अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद बाड़मेर के कार्यकर्ताओं ने स्थानीय राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय बाड़मेर के मुख्य द्वार के सामने प्रदर्शन किया। संगठन ने केरल के वायनाड स्थित केरल वेटनरी एंड एनिमल साइंस यूनिवर्सिटी के द्वितीय वर्ष के छात्र जे.एस. सिद्धार्थन के आत्महत्या मामले में दोषियों के खिलाफ कार्रवाई तथा एसएफआई को बैन करने की मांग की।
यह भी पढ़ें: क्रिकेटर रिंकू सिंह पहुंचे बालेतरा के इस गांव, युवाओं का बढ़ाया हौसला
आरोपियों को सजा की मांग
एबीवीपी की इकाई ने विभाग संयोजक भोमसिंह सुन्दरा, राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य पूनम भाटी, नगरमंत्री कर्णपालसिंह कोटड़ा, इकाई अध्यक्ष हितेश जांगिड़ के नेतृत्व में टायर जलाकर विरोध प्रदर्शन कर सिद्धार्थन के परिवार को न्याय दिलाने व हत्यारों को कड़ी सजा की मांग की। इस मौके पर सुंदरा ने कहा कि एसएफआई ने केरल सरकार के संरक्षण में बीते महीनों में केरल के शैक्षणिक संस्थानों में लगातार हिंसा, भ्रष्टाचार तथा गुंडागर्दी से शैक्षणिक स्थान को दूषित कर दिया है। एसएफआई संगठन को बैन करना चाहिए।
यह भी पढ़ें: सवा लाख कुक कम हैल्पर का बढ़ा मानदेय, अब मिलेंगे इतने
घटना की निंदा
इकाई सचिव दीपू चौहान ने कहा कि यह घटना अत्यंत शर्मनाक है। इस दौरान जितेंद्रसिंह राजपुरोहित ने कहा कि सिद्धार्थ के माता-पिता इस घटना को आत्महत्या नहीं बल्कि हत्या बता रहे हैं अभाविप मांग करती है कि मामले की जांच हो तथा वास्तविकता सामने लाई जाए। इस दौरान प्रशांत खींची, सुनीता जांगिड़, महिपालसिंह महेचा, पुष्पेंद्र राजपुरोहित, भूपेंद्र बेनीवाल, साहिल,चरण, देवप्रकाश, धनपतसिंह सुंदरा, केशर, वर्षा सहित कई छात्र छात्रा मौजूद रहे।