मैदानों के विकास की भी उम्मीद जागी है। अभी शहर की अधिकांश खेल सुविधाएं सवाईमानसिंह स्टेडियम पर ही निर्भर हैं। अब चौगान सहित वैशाली नगर, विद्याधर नगर स्टेडियम में भी सुविधाएं बढऩे की उम्मीद है। जयपुर शहर के निकट चौप में विश्व का तीसरा सबसे बड़ा क्रिकेट स्टेडियम निर्माणाधीन है। इसे पूरा करना भी चुनौती होगा।

शिक्षा सहित अन्य चुनौतियां
- राजधानी के कॉलेजों में शिक्षकों के पद रिक्त हैं।
- कई कॉलेज किराए के भवनों में चल रहे हैं।
- जेएलएन मार्ग पर बन रहे सेंटर ऑफ एक्सीलेंस को समय से शुरू करना।
- कांग्रेस सरकार ने प्रदेश के पहले सरकारी इंजीनियरिंग कॉलेज की घोषणा जयपुर में की। कॉलेज में इस सत्र से प्रवेश शुरू हो गए हैं। लेकिन कॉलेज का अभी तक भवन नहीं है।
- पॉलिटेक्निक कॉलेजों में नए कोर्स शुरू करने होंगे।
- शहर में ई-रिक्शा को लेकर अभी तक न नीति बनी है और न ही लाइसेंस तैयार हुए हैं, इनसे परकोटे में जाम के हालात रहते हैं।
- शहर में संचालित कैब कंपनियों पर परिवहन विभाग की लगाम नहीं है, इसको लेकर भी नीति की जरूरत
- रोडवेज बसों की संख्या कम हैं, रोडवेज के लिए इलेक्ट्रिक बसों की खरीद भी अभी तक नहीं हुई, रोडवेज में नई बसों की खरीद चुनौती से कम नहीं होगी।

जयपुर इस तरह हुआ मजबूत
मुख्यमंत्री और सांगानेर विधायक भजनलाल शर्मा के पास गृह सहित कई मुख्य विभाग हैं। विद्याधर नगर से विधायक और उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी के पास वित्त के अलावा पर्यटन, कला साहित्य संस्कृति सहित अन्य, दूदू विधायक और उप मुख्यमंत्री डॉ.प्रेमचंद बैरवा के पास तकनीकी, उच्च शिक्षा, आयुर्वेद, योग प्राकृतिक, सडक़-परिवहन विभाग हैं। हालांकि दूदू अब जयपुर से पृथक होकर अलग जिला बन चुका है। लेकिन जयपुर के नजदीक होने से यहां का लाभ जयपुर शहर को भी मिलेगा। झोटवाड़ा विधायक राज्यवर्धन सिंह राठौड़ को उद्योग, युवा मामले, खेल, कौशल नियोजन, उद्यमिता, सैनिक कल्याण विभाग दिए गए हैं।

किरोड़ी लाल मीणा ने शनिवार को पदभार ग्रहण किया। किरोड़ी लाल मीणा ने चार विभागों का मंत्री बनाया। ये चार विभाग कृषि और उद्यानिकी विभाग, ग्रामीण विकास विभाग (आपदा प्रबंधन), सहायता और नागरिक सुरक्षा विभाग और जन अभियोग निराकरण विभाग हैं। किरोड़ी लाल मीणा सवाई माधोपुर से भाजपा के विधायक है। इस अवसर पर मंत्री किरोड़ी लाल मीणा ने कहा कि राजस्थान में सभी मंत्री एक साथ मिलकर काम करेंगे। इसी सोच के साथ ये टीम बनाई गई है और विभागों का बंटवारा किया गया है। कृषि ऋण माफी के मुद्दे पर किरोड़ी लाल मीणा कहते हैं, यह सीएम के पैमाने का मुद्दा है। कृषि संबंधी सभी योजनाएं जो धीमी गति से लागू की जा रही थीं और कृषि बजट में बजट आवंटन की जांच की जाएगी। हम राज्य और केंद्र सरकार दोनों की योजनाओं को आगे बढ़ाएंगे। हम यह सुनिश्चित करने के लिए सभी प्रयास करेंगे कि योजनाओं का लाभ लाभार्थियों तक पहुंचे।

मैं लोगों की सेवा करूंगा - किरोड़ी लाल मीणा

राजस्थान के मंत्री किरोड़ी लाल मीणा कहते हैं, मुझे कृषि और ग्रामीण विकास विभाग भी आवंटित किया गया है। मुझे किसानों और गांव में रहने का मौका मिलेगा। मैं लोगों की सेवा करूंगा।

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मुंह पर उंगली रखकर बाहर निकले थे किरोड़ी लाल मीणा

चर्चा में था कि किरोड़ी लाल मीणा को गृह विभाग मिल सकता है। पर सीएम भजनलाल शर्मा ने गृह विभाग अपने पास रख लिया। किरोड़ी लाल मीणा ने ही राजस्थान में ईडी की एंट्री करवाई थी। इसीलिए जयपुर में कल बैठक के बाद किरोड़ी लाल मीणा मुंह पर उंगली रखकर बाहर निकले थे। उन्होंने मीडिया के सवालों का भी कोई जवाब नहीं दिया।

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बच्चों में एलर्जी के कारण गैस्ट्रो से जुड़ी बीमारियां बढ़ रही हैं, जिसके कारण उन्हें खाना निंगलने में तकलीफ, भोजन नली में सिकुड़न जैसी समस्या देखने को मिल रही है। यह गंभीर रूप ले लेता है तो इसका इलाज स्टेरॉइड से किया जाता है। आरयूएचएस, एसएमएस मेडिकल कॉलेज, यूनाइटेड एकेडमी ऑफ पल्मोनरी मेडिसिन, इंडिया सहित एक निजी अस्पताल की ओर से आयोजित नेशनल कॉन्फ्रेंस इकाइकॉन-2023 में विशेषज्ञों ने यह जानकारी दी।


आयोजन सचिव डॉ. एम.के.गुप्ता ने बताया कि तीसरे दिन डॉ.आर.के मोदी मेमोरियल ओरेशन हुआ, जिसमें डॉ. डी.बेहरा और डॉ. ए.बी सिंह चेयरपर्सन रहे। डॉ. अशोक शाह ने इंटिमेट फिजिकल कॉन्टैक्ट, अस्थमा एंड हाइपरसेंसेटिविटी विषय पर अपनी रिसर्च प्रस्तुत की। आयोजन समिति के प्रेसिडेंट डॉ. विनोद जोशी और चेयरमैन डॉ. महेंद्र कुमार बैराना ने बताया कि तीसरे दिन यूसीबी इकाइ अवार्ड और वी राजू अवार्ड सत्र भी आयोजित हुए और कांफ्रेंस में आए प्रतिनिधियों ने ई-पोस्टर प्रस्तुत किए।


पुरुषों में ज्यादा देखने को मिल रही यह एलर्जी


गुरुग्राम की डॉ.शिवानी देसवाल ने बताया कि पुरुष बच्चों में एलर्जी के कारण इयोसोफोनोलिक गैस्ट्रो इंटरस्टाइनल बीमारी ज्यादा देखने को मिल रही है। इसमें उनकी भोजन नली में सूजन, छाले होने के कारण उन्हें खाना निगलने में दिक्कत होती है। धीरे-धीरे नली सिकुड़ने लगती है, जिसे एंडोस्कोपी से खोला जाता है। इसका इलाज डाइट में बदलाव और स्टेरॉइड स्लरी तकनीक से किया जाता है। इस तकनीक में इन्हेलर से भोजन नली की आंतरिक दीवार पर कोटिंग कर दी जाती है। जिससे किसी भी तरह के एलर्जी बढ़ाने वाले तत्व का सीधा संपर्क रोका जा सकता है। उन्होंने बताया कि पांच प्रतिशत बच्चों को यह समस्या होती है।

weather update : राजस्थान में मौसम का मिजाज बुरी तरह से बिगाड़ गया है। कड़ाके की सर्दी, कोहरे ने आम जनता का जीवन दूभर कर दिया है। इसी बीच मौसम विभाग का नया अलर्ट आया है, जिसमें कहा गया है कि 7 जनवरी को राजस्थान में नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा। जिसकी वजह से राजस्थान के 23 जिलों में बारिश और कई जिलों में Hailstorm होगा। मौसम विभाग का Prediction के अनुसार, 8 जनवरी को अजमेर, बांसवाड़ा, बारां, भीलवाड़ा, बूंदी, चित्तौडगढ़़, डूंगरपुर, जयपुर, झालावाड़, कोटा, राजसमंद, सीकर, सिरोही, टोंक, उदयपुर, जालौर, जोधपुर, नागौर और पाली जिलों में मेघगर्जन और वज्रपात के साथ ओलावृष्टि हो सकती है। वहीं दौसा, बाड़मेर, बीकानेर व चूरू जिले में मेघगर्जन और वज्रपात के साथ बारिश होगी। 9 जनवरी को अजमेर, अलवर, बारां, भरतपुर, बूंदी, दौसा, धौलपुर, जयपुर, झुंझुनूं, करौली, सवाई माधोपुर, सीकर, टोंक, बीकानेर, चूरू, हनुमानगढ़, नागौर व श्रीगंगानगर में बादलों की गरज के साथ बारिश व ओले गिरेंगे।

शुक्रवार को बीकानेर में न्यूनतम तापमान 2.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज

आईएमडी के बुलेटिन में कहा गया, पश्चिम राजस्थान के अधिकांश हिस्सों और पूर्वी राजस्थान, के कुछ हिस्सों में न्यूनतम तापमान 6-10 डिग्री सेल्सियस के बीच रहेगा। शुक्रवार को बीकानेर (पश्चिमी राजस्थान) में सबसे कम न्यूनतम तापमान 2.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।

