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कैब की कालाबाजारी: एप बने फिशिंग का जरिया, लुट रहे पावणे, पढ़ें पूरी खबर Tuesday 19 December 2023 10:51 AM UTC+00 लेकसिटी में हर माह लाखों पर्यटक आते हैं, जो यहां की मेहमाननवाजी और यहां के खूबसूरत नजारों की यादें साथ ले जाते हैं, लेकिन यहां आने वाले पर्यटक पिछले काफी समय से प्राइवेट कैब्स ड्राइवर्स की लूट से परेशान हैं। दरअसल, उदयपुर एयरपोर्ट पर आने-जाने वालेे टूरिस्ट्स के साथ कैब्स के नाम पर ठगी की जा रही है। यह भी पढ़ें : दूध पैकेट पर निर्वतमान सीएम की जनवरी तक रहेगी फोटो, आचार संहिता से पहले ही जमा था स्टॉक प्राइवेट कैब्स के एप्स से पहले कस्टमर्स को ढूंढा जाता है। जैसे ही कस्टमर एप के माध्यम से कैब बुक कराते हैं, ये ड्राइवर्स वहां कार लेकर पहुंच जाते हैं। वे पहले कस्टमर से जबरन राइड कैंसल कराते हैं और एप में आ रहे किराए के अनुसार नहीं बल्कि दोगुना किराया देने पर ही कैब से छोड़ने की बात कहते हैं। मजबूरी में टूरिस्ट को दोगुना पैसा देकर गंतव्य स्थान तक पहुंचना होता है। कंपनियों के कस्टमर केयर और सोशल मीडिया हैंडल्स पर शिकायतों की बाढ़: ओला और उबर के एप्स से कैब्स बुक होती हैं, ऐसे में इनकी सर्विसेस को लेकर कई बार सवाल उठाए जा चुके हैं। कंपनियों के कस्टमर केयर और सोशल मीडिया हैंडल्स तक पर लोग शिकायतें कर चुके हैं, लेकिन इसके बावजूद कंपनियों ने इस ठगी को रोकने के लिए अब तक कोई कदम नहीं उठाए हैं। वहीं, कोई एकमुश्त किराया भी तय नहीं होने से कैब ड्राइवर्स मनमानी कर रहे हैं और पर्यटक व अन्य लोग परेशान हो रहे हैं। केस 01 केस 02 यह भी पढ़ें : मृत बच्चे को जन्म देने के बाद मां की मौत, समय से पहले घर पर हुआ प्रसव हर दिन ठगी का शिकार हो रहे टूरिस्ट्स |
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