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8 जनवरी को घना कोहरा छाए रहने की उम्मीद

आईएमडी की भविष्यवाणी के अनुसार, 7 जनवरी को पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों/आइसोलेटेड इलाकों में रात/सुबह के समय घना से बहुत घना कोहरा छाए रहने की संभावना है। 8 जनवरी तक अलग-अलग हिस्सों में घना कोहरा छाए रहने की उम्मीद है।

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सरकारी अस्पतालों के दवा काउंटरों से मरीजों को दवाइयां नि:शुल्क भले ही दी जाती हों, लेकिन राज्य सरकार इन दवाओं की खरीद के साथ मरीज तक इसे पहुंचाने की आपूर्ति चेन पर भारी खर्चा करती है। इसके अतिरिक्त सालाना करीब एक हजार करोड़ रुपए इन दवाओं की खरीद पर खर्च हो रहे हैं। इसके बावजूद कई मरीज और कार्मिक इसका मोल नहीं समझ पा रहे। कई मरीजों को एक सप्ताह, 15 दिन, एक महीने या दो महीने तक दवा भी दी जाती है। इनमें से कुछ दवा का मरीज उपयोग नहीं कर पाता है और घर पर ही पड़ी रहती हैं। ऐसे में इन दवा को वापस काउंटर तक मंगवाने का मजबूत सिस्टम अब तक नहीं बन पाया है। वहीं, मरीज और उनके परिजन भी इन दवा को लौटाने का प्रयास नहीं करते।

जानकारी के मुताबिक दवा योजना की शुरूआत के साथ ही दवा लौटाने के लिए सरकारी अस्पतालों में ड्रॉप बॉक्स लगाने की व्यवस्थाएं की गई थीं। अब ये बॉक्स अस्पताल में कहां हैं, किसी को पता नहीं है।


रेशनल यूज को लेकर प्रयास ही हुए


नि:शुल्क दवा में ऐसी कई दवाइयां भी शामिल हैं, जो निजी बाजार में कई गुना अधिक दामों में बिकती हैं। सरकार ने मरीजों की इसी आर्थिक लूट को रोकने के लिए नि:शुल्क दवा योजना शुरू की थी। इसके साथ ही इनके रेशनल यूज (तार्किग उपयोग) को लेकर भी दिशा निर्देश दिए थे, लेकिन अधिकांश अस्पताल इसे सही तरीके से फॉलो नहीं कर रहे।

यह तत्काल हो सकता है

- प्रदेश के सभी सरकारी अस्पतालों में दवा योजना संचालित है। दवा वितरण के लिए सभी अस्पतालों में काउंटर भी बने हुए हैं। काउंटरों के बाहर ड्रॉप बॉक्स लगा दिए जाएं तो मरीज को स्वत: ही इन्हें लौटाने का संदेश मिल सकता है।

- निचले स्तर के अस्पताल में दवाइयां वापस आने पर उस अस्पताल के प्रभारी की जिम्मेदारी तय की जाए कि वह उन्हें मेडिकल कॉलेज अस्पताल, जिला अस्पताल या संबंधित अस्पताल तक पहुंचाने की व्यवस्था करे।
- काउंटर पर दवा लेने वाले मरीज या परिजन को दवा का उपयोग नहीं होने पर वापस करने की व्यवस्था की जाए। इस संबंध में मरीज और परिजन दोनों को जागरूक करने की आवश्यकता है।

अयोध्या में प्रभु श्री राम मंदिर की प्राण प्रतिष्ठा 22 जनवरी को होने जा रही है। भारत व सम्पूर्ण विश्व में भी इस दिन विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी श्रृंखला में धर्म फाउंडेशन ट्रस्ट, जयपुर नगर निगम ग्रेटर और जयपुर व्यापार महासंघ के सहयोग से अल्बर्ट हॉल पर 1 लाख 11 हजार दीपक प्रज्वलित किए जाएंगे।

ट्रस्ट के अध्यक्ष सुधीर जैन गोधा ने प्रेस वार्ता में बताया कि प्रमुख साधु-संतों व महंतों के सानिध्य में राजस्थान के मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्री, महापौर और सर्व समाज के गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति में रामलला की भव्य महाआरती का आयोजन किया जाएगा। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रीराम भक्त हिस्सा लेंगे। संपूर्ण रामनिवास बाग को अयोध्या नगरी के रूप में सजाया जाएगा, जिसमें राम द्वार, लक्ष्मण द्वार, भरत द्वार और हनुमान द्वार के साथ ही प्रमुख मार्ग भक्ति मार्ग और श्रद्धा मार्ग होंगे। रामनिवास बाग परिसर को भगवा रंग का बंदनवार लगाकर धार्मिक रूप दिया जाएगा और केसरिया रंग की ध्वजाए संपूर्ण रामनिवास बाग, जिसको हमने अयोध्या नगरी का स्वरूप माना है चप्पे चप्पे पर लगी होंगी।

ये होगा कार्यक्रम का स्वरूप

—अल्बर्ट हॉल पर प्रभु श्रीराम लल्ला का 35 फीट ऊंचा भव्य मंदिर, जो की कोलकाता से आए कारीगर बनाएंगे।
—मंच के दाईं ओर एक बड़े मंच पर भक्ति संध्या का आयोजन होगा।
—विशेष आकर्षण के तौर पर मंदिर के साथ ड्रोन शो/लेज़र शो किया जाएगा।
—न्यू गेट से मुख्य मंच तक पुष्प वर्षा के साथ प्रभु श्री राम की रथ यात्रा निकाली जाएगी। सभी व्यापारिक संगठन और नागरिक इस शोभा यात्रा का स्वागत करेंगे।
—पूरे रामनिवास बाग में ध्वनि प्रसारण यंत्रों की आवाज पहुंचेगी। दोनों तरफ महिलाएं केसरिया साड़ी पहनकर फूलों से राम भक्तों का स्वागत करेंगी।
—पुरुष भगवा कुर्ता पायजामा व केसरिया साफा बांधे हुए रहेंगे। महिलाएं केसरिया साड़ी/सूट पहनकर केसरिया साफा धारण करेंगी।
—कार्यक्रम के अंत में शानदार आतिशबाजी होगी।

 

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जयपुर। स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने शनिवार को कनिष्ठ अभियंता भर्ती 2020 के पेपर लीक प्रकरण में फरार चल रहे एक आरोपी को गिरफ्तार किया है।
एटीएस एवं एसओजी के एडीजी वी.के सिंह ने बताया कि 6 दिसंबर 2020 को आयोजित कनिष्ठ अभियंता भर्ती 2020 का पेपर परीक्षा पूर्व लीक करने के संबंध में सांगानेर थाने में प्रकरण दर्ज किया गया था। मामले की जांच एसओजी कर रही थी। एसओजी टीम ने इस मामले में फरार चल रहे आरोपी भोजपुरा कलां जोबनेर निवासी यशपाल चौधरी को गिरफ्तार कर लिया।

परीक्षा से पहले ही मिल गया था पेपर
एसओजी की पूछताछ में सामने आया कि आरोपी यशपाल चौधरी ने कनिष्ठ अभियंता भर्ती 2020 का पेपर, पूर्व में गिरफ्तार हुए आरोपी मुकेश बाना और बलबीर सुण्डा से परीक्षा पूर्व पेपर प्राप्त कर अभ्यर्थी को उपलब्ध करवाया था। एसओजी गिरफ्तार आरोपी यशपाल चौधरी से पूछताछ कर अन्य जानकारी जुटा रही है। गौरतलब है कि एसओजी इससे पूर्व अब तक इस प्रकरण में 20 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है।

जयपुर। पुलिस कमिश्नरेट की सीएसटी टीम ने चार थाना इलाकों में कार्रवाई करते हुए चार तस्करों को गिरफ्तार किया हैं। पुलिस ने उनके कब्जे से बड़ी मात्रा में गांजा, स्मैक, चरस एमडी, कोकिन बरामद की है।
पुलिस कमिश्नर बीजू जॉर्ज जोसफ ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी सीताराम उर्फ राधे आलीसर गोविन्दगढ़, श्याम प्रताप सिंह वरूण पथ मानसरोवर, मंगलदीप महेश नगर श्याम नगर और कविता सांसी सांगानेर मालपुरा की रहने वाली हैं।
एडिशनल पुलिस कमिश्नर कैलाश चन्द्र बिश्नोई ने बताया कि अवैध नशा तस्करों के खिलाफ ऑपरेशन क्लीन स्वीप चलाया जा रहा हैं। सीएसटी टीम ने गोविन्दगढ़ में कार्रवाई करते हुए सीताराम उर्फ राधे को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से ब्राउन सुगर 53.20 ग्राम, एमडी 43.20 ग्राम एवं परिवहन के लिए काम में लिए दुपहिया वाहन को भी बरामद कर लिया। पुलिस ने दूसरी कार्रवाई मानसरोवर में की। पुलिस ने तस्कर मंगलदीप को गिरफ्तार कर 49.60 ग्राम, एमडी 32.28 ग्राम, 5.20 ग्राम कोकिन बरामद की हैं।
पुलिस ने तीसरी कार्रवाई श्याम नगर थाना इलाके में करते हुए श्याम प्रताप सिंह को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से स्मैक 2.50 ग्राम और परिवहन के दौरान काम में लिया गया दुपहिया वाहन बरामद कर लिया। पुलिस ने चौथी कार्रवाई कर कविता सांसी को गिरफ्तार कर उसके कब्जे 230 ग्राम गांजा बरामद कर लिया।

Ujjwala Scheme : जयपुर। नई सरकार लोकसभा चुनाव की तैयारियों में लग गई है। राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के तहत लोगों को ज्यादा से ज्यादा लाभ मिले, इसे लेकर काम किया जा रहा है। लेकिन जयपुर जिले में हजारों लाभार्थियों की जांच में सामने आया है कि वह अभी जनाधार से मैपिंग नहीं है। ऐसे मे उज्जवला योजना का फायदा भी उन्हें जब तक नहीं मिलेगा। जब तक वह जनाधार मैपिंग नहीं करा लेंगे।

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उचित मूल्य दुकानदार के माध्यम से करीब 54 हजार से अधिक लाभार्थियों की जनाधार मैपिंग की जाएगी। जिसके तहत राशन कार्ड में दर्ज प्रत्येक सदस्य को जन आधार कार्ड से जुडऩा अनिवार्य है। उज्ज्वला योजना के लाभ के लिए भी जनाधार मैपिंग करवाना अनिवार्य कर दिया है। जिला रसद अधिकारी डॉ अनुराधा गोगिया ने बताया कि जिले में कुल 6,19,979 राशन कार्ड में 54,722 सदस्य जनाधार से मैप नहीं है।

जिन सदस्यों के राशन कार्ड जनाधार से मैप नहीं है। उनकी सूची उचित मूल्य दुकानदार के मोबाइल में एससीएम लॉगिन पर उपलब्ध करवा दी गई है। गोगिया ने बताया कि खाद्य सुरक्षा योजना के तहत ऐसे राशन कार्ड, जिनमें मुखिया या किसी सदस्य की मृत्यु हो गई, ऐसे राशन कार्ड में से मृतक सदस्य का नाम कटवा लें। यदि मृतक सदस्य मुखिया है तो उसके स्थान पर राशन कार्ड में दर्ज अन्य सदस्य को मुखिया बनाएं।

भजन लाल मंत्रिमंडल को विभागों का बंटवारा हो चुका है। सभी मंत्री पहले ही कार्यभार ग्रहण कर चुके थे। अब उन्होंने अपने-अपने विभाग का काम संभाल लिया है। सभी मंत्रियों ने कहा कि पीएम ने शुक्रवार को कहा था कि जनता के सेवक बनकर काम करो। हम सेवक बनकर पीएम के कहे अनुसार काम करेंगे।

कानून मंत्री जोगाराम पटेल ने कहा कि आने वाले दिनों में कई अंग्रेजों के जमाने के कानून बदले जाएंगे। हम सबको गुलामी की मानसिकता से बाहर निकलना है। मगर प्रदेश में राजस्थान में ऐसे अनेक कानून है, जिनकी कोई उपयोगिता नहीं है। कुछ कानूनों में बदलाव की जरूरत है। उनमें हम बदलाव करेंगे और जिन कानूनों की आवश्यकता नहीं है, उन्हें समाप्त करेंगे। मोदी से मुलाकात को लेकर पटेल ने कहा कि पीएम नरेंद्र मोदी हमारे परिवार के मुखिया हैं। जो भी मुखिया का निर्देश होता है, उन पर काम करना होता है। 19 जनवरी से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र को लेकर पटेल ने कहा कि 16वीं विधानसभा के नवनिर्वाचित विधायकों के लिए पहला सत्र होगा। राज्यपाल के अभिभाषण में सरकार के 5 साल लेखा-जोखा होता है। जिसके तहत हम काम करेंगे।

मेरी कोई नाराजगी नहीं, जिम्मेदारी से काम करेंगे-किरोड़ी

कृषि और ग्रामीण विकास मंत्री किरोड़ी लाल मीणा ने भी विभाग का कामकाज शुरू कर दिया है। उन्होंने कहा कि मैंने किसान के घर में जन्म लिया और आज मुझे कृषि और ग्रामीण विकास मिला है। किसानों और गांव के लोगों को विभागों की योजनाओं का लाभ मिले। इस दिशा में काम करना है। गहलोत सरकार ने किसानों के लिए अलग से बजट पेश किया। देखेंगे इससे कितना फायदा मिला। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार जैसी स्थिति नहीं हो और अगर हुई है तो उसकी की जांच करेंगे। अब प्रदेश में डबल इंजन की सरकार है, जो योजनाएं हैं उसको धरातल पर उतारेंगे। नवाचार करेंगे। नाराजगी की चर्चाओं पर मीणा ने कहा कि मेरी कोई नाराजगी नहीं, जो जिम्मेदारी पार्टी ने दी है, उसे सत्य निष्ठा से निभाएंगे।

नेशनल फूड सिक्योरिटी एक्ट का कोटा बढ़वाएंगे-गोदारा

खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री सुमित गोदारा ने कहा कि साल 2011 के बाद से एनएफएसए (नेशनल फूड सिक्योरिटी एक्ट) में कोटा नहीं बढ़ा है। हम इस कोटा को बढ़वाने का प्रयास करेंगे। ताकि प्रदेश में कोई भी एनएफएसए लाभार्थी राशन से वंचित नहीं रहे। नई राशन की दुकानों का भी आवंटन किया जाएगा। आमजन के लिए हमेशा से मेरे द्वार खुले थे और खुले रहेंगे। हर जरूरतमंद को योजना का लाभ मिले इसको लेकर काम होगा। प्रदेश में मिलावटखोरी के खिलाफ अभियान चलाकर इसे रोका जाएगा।

 

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मुख्य निर्वाचन अधिकारी प्रवीण गुप्ता ने बताया कि राज्य के 199 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों (करणपुर विधानसभा क्षेत्र के अतिरिक्त) के 51,507 मतदान केन्द्रों की मतदाता सूचियों का प्रारूप प्रकाशन शनिवार को कर दिया गया। प्रारूप मतदाता सूची में अब तक कुल 2,74,98,671 पुरूष मतदाता, 2,52,14,172 महिला मतदाता, इस प्रकार से कुल 5,27,12,843 (1,41,839 सेवारत मतदाता शामिल) मतदाता पंजीकृत हैं।

राज्य के 199 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की प्रकाशित प्रारूप मतदाता सूचियों को निर्वाचन विभाग की वेबसाईट https://ceorajasthan.nic.in/ पर भी आमजन द्वारा देखा जा सकता है। आमजन की सुविधा के लिए विभाग की वेबसाईट पर प्रारूप मतदाता सूची, 2024 भागवार जारी की गई है। राज्य की पुर्नगठित मतदान केन्द्रों की नवीन सूची भी विभाग की वेबसाइट पर आमजन के लिए उपलब्ध है। इसके अतिरिक्त प्रत्येक विधानसभा का विधानसभा क्षेत्रवार मुख्य पृष्ठ भी उपलब्ध है जिसमें प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र का डिजिटल मैप भी उपलब्ध है। 199 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की सेवा नियोजित मतदाताओं (सर्विस वोटर्स) की प्रारूप मतदाता सूची का भी प्रकाशन कर दिया गया है। आमजन की सुविधा के लिए उक्त मतदाता सूचियाँ भी विभाग की वेबसाईट पर उपलब्ध है।

गुप्ता ने बताया कि सभी मतदान केन्द्रों पर दावे एवं आपत्तियां प्राप्त करने हेतु 7 जनवरी (रविवार) एवं 21 जनवरी 2024 विशेष अभियान चलाया जाएगा। संबंधित विधानसभा क्षेत्रों के निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण पदाधिकारियों द्वारा एकीकृत मतदाता सूचियों के प्रारूप प्रकाशन के उपरांत दावे एवं आपत्तियां 22 जनवरी तक प्राप्त किए जाएंगे। 2 फरवरी तक दावे एवं आपत्तियों का निस्तारण किया जाएगा एवं मतदाता सूचियों का अंतिम प्रकाशन 8 फरवरी को किया जाएगा।

चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेन्द्र सिंह खींवसर ने विभाग के अधिकारियों को आयुष्मान भारत स्वास्थ्य बीमा योजना, आयुष्मान भारत योजना, पीएम आयुष्मान भारत हैल्थ इन्फ्रास्ट्रक्चर मिशन, आयुष्मान भवः योजना का संपूर्ण लाभ आमजन को पहुंचाने के सख्त निर्देश दिए हैं। यह बात उन्होंने शनिवार को सचिवालय सचिवालय स्थित कक्ष में विभाग का कार्यभार ग्रहण करने के बाद कही।

चिकित्सा मंत्री ने कहा कि सभी अधिकारी-कार्मिक मानवीय एवं संवेदनशील एप्रोच के साथ काम करते हुए स्वस्थ एवं समृद्ध राजस्थान का संकल्प साकार करते हुए चिकित्सा के क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव के लिए तैयार रहने के लिए कहा। खींवसर ने कहा कि चिकित्सकों को मरीजों को परिवार का सदस्य मानते हुए उपचार करना चाहिए। इस दौरान विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव शुभ्रा सिंह सहित अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे। गजेन्द्र सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री भज लाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान सरकार प्रधानमंत्री मोदी के संकल्पों को मूर्त रूप देने की दिशा में प्रतिबद्धता से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि चिकित्सा के क्षेत्र में विश्व की सबसे बड़ी स्वास्थ्य योजना आयुष्मान भारत योजना, पीएम आयुष्मान भारत हैल्थ इन्फ्रास्ट्रक्चर मिशन, आयुष्मान भवः अभियान जैसी महत्वाकांक्षी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। प्रदेश के नागरिकों को भी इन योजनाओं का समुचित लाभ मिले, यह सुनिश्चित किया जाए। चिकित्सा मंत्री ने कहा कि अस्पतालों में चिकित्सक रोगियों को परिवार का सदस्य मानते हुए उपचार करें। रोगियों एवं परिजनों के साथ सौम्य एवं शालीन व्यवहार रहे। उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य गांव-ढाणी तक बेहतरीन सेवाएं उपलब्ध कराना है ताकि ग्रामीण क्षेत्र के निवासियों एवं महिलाओं को गुणवत्तापूर्ण उपचार मिले। उन्होंने कहा कि मानव सेवा का इससे बड़ा कोई और माध्यम नहीं है।

जयपुर। प्रताप नगर थाना पुलिस ने युवती से छेड़खानी के मामले में ई-रिक्शा चालक को गिरफ्तार किया है। आरोपी घटना के बाद से ही युवती का बार बार पीछा कर धमकी दे रहा था।
डीसीपी (पूर्व) ज्ञानचंद यादव ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी संजय चावला सेक्टर-28 प्रताप नगर का रहने वाला है। डीसीपी ने बताया कि 27 दिसंबर को प्रताप नगर थाने में युवती ने मामला दर्ज करवाया। जिसमें बताया कि 20 दिसंबर को वह कॉलेज बस से उतरने के बाद कुम्भा मार्ग से पीजी पैदल जा रही थी। इसी दौरान एक ई-रिक्शा वाला आया और बोला कि मेरे साथ चलोगी। मना करने के बाद भी वह छेड़छा़ड़ कर पीछा करने लगा। परेशान होकर युवती ने ई-रिक्शा के नम्बर नोट कर लिए। उसने धमकाते हुए कहा कि यह बात किसी को बताना मत। युवती ने पुलिस को बताया कि जब वह दूसरे दिन पीजी से नारायण अस्पताल की तरफ पैदल जा रही थी, तभी ई-रिक्शा वाला आया जिस पर नम्बर प्लेट नहीं थी।थ चालक ने अपना चेहरा छिपा रखा था। धमकाते हुए कहा कि कल की बात बाहर नहीं जानी चाहिए वरना अच्छा नहीं होगा। 27 दिसंबर को पीड़िता कुम्भा मार्ग पर जा रही थी, तभी तीन लड़के बाइक पर आए और उसे गलत तरह से छूने लगे। मना करने पर जैकेट खींचकर गिरा दिया। भागते समय युवती ने बाइक का नम्बर नोट कर लिया। मामले की जांच कर रहे हैडकांस्टेबल बलदेव ने आरोपी की पहचान संजय चावला के रुप में की। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर ई-रिक्शा बरामद कर लिया।

Gajendra Singh Takes Charge As Health Minister : जयपुर। राजस्थान के नवनियुक्त चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेन्द्र सिंह खींवसर ने कहा है कि सब मिलकर मानवीय दृष्टिकोण से काम करें जिससे प्रदेश में चिकित्सा के क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव लाया जा सके। खींवसर ने शनिवार दोपहर को शासन सचिवालय में अपना कार्यभार संभालने के बाद यह बात कही। इस अवसर पर विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव शुभ्रा सिंह ने उन्हें बधाई दी। कार्यभार ग्रहण के बाद खींवसर स्वास्थ्य भवन पहुंचे और विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ चर्चा की।

उन्होंने चिकित्सा एवं स्वास्थ्य जनसेवा से जुड़ा हुआ महत्वपूर्ण विभाग बताया और कहा कि सभी अधिकारी-कार्मिक मानवीय एवं संवेदनशील दृष्टिकोण के साथ काम करते हुए स्वस्थ एवं समृद्ध राजस्थान का संकल्प साकार करें। उन्होंने कहा, 'हम सब मिलकर ऐसे प्रयास करें, जिससे प्रदेश में चिकित्सा के क्षेत्र में क्रांतिकारी बदलाव आए।' खींवसर ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सोच है कि प्रत्येक नागरिक को उसके घर के नजदीक सुगमता से गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवायें उपलब्ध हों। हर व्यक्ति को स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ मिलना सुनिश्चित हो। इसी उद्देश्य के साथ विकसित भारत संकल्प यात्रा संचालित की जा रही है और चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग प्रधानमंत्री की भावना के अनुरूप यात्रा को सफल बनाएं और आमजन को बेहतरीन स्वास्थ्य सेवायें उपलब्ध कराना सुनिश्चित करे।

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उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा के नेतृत्व में राजस्थान सरकार प्रधानमंत्री के संकल्पों को मूर्त रूप देने की दिशा में प्रतिबद्धता से काम कर रही है। उन्होंने कहा कि चिकित्सा के क्षेत्र में विश्व की सबसे बड़ी स्वास्थ्य योजना आयुष्मान भारत योजना, पीएम आयुष्मान भारत हैल्थ इन्फ्रास्ट्रक्चर मिशन, आयुष्मान भव: अभियान जैसी महत्वाकांक्षी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। प्रदेश के नागरिकों को भी इन योजनाओं का समुचित लाभ मिले, यह सुनिश्चित किया जाएगा।

उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी ने साफ कर दिया है कि किसी भी कार्य कि गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं होना चाहिए। कार्य की गुणवत्ता खराब करने वालों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। दिया कुमारी ने शनिवार को सचिवालय में आयोजित वित्त, सार्वजनिक निर्माण विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग तथा पर्यटन, कला एवं सस्कृति विभाग कि योजनाओं की समीक्षा बैठक में यह निर्देश दिए। इस दौरान राज्य मंत्री डॉ. मंजू बाघमार सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

उन्होंने वित्त विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक में राजस्थान की वित्तीय स्थिति को लेकर कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की। उन्होंने राज्य की वित्तीय स्थिति, राजस्व और विभिन्न योजनाओं पर होने वाले खर्च की विस्तार से जानकारी ली। साथ ही अधिकारियों को राज्य की आर्थिक स्थिति में सुधार के लिए कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राजस्थान को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के साथ—साथ योजनाओं का लाभ समयबद्ध तरीके से जनता तक पहुंचाने का सरकार का लक्ष्य है।

सड़क खराब बनी, यह शिकायत नहीं आए

सार्वजनिक निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक में उन्होंने निर्देश दिए कि सड़कों की गुणवत्ता खराब होने की शिकायत नहीं आनी चाहिए। पांच वर्ष कि गारंटी अवधि में सड़क खराब हो तो जिस ठेकेदार ने सड़क का निर्माण किया है, उससे सड़क की रिपेयर करवाना सुनिश्चित करें। उन्होंने इस बात पर नाराजगी भी जाहिर कि की ठेकेदारों से गारंटी अवधि में सड़क सही नहीं करवाई जाती। उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसी अनियमितता करने वाले ठेकेदार एवं संबंधित अधिकारी दोनो पर कार्रवाई होगी। उन्होंने निर्देश दिए कि ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित करें कि आमजन खराब सड़कों कि सीधी शिकायत कर सकें और उन्हें राहत मील सके। उन्होंने कहा कि सड़कों की बार-बार खुदाई न हों और यदी किसी कारण से हों तो उसको तत्काल ठीक करवाया जाए। इसके लिए सभी विभागों में समन्वय स्थापित करें।

गुणवत्तापूर्ण हो पोषाहार, सुरक्षा जागरुकता कार्यक्रम चलाएं

महिला एवं बाल विकास विभाग की समीक्षा बैठक में उपमुख्यमंत्री ने गुणवत्तापूर्ण पोषाहार वितरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नौनिहालों को ताजा और पौष्टिक आहार पूर्ण पारदर्शिता से मिलना चाहिए। उन्होंने विद्यालयों में बालिकाओं के लिए सुरक्षा जागरूकता के कार्यक्रम चलाएं जाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि स्कूल स्तर पर ही अगर बालिकाएं सशक्त और जागरूक कर दी जाएं और उन्हें आत्मरक्षा में निपुण बना दिया जाए तो महिला अपराधों को बहुत हद तक कम किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि योजनाओं को कागजों की बजाय धरातल पर उतारे ताकि आमजन को ज्यादा से ज्यादा फायदा मिल सके।

ग्रामीण पर्यटन को बढ़ावा दिया जाए

पर्यटन विभाग कि समीक्षा बैठक में उन्होंने निर्देश दिए कि पर्यटन में राजस्थान कि अर्थव्यवस्था को बूस्ट देने की क्षमता है और हमे इसी दिशा में काम करना है। उन्होंने कहा कि हम पर्यटन सीजन के अलावा ऑफ सीजन के लिए भी योजना बनाएं, ताकि हम उस समय में खासकर ग्रीष्म ऋतु में ज्यादा से ज्यादा पर्यटकों को बुला सके। इसके लिए कुछ विशेष उत्सव आयोजित करने एवं ग्रामीण पर्यटन को बढ़ावा दिया जाए। पर्यटकों की सहुलियत के लिए एक पर्यटक हेल्पलाइन या शिकायत निवारण ऑनलाइन सिस्टम को प्रभावी किया जाए।

 

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प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने जयपुर भाजपा प्रदेश कार्यालय में विधायकों और प्रदेश पदाधिकारियों से संवाद किया। बैठक में सीएम, मंत्री सहित 110 से ज्यादा विधायक शामिल हुए। इस बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे शामिल नहीं हुई, वहीं विधानसभा अध्यक्ष बनाए जाने के कारण वासुदेव देवनानी भी बैठक में शामिल नहीं हुए। मोदी देश के पहले पीएम है, जो भाजपा प्रदेश कार्यालय आए। पीएम ने बैठक में सीधे तौर पर तो लोकसभा चुनाव में जुटने का कोई संदेश नहीं दिया, लेकिन केन्द्र की योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए जरूर कहा है।

पीएम नरेन्द्र मोदी ने इस बैठक में विधायकों-पदाधिकारियों को खरी-खरी बातें कही और अच्छे मूड में कई बातें भी साझा की। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं का प्रचार करें। जनता के बीच रहें, जनसेवक बनकर काम करें। कौन क्या काम कर रहा है, सब पर हमारी नजर है। संगठन में काम करने वाला अपना काम करता रहे। काम करने वाला कोई भी किसी भी पद पर जा सकता है। पीएम ने कहा कि विकसित संकल्प भारत यात्रा को ज्यादा से ज्यादा जनता के बीच पहुंचाएं और पात्र व्यक्तियों को योजनाओं का लाभ दिलाने की कोशिश करें। चार-पांच विधायकों ने कुछ सवाल भी किए। पीएम मोदी करीब ढाई घंटे भाजपा कार्यालय रहे।

तबादलों की डिजायर से भैरोंसिंह शेखावत भी परेशान थेपीएम मोदी ने बैठक में कहा कि कौन अधिकारी कहां लगा है, कहां नहीं? इस पर ध्यान ना दें। उन्होंने तबादलों को लेकर होने वाली राजनीति से बचने की सलाह भी दी। उन्होंने कहा कि सत्ता बदलते ही ट्रांसफर शुरू कर दिए जाते हैं। मैं इससे दूर रहा, आप भी इससे दूर रहें। अधिकारी किसी दल के नहीं होते। हमारा काम पॉलिसी बनाना है और अधिकारियों का काम उसे लागू करने का है। पीएम ने दिवंगत भैरों सिंह शेखावत का नाम लेकर कहा कि मैं जब पार्टी का महासचिव था, तब वे वे डिजायर का पूरा थैला लेकर आए और कहा कि यह मेरे बस की बात नहीं है। पीएम ने यह नसीहत भी दी कि अधिकारियों से अच्छा व्यवहार करें। अभी एक-दो शिकायतें आई है। आगे ऐसा ना हो।

हर माह एक गांव में जाकर रुकें

पीएम ने कहा कि हर माह एक गांव में जाओ और वहां रुको। आप अपना टिफिन लेकर जाओ। कार्यकर्ताओं से मिलो। उनके साथ भोजन करो। गांव वालों की तकलीफ भी समझो। पांच साल में 60 माह होते हैं। हर माह एक गांव में रहोगे तो पांच साल में 60 गांवों में रुकने का मौका मिलेगा।

बदल गई भाजपा की सियासी तस्वीरभाजपा प्रदेश कार्यालय के बाहर पहले प्रदेश अध्यक्ष सी पी जोशी, पूर्व सीएम वसुंधरा राजे और राजेन्द्र राठौड़ की तस्वीर लगी हुई थी, लेकिन अब सरकार बनने के बाद यहां की तस्वीर भी बदल दी गई है। मोदी के भाजपा कार्यालय आने से पहले होर्डिंग बदला गया। होर्डिंग में एक तरफ पीएम नरेन्द्र मोदी, जे पी नड्डा, प्रदेश अध्यक्ष सी पी जोशी की फोटो है तो दूसरी तरफ सीएम भजनलाल शर्मा, डिप्टी सीएम दिया कुमारी, प्रेम चंद बैरवा की फोटो लगाई गई।

मैं तो रात को आने वाला था, आप लोगों से मिलने पहले आ गया

पीएम मोदी ने विधायकों से कहा कि वे तो रात को आने वाले थे, लेकिन सोचा कि आप लोगों से भी मिल लूंगा। इसलिए पहले आ गया। पीएम ने इस दौरान लोकसभा चुनाव को लेकर बहुत ज्यादा बात भी नहीं की।

एयरपोर्ट पर हुआ स्वागत

पीएम नरेन्द्र मोदी शुक्रवार शाम को जयपुर एयरपोर्ट पहुंचे। यहां उनका राज्यपाल कलराज मिश्र, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सी पी जोशी, घनश्याम तिवाड़ी, रामचरण बोहरा, सौम्या गुर्जर, राजेन्द्र राठौड़, अरुण चतुर्वेदी, सतीश पूनिया, अशोक परनामी, अल्का गुर्जर, मुख्य सचिव सुधांश पंत, पुलिस महानिदेशक यू आर साहू, कलक्टर प्रकाश राजपुरोहित, पुलिस कमिश्नर बीजू जार्ज जोसफ ने स्वागत किया।

देश के सभी राज्यों से आए पुलिस अधिकारियों ने विधानसभा के नजदीक विधायक आवास में शनिवार सुबह योगा किया। सभी अधिकारियों के लिए योगा कार्यक्रम का आयोजन रखा गया था। इसके बाद सभी तैयार होकर आरआइसी पहुंचे। प्रधानमंत्री, केन्द्रीय गृह मंत्री सहित सभी अधिकारियों के लिए सुबह का नश्ता, दोपहर का भोजन, शाम की चाय और रात्रि भोजन आरआइसी में ही रखा गया था। गौरतलब है कि प्रधानमंत्री मोदी राजभवन में, केन्द्रीय गृह मंत्री शाह सहकार मार्ग स्थित बिजली विभाग के गेस्ट हाउस में और बाहर से आने वाले अन्य सभी पुलिस अधिकारी विधायकों के लिए बनाए गए फ्लैट में ठहरे हुए हैं। डीजी-आईजी कांफ्रेंस के रविवार को समापन सत्र में राजस्थान पुलिस मुख्यालय (पीएचक्यू) के आला अधिकारी शामिल होंगे। इन सभी अधिकारियों को कांफ्रेंस के उदघाटन सत्र में भी बुलाया गया था। शनिवार को मुख्य सत्र में चयनित अधिकारी ही शामिल हुए थे। डीजीपी-आइजी कांफें्रस के दूसरे दिन शनिवार को आयोजित मुख्य सत्र में शामिल होने के लिए केन्द्रीय गृह मंंत्री अमित शाह सहकार मार्ग स्थित बिजली विभाग के गेस्ट हाउस से 7.45 बजे रवाना हो गए थे। शाह का काफिला आरआइसी पहुंची, तभी करीब 8 बजे प्रधानमंत्री मोदी का काफिला राजभवन से आरआइसी के लिए रवाना हुआ। इनसे पहले संबंधित पुलिस व सुरक्षा एजेन्सियों के अधिकारी आरआइसी पहुंच गए थे।

कई अधिकारी सेंट्रल पार्क पहुंचे

देश के सभी राज्यों से आए डीजीपी व अन्य अधिकारी विधानसभा के पास विधायकों के फ्लैट में ठहरे हुए हैं। गुरुवार सुबह कई अधिकारी सेन्ट्रल पार्क में वॉक करने पहुंचे। इस दौरान राजस्थान के भी कई आइपीएस अधिकारी सेंट्रल पार्क में इन अधिकारियों के साथ वॉक करते नजर आए।

बसों की सुरक्षा के लिए लगाई एस्कॉर्ट

विधायकों के फ्लैट में ठहरे बाहर के राज्यों के अधिकारियों को राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर तक ले जाने के लिए बसों की व्यवस्था की गई थी। कुछेक अधिकारियों को छोड़कर अधिकांश अधिकारी बसों से ही सेंटर पहुंचे। इस दौरान कमिश्नरेट पुलिस ने बसों की सुरक्षा के लिए एस्कॉर्ट भी लगाई।

मुख्यमंत्री भजनलाल ने मंत्रिमंडल में विभागों का बंटवारा कर दिया है। इस बार विभागों का बंटवारा कई मायनों में अहम है। पिछले कार्यकालों को देखें तो लंबे समय से मंत्रिमंडल में कुछ चेहरों को ही पावरफुल विभाग दिए जाते रहे हैं। लेकिन, इस बार 25 सदस्यीय मंत्रिमंडल में 18 मंत्रियों को अच्छे महकमों की जिम्मेदारी सौंपकर पावरफुल बनाया गया है। मंत्रिमंडल में शामिल 5 मंत्री पहले भी मंत्री रह चुके हैं। 20 पहली बार मंत्री बने हैं। नए बने मंत्रियों को भी अहम विभागों की जिम्मेदारी सौंपकर काम करने का बड़ा अवसर दिया गया है। प्रदेश में 20 साल बाद वित्त विभाग मुख्यमंत्री के अलावा अन्य के पास रहेगा।

नई मंत्रिपरिषद का मंत्रालय संभालने का औसत अनुभव 18 माह और 72 दिन का है। मुख्यमंत्री सहित कुल 25 सदस्यीय मंत्रिपरिषद में सिर्फ 5 विधायकों को मंत्री पद संभालने का अनुभव है। इनमें सर्वाधिक 120 माह का अनुभव गजेन्द्र सिंह, सुरेन्द्रपाल टीटी और मदन दिलावर को है। इनके अलावा ओटाराम देवासी 60 माह और किरोड़ीलाल मीना 48 माह तक मंत्री पद संभाल चुके हैं। प्रदेश की सत्ता की चाबी 25 साल तक मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और वसुंधरा राजे के पास रही। गहलोत ने 15 साल और राजे ने 10 साल सत्ता संभाली। गहलोत ने पहले कार्यकाल में अपने पास कोई विभाग नहीं रखा और वित्त मंत्री चंदनमल बैद और प्रद्युम्न सिंह को बनाया, लेकिन इसके बाद गहलोत ने किसी को वित्त विभाग नहीं सौंपा। यही रिवाज तत्कालीन मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने कायम रखा। वे दो बार मुख्यमंत्री रहीं, लेकिन वित्त मंत्री किसी को नहीं बनाया। 1998 के बाद मुख्यमंत्री का चेहरा बदला और भजनलाल को सत्ता की चाबी मिली तो उन्होंने वित्त विभाग की जिम्मेदारी उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी को सौंप दी। दिया कुमारी ही अब राज्य का बजट विधानसभा में पेश करेंगी।

गहलोत की तर्ज पर भजनलाल

प्रदेश में अमूमन गृह विभाग मुख्यमंत्री अपने पास नहीं रखते। लेकिन पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने गृह विभाग और एसीबी अपने पास रखी। यह रिवाज मुख्यमंत्री भजनलाल अब आगे बढ़ाएंगे। उन्होंने गृह विभाग के साथ एसीबी भी अपने पास रखी है।

नए चेहरों को मिली बड़ी जिम्मेदारी

राजस्थान में पेयजल बड़ा मुद्दा है। इनमें ईस्टर्न राजस्थान कैनाल प्रोजेक्ट (ईआरसीपी) और जलजीवन मिशन बड़े प्रोजेक्ट हैं। इनकी जिम्मेदारी नए चेहरे कन्हैयालाल और सुरेश सिंह रावत को दी गई है। रावत ईआरसीपी और कन्हैयालाल जलजीवन मिशन को पूरा करेंगे।

दिया के विभाग में राज्य मंत्री भी महिला

डिप्टी सीएम दिया कुमारी को दिए विभागों का राज्य मंत्री भी महिला को ही बनाया गया है। राज्यमंत्री के रूप में मंजू बाघमार दिया के साथ रहेंगी।

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सीपी जोशी ने आज प्रदेश कार्यालय में भाजयुमो द्वारा आयोजित विकसित भारत एंबेसडर कार्यशाला को संबोधित किया और भाजयुमो के कार्यकर्ताओं को नमो ऐप डाउनलोड करवा कर विकसित भारत एंबेसडर बनाया।
जोशी ने कहा कि युवा देश का भविष्य हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार युवाओं सहित देश के सभी वर्ग के उत्थान और विकसित भारत के लिए अपनी योजनाओं द्वारा उत्तम कार्य कर रही है। पीएम मोदी ने विकसित भारत संकल्प यात्रा के कार्यक्रम में युवाओं को आह्वान करते हुए कहा था कि युवा विकसित भारत एंबेसडर बन केंद्र सरकार की योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने और विकसित भारत बनाने में कर्णधार सिद्ध होंगे। अपने मोबाइल में नमो ऐप डाउनलोड कर विकसित भारत एंबेसडर बन केंद्र सरकार की योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने के लिए प्रत्येक युवा बेहतरीन कार्य कर सकता है। कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष श्रवण सिंह बगड़ी, भाजयुमो प्रदेश अध्यक्ष अंकित चेची, आईटी विभाग के सहसंयोजक नरेंद्र कटारा, भाजयुमो शहर अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह, जयपुर जिला प्रभारी नरेश बंसल सहित युवा मोर्चा के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

केंद्र सरकार जरूरतमंदों को लाभ पहुंचाने के लिए तत्पर

उन्होंने कहा कि विकसित भारत संकल्प यात्रा के जरिए केंद्र सरकार हर वर्ग के जरूरतमंदों को अपनी योजनाओं का लाभ देने के लिए तत्पर है। इन जरूरतमंदों तक यह संदेश पहुंचाने का कार्य विकसित भारत एम्बेसडर बन कर सकते हैं। कार्यक्रम के दौरान भाजयुमो के कई कार्यकर्ताओं के मोबाइल में नमो ऐप डाउनलोड कर उन्हें विकसित भारत एंबेसडर बनाया।

आदित्य एल 1 मिशन की सफलता के लिए आतिशबाजी

कार्यक्रम के बाद इसरो के आदित्य एल 1 मिशन की सफलता के लिए प्रदेश कार्यालय में आतिशबाजी भी की। आज इसरो का आदित्य एल 1 स्पेस क्राफ्ट सूर्य और पृथ्वी के लैंग्रेज़ पॉइंट 1 पर पहुंचने में कामयाब रहा। यह एक ऐतिहासिक उपलब्धि है। सीएम भजन लाल शर्मा ने इस सफलता पर इसरो की टीम की बधाई दी है।

 

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उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी ने निर्देश दिए हैं कि किसी भी कार्य कि गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार का समझोता नहीं होना चाहिए और कार्य कि गुणवत्ता खराब करने वालों पर सख्त कार्यवाही होनी चाहिए। दिया कुमारी ने शनिवार को सचिवालय में आयोजित वित्त, सार्वजनिक निर्माण विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग तथा पर्यटन, कला एवं सस्कृति विभाग की कि योजनाओं की समीक्षा बैठक में यह निर्देश दिए

ये दिए महत्वपूर्ण निर्देश -

उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी ने वित्त विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक में राजस्थान की वित्तीय स्थिति को लेकर कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर चर्चा की। उन्होंने राज्य की वित्तीय स्थिति, राजस्व और विभिन्न योजनाओं पर होने वाले खर्च की विस्तार से जानकारी ली। साथ ही अधिकारियों को राज्य की आर्थिक स्थिति में सुधार के लिए कार्ययोजना बनाने के निर्देश दिए। उन्होने कहा कि राजस्थान को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के साथ साथ योजनाओं का लाभ समयबद्ध तरीके से जनता तक पहुंचाने का सरकार का लक्ष्य है।

— सार्वजनिक निर्माण विभाग की समीक्षा बैठक में उन्होंने निर्देश दिए कि सडकों की गुणवत्ता खराब होने कि शिकायत नहीं आनी चाहिए। पाचं वर्ष कि गारंटी अवधि में सडक खराब हो तो जिस ठेकेदार ने सडक का निर्माण किया है, उससे उसकी रिपेयर करवाना सुनिश्चित करें। उन्होनें इस बात पर नाराजगी भी जाहिर कि की ठेकेदारों से गारंटी अवधि में सडक सही नही करवाई जाती । उन्होंने कहा कि भविष्य में ऐसी अनियमितता करने वाले ठेकेदार एवं संबंधित अधिकारी दोनो पर कार्यवाही होगी। उन्होंने निर्देश दिए कि ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित करें कि आमजन खराब सडकों कि सीधी शिकायत कर सके और उन्हे राहत मील सके । उन्होंने कहा कि सडकों कि बार - बार खुदाई न हों और यदी किसी कारण से हों तो उसको तत्काल ठीक करवाया जायें इसके लिए सभी विभागों में समन्वय स्थापित किया जाये।

जयपुर। जयपुर एजुकेशन समिट 2024 के 5 वें संस्करण का आयोजन होने जा रहा है। मानसरोवर स्थित एस एस जैन सुबोध लॉ कॉलेज में 20 से 24 जनवरी तक आयोजन होगा। जयपुर एजुकेशन समिट के फाउंडर और मैनेजिंग डायरेक्टर सुनील नारनौलिया ने बताया कि इस बार जेईएस-2024 की थीम 'समान अधिकार सभ्य संस्कार' रखी गई है। इस आयोजन में देश-विदेश की 200 से अधिक शख्सियतें बच्चों को मोटिवेट करेंगी।

इस दौरान एसएस जैन सुबोध लॉ कॉलेज के प्रिंसिपल एवं जेईएस-2024 के सीईओ एस.एस. जैन सुबोध लॉ कॉलेज के प्रिंसिपल प्रो.(डॉ.) गौरव कटारिया, क्रेडेंट टीवी यूट्यूब चैनल की एग्जीक्यूटिव प्रोड्यूसर प्राप्ति भाटी, सेंट सोल्जर पीजी कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. शुभा शर्मा, मिशन फार्मर साइंटिस्ट परिवार के फाउंडर डॉ.महेंद्र मधुप और और शिक्षाविद् डॉ.राकेश कुमार मौजूद रहे।

पिछले साल जयपुर एजुकेशन समिट के देशभर में 50 वेन्यू बनाये गए थे। जिसमें 5 लाख से अधिक दर्शक ऑफलाइन और ऑनलाइन माध्यमों से समिट से जुड़े थे। जेईएस-2024 के लिए रजिस्ट्रेशन फ्री है। जयपुर एजुकेशन समिट की वेबसाइट पर जाकर और ऑनस्पॉट भी रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं।

जयपुर एजुकेशन समिट 2024 में इस बार 100 से अधिक सेशन्स रखे गए हैं। 5 दिवसीय एजुकेशन समिट में हर रोज करीब 20 सेशन्स होंगे। जिसमें टॉक शो, डिबेट, पैनल डिस्कशन, वर्कशॉप में दुनियाभर के 200 स्पीकर मोटिवेशनल, जर्नलिज्म, एजुकेशन, लेखन, लाइफ कोचिंग, पॉलिटिक्स, एडवांस टेकनोलॉजी, आधुनिक नवाचार, सोशल वर्किंग और नेटवर्किंग सहित अन्य विषयों पर स्टूडेंस के समक्ष अपने विचार रखेंगे।

जयपुर। अयोध्या में 22 जनवरी को रामलला की प्राण प्रतिष्ठा होगी। इसे लेकर देशभर में खुशी का माहौल है। जयपुर को छोटी काशी कहा जाता है। यहां भी रामलला की प्राण प्रतिष्ठा को लेकर लोग उत्सुक है। अजमेर रोड स्थित पीपली वाले बालाजी मंदिर में शनिवार को पौष बड़ा प्रसादी का आयोजन हुआ। कार्यक्रम में हवा महल के विधायक और महंत बालमुकुन्द आचार्य भी पहुंचे।

पंडित दीपक कुमार शर्मा ने बताया बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसादी ग्रहण की। इस दौरान भक्तों को रामलला की स्थापना के दिन दिवाली मनाने के लिए प्रेरित किया गया। रामलला की स्थापना को लेकर लोगों में भारी उत्साह देखा जा रहा है। लोग अभी से बाजार में दीपक व अन्य सामान की खरीदारी कर रहे है।

पंडित बसंत कुमार शर्मा ने कहा कि 22 जनवरी को अयोध्या में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा होगी। इस अवसर पर जयपुर में दिवाली मनाई जाएगी। हर घर में दीपक जगमगाएंगे। इस दिन लोग मिठाई बांटकर खुशियां मनाएंगे। यह हमारे दिन गौरवशाली होगा।

IAS Ria Dabi Becomes SDM : राजधानी जयपुर में चल रहे तीन दिवसीय पुलिस महानिदेशक और महानिरीक्षक कान्फ्रेंस के बीच भजनलाल सरकार ने शनिवार को बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया है। राज्य सरकार ने शनिवार को 72 आइएएस और 121 आरएएस अधिकारियों के तबादले किए हैं। इनमें कई जिलों के कलक्टर बदल दिए गए हैं। लगभग सभी जिलों में कई एडीएम और एसडीएम भी बदले गए हैं। प्रशासनिक फेरबदल के बीच 2015 बैच की यूपीएससी टॉपर आईएएस अधिकारी टीना डाबी की छोटी बहन रिया डाबी को लेकर बड़ी खबर आई है।

पिछले कुछ समय से एपीओ चल रिया डाबी को नए साल पर सरकार ने गुड न्यूज दी है। 2021 बैच की आईएएस अधिकारी रिया को राज्य सरकार ने उदयपुर के गिर्वा में उपखंड अधिकारी (एसडीएम) पद पर लगाया है। एसडीएम बनने से पहले रिया अलवर में असिस्टेंट कलक्टर के पद पर भी सेवाएं दे चुकी हैं। आपको बता दें कि टीना डाबी की तरह रिया को भी राजस्थान कैडर मिला था। वहीं, उनकी बड़ी बहन टीना जैसलमेर की कलक्टर रह चुकी हैं। वर्तमान में वह मैटरनिटी लीव पर चल रही हैं।

गुपचुक तरीके से की शादी
रिया पिछले साल उस समय चर्चा में आई जब उन्होंने गुपचुप तरीके से भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के अधिकारी मनीष कुमार से कोर्ट मैरिज कर ली थी। दोनों की लव मैरिज है। रिया और मनीष दोनों ही एससी समुदाय से आते हैं। रिया को ऑल इंडिया रैंक 15 मिली थी। हालांकि, मनीष को महाराष्ट्र कैडर मिला था। उन्हें भी अब राजस्थान कैडर अलॉट हो गया है। रिया की बड़ी बहन टीना के पति प्रदीप गंवाडे भी राजस्थान कैडर के आईएएस अधिकारी हैं।

आईएएस प्रदीप से शादी करने से पहले टीना ने उनके ही बैच के आईएएस अधिकारी अतहर आमिर खान से शादी की थी। हालांकि, यह शादी ज्यादा नहीं चली और दोनों का तलाक हो गया। जम्मू कश्मीर के रहने वाले अतहर को भी राजस्थान कैडर अलॉट हुआ था। लेकिन, तलाक के बाद अतहर डेपुटेशन पर अपने गृह राज्य में सेवाएं दे रहे हैं। अतहर ने दूसरी शादी कश्मीर की रहने वाली महरीन काजी से की है जो पेशे से डॉक्टर हैं।

Ashok Gehlot On Why Congress Lost Election : पिछले साल हुए विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने जहां हर पांच साल में राजस्थान में सरकार बदले के रिवाज को कायम रखते हुए फिर से सत्ता में वापसी की थी, जबकि अशोक गहलोत के नेतृत्व में कांग्रेस को हार का सामना करना पड़ा था। चुनाव से पहले गहलोत ने दावा किया था कि उनकी सरकार फिर से रिपीट करेगी, जबकि भाजपा को भरोसा था कि राज्य की जनता कांग्रेस को सत्ता से बेदखल कर देगी और हुआ भी ऐसा।

चुनाव में कांग्रेस को क्यूं हार का सामना करना पड़ा, इसे लेकर पूर्व मुख्यमंत्री ने असली वजह सामने रखी है। जयपुर हवाई अड्डे पर मीडिया से रूबरे होते हुए तीन के बाद मुख्यमंत्री गहलोत ने कहा कि चुनाव प्रचार के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और भाजपा शासित पांच राज्यों के मुख्यमंत्री भी राजस्थान आए थे। भाजपा के इन दिग्गज नेताओं ने प्रचार के दौरान हमारी सरकार के खिलाफ झूठ बोलकर लोगों को गुमराह किया।

चुनाव जीतने के लिए इन नेताओं ने हिंदू-मुस्लिम कर धु्रविकरण किया। साथ ही इन नेताओं ने यह भी झूठ फैलाया कि हमारी सरकार ने उदयपुर में मारे गए कन्हैया लाल के परिवार को हमारी सरकार ने सिर्फ 5 लाख रुपए दिए, जबकि जयपुर में रोज रेज में मारे गए इकबाल के परिजनों को 50 लाख रुपए दिए गए। भाजपा ने चुनावों में मुद्दों पर नहीं, बल्कि सांप्रदायिक धु्रवीकरण कर जीत हासिल की है।

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मतदान से पहले सुरेंद्र पाल को मंत्री बनाना गलत
पूर्व मुख्यमंत्री ने प्रदेश की भाजपा सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि करणपुर सीट के लिए होने वाले मतदान से पहले अपने उम्मीदवार सुरेंद्र पाल सिंह टी टी को मंत्री बनाकर आ ंचार सहिता का सीधा उल्लंघन किया। चुनावों में मंत्रियों को मिलने वाली सुविधाएं हटा ली जाती हैं। जबकि, सत्ताधारी पार्टी ने इसका सीधा उल्लंघन करते हुए प्रत्याशी को मंत्रिमंडल में शामिल कर लिया। उन्होंने आगे कहा कि मुझे उम्मीद है कांग्रेस प्रत्याशी को भाजपा के प्रत्याशी से अधिक मत मिलेंगे।

जयपुर। राज्य की भाजपा सरकार में मंत्रिमंडल गठन और विभागों के बंटवारे के बाद अब नौकरशाही में पहला बड़ा फेरबदल किया गया है। शुक्रवार देर रात कार्मिक विभाग ने 72 आईएएस अधिकारियों और 121 आरएएस अधिकारियों के तबादले की सूची जारी की है। तबादला सूची को लेकर पिछले कई दिनों से मुख्यमंत्री स्तर पर मंथन चल रहा था। जानकार सूत्रों की मानें तो नौकरशाओं के तबादलों में मंत्री और विधायकों की पसंद को ध्यान में रखा गया है। भजनलाल सरकार की ओर से ब्यूरोक्रेसी में किए गए पहले बड़े फेरबदल में 36 जिलों के कलक्टर भी बदले गए हैं, जिन्हें 27 पुराने जिले और 9 जिलों की कलक्टर भी शामिल है।


हालांकि आईएएस अधिकारियों की तबादला सूची में कोई बड़े चेहरे शामिल नहीं किए गए हैं। बताया जा रहा है कि 36 कलक्टर के तबादलों में भी मंत्रियों की राय को अहमियत दी गई है। जयपुर हैरिटेज और जयपुर ग्रेटर नगम निगम के आयुक्त भी बदले गए हैं। जयपुर हैरिटेज आयु्क्त राजेंद्र सिंह शेखावत को राजस्थान विद्युत विनियामक आयोग में सचिव लगाया गया है। उनकी जगह अभिषेक सुराणा हैरिटेज निगम आयुक्त लगाया गया है। इसी प्रकार जयपुर ग्रेटर में रुक्ष्मणि रियार को आयुक्त लगाया गया है। इससे पहले हनुमानगढ़ कलक्टर के पद पर तैनात थीं। इसके अलावा अजमेर विकास प्राधिकरण , अजमेर नगर निगम, उदयपुर नगj निगम में आयुक्त बदले गए हैं। चूरू कलक्टर रहे सिद्धार्थ सिहाग को मुख्यमंत्री का संयुक्त सचिव लगाया गया है।

एपीओ चल रहे पांच अधिकारियों को भी पोस्टिंग
एपीओ चल रहे पांच आईएएस अधिकारियों को भी तबादला सूची के जरिए पोस्टिंग दी गई है। गौरव बुड़ानिया को एसडीएम ब्यावर, रिया डाबी को एसडीएम गिर्वा(उदयपुर), रवि कुमार को एसडीएम भरतपुर, आव्हाद निवृत्ती सोमनाथ को एसडीएम भीलवाड़ा, जुईकर प्रतीक चंद्रशेखर को एसडीएम अलवर और सालुखे गौरव रविंद्र को एसडीएम माउंट आबू लगाया गया है। इसके अलावा ताराचंद मीणा को अगले आदेशों तक एपीओ रखा गया है।

तीन आईएएस अधिकारियों को अतिरिक्त कार्यभार
सूची में तीन आईएएस अधिकारियों को अतिरिक्त कार्यभार दिया गया है। उदयपुर के संभागीय आयुक्त राजेंद्र भट्ट को राजस्थान राज्य खान खनिज निगम लिमिटेड उदयपुर का प्रबंध निदेशक, कृषि एवं पंचायती राज विभाग जयपुर के आयुक्त कन्हैया लाल स्वामी को प्रबंध निदेशक राजस्थान राज्य भंडारण निगम जयपुर और देवस्थान विभाग जयपुर की आयुक्त प्रज्ञा केवलरामानी को आयुक्त टीएडी उदयपुर का अतिरिक्त कार्यभार दिया गया है।

27 पुराने और 9 नए जिलों के कलक्टर बदले
27 पुराने जिलों में बारां, बांसवाड़ा, धौलपुर, हनुमानगढ़, चूरू, जोधपुर, पाली, भीलवाड़ा, अलवर, जैसलमेर, बीकानेर, झालावाड़, चित्तौड़गढ़, कोटा, डूंगरपुर, झुंझुनूं, सिरोही, सवाईमाधोपुर, दौसा, सीकर, राजसमंद, करौली, प्रतापगढ़, सवाईमाधोपुर, टोंक, बूंदी, राजसमंद के कलक्टर्स के तबादले किए हैं। नए जिलों में केकड़ी, बालोतरा, फलौदी, अनूपगढ़, बहरोड़, डीडवाना-कुचामन, गंगापुरसिटी, सलूम्बर, ब्यावर के कलक्टर बदले गए हैं।

वीडियो देखेंः- BHAJAN LAL सरकार में मंत्रियों को मिले विभाग, जानिए किस नेता को मिली क्या जिम्मेदारी ?

Gangster Anand Pal Sharpshooter Arrested In Haryana : राजस्थान के कुख्यात गैंगस्टर आनंदपाल के वांटेड शूटर को हरियाणा के रेवाड़ी से गिरफ्तार किया गया है। हरियाणा पुलिस ने शूटर सहित 3 बदमाशों को पकड़ा है। इनके पास दो देसी पिस्टल भी बरामद की गई हैं। पकड़े गए 3 बदमाशों में से दो राजस्थान के रहने वाले हैं, जबकि एक हरियाणा का रहने वाला है। पकड़े गए राजस्थान के दो बदमाशों में से एक आनंदपाल का शार्प शूटर दातार सिंह है जिसपर राजस्थान के अलावा पड़ोसी राज्य गुजरात में कई मामले पहले से ही दर्ज हैं। तीनों बदमाशों की गिरफ्तारी अहम मानी जा रही है। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों को कोर्ट में पेश किया जहां से उन्हें पूछताछ के लिए पुलिस रिमांड पर सौंप दिया गया है।

नागौर का रहने वाला है दातार
रेवाड़ी पुलिस को सूचना मिली थी की अपराध की दुनिया से जुड़े हरियाणा के रहने वाले अपराधी गजेंद्र से मिलने के लिए कार से 2 लोग आ रहे हैं, जिनके पास अवैध हथियार भी हैं। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने टीम बनाकर कार को रोककर उन्हें पकड़ लिया। पकड़े गए अपराधियों से जब पुलिस ने पूछताछ की तो पुलिस के होश तब उड़ गए जब उनमें से एक ने बताया कि वह राजस्थान के नागौर जिले के पावटा गांव का रहने वाला है और उसका नाम दातार सिंह। दातार ने बताया कि वह आनंदपाल गैंग का शार्प शूटर है। उसके साथ पकड़े गए दूसरे बदमाश की पहचान जयपुर के रहने वाले देवी सिंह राजावत के रूप में की गई है।

जयपुर सहित कई शहरों में मामले दर्ज
हरियाणा पुलिस की जांच में पता चला है कि दातार सिंह के खिलाफ राजधानी जयपुर के कालवाड़, करधनी के अलावा कुचामन सिटी, परबतसर सहित विभिन्न थानों में कई मामले दर्ज हैं। इनके अलावा गुजरात में भी लूट, हत्या जैसे कई संगीन मामले दर्ज हैं।

Anju News : अपने प्यार को पाने के लिए पाकिस्तान से भारत आई सीमा हैदर की लव स्टोरी के बाद सुर्खियों में आई एक और लव स्टोरी के चर्चे पूरे देश में अभी तक हैं। करीब 5 महीने पाकिस्तान रहकर वापस भारत लौटी राजस्थान के भिवाड़ी की रहने वाली अंजू की लव स्टोरी भी किसी फिल्मी कहानी से कम नहीं है। वह बिना किसी को बताए पिछले साल अपने फेसबुक फे्रंड नसरुल्लाह से मिलने के लिए पाकिस्तान चली गई थी। वहां उसने नसरुल्लाह से निकाह भी कर लिया है। फिलहाल, अमृतसर के वाघा बॉडर से भारत लौटी अंजू अभी अपने बच्चों के साथ समय बिता रही है।

पति अरविंद से मांगा तलाक
मिली जानकारी के अनुसार, बच्चों के साथ समय बिता रही अंजू उर्फ फातिमा ने अपने पहले पति अरविंद से तलाक मांगा है। इसके लिए उसने कोर्ट में अरिवंद से अलग होने के लिए याचिका दायर की है। वहीं, अरविंद ने अंजू को झटका देते हुए तलाक के पेपर पर साइन करने से साफ मना कर दिया है।

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प्रेग्नेंट नहीं है अंजू
अंजू का दूसरा पति नसरुल्लाह काफी परेशान है। मीडिया से बातचीत करते हुए नसरुल्लाह ने कहा कि वह जल्द भारत आएगा, इसके लिए उसने वीजा के लिए आवेदन किया है। वहीं, अंजू के प्रेग्नेट होने की खबरे सामने आने के बाद नसरुल्लाह ने सफाई देते हुए कहा कि अंजू प्रेग्नेेंट नहीं है। यह सभ अफवाह है। अगर वह प्रेग्नेंट होती तो मैं उसे भारत जाने ही नहीं देता। जब से वह भारत गई है, मुझे उसकी चिंता सताए जा रही है। वह वहां बिल्कुल अकेली पड़ गई है।

दो बच्चे हैं अंजू के
अंजू और अरविंद के दो बच्चे हैं-एक बेटी और एक बेटा। बेटी जहां 15 साल की है तो बेटा 6 साल का है। अंजू का कहना है कि वह बच्चों के खातिर ही भारत वापस लौटी है। वह उन्हें अपने साथ रखना चाहती है।

रोम. रोम के प्राचीन शहर टारक्विनिया के पास पुरातत्त्वविदों ने 57 कब्रों वाला ऐसा कब्रिस्तान खोजा है, जिसमें कंकालों के साथ सोने के गहने और कीमती पत्थर मिले हैं। यह खुदाई सौर ऊर्जा संयंत्र की एक परियोजना के लिए की जा रही थी। 52 एकड़ में फैला यह कब्रिस्तान रोम के उत्तर-पश्चिम में 80 किलोमीटर दूर प्राचीन शहर टारक्विनिया के करीब है। कब्रिस्तान में कंकालों के अवशेष 50 सेमी नीचे मिले। प्रयोगशाला में प्रारंभिक जांच में पुरातत्त्वविदों का कहना है कि ये कंकाल दूसरी से चौथी शताब्दी के बीच के हैं, जब रोमन साम्राज्य था। खास बात ये है कि इन सभी कंकालों को अच्छे ढंग से संरक्षित किया गया था। कंकालों के साथ मिले गहने, कपड़े और जूते देखकर लगता है, ये कब्रिस्तान किसी संपन्न वर्ग के लिए आरक्षित रहा होगा।

और क्या-क्या मिले
कब्र के नीचे सोने के आभूषण, चांदी की अंगूठियां, कीमती पत्थरों के ताबीज, टेराकोटा मिट्टी के बर्तन, रोमन सिक्के और कांच की वस्तुएं मिली हैं। इसके अलावा इन कब्रगाहों को बहुत ही तरीके से सजाया गया था।

प्राचीन रोमन अंत्येष्टि प्रथाएं
प्राचीन रोमनों ने कस्बों और शहरों की धार्मिक सीमाओं के बाहर, उनकी ओर जाने वाली सडक़ों के किनारे कब्रिस्तान बनाए थे। आमतौर पर, रोमन अंतिम संस्कार के पांच चरण होते थे। एक जुलूस, दफन या दाह संस्कार, स्तुति, दावत और स्मरणोत्सव।

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Congress Election Committee For LS Elections 2024 : जयपुर। प्रदेश में आगामी लोकसभा चुनाव के मद्देनजर अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) ने शनिवार को प्रदेश चुनाव समिति की घोषणा की। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष गोविंदसिंह डोटासरा को समिति का अध्यक्ष बनाया गया है। कमेटी लोकसभा चुनाव में प्रत्याशियों की रायशुमारी से लेकर चुनाव संचालन की जिम्मेदारी संभालेगी।

कमेटी में पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, जितेंद्र सिंह, सचिन पायलट, महेंद्रजीत सिंह मालवीय, मोहन प्रकाश, सीपी जोशी, हरीश चौधरी, रामलाल जाट, प्रमोद जैन भाया, प्रतापसिंह खाचरियावास, ममता भूपेश, भजनलाल जाटव, मुरारी लाल मीणा, अशोक चांदना, नीरज डांगी, जुबेर खान, धीरज गुर्जर, राजकुमार शर्मा, रोहित बोहरा, इंदिरा मीणा, डूंगरराम गेदर, शिमला देवी नायक और ललित यादव को शामिल किया गया है।

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वहीं अग्रिम संगठनों के अध्यक्षों को भी कमेटी में सदस्य बनाया है। एक दिन पहले ही एआईसीसी ने राजस्थान सहित कई राज्यों को शामिल कर बनाए कलस्टर की स्क्रीनिंग कमेटी का अध्यक्ष रजनी पाटिल को बनाया था। पाटिल शनिवार को राजस्थान के दौरे पर आई। उनका जयपुर में निजी दौरा बताया जा रहा है।

स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (एसओजी) ने शनिवार को कनिष्ठ अभियंता भर्ती 2020 के पेपर लीक प्रकरण में फरार चल रहे एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है।

एटीएस एवं एसओजी के एडीजी वी.के. सिंह ने बताया कि 6 दिसंबर, 2020 को आयोजित कनिष्ठ अभियंता भर्ती 2020 का पेपर परीक्षा से पहले लीक हो गया था। इस संबंध में सांगानेर थाने में प्रकरण दर्ज किया गया था। मामले की जांच एसओजी कर रही थी। एसओजी टीम ने इस मामले में फरार चल रहे आरोपी भोजपुरा कलां जोबनेर निवासी यशपाल चौधरी को शनिवार को गिरफ्तार कर लिया।

 

 

परीक्षा से पहले ही मिल गया था पेपर

एसओजी की पूछताछ में सामने आया कि आरोपी यशपाल चौधरी ने कनिष्ठ अभियंता भर्ती 2020 का पेपर मुकेश बाना और बलवीर सुण्डा से प्राप्त कर अभ्यर्थी को उपलब्ध करवाया था। इस मामले में मुकेश और बलवीर पहले ही गिरफ्तार हो चुके हैं। एसओजी गिरफ्तार आरोपी यशपाल से पूछताछ कर अन्य जानकारी जुटा रही है। गौरतलब है कि एसओजी इससे पूर्व अब तक इस प्रकरण में 20 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है।

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